प्रमुख खबरें

इंदौर जल त्रासदी के बाद सवालों में रहे Rohit Sisodia बने Raisen Collector, नियुक्ति पर सियासी विवाद तेज

भोपाल, 16 अक्टूबर 2026: मध्य प्रदेश सरकार ने 2017 बैच के IAS अधिकारी Rohit Sisodia को रायसेन का कलेक्टर और जिला मजिस्ट्रेट नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है, क्योंकि इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से जुड़ी त्रासदी की न्यायिक जांच के दौरान उनके खिलाफ प्रशासनिक चूक को लेकर गंभीर टिप्पणियां सामने आने की खबरें थीं। रायसेन जिला प्रशासन की आधिकारिक वेबसाइट पर भी उन्हें कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट के रूप में सूचीबद्ध किया गया है। क्यों उठ रहे हैं नियुक्ति पर सवाल? रिपोर्टों के मुताबिक, इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी की त्रासदी में 36 लोगों की मौत हुई थी। इस मामले में प्रशासनिक व्यवस्था और जिम्मेदारी को लेकर सवाल उठे थे। Rohit Sisodia के खिलाफ भी कार्रवाई किए जाने और उन्हें निलंबित किए जाने की खबरें सामने आई थीं। अब कुछ ही महीनों बाद उन्हें रायसेन जिले की जिम्मेदारी सौंपे जाने पर विपक्ष ने सवाल उठाए हैं। विवाद का मुख्य मुद्दा यह है कि जांच में सामने आए निष्कर्षों और जवाबदेही से जुड़े सवालों के बीच उनकी नई नियुक्ति का आधार क्या है। Congress ने सरकार को घेरा मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष Jitu Patwari और अन्य विपक्षी नेताओं ने इस नियुक्ति को लेकर राज्य सरकार से जवाब मांगा है। कांग्रेस ने सवाल उठाया है कि न्यायिक जांच की रिपोर्ट पर क्या कार्रवाई हुई और प्रशासनिक चूक को लेकर सवालों के घेरे में आए अधिकारी को जिला कलेक्टर नियुक्त करने का आधार क्या है। पार्टी ने इस फैसले को त्रासदी से प्रभावित परिवारों के प्रति अन्याय बताते हुए सरकार की जवाबदेही पर सवाल उठाए हैं। सरकार के IAS Reshuffle का हिस्सा है नियुक्ति Rohit Sisodia की नई पोस्टिंग मध्य प्रदेश में हुए व्यापक IAS फेरबदल का हिस्सा है। इस प्रशासनिक बदलाव के दौरान कई वरिष्ठ अधिकारियों के विभागों, अतिरिक्त प्रभार और जिला स्तर की जिम्मेदारियों में परिवर्तन किया गया। हालांकि, उनकी नियुक्ति को लेकर उठे सवालों के कारण यह फैसला राजनीतिक चर्चा के केंद्र में आ गया है। Official Website पर Collector के रूप में दर्ज नाम रायसेन जिला प्रशासन की आधिकारिक वेबसाइट के ‘Who’s Who’ सेक्शन में Rohit Sisodia को Collector & DM के रूप में सूचीबद्ध किया गया है। इससे उनकी नई पोस्टिंग की पुष्टि होती है। हालांकि, नियुक्ति की आधिकारिक पुष्टि और इंदौर त्रासदी से संबंधित जांच में उठाए गए सवाल अलग-अलग विषय हैं, जिन पर संबंधित दस्तावेजों और सरकार के रुख के आधार पर विचार किया जाना जरूरी है। विवाद के बीच जांच की कार्रवाई पर नजर Rohit Sisodia की नियुक्ति के बाद अब ध्यान इस बात पर है कि इंदौर जल त्रासदी की जांच में सामने आए निष्कर्षों और सिफारिशों पर आगे क्या कार्रवाई होती है। साथ ही, राज्य सरकार प्रशासनिक जवाबदेही और नई नियुक्ति को लेकर विपक्ष के सवालों का क्या जवाब देती है, इस पर भी नजर बनी हुई है। स्रोत: Raisen District Administration, Indian Masterminds, IANS जय राष्ट्र न्यूज़

आगे और पढ़ें
Translate »