Aadhar Card Link ToVoter ID

चुनाव आयोग का बड़ा कदम: वोटर आईडी को आधार कार्ड से लिंक करने का फैसला

भारत में लोकतंत्र के सबसे महत्वपूर्ण अंग यानी चुनाव हमेशा पारदर्शिता और निष्पक्षता पर जोर देते हैं। लेकिन समय-समय पर चुनावों में फर्जी मतदान, फेक वोटर आईडी (Voter ID) और अन्य धोखाधड़ी के मामलों की रिपोर्ट सामने आती रही हैं। इन समस्याओं से निपटने के लिए चुनाव आयोग ने एक बड़ा कदम उठाते हुए वोटर आईडी कार्ड (Voter ID Card) को आधार कार्ड से लिंक करने का फैसला लिया है। इस कदम से न केवल चुनावों की पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि फर्जी वोटिंग और फेक वोटर आईडी की समस्या पर भी रोक लगेगी। बैठक में लिया गया फैसला मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार चुनाव आयोग (Election Commission) के मुख्य चुनाव आयुक्त, ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें चुनाव आयोग के अन्य सदस्य डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी भी शामिल थे। इस बैठक में केंद्रीय गृह सचिव, विधायी विभाग के सचिव, इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सचिव, यूआईडीएआई के सीईओ और चुनाव आयोग के तकनीकी विशेषज्ञ भी मौजूद थे। इस बैठक के दौरान निर्णय लिया गया कि वोटर आईडी को आधार कार्ड से जोड़ने का काम संविधान के अनुच्छेद 326 के तहत किया जाएगा, जो भारतीय नागरिकों को मतदान का अधिकार देता है। आधार कार्ड और वोटर आईडी लिंकेज का उद्देश्य भारत में प्रत्येक नागरिक के पास एक आधार कार्ड (Aadhar Card) होता है, जो उसकी पहचान को प्रमाणित करता है। वहीं, वोटर आईडी भी नागरिक को मतदान करने का अधिकार प्रदान करता है। लेकिन चुनावी प्रक्रिया में फर्जी वोटिंग और फेक वोटर आईडी का मामला हमेशा से एक गंभीर मुद्दा रहा है। इस लिंकिंग का मुख्य उद्देश्य यही है कि प्रत्येक व्यक्ति के वोटिंग रिकॉर्ड की पुष्टि आधार कार्ड के माध्यम से की जा सके, जिससे चुनावी प्रक्रिया और अधिक पारदर्शी हो सके। इसके अलावा, फर्जी वोटिंग, जाली वोटर आईडी कार्ड (Voter ID Card) बनाने और चुनावी धोखाधड़ी के मामलों पर भी काफी हद तक काबू पाया जा सकेगा। इससे चुनावों में पूरी तरह से पारदर्शिता आएगी और यह सुनिश्चित होगा कि केवल वही लोग मतदान कर रहे हैं, जो वास्तव में भारतीय नागरिक हैं। विशेषज्ञों से तकनीकी परामर्श चुनाव आयोग (Election Commission) और यूआईडीएआई के विशेषज्ञ (UIDAI Expert) जल्द ही आधार कार्ड और वोटर आईडी लिंकिंग पर तकनीकी परामर्श शुरू करेंगे। इसके बाद इस प्रक्रिया को लागू किया जाएगा। यह सुनिश्चित करने के लिए कि प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी और सुरक्षित हो, इस पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा। चुनाव आयोग ने भी इस बात पर जोर दिया है कि लिंकिंग का काम संवैधानिक और कानूनी दायरे में किया जाएगा, ताकि चुनावी प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनियमितता न हो। चुनाव आयोग का बयान चुनाव आयोग (Election Commission) ने अपने एक बयान में कहा कि संविधान के अनुच्छेद 326 के तहत, मतदान का अधिकार केवल भारतीय नागरिकों को दिया जा सकता है, लेकिन आधार केवल व्यक्ति की पहचान को प्रमाणित करता है। इसलिए, वोटर आईडी कार्ड (ईपीआईसी) को आधार कार्ड से जोड़ने का निर्णय लिया गया है। यह निर्णय जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 23 (4), 23 (5) और 23 (6) के प्रावधानों और सर्वोच्च न्यायालय के फैसले (2023) के अनुरूप लिया गया है। इसके अलावा आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि कानून मतदाता सूचियों को आधार डेटाबेस के साथ स्वैच्छिक रूप से जोड़ने की अनुमति देता है, जिससे लोगों को अपनी जानकारी अपडेट करने में आसानी होगी। इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर इस फैसले का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि अब चुनावों में फर्जी वोटिंग (Fake Voters) और वोटर पहचान से संबंधित मुद्दे लगभग खत्म हो जाएंगे। इसके अलावा, मतदाता सूची में भी सुधार होगा, जिससे वोटर आईडी के साथ कोई भी झूठा नाम नहीं जोड़ा जा सकेगा। इससे चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होगी, जो लोकतंत्र की आत्मा है। इसके अलावा, यह फैसला चुनाव आयोग को यह सुविधा देगा कि वह एक सटीक और अद्यतन मतदाता सूची तैयार कर सके, जिससे चुनावी प्रबंधन में भी आसानी होगी। वोटर आईडी (Voter ID) को आधार कार्ड (Aadhar Card) से लिंक करने का चुनाव आयोग का यह कदम भारतीय लोकतंत्र को और भी मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह फर्जी मतदान, फेक वोटर आईडी कार्ड (Fake Voter ID Card) और अन्य चुनावी धोखाधड़ी से निपटने में मदद करेगा। साथ ही, यह चुनाव प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और सटीक बनाएगा। अब यह देखना होगा कि यह प्रक्रिया कब लागू होती है और इसे कैसे तकनीकी दृष्टिकोण से सही तरीके से लागू किया जाता है। Latest News in Hindi Today Hindi news Aadhar Card Link ToVoter ID #AadhaarCard #VoterID #FakeVoterID #ElectionCommission #AadharCardLinkToVoterID

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Sacred Abode of Lord Vitthal & PM Modi Visit

मुखवा मंदिर: भगवान विट्ठल की दिव्य धाम, जहां पीएम मोदी भी हो चुके हैं दर्शनार्थ

भारत एक ऐसा देश है जहां अनेक धार्मिक स्थल और मंदिर अपने ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व के लिए जाने जाते हैं। इन्हीं में से एक है मुखवा मंदिर (Mukhwa Temple), जो हाल ही में चर्चा में आया है क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi)  भी इस मंदिर के दर्शन कर चुके हैं। यह मंदिर न केवल अपनी धार्मिक महत्ता के लिए बल्कि अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत के लिए भी प्रसिद्ध है। आइए जानते हैं कि मुखवा मंदिर कहां स्थित है, यह क्यों प्रसिद्ध है, इसका क्या महत्व है और यहां किसकी पूजा की जाती है। मुखवा मंदिर कहां स्थित है? मुखवा उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में हर्षिल वैली में स्थित एक खूबसूरत पहाड़ी गांव है। यह गांव गंगा नदी के किनारे बसा हुआ है, जिससे इसकी सुंदरता और बढ़ जाती है। इसे मुखीमठ भी कहा जाता है। यहां एक मंदिर है, जिसे माता गंगा का मायका माना जाता है। मुखवा मंदिर क्यों प्रसिद्ध है? मुखवा गांव को मां गंगा का शीतकालीन निवास कहा जाता है। सर्दियों में जब गंगोत्री धाम बर्फ से ढक जाता है, तब माता गंगा की मूर्ति वहां से मुखवा लाई जाती है। सर्दियों की शुरुआत से पहले भक्तों की शोभायात्रा के साथ माता गंगा गंगोत्री से इस गांव में आती हैं। इसे माता गंगा का मायका माना जाता है, इसलिए जब उनकी मूर्ति यहां लाई जाती है, तो स्थानीय लोगों में खास उत्साह देखने को मिलता है। मुखवा मंदिर का क्या है महत्व? मुखवा मंदिर (Mukhwa Temple) का धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व अत्यधिक है। सर्दियों में गंगोत्री धाम के कपाट बंद होने के बाद भी भक्त मां गंगा की पूजा कर सकें, इसलिए उनकी प्रतिमा को मुखवा गांव लाया जाता है। यहां शीतकाल के दौरान मां गंगा की नियमित पूजा होती है। माना जाता है कि इस स्थान पर पूजा करने से परिवार में सुख-शांति बनी रहती है। यह परंपरा कई वर्षों से चली आ रही है। प्रधानमंत्री ने भी शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मुखवा गांव की यात्रा की थी। इसके अलावा, मुखवा मंदिर का महत्व इसलिए भी है क्योंकि यहां प्राकृतिक सौंदर्य और शांति का अनूठा संगम है। कृष्णा नदी के तट पर स्थित यह मंदिर भक्तों को आध्यात्मिक शांति और प्राकृतिक सुंदरता का अनुभव प्रदान करता है। मुखवा गांव मां गंगा के शीतकालीन गद्दी स्थल होने के कारण कई प्राचीन मंदिरों का घर है। इनमें मुखीमठ मंदिर खासतौर पर मां गंगा को समर्पित है। यह स्थान हिंदुओं के लिए एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल माना जाता है, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। मुखीमठ मंदिर अपनी खूबसूरत वास्तुकला और बारीक नक्काशी के लिए भी प्रसिद्ध है, जिसकी भव्यता देखने वालों को मंत्रमुग्ध कर देती है। इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर मुखवा मंदिर कैसे पहुंचे? मुखवा मंदिर (Mukhwa Temple) तक पहुंचने के लिए सबसे पहले आपको दिल्ली से ऋषिकेश जाना होगा। वहां से उत्तरकाशी होते हुए हर्षिल पहुंच सकते हैं। दिल्ली से मुखवा मंदिर की दूरी लगभग 480 किलोमीटर है और यह यात्रा 12 घंटे से कम समय में पूरी की जा सकती है। अगर आप हवाई मार्ग से यात्रा करना चाहते हैं, तो देहरादून के जॉली ग्रांट एयरपोर्ट तक पहुंचकर वहां से ऋषिकेश और फिर उत्तरकाशी के हर्षिल वैली जा सकते हैं। पीएम मोदी का मुखवा मंदिर दर्शन हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने मुखवा मंदिर के दर्शन किए थे। पीएम मोदी (PM Modi) के मुखवा मंदिर दर्शन के बाद इस मंदिर की लोकप्रियता और बढ़ गई है। उन्होंने इस मंदिर के ऐतिहासिक और आध्यात्मिक महत्व को रेखांकित किया और लोगों से इस पवित्र  स्थल के दर्शन करने का आग्रह किया। Latest News in Hindi Today Hindi news Mukhwa Temple #MukhwaTemple #VitthalMandir #SacredTemple #PMModiVisit #SpiritualJourney #HinduTemple #DivinePlace #Bhakti #PilgrimageSite #ReligiousTourism

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Superfast charging EV,

Superfast charging EV: चीन की नई सुपरफास्ट टेक्नोलॉजी का कमाल, 5 मिनट के चार्ज पर 400 KM चलेगी यह कार

आमतौर पर इलेक्ट्रिक कारों को फुल चार्ज होने में तकरीबन 4 से 5 घंटे का समय लगता है। कहने की जरूरत नहीं इलेक्ट्रिक कारों को चार्ज करने में लगने वाला समय सच में बड़ा कष्टदायक होता है। क्या हो यदि आपकी कार सिर्फ 5 मिनट में ही चार्ज हो जाये? आप कहेंगे क्या मजाक है, यहां एक साधारण मोबाइल 5 मिनट में फूल चार्ज नहीं होता, भला 5 मिनट में इतनी बड़ी इलेक्ट्रिक कार कैसे फूल चार्ज हो जाएगी? जी हाँ, अब कार चार्ज होगी वो भी 5 मिनट में। यदि ऐसा संभव हो जाए तो आप निश्चित ही इसे किसी करिश्में से काम नहीं मानेंगे। वैसे तो आज की टेक्नोलॉजी में कुछ भी संभव है। दरअसल, चीन की ऑटोमोबाइल कंपनी ने इस कारनामे को सच कर दिखाया है। बता दें कि चीन की ऑटोमोबाइल कंपनी BYD (Build Your Dreams) ने अपनी नई सुपर ई-प्लेटफार्म चार्जिंग टेक्नोलॉजी (superfast charging EV) की घोषणा की है। इसके मुताबिक अब इलेक्ट्रिक व्हीकल के मालिकों को घंटों चार्जिंग स्टेशन पर अपना वक़्त ज़ाया नहीं करना पड़ेगा। बता दें कि नई सुपर-ई-प्लेटफार्म चार्जिंग टेक्नोलॉजी से अब सिर्फ 5 मिनट में 400 KM की रेंज मिलेगी। यानी इस हिसाब से हर 1 सेकंड के चार्ज पर 1 KM की ड्राइविंग। इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि यह नई टेक्नोलॉजी न सिर्फ टेस्ला को टक्कर देगी, बल्कि इलेक्ट्रिक वाहनों को और भी आसान और दमदार बना देगी। यह इस समय दुनिया की सबसे तेज चार्जिंग टेक्नोलॉजी (superfast charging EV) मानी जा रही है कहने की जरूरत नहीं इस नई तकनीक से कारें सिर्फ 5 मिनट चार्ज होकर 400 किलोमीटर तक चल सकेंगी। गौर करने वाली बात यह कि ये सिस्टम 1,000 किलोवॉट (1 मेगावॉट) की चार्जिंग क्षमता देता है जो टेस्ला की 500 किलोवॉट चार्जिंग स्पीड से दोगुना है। यह इस समय दुनिया की सबसे तेज चार्जिंग टेक्नोलॉजी (superfast charging EV) मानी जा रही है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक कंपनी के संस्थापक वांग चुआनफू ने इसे शेन्जेन स्थित मुख्यालय में लॉन्च के दौरान कहा कि “इससे इलेक्ट्रिक कारें उतनी ही जल्दी चार्ज हो सकेंगी, जितनी तेजी से पेट्रोल या डीजल गाड़ियों में ईंधन भरा जाता है।” बता दें कि BYD की यह नई सुपर चार्जिंग तकनीक सबसे पहले Han L सेडान और Tang L SUV में इस्तेमाल होगी। बड़ी बात यह कि इन गाड़ियों की बुकिंग शुरू हो चुकी है। इन गाड़ियों का लॉन्च अप्रैल 2025 के पहले हफ्ते में होने की संभावना है। बात करें Han L और Tang L की कीमत की तो इनकी कीमत तकरीबन 270,000 – 350,000 युआन (लगभग 32 लाख – 42 लाख रुपये) के बीच होगी। इन गाड़ियों की खास बात यह कि इनमें 1000V हाई-वोल्टेज सिस्टम और 10C चार्जिंग तकनीक दी गई है। इसकी वजह से इन गाड़ियों की चार्जिंग स्पीड बड़ी तेज होगी।  इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर यह नई टेक्नोलॉजी (superfast charging EV) इलेक्ट्रिक कारों को अधिक सुविधाजनक बनाएगी अहम बात यह कि यह नई टेक्नोलॉजी (superfast charging EV) इलेक्ट्रिक कारों को अधिक सुविधाजनक बनाएगी। बता दें कि BYD की यह पहल इलेक्ट्रिक गाड़ियों को तेज और ज्यादा एफिशिएंट बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगी। गौर करने वाली बात यह कि कंपनी ने चीन में 4,000 से ज्यादा सुपरफास्ट चार्जिंग स्टेशन लगाने की योजना बनाई है, ताकि लंबी यात्रा के दौरान ग्राहकों को चार्जिंग की परेशानी न हो। बेशक BYD की यह नई तकनीक इलेक्ट्रिक कारों की दुनिया में बड़ा बदलाव लाने वाली है। और तो और सुपर-ई-प्लेटफार्म चार्जिंग टेक्नोलॉजी की मदद से ईवी मालिकों को लंबी यात्रा के दौरान चार्जिंग की कोई परेशानी भी नहीं होगी। निश्चित ही यह टेक्नोलॉजी BYD को न सिर्फ Tesla जैसे बड़े ब्रांड्स से आगे ले जाने में मदद करेगी बल्कि इलेक्ट्रिक गाड़ियों को और भी फेमस बनाएगी।  Latest News in Hindi Today Hindi news #SuperfastEV #ElectricVehicle #FastChargingEV #EVRevolution #GreenEnergy #EVTechnology #ChinaEV #FutureCars #SustainableMobility #EVCharging

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Rahul Gandhi question (2)

Rahul Gandhi question: संसद में पीएम मोदी ने महाकुंभ में मरने वालों को क्यों नहीं दी श्रद्धांजलि? 

महाकुंभ के भव्य आयोजन पर आज संसद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपना बयान दिया। महाकुंभ की सफलता पर प्रसन्नता जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि “हम सब जानते हैं कि गंगा को धरती पर लाने के लिए एक भगीरथ प्रयास हुआ था, वैसा ही महाकुंभ के महाप्रयास में भी दिखा।” नरेंद्र मोदी ने आज कहा कि “प्रयागराज महाकुंभ से अनेक अमृत निकले हैं। इससे एकता का अमृत निकला है। देश के हर क्षेत्र और हर कोने से लोग इस आयोजन में आए और एक हो गए। लोग अहंकार से हम में एकजुट हो गए।” प्रधानमंत्री ने महाकुंभ की तुलना भारतीय इतिहास के मील के पत्थरों करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि “हर राष्ट्र के जीवन में ऐसे क्षण आते हैं जो सदियों और आने वाली पीढ़ियों के लिए मिसाल बन जाते हैं। मैं प्रयागराज महाकुंभ को एक ऐसे मील के पत्थर के रूप में देखता हूं जिसमें देश के जागरूक होने का प्रतिबिंब दिखता है। सफल महाकुंभ, महाकुंभ पर सवाल उठाने वालों को जवाब है।” उन्होंने कहा कि महाकुंभ में बड़े और छोटे का कोई भेद नहीं था।” आदतन पीएम मोदी के बयान के बाद विपक्ष हमलावर हो गया। मजे की बात यह कि प्रधानमंत्री मोदी के बयान समाप्त होने के बाद सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के (Rahul Gandhi question) साथ-साथ पार्टी के अन्य नेताओं ने उन पर निशाना साधना शुरू कर दिया। कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाते हुए कहा कि “प्रधानमंत्री सदन में बोलने वाले थे। समय रहते इसकी जानकारी नहीं दी गई।”  राहुल गांधी ने आरोप मढ़ते (Rahul Gandhi question) हुए कहा कि “पूरे मसले पर विपक्ष को नहीं बोलने दिया जाता इस बीच कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आरोप मढ़ते (Rahul Gandhi question) हुए कहा कि “पूरे मसले पर विपक्ष को नहीं बोलने दिया जाता। ये कैसा न्यू इंडिया है?” इसी के साथ राहुल गांधी ने ये भी कहा कि “प्रधानमंत्री मोदी को बेरोजगारी के बारे में भी बोलना चाहिए था। परंतु उन्होंने इस पर कुछ नहीं बोला। पीएम मोदी को कुंभ में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देनी चाहिए थी, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।” बता दें कि संसद परिसर में पत्रकारों से रूबरू होते हुए राहुल गांधी ने कहा कि “कुंभ हमारी परंपरा है, इतिहास है, संस्कृति है, लेकिन हमें इस बात की शिकायत है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुंभ में जान गंवाने वालों के बारे में कुछ नहीं कहा। मृतकों को श्रद्धांजलि तक नहीं दी।” इस बीच राहुल गांधी ने दृढ़ता से कहा कि “कुंभ में जाने वाले युवाओं को प्रधानमंत्री से रोजगार भी चाहिए। प्रधानमंत्री को रोजगार के बारे में भी बोलना चाहिए था।” इसे भी पढ़ें:- शरद पवार ने पीएम मोदी की तारीफ में पढ़े खूब कसीदे, चिट्ठी लिख कर दी बड़ी मांग आज के युवा परंपरा और संस्कृति को अपना रहे हैं- पीएम मोदी  आपको बता दें कि इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने महाकुंभ के आयोजन पर अपनी बात रखते हुए कहा कि “मैंने लाल किले से सबका प्रयास के महत्व पर जोर दिया था। पूरे विश्व ने महाकुंभ के रूप में भारत के विराट स्वरूप के दर्शन किए। सबका प्रयास का यही साक्षात स्वरूप है।” इस दरम्यान प्रधानमंत्री ने कहा कि “पिछले साल अयोध्या के राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह में हमने महसूस किया था कि कैसे देश एक हजार वर्षों के लिए तैयार हो रहा है। इसके ठीक एक साल बाद, महाकुंभ के आयोजन ने हम सबके इस विचार को और बल मिला है। ये सामूहिक चेतना देश का सामर्थ्य बताती है।” पीएम मोदी ने यह भी कहा कि “विघटन के दौर में हमारी एकता एक महत्वपूर्ण बिंदु है। और आज के युवा परंपरा और संस्कृति को अपना रहे हैं।” Latest News in Hindi Today Hindi news Rahul Gandhi Rahul Gandhi question #RahulGandhi #PMModi #MahakumbhTragedy #ParliamentDebate #PoliticalControversy #KumbhMela #ModiRahulClash #BreakingNews #IndiaPolitics #OppositionAttack

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Man Kills Girl’s Brother Over Rejection

Man Kills Girl’s Brother Over Rejection: लड़की ने इनकार क्या किया, आरोपी ने घर में घुसकर उसके भाई को उतारा मौत के घाट और फिर खुद भी… 

सनक किसी भी चीज की अच्छी नहीं होती। विशेषकर नकारात्मक चीजों को लेकर। कभी-कभी यही सनक जाने-अनजाने में ऐसे काम करवा देती है जिसका खामियाजा दूसरों को भुगतना पड़ जाता है। ऐसी ही सनक का एक मामला केरला (Kerala) के कोल्लम जिले से प्रकाश में आया है, जहाँ एक युवक ने एक छात्र की उसीके घर में घुसकर हत्या कर दी। न सिर्फ उसकी हत्या की बल्कि खुद भी ट्रेन से कटकर खुदकुशी कर ली। जानकारी के मुताबिक आरोपी तेजस ने कोल्लम के उलीयकोविल इलाके में रहने वाले छात्र फिबिन और उसके पिता गोमस के घर में घुसकर जानलेवा (Man Kills Girl’s Brother Over Rejection) हमला किया। उसने फिबिन पर कई बार चाकू से अचानक हमला किया। इस बीच खुद को बचाने के लिए घायल अवस्था में जैसे-तैसे फिबिन घर से बाहर निकला और फिर कुछ दूर जाकर बेहोश होकर गिर गया। फिबिन को इस तरफ गिरा देख स्थानीय लोगों ने उसे और उसके पिता गोमस को अस्पताल में भर्ती करवाया। जहाँ, फिबिन की अस्पताल पहुंचने से पहले ही मौत हो गई। उसके पिता का इलाज जारी है। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी तेजस वहीं पास ही में मौजूद रेल्वे लाइन पर गया और चलती ट्रेन के सामने कूदकर अपनी जान दे दी। बताया जा रहा है कि आरोपी तेजस एसीपी रैंक के पुलिस अधिकारी का बेटा था।  शादी से इंकार करने के बाद तेजस अपसेट रहने लग गया (Man Kills Girl’s Brother Over Rejection) प्राप्त जानकारी के मुताबिक आरोपी तेजस और फिबिन की बहन ने एक साथ इंजीनियरिंग की पढ़ाई की थी। कॉलेज के दिनों से दोनों एक दूसरे को पसंद करते थे। इस बीच इंजीनियरिंग की पढ़ाई के बाद फिबिन की बहन ने बैंक की कोचिंग की। और कोझिकोड इलाके में उसे एक निजी बैंक में नौकरी भी मिल गई। यह सब चल ही रहा था कि इसी दरम्यान इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी होने के बाद दोनों के परिवार वालों ने उनकी शादी की बात की। बड़ी बात यह कि दोनों के परिवार वाले शादी के लिए राजी भी हो गए। सब ठीकठाक था लेकिन इस बीच फिबिन की बहन ने अचानक शादी करने से मना कर दिया और उसने इस फैसले को अपने घरवालों से भी बता दिया। इस बात की जानकारी जब तेजस को हुई तो वो अपसेट हो गया (Man Kills Girl’s Brother Over Rejection)। इसी बीच वो पुलिस ट्रेनिंग ले रहा था। कहने की जरूरत नहीं, इस फैसले का असर उसकी ट्रेनिंग पर भी पड़ा और फिजिकल टेस्ट में फेल हो गया। फिजिकल टेस्ट में फेल होने की वजह से अब वो डिप्रेशन में रहने लगा। बेटे को इस तरह टूटता देख पुलिस अधिकारी पिता ने उसकी बाकायदा काउंसलिंग भी करवाई। यही नहीं, उन्होंने गोमस से मिलकर उसकी बेटी को समझाने को भी कहा। लेकिन गोमस की पत्नी ने साफ़ कह दिया कि “अगर बेटी तेजस से शादी नहीं करना चाहती है, तो वो उस पर दबाव नहीं बनाएंगे।” इसे भी पढ़ें:-सिर्फ इस एक छोटी सी वजह के चलते बाप-बेटे ने मिलकर की मां-बेटी की हत्या दरवाजा खोलते ही तेजस ने गोमस और फिबिन पर वार करना शुरू कर दिया (Man Kills Girl’s Brother Over Rejection) फिबिन की माँ ने जब शादी से साफ़ मना कर दिया तो आरोपी तेजस आग बबूला हो उठा। उसे हर हाल में फिबिन की बहन से शादी करनी थी। अब वो फिबिन की बहन को बार-बार फ़ोन कर परेशान करने लगा। इस बीच फिबिन ने तेजस को ऐसा न करने की हिदायत। फिबिन की हिदायत तेजस को इस कदर नागवार गुजरी कि अब उसने बदला लेने की ठान ली। और बदला लेने के इरादे से तेजस अपनी कार लेकर सोमवार शाम को गोमस के घर पहुंच गया। पुलिस के मुताबिक तेजस अपने साथ चाकू और 2 लीटर पेट्रोल लेकर गया था। घर जाने पर जैसे ही गोमस ने दरवाजा खोला तो, तेजस को देखकर दोनों में बहस शुरू हो गई। अभी दोनों की बहस हो ही रही थी कि इसी बीच फिबिन भी बाहर आ गया। फिबिन को देख तेजस का पारा सातवें आसमान पर चढ़ गया। और उसने तेजस और गोमस पर ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया (Man Kills Girl’s Brother Over Rejection)। इस बीच दोनों पर हमला करने के बाद वो इस कदर डर गया कि उसने खुद ने भी ट्रेन से कटकर खुदकुशी कर ली। फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है। Latest News in Hindi Today Hindi News Man Kills Girl’s Brother Over Rejection Kerala #CrimeNews #ShockingIncident #MurderSuicide #ViolenceAgainstWomen #BreakingNews #JusticeForVictim #IndiaCrimeReport #TragicIncident #LawAndOrder #NewsUpdate

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Amitabh Bachchan

अमिताभ बच्चन बने भारत के सबसे ज्यादा टैक्स देने वाले सेलिब्रिटी, शाहरुख खान को छोड़ा पीछे

बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) अपने अंदाज और एक्टिंग की वजह से तो चर्चा में रहते हैं लेकिन अभी उनकी चर्चा सबसे ज्यादा टैक्स पेयर (Highest Tax Payer) होने के कारण हो रही है। दरअसल वित्तीय वर्ष 2024-25 में वह भारत के सबसे ज्यादा टैक्स देने वाले सेलिब्रिटी बन गए हैं और उन्होंने इस मामले में बॉलीवुड के किंगखान शाहरुख खान (Shah Rukh Khan) को भी पीछे छोड़ दिया है। उनकी इस उपलब्धि ने न केवल उनके शानदार करियर को बल्कि भारतीय फिल्म उद्योग में उनकी सफलता को भी साबित किया है। अमिताभ बच्चन की कमाई और टैक्स भुगतान पिंकविला के अनुसार अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की कुल कमाई वित्तीय वर्ष 2024-25 में 350 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। उन्होंने 120 करोड़ रुपये का टैक्स चुकाया। यह एक बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि इससे साफ जाहिर होता है कि वह भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े और सबसे सशक्त सितारे बने हुए हैं। खास बात यह है कि 15 मार्च 2025 को उन्होंने 52.50 करोड़ रुपये की एडवांस टैक्स की आखिरी किस्त भी अदा कर दी। वैसे इससे पहले अमिताभ बच्चन ने वित्तीय वर्ष 2023-24 में 71 करोड़ रुपये का टैक्स चुकाया (Tax Payer) था, जो अब इस साल की तुलना में 69% अधिक है। यह उनकी बढ़ती कमाई और सफलता का संकेत है। उनकी इस उपलब्धि से यह भी साफ है कि भले ही उनका करियर छह दशकों से अधिक पुराना हो, लेकिन उनके पास अब भी हर क्षेत्र में सफलता हासिल करने की क्षमता बरकरार है। कहां से हुई कमाई? अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की कमाई के कई स्रोत हैं, जिनमें प्रमुख फिल्में, ब्रांड एंडोर्समेंट और उनका प्रसिद्ध टीवी शो कौन बनेगा करोड़पति (KBC)। KBC को वह पिछले 20 सालों से होस्ट कर रहे हैं और यह शो अब भी बेहद लोकप्रिय है। इसके साथ ही, वे कई बड़े ब्रांड्स के एंडोर्समेंट भी करते हैं। इनमें से कुछ ब्रांड्स भारतीय बाजार में उनके नाम और छवि का पूरा लाभ उठाते हैं। इसके अलावा अमिताभ बच्चन भारतीय सिनेमा (Indian Cinema) के कुछ सबसे बड़े और हिट फिल्मों का हिस्सा रहे हैं। उनकी अभिनय क्षमता और फिल्मों में निभाए गए सशक्त किरदार उन्हें आज भी दर्शकों का प्रिय बनाते हैं। अभी भी अभिनय की दुनिया में सक्रिय अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) ने 82 साल की उम्र में भी बॉलीवुड में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। उनका काम और फैन बेस आज भी पहले की तरह मजबूत है। उन्होंने हाल ही में फिल्म कल्कि 2898 ई. में अभिनय किया था और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार वे जल्द ही फिल्म कल्कि 2 की शूटिंग शुरू करने वाले हैं। अमिताभ बच्चन का नाम केवल भारत में ही नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी सम्मानित किया जाता है। उनकी फिल्मों का प्रभाव न केवल भारतीय दर्शकों पर है, बल्कि उन्होंने दुनियाभर में अपना एक विशेष स्थान बना लिया है। इसे भी पढ़ें:-  दुबई में सस्ता क्यों हैं सोना? विदेश से सोना लाने के क्या हैं नियम? संपत्ति और व्यक्तिगत जीवन अमिताभ बच्चन की संपत्ति (Amitabh Bachchan’s Property) में हाल ही में एक और बड़ी वृद्धि हुई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक उन्होंने ओशिवारा में स्थित अपने डुप्लेक्स अपार्टमेंट को 83 करोड़ रुपये में बेच दिया है। यह संपत्ति 1.55 एकड़ में फैली हुई थी और इसमें 4, 5 और 6 बीएचके वाले फ्लैट्स थे। इस संपत्ति को बेचने के बाद, अमिताभ ने अपनी संपत्ति को एक नई दिशा में निवेश किया है, जो उनके बेहतर फाइनेंशियल समझ को दर्शाता है। अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) न केवल भारतीय सिनेमा के एक जीवित किंवदंती हैं, बल्कि उनके करियर की सफलता, उनकी बढ़ती कमाई और लगातार टैक्स भुगतान यह साबित करते हैं कि वह भारतीय फिल्म इंडस्ट्री (Indian Film Industry) के सबसे प्रभावशाली और सम्मानित कलाकार हैं। उनकी मेहनत, समर्पण, और समय के साथ लगातार खुद को प्रासंगिक बनाए रखने की क्षमता ने उन्हें एक अनमोल हीरा बना दिया है। 82 साल की उम्र में भी वह भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े सितारे बने हुए हैं, और उनकी यह यात्रा प्रेरणा देने वाली है। Latest News in Hindi Today Hindi news Amitabh Bachchan #AmitabhBachchan #Tax #TaxPayer #FY2024-25 #Bollywood

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IPL 2025 Schedule Match Dates, Venues & Full Fixtures

IPL 2025: कब और कहां-कहां होगा आईपीएल मैच?

आईपीएल 2025 (IPL 2025) की तैयारी पूरी हो चुकी है और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इसकी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। 22 मार्च को IPL 2025 का पहला मैच खेला जाएगा और पहले दो ही दिन में कुल तीन मुकाबले होंगे। इसमें 6 टीमें अपने-अपने मैच खेलकर टूर्नामेंट में भाग लेंगी। इस बार आईपीएल में नए रोमांच और जोश के साथ मैच खेले जाएंगे और क्रिकेट प्रेमियों को इसका बेसब्री से इंतजार है। पहला मैच और टाइमिंग 22 मार्च को आईपीएल 2025 की शुरुआत कोलकाता के ईडन गार्डेंस (Kolkata Eden Gardens) में होगी। पहला मैच अजिंक्य रहाणे की कप्तानी वाली कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और रजत पाटीदार की कप्तानी वाली रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) के बीच खेला जाएगा। पहले दिन मैच के पहले कुछ कार्यक्रम होंगे जिससे दर्शकों और खिलाड़ियों के बीच उत्साह का माहौल तैयार किया जा सके। इसलिए मैच का समय थोड़ा आगे भी हो सकता है, लेकिन कुल मिलाकर मैच का शेड्यूल साढ़े सात बजे से शुरू होगा। मैच के लिए टॉस का समय सात बजे निर्धारित किया गया है। कुछ विशेष कार्यक्रमों के कारण मैच में थोड़ी देरी हो सकती है, लेकिन आयोजन समिति की पूरी कोशिश रहेगी कि टॉस समय पर हो और इसके बाद मैच को साढ़े सात बजे से शुरू किया जा सके। दिन के मैच की टाइमिंग दिन के मुकाबलों की बात करें तो रविवार को होने वाले पहले मैच का टॉस दोपहर तीन बजे होगा और मैच साढ़े तीन बजे से शुरू होगा। रविवार को दोपहर में एक मैच खेला जाएगा जिसके बाद शाम को दूसरा मैच होगा। इस बार दिन के मैचों का समय खास रूप से ध्यान में रखा गया है, ताकि दर्शक हर मैच का आनंद उठा सकें और दोनों मैचों के बीच कोई ओवरलैप ना हो। हालांकि, आईपीएल के इतिहास में कभी-कभी ऐसा भी होता है कि दो मैच एक साथ चलने लगते हैं, लेकिन इस बार कोशिश की जाएगी कि पहला मैच समाप्त होने के बाद ही दूसरा मैच शुरू हो, ताकि दर्शकों को पूरी तरह से मैच का अनुभव हो सके। पहले दो दिन में होंगे तीन मुकाबले पहले दिन कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) के बीच मुकाबला होगा, जबकि दूसरे दिन यानी 23 मार्च को आईपीएल में डबल हेडर का रोमांच देखने को मिलेगा। पहले मैच में सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) IPL 2025 और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बीच मुकाबला होगा। इस मैच में SRH के कप्तान पैट कमिंस होंगे, जबकि राजस्थान रॉयल्स की कमान संजू सैमसन के हाथ में रहेगी। इसी दिन यानी 23 मार्च को शाम को दूसरा मैच चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) और मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाएगा। सीएसके के कप्तान रुतुराज गायकवाड हैं, जबकि मुंबई इंडियंस के कप्तान हार्दिक पांड्या हैं। हालांकि, हार्दिक पांड्या पहले मैच में खेलते हुए नजर नहीं आएंगे, ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि इस मैच में मुंबई इंडियंस की कमान किसे दी जाएगी। इसके लिए रोहित शर्मा और सूर्यकुमार यादव प्रमुख दावेदार हैं। इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर आईपीएल 2025 के बारे में अन्य अहम जानकारियाँ इस बार आईपीएल के मैचों का समय काफी खास रखा गया है, ताकि दर्शकों को हर मैच का पूरा अनुभव मिल सके। शाम के मैचों का टॉस सात बजे होगा, और मैच साढ़े सात बजे से शुरू होंगे। वहीं दिन के मैचों का टॉस तीन बजे होगा और साढ़े तीन बजे से मैच खेला जाएगा। यह टाइमिंग इस प्रकार से निर्धारित की गई है कि दर्शकों को हर मैच का पूरा आनंद मिल सके और कोई भी मैच मिस न हो। आईपीएल 2025 के आगाज से पहले इसके आयोजकों ने इसे और भी दिलचस्प बनाने के लिए कई योजनाएं बनाई हैं। इस बार टूर्नामेंट में नई टीमें भी नजर आएंगी, और पुराने खिलाड़ी भी नए अंदाज में मैदान पर उतरेंगे। आईपीएल के पहले दो दिन में ही तीन मैच होने जा रहे हैं, जिससे क्रिकेट प्रेमियों को भरपूर क्रिकेट का मनोरंजन मिलेगा। आईपीएल 2025 का आयोजन क्रिकेट के प्रशंसकों के लिए एक धमाकेदार शुरुआत के रूप में होने जा रहा है। पहले दिन एक मैच और दूसरे दिन डबल हेडर मुकाबले होंगे, जिससे टूर्नामेंट की शुरुआत और भी रोमांचक होगी। सभी टीमें और कप्तान अपनी पूरी ताकत से मैदान में उतरने को तैयार हैं। अगर आप भी आईपीएल के फैन हैं, तो मैच के समय का ध्यान रखें और कोई भी मैच मिस न करें। Latest News in Hindi Today Hindi news IPL 2025 #IPL2025 #T20Cricket #IPLMatchSchedule #CricketFans #IPLFixtures #IPLTeams #IPLMatches #CricketTournaments #IPLUpdates #IndianPremierLeague

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Narendra Modi past life

Narendra Modi past life: बीजेपी सांसद के इस बयान पर संसद से लेकर सोशल मीडिया तक मचा हंगामा, कांग्रेस ने कही यह बात 

मुगल शासक औरंगजेब को लेकर महाराष्ट्र में बवाल मचा हुआ है। मचे बवाल के बीच बीजेपी सांसद के बयान ने आग में घी डालने का काम किया है। दरअसल, बीजेपी के सांसद ने शिवाजी महाराज को लेकर ऐसा बयान दिया कि उस पर विवाद शुरू हो गया है। बता दें कि ओडिशा के बारगढ़ से बीजेपी सांसद प्रदीप पुरोहित ने संसद में कहा कि “पीएम मोदी (Narendra Modi) पिछले जन्म में (Narendra Modi past life) मराठा सम्राट छत्रपति शिवाजी महाराज थे। कहने की जरूरत नहीं सांसद के इस बयान पर बवाल मच गया।” लोकसभा में बोलते हुए बीजेपी सांसद ने कहा कि “उनकी मुलाकात एक संत से हुई थी।” इस बीच उन्होंने कहा कि “गिरिजा बाबा नाम के एक संत ने मुझे बताया कि देश के पीएम नरेंद्र मोदी का पूर्व जन्म छत्रपति शिवाजी महाराज के रूप में था। इसीलिए वह राष्ट्र निर्माण में काम कर रहे हैं।” इस पर अधिक जानकारी देते हुए सांसद प्रदीप पुरोहित ने आगे कहा कि “पीएम मोदी वास्तव में छत्रपति शिवाजी महाराज हैं, जिन्होंने महाराष्ट्र समेत पूरे देश को विकास और प्रगति की तरफ ले जाने के लिए पुनर्जन्म लिया है।” जाहिर सी बात है सांसद के इस बयान में हंगामा मचना ही था। हालांकि इस बयान के बाद रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आसन से आग्रह किया कि “अगर इस टिप्पणी से किसी की भावनाएं आहत हुई हों तो इसे सदन की कार्यवाही से हटाने के बारे में विचार किया जाए।” खबर के मुताबिक उपसभापति ने उनके बयान को सदन की कार्यवाही को निकालने का आदेश दिया। बता दें कि चेयर पर बैठे दिलीप सैकिया ने निर्देश दिया कि प्रदीप पुरोहित की बातों की जांच करके उसे सदन की कार्यवाही से हटाने की प्रक्रिया की जाए।  बीजेपी सांसद के इस बयान (Narendra Modi past life) का कांग्रेस समेत विपक्ष के कई सदस्यों ने जताया विरोध  बीजेपी सांसद के इस बयान (Narendra Modi past life) का कांग्रेस समेत विपक्ष के कई सदस्यों ने विरोध जताया। कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने प्रदीप पुरोहित के बयान की आलोचना करते हुए सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि “अखंड भारत के आराध्य देव छत्रपति शिवाजी महाराज का बार-बार अपमान करने तथा महाराष्ट्र और दुनियाभर के शिव प्रेमियों की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाने के लिए भाजपा नेतृत्व द्वारा एक सुनियोजित साजिश रची जा रही है। इन लोगों ने छत्रपति शिवाजी महाराज की मानद टोपी नरेन्द्र मोदी के सिर पर रखकर शिवाजी महाराज का घोर अपमान किया है। अब इस भाजपा सांसद का यह घिनौना बयान सुनिए। हम शिवाजी का बार-बार अपमान करने के लिए भाजपा की सार्वजनिक रूप से निंदा करते हैं। भाजपा शिव-द्रोही है। हम शिवाजी का अपमान कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे। नरेंद्र मोदी को तुरंत देश से माफी मांगनी चाहिए और इस सांसद को निलंबित करना चाहिए।” इसे भी पढ़ें:- नागपुर में औरंगजेब की कब्र के विवाद को लेकर हुई हिंसा, आगजनी और पथराव के बाद कई इलाकों में लगा कर्फ्यू बीजेपी सांसद प्रदीप पुरोहित के बयान (Narendra Modi past life) की कड़ी निंदा कर रहे हैं सोशल मीडिया यूजर्स यही नहीं, सोशल मीडिया यूजर्स भी बीजेपी सांसद प्रदीप पुरोहित के बयान (Narendra Modi past life) की कड़ी निंदा कर रहे हैं। नेटिज़ेंस उनपर टूट पड़े हैं। उनका कहना है कि ये छत्रपति शिवाजी महाराज का अपमान है। एक यूजर ने लिखा कि “शिवाजी महाराज स्वराज्य के संस्थापक थे, न कि किसी पार्टी के प्रतीक। उनके शौर्य, बलिदान और विचारधारा को राजनीति से जोड़ना क्या उनकी महानता को सीमित करना नहीं? बता दें कि वर्तमान समय में मुगल बादशाह औरंगजेब को लेकर भी देश में काफी बहस चल रही है। इसलिए छत्रपति शिवाजी और मराठा साम्राज्य को लेकर भी देश में काफी बयानबाजी हो रही है और मुगल साम्राज्य की आलोचना की जा रही है Latest News in Hindi Today Hindi news Narendra Modi Narendra Modi past life #NarendraModi #ShivajiMaharaj #BJPMPStatement #PoliticalControversy #ParliamentDebate #SocialMediaBuzz #ModiShivajiRow #IndiaPolitics #ViralNews #BreakingNews

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Israel breaks ceasefire with airstrikes

Gaza airstrike: इजराइल ने युद्धविराम तोड़ गाजा पर किया हवाई हमला, 200 से अधिक लोगों की हुई मौत 

आखिरकार दो महीने तक इजरायल और हमास के बीच चला युद्धविराम टूट ही गया। दरअसल, मंगलवार की सुबह अचानक इजरायल ने गाजा पट्टी पर हमला  (Gaza airstrike) कर दिया। स्थानीय समय के मुताबिक सुबह 2 बजे एयर स्ट्राइक शुरू हुई। प्राप्त जानकारी के मुताबिक इस हमले में तकरीबन 200 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। लगातार मौतों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। इस तरह इजरायल ने हमला करके सीजफायर तोड़ दिया है। बता दें कि पिछले सप्ताह ट्रंप प्रशासन ने युद्धविराम को बढ़ाने की कोशिश की और दोनों पक्षों के सामने एक प्रस्ताव रखा था। कतर की राजधानी दोहा में हुई यह बातचीत बेनतीजा साबित हुई थी। इस पर अधिक जानकारी देते हुए वाइट हाउस ने कहा कि “हमास ने उसके प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया।” वैसे यह हमला अचानक से नहीं हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक इजरायल ने पहले ही ट्रंप प्रशासन को इस हमले की जानकारी दे दी थी। टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के मुताबिक वाइट हाउस की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता ब्रायन ह्यूजेस ने कहा  कि “हमास युद्धविराम बढ़ाने के लिए बंधकों को रिहा कर सकता था, लेकिन उसने इससे इनकार कर दिया और युद्ध का विकल्प चुना।” ऐसे में बड़ा सवाल यह कि यह सीजफायर टूटा क्यों? आईडीएफ के हमला करने के बाद इजरायल के रक्षा मंत्री बयान जारी कर कहा कि “आज रात हम गाजा की लड़ाई में वापस आ गए हैं।” हमास की ओर से बंधकों को रिहा करने से मना करने और आईडीएफ सैनिकों को नुकसान पहुंचाने की धमकियों के मद्देनजर यह हमला किया गया है। गौर करने वाली बात यह कि इजरायल ने गाजा पर ऐसे समय में हमला किया है जब अमेरिका यमन के हूतियों पर बम बरसा रहा है।  हमास द्वारा हमारे बंधकों को रिहा करने से बार-बार इनकार करने के बाद हुआ हमला  इस हमले पर प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि “उन्होंने युद्ध विराम को बढ़ाने के लिए चल रही बातचीत में प्रगति की कमी के कारण हमलों (Gaza airstrike) का आदेश दिया। यह तुरंत स्पष्ट नहीं था कि क्या यह ऑपरेशन एक बार की दबाव रणनीति थी या 17 महीने पुराना युद्ध फिर से शुरू किया जा रहा है।” नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि “यह हमास द्वारा हमारे बंधकों को रिहा करने से बार-बार इनकार करने और अमेरिकी राष्ट्रपति के दूत स्टीव विटकॉफ और मध्यस्थों से प्राप्त सभी प्रस्तावों को अस्वीकार करने के बाद हुआ है।” तो वहीं हमास के एक अधिकारी ताहिर नुनू ने इजरायली हमलों की आलोचना करते हुए कहा कि “अंतर्राष्ट्रीय समुदाय एक नैतिक परीक्षण का सामना कर रहा है, या तो वह कब्जे वाली सेना द्वारा किए गए अपराधों की वापसी की अनुमति देता है या फिर वह गाजा में निर्दोष लोगों के खिलाफ आक्रामकता और युद्ध को समाप्त करने की प्रतिबद्धता को लागू करता है।” इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर इजराइली हवाई हमलों में (Gaza airstrike) मरने वालों की संख्या 200 के आस-पास बताई जा रही है जानकारी के लिए बता दें कि इजराइल ने सोमवार को गाजा पट्टी, दक्षिणी लेबनान और दक्षिणी सीरिया में हवाई हमले किए, जिसमें कई लोग मारे गए। इजराइली हवाई हमलों में (Gaza airstrike) मरने वालों की संख्या 200 के आस-पास बताई जा रही है। इजराइली सेना ने कहा कि “वह हमलों की साजिश रच रहे आतंकवादियों को निशाना बना रही थी।” उसने आगे कहा कि “वह दक्षिणी सीरिया में सैन्य कमांड सेंटर और उन जगहों को निशाना बना रही थी, जहां असद की सेना के हथियार और वाहन थे। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक इजरायल एक बार फिर जमीनी आक्रमण की योजना बना रहा है. गाजा में यह इजरायली सैनिकों की वापसी का संकेत है। बता दें कि इजरायल और हमास का युद्ध 7 अक्टूबर 2023 को तब शुरू हुआ जब हमास ने इजरायल पर हमला कर दिया था। तब से लेकर अब तक युद्ध में 48,000 फिलिस्तीनियों के मारे जाने की रिपोर्ट्स आई थी।  Latest News in Hindi Today Hindi news Gaza airstrike #IsraelGazaWar #GazaAirstrike #MiddleEastConflict #IsraelAttack #GazaUnderAttack #WarCrimes #BreakingNews #PalestineCrisis #CeasefireBroken #HumanRights

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Aurangzeb Tomb Row Sparks Curfew

Nagpur violence: नागपुर में औरंगजेब की कब्र के विवाद को लेकर हुई हिंसा, आगजनी और पथराव के बाद कई इलाकों में लगा कर्फ्यू

सोमवार को महाराष्ट्र के नागपुर में (Nagpur violence) जमकर हिंसा और पथराव हुआ। दरअसल, एक अफवाह के बाद नागपुर के महल और हंसपुरी इलाके में दो गुटों के बीच पथराव और आगजनी की घटना हुई। उपद्रवियों ने हंसपुरी इलाके में बीती रात कई दुकानों और घरों को निशाना बनाया। स्थानीय लोगों की माने तो उपद्रवियों ने दुकानों में तोड़फोड़ की और 8 से 10 गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया। हिंसा का अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि पुलिस को पथराव और आगजनी के बाद बिगड़ी कानून-व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए बल प्रयोग करने के साथ ही आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। ऐसे में बड़ा सवाल यह कि आखिर अचानक हिंसा भड़की ही क्यों? दरअसल, नागपुर के कई इलाकों में सोमवार की शाम इस अफवाह के बाद हिंसा फैल गई कि औरंगजेब की कब्र को हटाने के लिए एक दक्षिणपंथी संगठन द्वारा किए गए प्रदर्शन के दौरान कुरान को जला दिया गया। फ़िलहाल पुलिस अधिकारियों ने इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील करते हुए कानून-व्यवस्था का उल्लंघन न करने की सख्त चेतावनी दी है तो वहीं सूबे के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार रात शांति की अपील की और लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की बात कही है।  उपद्रवियों ने (Nagpur violence) दुकानों में तोड़फोड़ करने के साथ-साथ आगजनी और पथराव किया प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो कुछ नकाबपोश उपद्रवी हाथों में धारदार हथियार, स्टिकर और बोतलें लेकर आए थे। उन्होंने यहां पर जमकर (Nagpur violence)  हंगामा किया। दुकानों में तोड़फोड़ की और पथराव किया। यही नहीं उपद्रवियों ने वाहनों को आग के हवाले कर दिया।” इसके बाद हिंसा भड़क उठी। अचानक भड़की इस हिंसा में कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। कुछ पुलिसकर्मी घायल हो गए। खैर, नागपुर के महल और हंसपुरी इलाके में भड़की हिंसा के बाद प्रशासन ने अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लागू किया। इस पूरे मामले में नागपुर पुलिस आयुक्त डॉ. रविंदर कुमार सिंघल ने बताया कि “नागपुर शहर के कोतवाली,  इमामवाड़ा, पचपावली, शांतिनगर, गणेशपेठ, लकड़गंज, सक्करदरा, नंदनवन, यशोधरा नगर और कपिल नगर के पुलिस थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया है। यह कर्फ्यू अगले आदेश तक लागू रहेगा।” फिलहाल पुलिस की गाड़ी यहां गश्त कर रही है। पुलिस न सिर्फ माइक लाउडस्पीकर पर लोगों से घरों में रहने की अपील कर रही है बल्कि कर्फ्यू की जानकारी भी दे रही है। बता दें कि नागपुर में हिंसा से प्रभावित इलाकों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 (जो पहले आईपीएसी की 144 हुआ करती थी) के तहत कर्फ्यू लगा दिया गया है। पुलिस के अनुसार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है ताकि पथराव करने वाले को पकड़ा जा सके। नागपुर में हिंसा (Nagpur violence) को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पुलिस आयुक्त को दिए सख्त कदम उठाने के आदेश  नागपुर में हिंसा (Nagpur violence) को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने वहां के पुलिस आयुक्त को कड़े कदम उठाने के लिए कहा है। हिंसा के बाद देर रात जारी बयान में फडणवीस ने कहा कि “नागपुर के महल इलाके में जिस तरह से स्थिति तनावपूर्ण हुई, वह बेहद निंदनीय है। कुछ लोगों ने पुलिस पर भी पत्थरबाजी की। यह गलत है। मैं स्थिति पर नजर रख रहा हूं। मैंने पुलिस कमिश्नर से कहा है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जो भी सख्त कदम उठाने की जरूरत है, उठाएं। अगर कोई दंगा करता है या पुलिस पर पत्थरबाजी करता है या समाज में तनाव पैदा करता है, तो ऐसे सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। मैं सभी से अपील करता हूं कि वे नागपुर की शांति को भंग न होने दें। अगर कोई तनाव पैदा करने की कोशिश करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।” इस बीच नागपुर के पुलिस आयुक्त डॉ. रविंदर सिंघल ने कहा कि “पुलिस तलाशी अभियान चला रही है और इसमें शामिल लोगों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जा रहा है।” पुलिस ने धारा 163 लागू कर दी है। सभी को कहा गया है कि वे अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें और कानून को अपने हाथ में न लें। अफवाहों पर विश्वास न करें। इस क्षेत्र को छोड़कर, पूरा शहर शांतिपूर्ण है।” इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर नागपुर में जो स्थिति निर्माण हुई है, जिन लोगों ने भी वो स्थिति निर्माण की है, उन पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए- चंद्रशेखर बावनकुले नागपुर में हिंसा (Nagpur violence) की घटना महाराष्ट्र के मंत्री और राज्य भाजपा प्रमुख चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा है कि “नागपुर में जो स्थिति निर्माण हुई है, जिन लोगों ने भी वो स्थिति निर्माण की है, उन पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। पुलिस प्रशासन वहां मौजूद है। नागपुर की जनता बहुत संवेदनशील है। हमने नागपुर में कभी ऐसी घटना नहीं देखी।” यही नहीं, नागपुर से सांसद और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि “कुछ अफवाहों के कारण नागपुर में धार्मिक तनाव की स्थिति पैदा हुई है। नागपुर शहर का इतिहास ऐसे मामलों में शांति बनाए रखने का रहा है। मैं अपने सभी भाइयों से आग्रह करता हूं कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर विश्वास न करें और शांति बनाए रखें।” Latest News in Hindi Today Hindi news Nagpur violence #NagpurViolence #AurangzebTombRow #NagpurCurfew #StonePelting #CommunalClashes #MaharashtraNews #NagpurRiots #ViolenceInNagpur #LawAndOrder #BreakingNews

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