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निशु आजाद के पिता से मारपीट मामले में चिराग पासवान की सफाई, बोले- स्वतंत्र भारद्वाज ने मेरे नाम का गलत इस्तेमाल किया

नई दिल्ली, 5 सितंबर 2026: जंतर-मंतर पर CJP कार्यकर्ता निशु आजाद के पिता संजय कुमार से कथित मारपीट के मामले में केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर स्वतंत्र भारद्वाज द्वारा अपने नाम का इस्तेमाल किए जाने पर आपत्ति जताते हुए कहा कि उनका नाम गलत तरीके से इस विवाद से जोड़ा गया है। स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ शिकायत दर्ज चिराग पासवान ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। साथ ही दिल्ली पुलिस से निष्पक्ष जांच करने और पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने लाने की मांग की है। ‘ऐसी घटना बेहद गंभीर’ पासवान ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति खुले तौर पर किसी को इतनी गंभीर चोट पहुंचाने का दावा करता है और उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तो इससे समाज में गलत संदेश जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की हिंसा के मामले में कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। Podcast में लिया गया था चिराग पासवान का नाम विवाद उस समय बढ़ा जब स्वतंत्र भारद्वाज का एक podcast clip सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इसमें वह कथित तौर पर निशु आजाद के पिता पर हमला करने की बात कहते हुए कई राजनीतिक नेताओं का नाम लेते नजर आए। इसी दौरान उन्होंने चिराग पासवान को भी अपना ‘बड़ा भाई’ बताया था। LJP ने किसी संबंध से किया इनकार Lok Janshakti Party (Ram Vilas) ने भी भारद्वाज के साथ किसी तरह के संबंध से इनकार किया है। पार्टी की शिकायत में कहा गया कि केंद्रीय मंत्री के नाम का इस्तेमाल कथित राजनीतिक प्रभाव दिखाने के लिए किया गया, जिसे पार्टी ने गलत और भ्रामक बताया है। दिल्ली पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग चिराग पासवान ने स्पष्ट किया कि वह चाहते हैं कि पुलिस बिना किसी दबाव के मामले की जांच करे। उन्होंने कहा कि उनके या अन्य नेताओं के नाम का सहारा लेकर किसी कानूनी कार्रवाई से बचने का दावा स्वीकार नहीं किया जा सकता। हिरासत में लिया जा चुका है स्वतंत्र भारद्वाज विवाद बढ़ने और प्रदर्शन के बाद दिल्ली पुलिस ने स्वतंत्र भारद्वाज को उत्तर प्रदेश से हिरासत में लिया। मामले में जांच जारी है और पुलिस पहले ही राजनीतिक हस्तक्षेप से जुड़े आरोपों को खारिज कर चुकी है। source – Times of India / Moneycontrolजय राष्ट्र न्यूज़

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स्वतंत्र भारद्वाज के इंटरव्यू में गंभीर दावे, वायरल वीडियो के बाद उठे नए सवाल; पुलिस ने राजनीतिक दबाव के आरोप नकारे

नई दिल्ली, 5 सितंबर 2026: सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर स्वतंत्र भारद्वाज के एक पॉडकास्ट इंटरव्यू के वीडियो सामने आने के बाद जंतर-मंतर पर हुई मारपीट का मामला फिर चर्चा में आ गया है। इंटरव्यू में भारद्वाज ने एक प्रदर्शनकारी के पिता पर हमला करने और राजनीतिक संपर्कों को लेकर कई गंभीर दावे किए। इसके बाद विपक्षी नेताओं और Cockroach Janta Party (CJP) ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। प्रदर्शनकारी के पिता पर हमले को लेकर दावा वायरल पॉडकास्ट में भारद्वाज ने दावा किया कि जंतर-मंतर प्रदर्शन के दौरान उन्होंने छात्र कार्यकर्ता निशु आजाद के पिता संजय कुमार को मारा था। उन्होंने चोट की गंभीरता को लेकर भी बड़ा दावा किया, जिसके बाद वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। राजनीतिक संरक्षण को लेकर भी कही बातें इंटरव्यू में भारद्वाज ने कुछ राजनीतिक नेताओं के साथ अपने संबंधों का दावा किया और कथित तौर पर कहा कि इन संपर्कों के कारण उन्हें जेल नहीं जाना पड़ा। इन्हीं बयानों के बाद राजनीतिक विवाद बढ़ा और कई नेताओं ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। दिल्ली पुलिस ने दावों को बताया बेबुनियाद दिल्ली पुलिस ने राजनीतिक हस्तक्षेप के आरोपों से साफ इनकार किया है। पुलिस के मुताबिक जांच कानूनी प्रक्रिया के अनुसार की गई और किसी नेता के दबाव में कार्रवाई रोकने का दावा तथ्यों पर आधारित नहीं है। पुलिस ने यह भी कहा कि medical reports में संजय कुमार की skull fracture की पुष्टि नहीं हुई और चोट को simple injury बताया गया। भारद्वाज ने बाद में कहा—Self Defence में किया था हमला विवाद बढ़ने के बाद भारद्वाज ने NDTV को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि वह भीड़ से घिर गए थे और उन्होंने जो किया, वह self-defence में किया था। उन्होंने अपने ऊपर लगाए जा रहे कई आरोपों से भी इनकार किया। गिरफ्तारी की मांग को लेकर दिल्ली में प्रदर्शन शुक्रवार को CJP समर्थकों और अन्य प्रदर्शनकारियों ने Parliament Street Police Station के बाहर प्रदर्शन कर भारद्वाज के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। इसके बाद पुलिस ने उन्हें उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से हिरासत में लिया। आरोप और पुलिस के बयान में बड़ा अंतर मामले में सबसे बड़ा सवाल भारद्वाज के वायरल इंटरव्यू में किए गए दावों और दिल्ली पुलिस के आधिकारिक version के बीच अंतर को लेकर है। जहां भारद्वाज ने गंभीर चोट और राजनीतिक संरक्षण जैसी बातें कहीं, वहीं पुलिस ने skull fracture और political interference—दोनों दावों को नकार दिया है। अब आगे की जांच और कानूनी प्रक्रिया से ही आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी। source – The Indian Express / Delhi Police / NDTVजय राष्ट्र न्यूज़

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“मोदी जी, आपने मेरी जिंदगी नरक बना दी”; 15 वर्षीय किशोरी का नया Video Viral, Kejriwal-Congress ने उठाए सवाल

नई दिल्ली: जुलाई में Jantar Mantar पर हुए youth protest के दौरान प्रधानमंत्री Narendra Modi के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर विवादों में आई 15 वर्षीय किशोरी एक नए viral video के बाद फिर चर्चा में है। वीडियो में किशोरी आरोप लगाती दिखाई देती है कि controversy के बाद उसकी जिंदगी बुरी तरह प्रभावित हुई और उसे लगातार harassment का सामना करना पड़ा। यह video 30 अगस्त से social media पर circulate होना शुरू हुआ था। Congress और Aam Aadmi Party ने इसे share किया, जबकि आज 1 सितंबर 2026 को AAP chief Arvind Kejriwal ने भी video साझा कर मामले में BJP को घेरा। “मेरी जिंदगी नरक बना दी” करीब एक मिनट के viral video में किशोरी प्रधानमंत्री को संबोधित करते हुए कहती है कि controversy के बाद उसकी जिंदगी मुश्किल हो गई है और अब वह पीछे नहीं हटेगी। उसने कहा कि उसे हर जगह अपना चेहरा छिपाना पड़ रहा है और उसके पास अब खोने के लिए कुछ नहीं बचा। वीडियो में उसने PM Modi के खिलाफ और भी तीखे शब्दों का इस्तेमाल किया। ये किशोरी के आरोप हैं। प्रधानमंत्री या उनके कार्यालय द्वारा उसे personally harass करवाने का कोई independently established evidence उपलब्ध reports में सामने नहीं आया है। July में Jantar Mantar Protest से शुरू हुआ था विवाद मामला 23 जुलाई 2026 के Jantar Mantar protest से जुड़ा है, जहां एक viral clip में एक युवती को PM Modi के खिलाफ कथित आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते दिखाया गया था। इसके बाद Ghaziabad की एक lawyer की complaint पर 29 जुलाई को Noida Expressway Police Station में Zero FIR दर्ज की गई। FIR में Bharatiya Nyaya Sanhita की Sections 352, 353(1) और 356(1) लगाई गईं, जो intentional insult, public mischief और defamation से संबंधित हैं। बाद में case Delhi Police को transfer किया गया। उम्र को लेकर FIR में भी हुआ था विवाद शुरुआती police और media reports में संबंधित व्यक्ति की उम्र 25 साल बताई गई थी। बाद में उसके lawyer Anil Singh ने दावा किया कि FIR में नाम, उम्र और occupation से जुड़ी जानकारियां गलत थीं और लड़की असल में 15 साल की है तथा Class 10 की पढ़ाई कर रही है। इसके बाद सामने आए apology video में भी किशोरी ने खुद को 15 वर्ष का बताया था। पहले Folded Hands के साथ मांगी थी माफी 1 अगस्त को एक apology video सामने आया था जिसमें किशोरी ने अपने पहले बयान को गलती बताते हुए कहा था कि ऐसा दोबारा नहीं होगा। उसने कहा था कि वह दोस्तों के साथ protest में पहुंची थी और आसपास के लोगों से प्रभावित होकर उसने वे बातें कही थीं। इसके बाद PM Modi ने भी एक social-media message में कहा था कि छात्रों को गलतियों के लिए समझाया और सही दिशा दिखाई जानी चाहिए। अब Apology से Defiance तक पहुंचा मामला करीब एक महीने बाद आए नए video का tone पहले वाले apology clip से बिल्कुल अलग है। इस बार किशोरी कहती दिखाई देती है कि controversy के बाद उसने अपनी freedom खो दी और online तथा offline harassment का सामना किया। Scroll की report के मुताबिक उसने आरोप लगाया कि BJP supporters द्वारा उसके परिवार से जुड़ी details और phone number social media पर circulate किए गए। इन harassment allegations की अलग-अलग घटनाओं की independent verification उपलब्ध public reporting में पूरी तरह स्पष्ट नहीं है। Kejriwal ने आज Video Share कर BJP को घेरा आज 1 सितंबर को Arvind Kejriwal ने किशोरी का नया video share करते हुए कहा कि उसे controversy के बाद लंबे समय तक harassment झेलना पड़ा। Kejriwal ने लोगों से किशोरी का साथ देने की अपील की और उसके पहले apology video तथा अब सामने आए defiant statement के बीच बदलाव को लेकर सरकार पर सवाल उठाए। Congress ने भी इससे पहले video अपने official social-media handle से share कर BJP और PM Modi पर राजनीतिक हमला किया था। क्या नया Video Genuine है? नए video की authenticity पर भी सवाल उठे। The Tribune के मुताबिक किशोरी के lawyer ने कहा कि clip AI-generated नहीं है, लेकिन उन्होंने video में मौजूद व्यक्ति की identity की पुष्टि नहीं की। इसी कारण इसे definitive identification के साथ publish करना सावधानीपूर्ण नहीं होगा। Scroll ने भी लिखा कि वह independently यह verify नहीं कर पाया कि video कब और कहां record किया गया था। 1 September की Latest Situation आज 1 सितंबर 2026 तक verified स्थिति यह है: इसलिए सबसे accurate headline होगी: “मोदी जी, आपने मेरी जिंदगी नरक बना दी”; 15 वर्षीय किशोरी का नया Video Viral, Kejriwal-Congress ने उठाए सवाल नोट: “Ruchika Singh” नाम को कुछ reports में बदला हुआ नाम बताया गया है। Minor की privacy और identity verification को देखते हुए headline/body में “15 वर्षीय किशोरी” लिखना ज्यादा सुरक्षित और accurate है। स्रोत – The Tribune, ThePrint, Scroll, Times of India, India Today जय राष्ट्र न्यूज़

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CJP का बड़ा ऐलान: 7 दिन में कार्रवाई नहीं हुई तो पूरे देश में होगा आंदोलन

नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए CJP (Cockroach Janta Party) के विशाल प्रदर्शन के बाद संगठन ने सरकार को 7 दिन का अल्टीमेटम देते हुए बड़ा ऐलान किया है। संगठन का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर निर्धारित समय के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाया जाएगा। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र, युवा और नौकरी अभ्यर्थी शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी आवाज बुलंद की। क्या हैं CJP की मुख्य मांगें? CJP नेताओं ने कहा कि देशभर में लाखों युवा प्रतियोगी परीक्षाओं, भर्ती प्रक्रियाओं और रोजगार के अवसरों को लेकर परेशान हैं। संगठन ने मांग की है कि शिक्षा और भर्ती से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय की जाए और युवाओं की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। अभिजीत दिपके का बयान CJP संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कहा कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक लाभ के लिए नहीं बल्कि युवाओं के भविष्य के लिए है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने समय रहते कदम नहीं उठाए तो आंदोलन को देशभर में विस्तार दिया जाएगा। सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा CJP प्रदर्शन के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X, Instagram और YouTube पर CJP से जुड़े हैशटैग तेजी से ट्रेंड करने लगे। लाखों लोगों ने आंदोलन से संबंधित वीडियो और पोस्ट साझा किए। विशेषज्ञों का मानना है कि सोशल मीडिया ने इस आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। देशभर में बढ़ सकता है आंदोलन संगठन के नेताओं का दावा है कि कई राज्यों से समर्थन मिल रहा है और आने वाले दिनों में बड़े स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जा सकते हैं। हालांकि सरकार की ओर से अभी तक इस अल्टीमेटम पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। युवाओं के बीच बढ़ती लोकप्रियता हाल के दिनों में CJP युवाओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हुआ है। शिक्षा, रोजगार और परीक्षा संबंधी मुद्दों को लेकर चल रहे अभियान को सोशल मीडिया पर व्यापक समर्थन मिला है।

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CJP का दिल्ली में बड़ा प्रदर्शन: शिक्षा सुधार और भर्ती पारदर्शिता को लेकर उठी आवाज

नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित प्रदर्शन ने देशभर में चर्चा पैदा कर दी है। बड़ी संख्या में छात्र, युवा और नौकरी अभ्यर्थी इस प्रदर्शन में शामिल हुए। आंदोलन का मुख्य फोकस शिक्षा सुधार, परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और भर्ती प्रक्रियाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर रहा। जंतर-मंतर पर जुटे छात्र और युवा प्रदर्शन के दौरान प्रतिभागियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता और युवाओं के लिए बेहतर अवसरों की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि प्रतियोगी परीक्षाओं और भर्ती प्रक्रियाओं से जुड़े मुद्दों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाना चाहिए। अभिजीत दिपके ने रखा पक्ष CJP संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कहा कि आंदोलन का उद्देश्य युवाओं से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर उठाना है। उन्होंने कहा कि शिक्षा और रोजगार के विषय पर व्यापक चर्चा और सुधार की आवश्यकता है। सोशल मीडिया पर बढ़ती चर्चा पिछले कुछ समय में CJP को सोशल मीडिया पर काफी ध्यान मिला है। विभिन्न प्लेटफॉर्मों पर युवाओं द्वारा शिक्षा, रोजगार और परीक्षा संबंधी मुद्दों पर चर्चा की जा रही है। इसी के चलते दिल्ली का यह प्रदर्शन भी व्यापक चर्चा का विषय बना। पुलिस और प्रशासन की व्यवस्था प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए। कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ और प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए। युवाओं के मुद्दे केंद्र में विशेषज्ञों का मानना है कि शिक्षा, रोजगार और भर्ती प्रक्रियाओं से जुड़े मुद्दे लंबे समय से युवाओं के बीच चिंता का विषय रहे हैं। ऐसे में इन विषयों पर होने वाले आंदोलनों और चर्चाओं को व्यापक जनसमर्थन मिल सकता है। आगे क्या? CJP नेताओं का कहना है कि वे शिक्षा और रोजगार से जुड़े मुद्दों को आगे भी उठाते रहेंगे। वहीं, आने वाले दिनों में संगठन की गतिविधियों और संभावित कार्यक्रमों पर भी नजर रहेगी। jairashtranews.com

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