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Cyclone Arnab बेहद गंभीर चक्रवाती तूफान में बदला, आंध्र प्रदेश में evacuation तेज; 53 ट्रेनें रद्द

विशाखापत्तनम: बंगाल की खाड़ी में बना Cyclone Arnab अब Very Severe Cyclonic Storm में बदल गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार तूफान आंध्र प्रदेश तट की ओर बढ़ रहा है और इसके 28 अक्टूबर 2026 की सुबह बापटला और विशाखापत्तनम के बीच, यानम के करीब तट पार करने की संभावना है। लैंडफॉल के समय हवा की रफ्तार 115–125 किमी प्रति घंटा रह सकती है और झोंके 140 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकते हैं। आंध्र प्रदेश में बड़े स्तर पर evacuation तूफान के खतरे को देखते हुए आंध्र प्रदेश के तटीय और निचले इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। राज्य में 89,000 से ज्यादा लोगों को evacuate किए जाने की जानकारी सामने आई है और राहत शिविर सक्रिय किए गए हैं। 53 ट्रेनें की गईं रद्द South Coast Railway ने Cyclone Arnab को देखते हुए 27 और 28 अक्टूबर को 53 ट्रेन सेवाएं रद्द कर दी हैं। प्रभावित रूटों में विजयवाड़ा, विशाखापत्तनम, काकीनाडा, मछलीपट्टनम, गुडिवाड़ा, भीमावरम और राजमुंदरी समेत कई प्रमुख स्टेशन शामिल हैं। यात्रियों को स्टेशन जाने से पहले ट्रेन का status चेक करने की सलाह दी गई है। कई जिलों में स्कूल बंद विशाखापत्तनम, काकीनाडा और डॉ. बी.आर. अंबेडकर कोनसीमा समेत कई तटीय जिलों में स्कूल बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। अनकापल्ली में शैक्षणिक संस्थानों को 27 से 29 अक्टूबर तक बंद रखने की घोषणा की गई है। ₹27 करोड़ की राहत राशि जारी आंध्र प्रदेश सरकार ने Cyclone Arnab से निपटने के लिए 20 जिलों को ₹27 करोड़ की आपात राहत राशि जारी की है। इस रकम का इस्तेमाल evacuation, राहत शिविर, भोजन, पीने का पानी, दवाइयां और जरूरी मरम्मत कार्यों में किया जाएगा। आंध्र प्रदेश और ओडिशा में रेड अलर्ट IMD ने तटीय आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। समुद्र की स्थिति भी बेहद खराब रहने का अनुमान है और मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। हजारों लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए Reuters के मुताबिक पूर्वी तट पर हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। सोमवार रात तक आंध्र प्रदेश में करीब 50,000 लोगों को shelters में पहुंचाया जा चुका था, जबकि evacuation लगातार जारी है। अगले 24 घंटे बेहद अहम Cyclone Arnab के 28 अक्टूबर की सुबह landfall करने की संभावना को देखते हुए अगले 24 घंटे बेहद अहम माने जा रहे हैं। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में लोगों से घरों के भीतर रहने, बिजली के खंभों और पेड़ों से दूर रहने और केवल आधिकारिक मौसम अपडेट पर भरोसा करने की अपील की है। स्रोत – India Meteorological Department (IMD), Reuters, The News Minute, Financial Express, Business Today जय राष्ट्र न्यूज़

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Cyclone Arnab से आंध्र प्रदेश और ओडिशा में भारी बारिश का अलर्ट, 28 अक्टूबर को तट से टकराने की आशंका

नई दिल्ली/भुवनेश्वर: बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ (Cyclone Arnab) सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 को और मजबूत हो गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है और 27 अक्टूबर तक Very Severe Cyclonic Storm में बदल सकता है। आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा में भारी से अत्यधिक भारी बारिश, तेज हवाओं और समुद्र में ऊंची लहरों का खतरा बना हुआ है। 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश तट से टकरा सकता है तूफान IMD के ताजा अनुमान के मुताबिक Cyclone Arnab के 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश और यानम तट के बीच बापटला से विशाखापत्तनम के इलाके में तट पार करने की संभावना है। उस समय हवा की रफ्तार 115 से 125 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है, जबकि झोंकों की गति 140 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। आज और मजबूत हो रहा Cyclone Arnab 26 अक्टूबर की सुबह Cyclone Arnab का केंद्र पूर्व-मध्य और उससे लगे पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी में था। IMD के अनुसार यह विशाखापत्तनम से करीब 650 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व और काकीनाडा से करीब 730 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व में स्थित था। इसके आज रात तक Severe Cyclonic Storm और 27 अक्टूबर को Very Severe Cyclonic Storm में बदलने का अनुमान है। आंध्र प्रदेश और ओडिशा में भारी बारिश की चेतावनी Cyclone Arnab के प्रभाव से तटीय आंध्र प्रदेश, यानम और दक्षिण ओडिशा के कई इलाकों में तेज से बहुत तेज बारिश होने की संभावना है। IMD ने आंध्र प्रदेश और यानम के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। ओडिशा समेत आसपास के राज्यों में भी अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की आशंका जताई गई है। ओडिशा सरकार ने बढ़ाई तैयारियां चक्रवात को देखते हुए ओडिशा सरकार ने संवेदनशील जिलों में आपदा प्रबंधन से जुड़ी तैयारियां तेज कर दी हैं। दक्षिण ओडिशा के संभावित प्रभावित जिलों में प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है। गंजाम, गजपति, रायगड़ा, कोरापुट और मलकानगिरी में 28 और 29 अक्टूबर को स्कूल, कॉलेज और आंगनवाड़ी केंद्र बंद रखने का निर्णय लिया गया है। समुद्र में जाने से बचें मछुआरे IMD ने मछुआरों को प्रभावित अवधि के दौरान बंगाल की खाड़ी में नहीं जाने की सलाह दी है। दक्षिण ओडिशा के पुरी और गोपालपुर बंदरगाहों पर चेतावनी संकेत लगाए गए हैं, जबकि पारादीप और धामरा बंदरगाहों पर भी सतर्कता बढ़ाई गई है। समुद्र की स्थिति मध्यम से खतरनाक स्तर तक पहुंच सकती है। ISRO सैटेलाइट ने कैद की तूफान की तस्वीरें Cyclone Arnab की बढ़ती ताकत को सैटेलाइट तस्वीरों में भी देखा गया है। INSAT-3DS और अन्य सैटेलाइट डेटा में इसके आसपास घने बादल और मजबूत संवहनीय गतिविधियां दिखाई दे रही हैं। मौसम एजेंसियां लगातार इसके रास्ते और तीव्रता पर नजर रख रही हैं। लोगों को सतर्क रहने की सलाह तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों से स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की सलाह का पालन करने को कहा गया है। तेज हवा के दौरान पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर ढांचों से दूर रहने तथा जरूरी वस्तुओं और आपातकालीन संपर्क नंबर तैयार रखने की सलाह दी गई है। स्रोत – भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), India Today, Times of India जय राष्ट्र न्यूज़

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नासिक में 517 लोगों ने एक साथ किया शंखनाद, गोदावरी तट पर बना गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड

नासिक: महाराष्ट्र के नासिक में गोदावरी नदी के तट पर रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को सैकड़ों लोगों ने एक साथ शंखनाद कर नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया। शुरुआती योजना 501 प्रतिभागियों की थी, लेकिन रिकॉर्ड के दौरान 517 लोगों ने करीब साढ़े पांच मिनट तक एक साथ शंख बजाया। सिंहस्थ कुंभ से पहले हुआ ऐतिहासिक आयोजन यह आयोजन नासिक-त्र्यंबकेश्वर सिंहस्थ कुंभ मेले के ध्वजारोहण समारोह से पहले किया गया। गोदावरी तट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु और प्रतिभागी जुटे। सामूहिक शंखनाद के बाद गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स के वरिष्ठ निर्णायक ऋषि नाथ ने रिकॉर्ड की आधिकारिक घोषणा की। 303 लोगों का पुराना रिकॉर्ड टूटा इससे पहले सामूहिक रूप से शंख बजाने का रिकॉर्ड वर्ष 2019 में अमेरिका के न्यू जर्सी में बनाया गया था, जहां 303 लोगों ने एक साथ शंख बजाया था। नासिक में 517 प्रतिभागियों की भागीदारी के साथ यह रिकॉर्ड बड़े अंतर से टूट गया। साढ़े पांच मिनट तक गूंजता रहा गोदावरी तट प्रतिभागियों ने लगभग साढ़े पांच मिनट तक लगातार शंखनाद किया। रिकॉर्ड की घोषणा होते ही कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों ने उत्साह के साथ जयकारे लगाए। आयोजन में अलग-अलग आयु वर्ग के लोगों ने हिस्सा लिया। सिंहस्थ कुंभ से जुड़ी है पहल आयोजकों के अनुसार इस पहल का उद्देश्य भारतीय धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को सिंहस्थ कुंभ की शुरुआत से जोड़ना और उन्हें वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाना था। नासिक-त्र्यंबकेश्वर सिंहस्थ कुंभ से जुड़े आगामी कार्यक्रमों में भी सामूहिक शंखनाद किए जाने की योजना है। 31 अक्टूबर को होगा ध्वजारोहण समारोह नासिक में सिंहस्थ कुंभ मेले का ध्वजारोहण समारोह 31 अक्टूबर 2026 को रामकुंड में निर्धारित है। रिपोर्ट के मुताबिक इसी अवसर पर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड से जुड़ा प्रमाणपत्र भी औपचारिक रूप से सौंपे जाने की योजना है। 501 या 517—कितने लोगों ने बनाया रिकॉर्ड? कार्यक्रम से पहले जारी जानकारियों में 501 शंखवादकों के भाग लेने की योजना बताई गई थी। हालांकि आयोजन के बाद प्रकाशित रिपोर्टों में गिनीज रिकॉर्ड के लिए आधिकारिक भागीदारी 517 लोगों की बताई गई है। इसलिए अंतिम रिकॉर्ड संख्या 517 मानी जा रही है। स्रोत – अमर उजाला, हिन्दुस्तान, टाइम्स ऑफ इंडिया जय राष्ट्र न्यूज़

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“Gen Z की सोच अलग है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि वे गलत हैं”: पूर्व सेना प्रमुख एम.एम. नरवणे

पुणे, 25 अक्टूबर 2026: भारतीय सेना के पूर्व प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे (सेवानिवृत्त) ने Gen Z को लेकर चल रही राजनीतिक और सामाजिक बहस के बीच कहा है कि नई पीढ़ी का सोचने का तरीका अलग हो सकता है, लेकिन सिर्फ इसी वजह से उन्हें गलत नहीं ठहराया जा सकता। उन्होंने युवाओं की बात सुनने, उनकी समस्याओं को समझने और संवाद के जरिए समाधान खोजने पर जोर दिया। “नई पीढ़ी का नजरिया अलग है” नरवणे ने कहा कि हर पीढ़ी अपने समय और परिस्थितियों के हिसाब से अलग सोच विकसित करती है। नई पीढ़ी भी चीजों को अपने तरीके से देखती है और यह जरूरी नहीं कि उसका नजरिया पुरानी पीढ़ी से पूरी तरह मेल खाए। उनके मुताबिक, अलग सोच का मतलब गलत सोच नहीं है। युवाओं को समझना जरूरी पूर्व सेना प्रमुख ने कहा कि युवाओं को सिर्फ डांटने या उनकी बात खारिज करने से समस्या हल नहीं होगी। पहले यह समझना जरूरी है कि उन्हें क्या परेशान कर रहा है, उनकी क्या मुश्किलें हैं और वे किस बदलाव की मांग कर रहे हैं। “वे देश का नुकसान नहीं चाहते” नरवणे ने कहा कि युवाओं की मंशा देश को नुकसान पहुंचाने की नहीं होती। वे भी मानते हैं कि जो मुद्दे वे उठा रहे हैं या जिन बदलावों की मांग कर रहे हैं, वे देश की बेहतरी के लिए हैं। उन्होंने युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाने की जरूरत बताई। ‘Regime Change’ बहस के बीच आया बयान नरवणे की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर युवाओं के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन हुए हैं। कुछ नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा “regime change” जैसे शब्द इस्तेमाल किए जाने के बाद राजनीतिक विवाद तेज हुआ था। राजनाथ सिंह ने विपक्ष पर लगाए थे आरोप रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कांग्रेस और उसके सहयोगियों पर आरोप लगाया था कि वे युवाओं के विरोध प्रदर्शनों का इस्तेमाल अराजकता फैलाने और बांग्लादेश जैसे सत्ता परिवर्तन की स्थिति पैदा करने के लिए कर रहे हैं। दूसरी ओर विपक्ष ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि विरोध का उद्देश्य निष्पक्ष चुनाव और संवैधानिक संस्थाओं की जवाबदेही सुनिश्चित करना है। संवाद को बताया सबसे जरूरी रास्ता नरवणे ने कहा कि पीढ़ियों के बीच मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन समाधान का रास्ता बातचीत से ही निकलता है। उन्होंने समाज और संस्थाओं से युवाओं के नजरिए को समझने और उनकी बात सुनने की अपील की। जय राष्ट्र न्यूज़

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दिल्ली मेट्रो की एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन में सरकार पर सवाल उठाने वाले पोस्टर मिले, एफआईआर दर्ज; स्पेशल सेल भी जांच में शामिल

नई दिल्ली, 24 अक्टूबर 2026: दिल्ली मेट्रो की एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन की एक ट्रेन के अंदर सरकार के कामकाज पर सवाल उठाने वाले दो पोस्टर मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पोस्टरों में सरकार के प्रदर्शन को लेकर कई दावे लिखे थे और लोगों को एक ऑनलाइन समूह से जुड़ने के लिए क्यूआर कोड भी दिया गया था। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल भी इस मामले की जांच में शामिल हो गई है। 20 अक्टूबर को सामने आया मामला एफआईआर के मुताबिक यह मामला 20 अक्टूबर को सामने आया। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के एक ट्रेन ऑपरेटर ने नई दिल्ली से यशोभूमि स्टेशन तक यात्रा पूरी करने के बाद ट्रेन की जांच के दौरान सीट पर चिपके दो पोस्टर देखे। उसने पोस्टर हटाकर वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। पोस्टरों में क्या लिखा था? काले-सफेद ए4 आकार के इन पोस्टरों पर सरकार के प्रदर्शन पर सवाल उठाने वाले संदेश और हाल के वर्षों में देश में हुए बदलावों से जुड़े नौ दावे लिखे थे। इनमें “Voting Protest”, “Community Building Reform” और “Dissatisfied? You Are Not Alone” जैसे संदेश शामिल थे। पोस्टरों पर मौजूद क्यूआर कोड लोगों को एक ऑनलाइन समूह से जुड़ने का निमंत्रण देता था। किन धाराओं में मामला दर्ज? रिपोर्ट के मुताबिक मामला दिल्ली सार्वजनिक संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम और मेट्रो रेलवे कानून के तहत दर्ज किया गया है। फिलहाल एफआईआर अज्ञात लोगों के खिलाफ है और किसी की गिरफ्तारी की जानकारी सामने नहीं आई है। स्पेशल सेल क्यों जांच कर रही है? दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल पोस्टर लगाने वाले लोगों की पहचान के साथ-साथ क्यूआर कोड से जुड़े ऑनलाइन समूह के संचालकों का पता लगाने की कोशिश कर रही है। पुलिस तकनीकी जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि पोस्टर किसने तैयार किए और ट्रेन में किसने लगाए। पोस्टर पुलिस ने किए जब्त ट्रेन ऑपरेटर ने पोस्टर मिलने के बाद उन्हें स्टेशन कंट्रोलर को सौंपा था। इसके बाद पुलिस ने दोनों पोस्टर जब्त कर लिए और संबंधित ट्रेन, स्टेशन तथा संभावित सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। दिल्ली में विरोध प्रदर्शनों के बीच सामने आया मामला यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब दिल्ली में अक्टूबर के दौरान कई राजनीतिक और छात्र संगठनों के प्रदर्शन हुए हैं। अलग-अलग विरोध प्रदर्शनों को लेकर दिल्ली पुलिस ने इस महीने दर्जनों एफआईआर दर्ज की हैं और कई मामलों की जांच विशेष इकाइयों को सौंपी गई है। हालांकि मेट्रो में मिले पोस्टरों को किसी खास संगठन से जोड़ने की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। जय राष्ट्र न्यूज़

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Saudi Arabia में flights cancel होने से करीब 4,000 भारतीय Umrah pilgrims फंसे, MEA ने वापसी के लिए शुरू की coordination

नई दिल्ली/रियाद, 23 अक्टूबर 2026: Saudi Arabia में लगातार flight cancellations और airport disruptions के कारण करीब 4,000 भारतीय Umrah pilgrims फंसे हुए हैं। Ministry of External Affairs (MEA) ने कहा है कि Indian Embassy, tour operators और airlines के साथ मिलकर उनकी जल्द भारत वापसी सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है। यहां एक जरूरी correction है—ताज़ा verified reports इन्हें Haj pilgrims नहीं, Umrah pilgrims बताती हैं। Flights क्यों cancel हुईं? Saudi Arabia के airports पर हालिया attacks और security concerns के बाद कई international और Indian airlines ने Riyadh, Jeddah, Dammam और Madinah के लिए flights suspend या cancel कीं। इससे बड़ी संख्या में Indian pilgrims की वापसी अटक गई। MEA ने क्या कहा? MEA ने बताया कि Indian Embassy Saudi authorities, airlines और travel operators के संपर्क में है। फंसे हुए यात्रियों के लिए control rooms और helpline numbers भी जारी किए गए हैं ताकि उन्हें accommodation, tickets और return arrangements में मदद मिल सके। Owaisi ने special flights की मांग की AIMIM chief Asaduddin Owaisi ने केंद्र सरकार से मांग की कि stranded pilgrims की वापसी के लिए जरूरत पड़ने पर special flights arrange की जाएं। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक flight cancellations से elderly और family travellers को परेशानी हो रही है। Saudi airspace पर security pressure हालिया Houthi missile और drone attacks के बाद Saudi airports पर operations प्रभावित हुए हैं। Riyadh और Dammam समेत कई airports पर disruptions के चलते airlines ने safety assessment के बाद schedules में बदलाव किया। Indian Embassy ने पहले भी जारी की थी advisory Indian Ambassador ने Saudi Arabia में मौजूद भारतीयों और Umrah pilgrims से embassy helplines के संपर्क में रहने को कहा था। Embassy ने affected travellers को official airline updates follow करने की सलाह दी। वापसी कब तक होगी? MEA ने कोई fixed deadline नहीं दी है, लेकिन कहा है कि efforts जारी हैं और priority stranded pilgrims को earliest possible flights से भारत वापस लाने की है। Security situation और airline operations normal होने पर return movement तेज होने की उम्मीद है। जय राष्ट्र न्यूज़

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मुंबई के भुलेश्वर में imitation jewellery shop में लगी आग, दमकल ने पाया काबू; कोई हताहत नहीं

मुंबई, 23 अक्टूबर 2026: South Mumbai के भीड़भाड़ वाले Bhuleshwar Market में एक imitation jewellery shop में आग लगने से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना 22 अक्टूबर की सुबह हुई थी और आज इसकी updated details सामने आई हैं। Fire Brigade ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पा लिया। किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। कहां लगी आग? आग Bhuleshwar Road स्थित Kaka Puva building की imitation jewellery shop में लगी। PTI के मुताबिक fire call सुबह करीब 10:56 बजे मिला और Fire Brigade ने लगभग 11:12 बजे तक आग बुझा दी। BEST ने बिजली सप्लाई काटी सुरक्षा के लिहाज से BEST ने आसपास की electricity supply temporarily disconnect कर दी, ताकि short circuit या electrical hazard से स्थिति और खराब न हो। कोई casualty नहीं Civic officials ने पुष्टि की कि घटना में कोई व्यक्ति घायल नहीं हुआ। Police, Fire Brigade, BEST staff, ward personnel और ambulance services सभी मौके पर मौजूद रहे। Short circuit की जांच Times of India के मुताबिक BEST यह जांच कर रहा है कि आग की वजह short circuit थी या नहीं। Fire की exact cause और दुकान में हुए नुकसान का final assessment अभी जारी है। भीड़भाड़ वाला इलाका होने से बढ़ी चुनौती Bhuleshwar South Mumbai के सबसे congested commercial areas में से एक है। Narrow lanes और tightly packed shops की वजह से firefighting operations ज्यादा मुश्किल हो सकते हैं, इसलिए authorities ने इलाके को जल्दी secure किया। जय राष्ट्र न्यूज़

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Kerala में landslide के बाद Bilaspur–Tirunelveli Express का locomotive derail, सभी यात्री सुरक्षित

तिरुवनंतपुरम, 22 अक्टूबर 2026: Kerala के Thiruvananthapuram जिले में Parassala railway station के पास landslide के बाद Bilaspur–Tirunelveli Express का locomotive पटरी से उतर गया। घटना गुरुवार तड़के 2:19 बजे Neyyattinkara–Parassala section में हुई। Southern Railway के मुताबिक ट्रेन में सवार सभी यात्री और railway staff सुरक्षित हैं। हादसा कैसे हुआ? भारी बारिश के बीच railway track के पास landslide हुआ, जिसके बाद Train No. 22619 Bilaspur–Tirunelveli Express को Parassala के पास रोका गया। ट्रेन रुकने के बाद locomotive के derail होने की पुष्टि हुई। कोई casualty नहीं Southern Railway ने साफ किया कि हादसे में किसी passenger या staff member के घायल होने की सूचना नहीं है। यात्रियों को आगे ले जाने के लिए relief locomotive की व्यवस्था की गई। Restoration work शुरू Accident Relief Train के साथ railway personnel और जरूरी equipment मौके पर भेजे गए हैं। Track clearance और restoration का काम जारी है, जिसके कारण Neyyattinkara–Parassala route पर कई trains प्रभावित हुई हैं। कई trains रोकी और divert की गईं Restoration work के कारण कुछ trains को रास्ते में रोका गया जबकि कुछ services को divert या regulate करना पड़ा। Railways ने passengers को यात्रा से पहले train status check करने की सलाह दी है। Heavy rain बनी बड़ी वजह Thiruvananthapuram और आसपास के क्षेत्रों में पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश हो रही है। IMD ने जिले के लिए पहले orange alert जारी किया था और 22 से 25 अक्टूबर तक heavy rainfall का yellow alert भी दिया है। बड़ी दुर्घटना टली Landslide के बावजूद समय रहते train रोके जाने और locomotive तक derailment सीमित रहने के कारण बड़ी दुर्घटना टल गई। फिलहाल railway authorities track की safety जांच और normal services बहाल करने में जुटी हैं। Source – Southern Railway, The New Indian Express, The Indian Express जय राष्ट्र न्यूज़

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Tamil Nadu में भारी बारिश: Chennai समेत 5 जिलों में स्कूल बंद, IMD ने फिर दी तेज बारिश की चेतावनी

चेन्नई, 21 अक्टूबर 2026: तमिलनाडु में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए चेन्नई, तिरुवल्लूर, कांचीपुरम, चेंगलपट्टू और रानीपेट जिलों में बुधवार को स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया। संबंधित जिलों के कलेक्टरों ने बारिश और खराब मौसम की आशंका के बीच छुट्टी घोषित की। Chennai में रातभर हुई तेज बारिश चेन्नई और आसपास के इलाकों में रातभर तेज बारिश दर्ज की गई। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, सुबह तक मीनांबक्कम में लगभग 120.3 मिमी और नुंगमबक्कम में 107.2 मिमी बारिश हुई। लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव का खतरा बढ़ गया है। ऐसे में स्थानीय प्रशासन मौसम की स्थिति और लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सतर्कता बरत रहा है। किन 5 जिलों में स्कूल बंद? बारिश के चलते बुधवार, 21 अक्टूबर को इन पांच जिलों में स्कूलों को बंद रखने की घोषणा की गई: यह फैसला लगातार हो रही बारिश और आगे भी खराब मौसम बने रहने की आशंका को देखते हुए लिया गया है। IMD ने आगे भी भारी बारिश का अनुमान जताया भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल के कई हिस्सों में आने वाले दिनों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। 22 अक्टूबर को भी दक्षिण भारत के कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम की स्थिति को देखते हुए लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से जारी होने वाले ताजा अलर्ट पर नजर रखने की सलाह दी गई है। लोगों को सतर्क रहने की सलाह लगातार बारिश और संभावित जलभराव को देखते हुए लोगों को निचले इलाकों, जलभराव वाली सड़कों और जलाशयों के आसपास सावधानी बरतने की जरूरत है। खुले बिजली उपकरणों और बिजली के तारों से भी दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचना और प्रशासन की सुरक्षा संबंधी हिदायतों का पालन करना महत्वपूर्ण है। Northeast Monsoon का असर तमिलनाडु में हो रही बारिश का संबंध पूर्वोत्तर मानसून (Northeast Monsoon) की सक्रियता से है। चेन्नई समेत राज्य के तटीय और डेल्टा क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों तक बारिश जारी रहने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मद्देनजर आने वाले दिनों में बारिश की स्थिति पर नजर बनी रहेगी। Source: NDTV, Times of India, IMD जय राष्ट्र न्यूज़

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अयोध्या की रामलीला में भगवान राम बनकर भावुक हुए रवि किशन, युवाओं को दिया आध्यात्म से जुड़ने का संदेश

नई दिल्ली, 20 अक्टूबर 2026: भाजपा सांसद और अभिनेता रवि किशन ने ‘अयोध्या की रामलीला’ में पहली बार भगवान राम की भूमिका निभाई। इस अनुभव को उन्होंने आस्था, जिम्मेदारी और भावनाओं से जुड़ा विशेष क्षण बताया। उन्होंने युवाओं से भगवान राम, श्रीकृष्ण और भगवान शिव के जीवन से प्रेरणा लेने के साथ रोजाना कुछ समय ध्यान और आध्यात्म के लिए निकालने की अपील की। पहली बार निभाई भगवान राम की भूमिका रवि किशन ने बताया कि इससे पहले वह भगवान परशुराम और केवट जैसे पौराणिक किरदार निभा चुके हैं। बचपन में उन्होंने माता सीता की भूमिका भी निभाई थी, लेकिन भगवान राम का किरदार उनके लिए पहली बार था। उन्होंने इस अवसर को भगवान की कृपा बताया और कहा कि यह भूमिका उनके लिए भावनात्मक रूप से बेहद खास रही। किरदार को लेकर थे चिंतित रामलीला से पहले रवि किशन ने भगवान राम की भूमिका निभाने को लेकर अपनी चिंता जाहिर की थी। उनके मुताबिक, इस किरदार के साथ बड़ी जिम्मेदारी जुड़ी है और इसे निभाते समय किसी भी तरह की चूक से बचना जरूरी है। भूमिका की तैयारी के लिए उन्होंने उपवास और विशेष खान-पान का भी पालन किया। युवाओं को दिया आध्यात्म का संदेश रवि किशन ने युवाओं से कठिन समय और तनाव के दौरान ध्यान तथा आध्यात्म की ओर रुख करने की अपील की। उन्होंने रोजाना कम से कम आधा घंटा ध्यान करने और भारतीय धार्मिक-सांस्कृतिक परंपराओं के बारे में पढ़ने की सलाह दी। उनका मानना है कि आध्यात्मिक अभ्यास व्यक्ति को आत्मचिंतन और मानसिक मजबूती विकसित करने में मदद कर सकता है। हालांकि, अवसाद जैसी मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं में जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ की मदद लेना भी महत्वपूर्ण है। ‘आध्यात्म ने मुझे संभालने में मदद की’ अपने जीवन के संघर्षों का जिक्र करते हुए रवि किशन ने कहा कि वह एक साधारण परिवार से आते हैं और मुश्किल दौर में आध्यात्म ने उन्हें सहारा दिया। उनके अनुसार, आस्था, संस्कृति और आत्मबल व्यक्ति को जीवन की चुनौतियों का सामना करने की प्रेरणा दे सकते हैं। दिल्ली में आयोजित हुई रामलीला ‘अयोध्या की रामलीला’ का यह संस्करण नई दिल्ली में 10 से 20 अक्टूबर तक आयोजित किया गया। इसमें फिल्म और टेलीविजन जगत की कई हस्तियों ने विभिन्न पौराणिक पात्रों की भूमिकाएं निभाईं। रवि किशन के भगवान राम के रूप में मंच पर आने को लेकर भी दर्शकों में उत्सुकता रही। स्रोत: आज तक, द टाइम्स ऑफ इंडिया और अन्य मीडिया रिपोर्ट्स जय राष्ट्र न्यूज़

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