Ahmedabad plane crash,

Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story: जाको राखे साईंया मार सके ना कोय, किसी चमत्कार से कम नहीं है अहमदाबाद प्‍लेन क्रैश में जिंदा बचना

गुरुवार को गुजरात के अमहदाबाद में हुए भयानक हादसे के बाद पूरी दुनिया सन्न है। हादसे का मंजर इतना खौफनाक है कि जिसने भी इसे देखा उसका कलेजा मुंह में आ गया। इस दर्दनाक हादसे ने देश के हर शख्स को गमगीन कर दिया।  एअर इंडिया का ड्रीमलाइनर प्लेन अहमदाबाद एयरपोर्ट से उड़ान भरने के चंद मिनटों बाद ही क्रैश हो गया। प्लेन में कुल 242 लोग सवार थे, जिसमें 230 पैसंजर्स, 10 क्रू और दो अनुभवी पायलट सवार थे। इस प्लेन क्रैश में अभी तक कुल 265 लोगों की मौत की पुष्टि की जा चुकी है। जिस बिल्डिंग से प्लेन क्रैश हुआ, वहां मेडिकल कॉलेज के कई स्टूडेंट खाना खा रहे थे। वो भी इस हादसे का शिकार हो गए। प्लेन में सवार बस एक ही यात्री जीवित बचा। आपको जानकर यकीन नहीं होगा, जहाँ प्लेन क्रैश में किसी के जिन्दा बचने की कोई उम्मीद नहीं होती, ऐसे में वहां विश्‍वास रमेश का जिंदा बचना किसी चमत्‍कार से कम नहीं (Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story) है।  विश्‍वास रमेश का क्रैश में जिंदा बचना और खुद पैदल चलकर आना अपने आप में अविश्विनीय (Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story) है खैर, दमकल कर्मियों ने बताया कि विमान के क्रैश होने के बाद आग लगने से वहां का तापमान काफी बढ़ गया था। ऐसे में विश्‍वास रमेश का क्रैश में जिंदा बचना और खुद पैदल चलकर वहां से बाहर आना अपने आप में अविश्विनीय (Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story) है। लेकिन विश्‍वास रमेश ने बताया कि उनकी आंखों के सामने लोग मर रहे थे। विमान में आग लग गई थी। फिर भी वह विमान से बाहर निकल आए और बच गए। बता दें कि विमान के बीजे हॉस्‍टल की छत पर क्रैश होने के बाद जोरदार धमाका हुआ था। इस हादसे में एकलौते बचे विश्‍वास रमेश ने डीडी न्‍यूज को बताया कि सब मेरी नजरों के सामने हुआ था, लेकिन मुझे खुद नहीं पता कि आखिर कैसे मैं जीवित बच गया हूं। थोड़े टाइम के लिए मुझे लगा था कि मैं भी मरने वाला हूं। लेकिन आंख खुली, तो मैं जिंदा था। मैंने अपनी सीट बेल्‍ट निकालने की कोशिश की। इसके बाद मैं वहां से निकल गया। मेरी आंखों के सामने एयरहोस्‍टेज और दूसरे लोग मर गए थे। विश्वास ने आगे बताया टेकऑफ के बाद 5-10 सेकंड के अंदर ही सबकुछ हो गया। विमान के टेक ऑफ होते ही ऐसा लगा कि सबकुछ रुक गया हो। मुझे लगा कि कुछ तो हुआ है। इसके बाद विमान में हरी और सफेद रंग की लाइट ऑन हो गई। इसके बाद ऐसे लगा कि पायलट ने विमान को ऊंचा उठाने के लिए रेस बढ़ाई है। इतने में ही विमान गिर गया। मुझे नहीं पता कि विमान कहां गिरा था।   इसे भी पढ़ें: सत्तू शरबत: शरीर को मजबूत और स्वस्थ बनाने में फायदेमंद है यह देसी टॉनिक विश्‍वास कुमार का इस हादसे में बचना किसी चमत्‍कार से कम (Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story) नहीं हैं बेशक इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि विश्‍वास कुमार का इस हादसे में बचना किसी चमत्‍कार से कम (Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story) नहीं हैं। डीडी न्यूज़ से बात करते हुए उन्‍होंने बताया,मैं हॉस्‍टल पर गिरे विमान के हिस्‍से में नहीं था। मैं ग्राउंड पर गिरा था। वो हॉस्‍टल की छत नहीं थी। दूसरों के बारे में मुझे पता नहीं, लेकिन मैं जहां गिरा, वो जमीन थी। विमान जब नीचे गिरा और मैंने देखा कि थोड़ा-सा स्‍पेस है। इस स्‍पेस से मैंने निकलने की कोरिश की और मैं कामयाब हो गया। उन्होंने आगे बताया कि दूसरी साइड बिल्डिंग की दीवार थी। शायद वहां से कोई निकल नहीं सका होगा। सबसे ज्यादा नुकसान वहीं पर हुआ था। मैं जहां था, वहीं थोड़ा स्‍पेस था, इसलिए मैं निकल पाया, लेकिन मुझे नहीं पता कि मैं कैसे बच पाया. इसके बाद मैं वहां से पैदल चलकर बाहर आ गया. विमान में जब मैं फंसा हुआ था, तब वहां आग लग गई थी, तो इसकी वजह से मेरा एक हाथ भी जल गया। हादसे की जगह से बाहर आने के बाद मुझे एंबुलेंस हॉस्पिटल तक लेकर आई। यहां हॉस्पिटल में बहुत अच्‍छा इलाज हो रहा है। हादसे के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को जाकर घटनास्‍थल का जायजा लिया। इसके बाद वह इस हॉस्पिटल में पहुंचे। इस दौरान पीएम मोदी ने विश्‍वास रमेश से भी मुलाकात की। विश्‍वास ने बताया कि पीएम सर ने उनका हालचाल पूछा,बोले क्‍या हुआ था, कैसे हुआ, आप ठीक हो ना?  Latest News in Hindi Today Hindi  Ahmedabad Plane Crash, A Miracle Survival Story #ahmedabadplanecrash #miraclesurvival #planeaccident #breakingnews #aviationnews #indianews #luckyescape #jakhorakhesaiyan

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Vijay Rupani death

गुजरात के पूर्व सीएम विजय रूपाणी का लकी नंबर 1206 ही बन गई मौत की तारीख, जानें क्यों था खास?

अहमदाबाद विमान हादसे (Ahmedabad Plane Crash) में जान गंवाने वाले गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी अपने जीवन में नंबर्स को काफी अहम मानते थे। वो एक नंबर को अपने लिए बेहद लकी मानते थे। यह खास नंबर था ‘1206’। यह नंबर विजय रूपाणी (Vijay Rupani) के जीवन से बेहद गहराई के साथ जुड़ा था। वो इस नंबर को अपने लिए सौभाग्यशाली मानते थे। यही वजह है कि विजय रूपाणी (Vijay Rupani) के हर गाड़ी का नंबर प्लेट पर यही नंबर है, चाहे वह स्कूटर हो या फिर कार। विजय रूपाणी को करीब से जानने वाले लोगों का कहना था कि इस नंबर से उन्हें हद से ज्यादा लगाव था, लेकिन 12/06 तारीख को यह लकी नंबर दुनिया के लिए एक त्रासदी में बदल गया। क्योंकि इस तारीख को विजय रूपाणी जिस फ्लाइट से लंदन अपनी पत्नी और बेटी से मिलने जा रहे थे, वह अहमदाबाद से उड़ान भरते ही दुर्घटनाग्रस्त हो गई।  साधारण जीवन, लेकिन असाधारण जनसेवा गुजरात के पूर्व सीएम 68 वर्षीय विजय रूपाणी (Vijay Rupani) का जन्म म्यांमार में 2 अगस्त 1956 को हुआ था। जैन परिवार से आने वाले रूपाणी सात भाई-बहनों में सबसे छोटे थे। म्यांमार में जब राजनीतिक उथल-पुथल शुरू हुई तो उनका परिवार साल 1960 में वापस राजकोट लौट आया। रूपाणी ने यहीं से अपनी शिक्षा पूरी की और राजनीति में कदम रखा। इमरजेंसी के दौरान रूपाणी 11 माह जेल में रहे और 1987 में वह पहली बार राजकोट नगर निगम (आरएमसी) के पार्षद बने। वो साल 1996 से 1997 तक राजकोट के मेयर और 2006 से 2012 तक राज्यसभा सांसद रहे। इसके बाद रूपाणी राज्य की राजनीति में सक्रिय हुए और साल 2014 में पहली बार विधायक बनने के साथ कैबिनेट मंत्री के तौर पर भी शपथ लिया। रूपाणी को अगस्त 2016 में आनंदीबेन पटेल की जगह सीएम की जिम्‍मेदारी मिली। हालांकि रूपाणी ने सितंबर 2021 में सीएम पद से इस्तीफा दे दिया था।   राजनीतिक करियर में अहम था यह नंबर  विजय रूपाणी (Vijay Rupani) 1206 को अपना लकी नंबर क्यों मानते थे, इसके बारे में कोई पुख्ता जानकारी नहीं है, लेकिन उनको करीब से जानने वाले लोगों का कहना है कि उन्हें इस नंबर से जुड़ाव राजनीति के शुरुआती दौर से ही रहा है। यही वजह है कि विजय रूपाणी के पहली स्कूटी से लेकर अब तक मौजूद सभी गाड़ियों में यही नंबर प्लेट है। बताया जा रहा है कि रूपाणी इस नंबर को अपने राजनीतिक करियर में बेहद अहम मानते थे, लेकिन 12/06 तारीख को यही नंबर उनकी जिंदगी का आखिर दिन बन गया।    इसे भी पढ़ें: सत्तू शरबत: शरीर को मजबूत और स्वस्थ बनाने में फायदेमंद है यह देसी टॉनिक विजय रूपाणी ने कई बार टाली थी लंदन यात्रा भाजपा ने इस समय विजय रूपाणी को पंजाब और चंडीगढ़ का प्रभारी बना रखा था। पंजाब भाजपा के अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने हादसे के बाद मीडिया से बातचीत में बताया कि विजय रूपाणी जी पहले यह यात्रा 5 जून को करने वाले थे, लेकिन लुधियाना वेस्ट उपचुनाव प्रचार के कारण उन्होंने इसे टाल दिया। इसके बाद 9 जून को जाने पर विचार कर रहे थे, लेकिन आखिर में वो 12 जून को लंदन के लिए रवाना हुए। सुनील जाखड़ ने कहा कि अगर वे इससे पहले ही लंदन चले जाते, तो शायद वो बच जाते। रूपाणी की मौत के बाद से राजकोट समेत पूरा गुजरात शोक में डूबा है। इनके कार्यकाल में हुए विकास के कई कार्यकाल के लिए इन्हें याद किया जा रहा है।  Latest News in Hindi Today Hindi Vijay Rupani #vijayrupani #gujaratpolitics #luckynumber #breakingnews #rip #vijayrupaninews #indiaupdates #gujaratexcm #latestnews

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Rahul Gandhi letter to PM Modi

Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue: बिहार के इस मुद्दे पर राहुल गांधी ने PM मोदी को पत्र लिख की यह मांग

बिहार में बढ़ती चुनावी सरगर्मी के तहत रायबरेली सांसद राहुल गाँधी इन दिनों बिहार पर अपना फोकस जमाए हुए हैं। इसीके मद्देनजर हाल ही में वो बिहार दौरे के दौरान दरभंगा पहुंचे थे। यहां वह अंबेडकर छात्रावास पर पहुंचे थे, जहां छात्रों ने अपनी परेशानियों से उनको अवगत कराया। फिर क्या था लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर वंचित समुदायों के छात्रों को शिक्षा हासिल करने में आ रही समस्याओं का निवारण करने का अनुरोध (Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue) किया है। युवा नेता ने अपने पत्र में बिहार के दरभंगा स्थित अंबेडकर छात्रावास में छात्रों की परेशानियों का भी जिक्र किया है। जानकारी के मुताबिक पीएम मोदी को लिखे पत्र में राहुल गांधी ने दो महत्वपूर्ण मुद्दों को हल करने की गुजारिश की। बता दें कि राहुल ने पीएम मोदी से कहा, मैं आपसे दो महत्वपूर्ण मुद्दों को हल करने का अनुरोध करता हूं, जो वंचित समुदायों के 90 प्रतिशत छात्रों के लिए शिक्षा के अवसरों में बाधा डालते हैं। सबसे पहले, दलित, एसटी, ईबीसी, ओबीसी और अल्पसंख्यक समुदायों के छात्रों के लिए आवासीय छात्रावासों की स्थिति बहुत खराब है।  इन विफलताओं (Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue) को दूर करने के लिए तुरंत दो कदम उठाए जाएं इस पूरे मामले पर राहुल गांधी ने कहा कि बिहार के दरभंगा में अंबेडकर छात्रावास (Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue) के हाल के दौरे के दौरान छात्रों ने शिकायत की कि एक ही कमरा है जिसमें 6-7 छात्रों को रहने के लिए मजबूर होना पड़ता है। शौचालय गंदे हैं। पीने का पानी स्वच्छ नहीं है। मेस की सुविधा नहीं है। और पुस्तकालयों या इंटरनेट तक पहुंच नहीं है। उन्होंने दूसरे मुद्दे के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि दूसरे, हाशिए पर पड़े समुदायों के छात्रों के लिए पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति में देरी और इसमें विफलताएं भी मिल रही हैं। राहुल गांधी ने उदाहरण देते हुए कहा, बिहार में, छात्रवृत्ति पोर्टल तीन साल तक काम नहीं कर रहा था और 2021-22 में किसी भी छात्र को छात्रवृत्ति नहीं मिली। इसके बाद भी, छात्रवृत्ति पाने वाले दलित छात्रों की संख्या में लगभग आधी गिरावट आई। जो वित्त वर्ष 23 में 1.36 लाख से घटकर वित्त वर्ष 24 में 0.69 लाख रह गई। छात्रों की शिकायत है कि छात्रवृत्ति की राशि अपमानजनक रूप से कम है। मैंने बिहार के उदाहरण दिए हैं, लेकिन ऐसी विफलताएं पूरे देश में फैली हुई हैं। यही नहीं, राहुल गांधी ने पत्र में आगे कहा कि मैं सरकार से आग्रह करता हूं कि इन विफलताओं (Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue) को दूर करने के लिए तुरंत दो कदम उठाए जाएं। इसे भी पढ़ें: सत्तू शरबत: शरीर को मजबूत और स्वस्थ बनाने में फायदेमंद है यह देसी टॉनिक जब तक हाशिए पर पड़े समुदायों के युवा आगे नहीं बढ़ेंगे, तब तक भारत आगे नहीं बढ़ सकता- राहुल गाँधी  राहुल ने दलित, अन्य पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जनजाति, अति पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक समुदायों के विद्यार्थियों के लिए प्रत्येक छात्रावास का ऑडिट करवाया जाने की बात कही ताकि स्वच्छता, भोजन, अच्छी अवसंरचना और शैक्षणिक सुविधाएं सुनिश्चित की जा (Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue) सकें। तथा साथ ही कमियों को दूर करने हेतु पर्याप्त धनराशि आवंटित की जाए। पत्र में यह भी कहा गया कि छात्रवृत्ति राशि में वृद्धि, मैट्रिकोत्तर छात्रवृत्ति का समय पर वितरण तथा राज्य सरकारों के साथ मिलकर कार्य करते हुए क्रियान्वयन में सुधार किया जाए। राहुल गांधी ने कहा कि जब तक हाशिए पर पड़े समुदायों के युवा आगे नहीं बढ़ेंगे, तब तक भारत आगे नहीं बढ़ सकता।खैर , उन्होंने इन विषयों पर पीएम मोदी से सकारात्मक प्रतिक्रिया की उम्मीद की है। Latest News in Hindi Today Hindi Rahul Gandhi Urges PM Modi to Act on Bihar Issue #rahulgandhi #pmmodi #biharissue #politics #breakingnews #biharnews #indianpolitics

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Indian student assaulted in America

Indian Student Slammed by US Police: अमेरिका में भारतीय छात्र के साथ अमानवीय बर्ताव, हथकड़ी लगाकर जमीन पर पटक दिया

अधिकतर भारतीय छात्रों का सपना विदेशों खासतौर पर अमेरिका में जाकर पढ़ना होता है। लाखों छात्र ऐसे हैं जो अमेरिका जाकर अपनी उच्च शिक्षा ग्रहण करते हैं , लेकिन जब से अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बने हैं तब भारतीय के खिलाफ अमानवीय व्यवहार किया जा (Indian Student Slammed by US Police) रहा है। इसी क्रम में अमेरिका के न्यू जर्सी में एक भारतीय छात्र के साथ अपराधियों जैसा दुर्व्यवहार किया गया। न्यू जर्सी के नेवार्क एयरपोर्ट पर छात्र को बुरी तरह टॉर्चर किया गया और इसके बाद डिपोर्ट कर दिया। जानकारी के मुताबिक मामला 7 जून की है। अमेरिकी अधिकारियों ने एक भारतीय छात्र को हथकड़ी लगाकर एयरपोर्ट पर बुरी तरह परेशान किया। उसे जमीन पर भी पटक दिया गया। उसे इस तरह अपमानित किया गया मानों वह कोई दुर्दांत अपराधी हो।  एक एनआरआई के रूप में, मुझे असहाय और टूटा हुआ महसूस (Indian Student Slammed by US Police) हुआ, यह एक मानवीय त्रासदी है इंडो अमेरिकन सोशल एंटरप्रेन्योर कुनाल जैन ने नेवार्क एयरपोर्ट पर हुई घटना को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट शेयर (Indian Student Slammed by US Police) की है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर घटना बयां करते हुए कहा कि भारतीय छात्र फ्लाइट से उतरा ही था, लेकिन वह इमीग्रेशन अथॉरिटीज को आने का कारण नहीं समझा पाया। इसके बाद अथॉरिटी से जुड़े अधिकारियों ने उसके साथ अपराधी जैसा व्यवहार किया। कुणाल ने बताया कि वह सपनों का पीछा करते हुए आया था, कोई नुकसान नहीं पहुंचा रहा था। एक एनआरआई के रूप में, मुझे असहाय और टूटा हुआ महसूस हुआ। यह एक मानवीय त्रासदी है।  उन्होंने अमेरिका में भारतीय दूतावास से मामले की जांच करने और छात्र को सहायता प्रदान करने का भी अपील की। कुनाल ने आगे यह भी बताया कि ऐसे कई बच्चे हैं जो सुबह पहुंचते हैं और फिर शाम की फ्लाइट से हाथ-पांव बांधकर वापस भेज दिए जाते हैं। हर दिन 3-4 ऐसे मामले देखने मिल रहे हैं।  इसे भी पढ़ें:-  लॉस एंजिल्स में हुई हिंसा को लेकर भड़के ट्रंप, सख्त चेतावनी देते हुए कही यह बात  वीडियो में छात्र को जमीन पर गिरा हुआ देखा जा सकता (Indian Student Slammed by US Police) है इस पूरे वाकये का वीडियो वायरल हो गया है। वीडियो के वायरल होते ही सोशल मीडिया पर आक्रोश फैल गया है। बता दें कि इस वीडियो को सबसे पहले भारतीय-अमेरिकी उद्यमी, कुणाल जैन ने रिकॉर्ड किया था। इसमें अमेरिकी अधिकारियों को छात्र के साथ एक अपराधी की तरह व्यवहार करते हुए देखा जा सकता है। वीडियो में छात्र को जमीन पर गिरा हुआ देखा जा सकता (Indian Student Slammed by US Police) है। उसे कम से कम चार अधिकारियों ने उसे पकड़ रखा है। जिनमें से दो ने अपने घुटने उसकी पीठ पर रख दिए हैं। उन्होंने छात्र के हाथ-पैर में हथकड़ी लगा रखी थी। इस बीच कुनाल जैन ने विदेश मंत्री एस जयशंकर को पोस्ट में टैग कर लिखा कि वह बच्चा मेरे साथ फ्लाइट से आने वाला था, लेकिन उसे फ्लाइट में नहीं बैठाया गया। किसी को पता करना चाहिए कि उसके साथ क्या हो रहा है? खैर, कहने की जरूरत नहीं, इस घटना से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की डिपोर्टेशन की सख्त कार्रवाई के बीच जिस तरह से सैकड़ों भारतीयों को अमेरिका से भारत भेजा गया था, उसकी यादें तरोताजा हो गईं। गौरतलब हो कि इससे पहले फरवरी में 100 से अधिक भारतीयों को भारत वापस लाया गया था। यूएस बॉर्डर पेट्रोल द्वारा शेयर किए गए एक वीडियो में प्रवासियों को हथकड़ी और उनके पैरों में बेड़ियां डालते हुए देखा गया था।  Latest News in Hindi Today Hindi news Indian Student Slammed by US Police #IndianStudent #USPolice #PoliceBrutality #IndianAbroad #BreakingNews #JusticeForIndians #HumanRights #USNews #ViralNews #RacialProfiling

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Thane train accident,

4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy: इस वजह से ठाणे में चलती ट्रेन से गिरे यात्री, 4 की मौत अन्य घायल 

देश में ट्रेन के हादसे कोई नई बात नहीं है। आये दिन लोगों और प्रशासन की लापरवाही के चलते हादसे होते रहते हैं। इस क्रम में महाराष्ट्र स्थित ठाणे जिले में सोमवार सुबह एक बड़ा रेल हादसा (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy) हुआ। जानकारी के मुताबिक सुबह तकरीबन 9:20 बजे कसारा से खचाखच भीड़ से भरी फ़ास्ट लोकल छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस की ओर जा रही थी। जब यह ट्रेन मुंब्रा रेलवे स्टेशन के पास पहुंची, तभी 10 यात्री चलती ट्रेन से पटरी पर गिर गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस हादसे में कम से कम चार लोगों की मौत की खबर है। जबकि छह यात्री घायल बताए जा रहे हैं। सभी घायलों को ठाणे के छत्रपति शिवाजी महाराज अस्पताल, कलवा में भर्ती कराया गया है।  हवा का दबाव इतना जोरदार था कि लोकल ट्रेन से बाहर लटक रहे यात्री अपना संतुलन खो (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy) बैठे शुरूआती जांच में चौकाने वाले तथ्य आये हैं। दरअसल, सुबह के व्यस्त समय में लोकल ट्रेन में भीड़ इतनी ज्यादा थी कि कई यात्री दरवाजों से लटककर यात्रा कर रहे थे। ट्रेन जब तेज गति से मुंब्रा के पास फास्ट ट्रैक पर थी, तभी सामने से विपरीत दिशा में पुष्पक एक्सप्रेस आ रही थी। उसी वक्त अचानक तेज रफ्तार में दोनों ट्रेनों की पासिंग के दौरान पैदा हुआ हवा का दबाव इतना जोरदार था कि लोकल ट्रेन से बाहर लटक रहे यात्री अपना संतुलन खो (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy) बैठे। इस बीच हादसा होते ही सामने से जा रही पुष्पक एक्सप्रेस के गार्ड ने ट्रैक के किनारे घायल पड़े लोगों को देखते ही तुरंत रेलवे कंट्रोल रूम को सूचना दी। सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस और बचाव दल मौके पर जा पहुंचे। और पहुंचकर घायलों को तुरंत अस्पताल भेजा। न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, अस्पताल में चार लोगों को मृत घोषित कर दिया गया। मृतकों की उम्र 30 से 35 वर्ष के बीच बताई जा रही है।  अगर यह हादसा लोकल ट्रेन में भीड़ की वजह से हुआ है, तो रेलवे को इस पर गंभीरता से सोचना चाहिए- सांसद और शिवसेना नेता नरेश म्हस्के कहा जा रहा है कि शुरुआत में तो अधिकारियों को यह भी स्पष्ट नहीं था कि यात्री गिरे किस ट्रेन से, लेकिन बाद में ठाणे कलेक्टर कार्यालय की ओर से जारी सूचना में यह पुष्टि हुई कि हादसा कसारा-सीएसएमटी लोकल ट्रेन में हुआ। और पुष्पक एक्सप्रेस की तेज गति और उससे उत्पन्न दबाव इस हादसे का कारण बना। घटना पर घोर दुख जताते हुए ठाणे के लोकसभा सांसद और शिवसेना नेता नरेश म्हस्के ने जांच की मांग करते (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy) हुए यह कहा कियहाँ यह समझना जरूरी है कि क्या यात्री आपसी धक्का-मुक्की में गिरे या किसी और कारण से? उन्होंने कहा, अगर यह हादसा लोकल ट्रेन में भीड़ की वजह से हुआ है, तो रेलवे को इस पर गंभीरता से सोचना चाहिए। इसके अलावा विधान परिषद में नेता विपक्ष अम्बादास दानवे ने भी घटना को ‘दिल दहला देने वाली करार दिया। उन्होंने न सिर्फ घटना को दिल दहला देने वाली करार दिया बल्कि मुंबई की रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर गहरा प्रश्नचिन्ह भी निर्माण किया।  इसे भी पढ़ें:- सोनम रघुवंशी ने ही कराई थी अपने पति राजा की हत्या, गाजीपुर पुलिस के सामने किया आत्मसमर्पण मुंबई की लोकल ट्रेनें देश की सबसे व्यस्ततम ट्रेनों में से एक (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy) हैं रेलवे से जुड़े सूत्रों के मुताबिक  प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि हादसा ट्रेन में अत्यधिक भीड़ के कारण हुआ। इस हादसे की एक बड़ी वजह लोकल ट्रेनों में दरवाजों का आटोमेटिक न होना है। और तो और पर्याप्त सुरक्षा उपाय न होने के कारण इस तरह की घटनाएं अक्सर होते रहते हैं। बता दें कि मुंबई की लोकल ट्रेनें देश की सबसे व्यस्ततम ट्रेनों में से एक (4 Dead, Many Injured in Thane Train Accident Tragedy)  हैं। रोजाना लाखों यात्री लोकल से सफर करते हैं। लेकिन, अत्यधिक भीड़ और बुनियादी सुरक्षा की कमी के चलते इस तरह की घटनाएं लगातार चिंता का विषय बनी हुई हैं। इस हादसे पर सेंट्रल रेलवे के चीफ पब्लिक रिलेशन ऑफिसर स्वप्निल नीला ने खेद जताते हुए कहा कि कसारा लोकल ट्रेन के गार्ड ने सोमवार सुबह करीब 9:30 बजे घटना की सूचना कंट्रोल रूम को दी। इसके बाद घायल यात्रियों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया।  Latest News in Hindi Today Hindi news Thane Train Accident Tragedy #thaneaccident #traintragedy #mumbailocal #railwaynews #breakingnews #indianrailways #thane #trainaccident #trendingnews

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Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform

Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform: मोदी सरकार की अनोखी पहल, वक्फ प्रॉपर्टी के लिए लॉन्च हुआ UMEED पोर्टल 

वक्फ संपत्ति को लेकर मोदी सरकार ने क्रांतिकारी कदम उठाते हुए एक पोर्टल लांच किया (Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform) है। खबर के मुताबिक वक्फ एक्ट के तहत केंद्र सरकार के अल्पसंख्यक मंत्रालय ने वक्फ संपत्तियों के रजिस्ट्रेशन हेतु उम्मीद पोर्टल लॉन्च किया है। बता दें कि अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरण रिजिजू ने दिल्ली में इसे लॉन्च किया। इस दौरान सभी राज्यों के वक्फ बोर्ड के पदाधिकारी ऑनलाइन मौजूद रहे। लॉन्चिंग प्रोग्राम के दौरान किरण रिजिजू ने कहा कि उम्मीद पोर्टल सिर्फ एक टेक्नोलॉजिकल इनोवेशन ही नहीं बल्कि अच्छे शासन प्रशासन और पारदर्शिता का भी प्रतीक है। वक्फ संपत्तियों से जुड़े सभी हिस्सेदारों को एक ही जगह पर साथ लाया गया है। जिसका मकसद वक्फ संपत्तियों का इस्तेमाल गरीब और जरूरतमंद मुसलमानों के लिए हो सके। गौरतलब हो कि इसे संसद द्वारा पास कानून के तहत बनाया गया है। पोर्टल को ईमेल और मोबाइल नंबर पर आने वाले OTP के जरिए वेरीफाई करके login किया जा सकेगा। पोर्टल के तीन लेवल के यूजर होंगे।  सभी वक्फ संपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड हो सकेगा (Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform) तैयार   पहला होगा मुतवल्ली या राज्य के वक्फ बोर्ड द्वारा अधिकृत कोई व्यक्ति, जो वक्फ प्रॉपर्टी को रजिस्टर करने के लिए डिटेल (Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform) भरेगा। दूसरा जिला स्तर पर कोई अधिकारी होगा जो मुतवल्ली द्वारा भरी गई जानकारी को क्रॉस चेक करेगा और तीसरा होगा वक्फ बोर्ड का सीईओ या राज्य वक्फ बोर्ड द्वारा अधिकृत अधिकारी प्रॉपर्टी के वक्फ के बतौर रजिस्ट्रेशन को अप्रूव करेगा। इस पोर्टल खासियत यह कि इसमें आंकड़े सटीक और व्यवस्थित हों सके इस लिए ड्रॉपडाउन इनपुट का सिस्टम बनाया गया है। इसका अर्थ यह हुआ कि पोर्टल पूरी तरह यूजर फ्रेंडली होगा। इसके साथ यह सभी स्थानीय प्रशासन से जुड़ी हुई निर्देशिका (एलजीडी) कोड्स को पोर्टल के साथ एकीकृत किया गया है। ये एलजीडी जिला, ब्लॉक और पंचायत स्तर पर है। प्रॉपर्टी के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया सिर्फ एक चरण में हो होगी। खास बात यह कि पोर्टल हर एक वक्फ संपत्ति का 17 डिजिट यूनिक आईडी जनरेट करेगा। इससे सभी वक्फ संपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार हो जाएगा।  इसे भी पढ़ें:-पीएम मोदी ने किया दुनिया के सबसे ऊंचे चिनाब रेल ब्रिज का उद्घाटन, कटरा से श्रीनगर का सफर होगा आसान  उम्मीद पोर्टल में रजिस्टर की गई प्रॉपर्टी की जियो टैगिंग भी (Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform) होगी कमाल की बात यह कि इस यूनिक आईडी के जरिए वक्फ संपत्तियों का स्टेटस, मालिकाना हक और उसका इस्तेमाल पता करने में आसानी रहेगी। बड़ी बात यह कि रजिस्टर्ड प्रॉपर्टी को एक सर्टिफिकेट भी मिलेगा। यही नहीं, इस पोर्टल में वक्फ संपत्ति की जानकारी आसानी से भरी जा (Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform) सके इस हेतु एक टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है। और तो और पोर्टल में भारत के सूचना एवं प्रौद्योगिकी कानून के तहत निजता के अधिकार का पूरा ध्यान रखा गया है। इसके अलावा बेहतर पारदर्शिता के लिए उम्मीद पोर्टल में रजिस्टर की गई प्रॉपर्टी की जियो टैगिंग भी होगी। जियो टैगिंग का मतलब, हर वक्फ संपत्ति की ज्योग्राफिकल लोकेशन का डेटा भी पोर्टल पर मौजूद रहेगा। और पोर्टल के जरिए ही संपत्तियों से जुड़े विवाद को सुलझाने की प्रक्रिया भी लाई गई है। अच्छी बात यह कि इससे पारदर्शिता भी आएगी। इसके अलावा मुकदमेबाजी की स्थिति में विवाद का निबटारा भी आसान होगा। यही नहीं, वक्फ के प्रकार में शिया, सुन्नी, बोहरा और आगाखानी का विकल्प पोर्टल में आएगा। इसके अलावा संपत्ति के 22 प्रकार भी रखे गए हैं। जिसके 22 कोड ड्रॉप डाउन लिस्ट में होगा। इनमें एग्रीकल्चर लैंड, खानखाना, स्कूल, दुकान, प्लॉट, हुज़रा, मकतब, मस्जिद, अशुरखाना, दरगाह, ग्रेव यार्ड, ईदगाह, इमामबाड़ा, फिशिंग पौंड, तकिया, फलों के बाग, मदरसा और मकान जैसे कई 22 विकल्प आयेंगे। जिनमें से किसी एक विकल्प को चुनना होगा। Latest News in Hindi Today Hindi news Modi Govt Launches UMEED Portal for Waqf Property Reform UMEEDPortal #WaqfProperty #ModiGovernment #DigitalIndia #MinorityWelfare #PropertyTransparency #SmartGovernance

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Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain

Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain?: क्या सच में भाजपा सिर्फ अपने चुनावी फायदे के लिए करवा रही है जातीय जनगणना? 

लंबे अरसे से देश में जातिगत जनगणना को लेकर बवाल मचा हुआ है। कई राजनीतिक पार्टियां इसे समर्थन में भी हैं। विशेषकर कांग्रेस और कांग्रेस के नेता राहुल गाँधी जातिगत जनगणना के मुद्दे को जोर शोर से उठाते रहे हैं। कुल मिलाकर सभी की मांग है कि इसके जरिये समाज की स्थिति साफ़ हो सकेगी कि देश भर में कुल जातियों में कितने लोग हैं। सभी की बढ़ी मांग और खिसकते वोट के मद्देनजर आखिरकार केंद्र की मोदी सरकार ने थक हारकर अगले साल 2026 में पूरे देश में जातीय जनगणना करवाने का फैसला किया है। यह तो ठीक, लेकिन इसी बीच राष्ट्रीय जनता दल के नेता तेजस्वी यादव ने इसे लेकर एक बड़ा बयान दिया (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) है। दरअसल, तेजस्वी ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि जनगणना को लेकर बीजेपी की मंशा सही नहीं है। भाजपा की मंशा ठीक (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) नहीं है बुधवार को इस मामले पर तेजस्वी यादव ने मीडिया से की बातचीत में कहा कि भाजपा लोगों की मंशा ठीक नहीं है। यही नहीं, उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि उन्होंने बिहार चुनाव को देखते हुए जातीय जनगणना करवाने की घोषणा की है, ताकि वे इसका फायदा चुनाव में उठा सकें। इस बीच बीजेपी को आड़े हाथों लेते हुए तेजस्वी ने कहा कि भाजपा की मंशा ठीक नहीं है। इन लोगों की मंशा ठीक (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) नहीं है। हमने पहले भी कहा है कि बिहार चुनाव को देखते हुए इन लोगों ने घोषणा की है। हमारे दबाव और पुरानी मांग के कारण इन्होंने इसे कैबिनेट से पास कराया है। हम वर्गों की भी गिनती कराएंगे, जिससे पता चलेगा कि कितनी जातियां हैं और कितने ओबीसी, ईबीसी हैं। बिहार पिछले 20 साल से एनडीए की निकम्मी और नाकारा सरकार (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) को ढो रहा है यह पहली बार नहीं है जब तेजस्वी ने बीजेपी और केंद्र सरकार पर निशाना न साधा (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) हो। इससे पहले तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स एक कार्टून शेयर करके पीएम मोदी और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर करारा हमला बोला था। पोस्ट किये गए कार्टून में सीएम नीतीश कुमार और पीएम मोदी का एक प्रतीकात्मक फोटो है। जिसे आम आदमी एक गठ्ठर में लेकर ढोता नजर आ रहा है। उक्त पोस्ट में तेजस्वी ने कहा कि बिहार पिछले 20 साल से एनडीए की निकम्मी और नाकारा सरकार को ढो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि इस तस्वीर में आपको बिगड़ी शिक्षा व्यवस्था, बाढ़, सूखा, भ्रष्टाचार, ढहते पुल, गरीबी, महंगाई, घूसखोरी, बेरोजगारी जैसे कई गंभीर मुद्दे हैं। जिनका बोझ सिर्फ आम आदमी सह रहा है। इसे भी पढ़ें:- RJD-कांग्रेस को बिहार चुनाव से पहले AIMIM की धमकी, महागठबंधन में शामिल करें वरना…! अगले साल जातिगत जनगणना दो चरणों में (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) करेगी गौरतलब हो कि केंद्रीय कैबिनेट ने 30 अप्रैल को जाति जनगणना को मंजूरी दी थी। देश में आजादी के बाद यह पहली बार होगा, जब जाति जनगणना कराई जाएगी। सरकार अगले साल जातिगत जनगणना दो चरणों में (Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain) करेगी। इसका पहला चरण अक्टूबर 2026 से शुरू होगा, जबकि दूसरे चरण की शुरुआत 1 मार्च 2027 से शुरू होगी। जानकारी के लिए बता दें कि अक्टूबर या नवंबर 2025 में बिहार की सभी 243 सीटों पर चुनाव कराए जा सकते हैं। इसे देखते हुए बिहार में सियासत तेज हो गई है। इसी बीच केंद्र सरकार ने जातीय जनगणना करवाने का ऐलान किया है। इसे लेकर आरजेडी को शक है कि भाजपा बिहार चुनाव में इसका फायदा उठाने की कोशिश कर सकती है। Latest News in Hindi Today Hindi news Is BJP Using Caste Census for Electoral Gain CasteCensus #BJPCastePolitics #IndianPolitics #ElectoralStrategy #BJP2025 #SocialJustic #CensusDebate

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11 Killed in RCB Victory Stampede: आईपीएल की जीत का जश्न बदला मातम में, फ्री टिकट बांटे जाने की अफवाह ने ली 11 लोगों की जान

आईपीएल में आरसीबी की पहली जीत का जश्न मनाने को लेकर हजारों की संख्या में प्रशंसक स्टेडियम पहुंचे थे। फ्री टिकट के लिए पागलों की तरह एक-दूसरे पर गिर पड़े। अफवाह के बाद कुछ लोग रिचमंड सर्कल की ओर भागे, तो कुछ अनिल कुंबले सर्कल के पास पहुंच (11 Killed in RCB Victory Stampede) गए। बता दें कि बैंगलोर के स्टेडियम में 21 स्टैंड और 13 गेट हैं। ज्यादातर गेट आम लोगों के लिए खुले थे। गेट नंबर 9 और 10 आरक्षित थे। गेट नंबर 12, 13 और 14 पर सबसे सबसे अधिक भीड़ थी। क्योंकि ये गेट टीम बस के प्रवेश मार्ग पर थे। ज्यादातर हादसे गेट नंबर 7 पर हुए। कुछ लोगों का कहना है कि भीड़ को संभालने में लापरवाही और शहर की सड़कों पर विजय जुलूस निकालने की अनुमति देने में देरी ने स्थिति को और बिगाड़ दिया। इस बीच सड़कों पर जाम के चलते एम्बुलेंस को निकलने में दिक्कत हो रही थी। यही नहीं, पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में काफी मुश्किल हुई।  आरसीबी की पहली जीत का जश्न मनाने को लेकर हजारों की संख्या में प्रशंसक स्टेडियम (11 Killed in RCB Victory Stampede) पहुंचे थे आईपीएल में आरसीबी की पहली जीत का जश्न मनाने को लेकर हजारों की संख्या में प्रशंसक स्टेडियम पहुंचे थे। फ्री टिकट के लिए पागलों की तरह एक-दूसरे पर गिर पड़े। अफवाह के बाद कुछ लोग रिचमंड सर्कल की ओर भागे, तो कुछ अनिल कुंबले सर्कल के पास पहुंच (11 Killed in RCB Victory Stampede) गए। बता दें कि बैंगलोर के स्टेडियम में 21 स्टैंड और 13 गेट हैं। ज्यादातर गेट आम लोगों के लिए खुले थे। गेट नंबर 9 और 10 आरक्षित थे। गेट नंबर 12, 13 और 14 पर सबसे सबसे अधिक भीड़ थी। क्योंकि ये गेट टीम बस के प्रवेश मार्ग पर थे। ज्यादातर हादसे गेट नंबर 7 पर हुए। कुछ लोगों का कहना है कि भीड़ को संभालने में लापरवाही और शहर की सड़कों पर विजय जुलूस निकालने की अनुमति देने में देरी ने स्थिति को और बिगाड़ दिया। इस बीच सड़कों पर जाम के चलते एम्बुलेंस को निकलने में दिक्कत हो रही थी। यही नहीं, पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में काफी मुश्किल हुई। इसे भी पढ़ें:- IPL का पहला खिताब जीतने के बाद विराट कोहली और विजय माल्या ने कही यह बात 35,000 दर्शकों की क्षमता वाले स्टेडियम में पहुंचे थे 3 लाख (11 Killed in RCB Victory Stampede) लोग  इस दुखद घटना पर कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा, स्टेडियम के पास भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई जबकि 33 लोग घायल हुए हैं। यहां पर 2-3 लाख से ज्यादा लोग जुटे थे जिसकी किसी ने कल्पना नहीं की (11 Killed in RCB Victory Stampede) थी। जबकि स्टेडियम में महज 35,000 दर्शकों की क्षमता थी। मुख्यमंत्री ने मामले की गंभीरता देखते हुए न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं और मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपये मुआवजा देने की भी घोषणा की। तो वहीं दूसरी ओर, घटना पर कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार का कहना है, लोगों की भीड़ ने गेट तोड़ दिए जिसकी वजह से चिन्नास्वामी स्टेडियम के पास भगदड़ जैसी स्थिति हो गई। शिवकुमार ने कहा कि लोगों की भीड़ ने गेट तोड़ दिए। मुझे लगता है कि बड़े पैमाने पर वहां पर भगदड़ मच गई। मैंने पुलिस आयुक्त और अधिकारियों से बात की है। हम इस हादसे पर नजर बनाए हुए हैं और सभी से शांत रहने की अपील करते हैं। शिवकुमार ने कहा कि वह उन अस्पतालों का दौरा कर रहे हैं, जहां घायलों इलाज चल रहा है। फ़िलहाल मुख्यमंत्री, मंत्री और पुलिस अधिकारी पहले से ही घटनास्थल का दौरा कर रहे हैं। Latest News in Hindi Today Hindi news 11 Killed in RCB Victory Stampede #RCB #IPL2025 #Stampede #BreakingNews #CricketTragedy #Bangalore

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Ram Darbar family muhurat

Ram Darbar family muhurat: बड़ा ही भव्य होगा अयोध्या का दरबार, परिवार के साथ इस मुहूर्त में विराजेंगे राजा राम

गंगा दशहरा के अवसर पर प्रभु श्री राम की नगरी अयोध्या के राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा होने जा रही है।संयोग देखिये आज ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जन्म दिन भी है। और आज ही आज 11 बजकर 25 मिनट से 11बजकर 40मिनट तक की जाएगी। जानकारी के लिए बता दें कि यह प्राण प्रतिष्ठा आज अभिजीत मुहूर्त में की जाएगी। अभिजीत मुहूर्त दिन का सबसे शुभ और पवित्र समय माना जाता (Ram Darbar family muhurat) है। आज ही रामदरबार और गर्भगृह के चारों कोनों में बने परकोटे के अन्य मंदिरों में भी सात विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। अयोध्या और काशी से आए 101 वैदिक आचार्य इस प्राण प्रतिष्ठा के आयोजन को पूरा कराएंगे। बड़ी बात यह कि आज सिद्ध योग भी बन रहा है। पूजन, भोग, आरती के बाद अनुष्ठान की समाप्ति होगी। प्राण प्रतिष्ठा के बाद सीता राम समेत चारों भाइयों और बजरंगबली आभूषण पहनाए जाएंगे।  अयोध्या जिला प्रशासन और राम मंदिर ट्रस्ट ने कर ली हैं सभी (Ram Darbar family muhurat) तैयारियां बता दें कि प्राण प्रतिष्ठा के इस आयोजन में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ समेत तकरीबन पांच सौ से अधिक मेहमान शामिल (Ram Darbar family muhurat) होंगे। सीएम योगी मख्य अतिथि होंगे। इसके आलावा संघ, विहिप और बीजेपी से जुड़े पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को भी प्राण प्रतिष्ठा में आने का न्योता दिया गया है। इस बीच सीएम पहले हनुमानगढ़ी जाएंगे और 10 बजकर 40 मिनट से 10 बजकर 55 मिनट तक दर्शन-पूजन करेंगे। इसके बाद 11 बजे से 11.10 तक वो श्रीरामजन्मभूमि का दर्शन पूजन करेंगे। फिर 11.10 से 1 बजे तक सीएम श्रीरामजन्मभूमि परिसर में राम दरबार और नवनिर्मित 6 मंदिरों में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में शामिल होंगे। जानकारी के लिए बता दें कि अयोध्या जिला प्रशासन और राम मंदिर ट्रस्ट ने सभी तैयारियां कर ली हैं। विशेषकर कार्यक्रम स्थल और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था चाकचौबंद है।   सीएम योगी के नेतृत्व में अयोध्या आध्यात्मिक और सांस्कृतिक राजधानी के रूप में (Ram Darbar family muhurat) उभरी है इस कार्यक्रम को लेकर संत समुदाय का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर के निर्माण और अयोध्या के विकास के माध्यम से रामनगरी का खोया हुआ गौरव लौटाया है। इतना ही नहीं, विगत आठ वर्षों में अयोध्या में 32 हजार करोड़ से अधिक विकास परियोजनाओं ने शहर को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दी है। सड़क, रेल, हवाई अड्डा, सौंदर्यीकरण और पर्यटन से जुड़ी परियोजनाओं ने अयोध्या को विश्व नक्शे पर चमकदार बनाया है। यही नहीं, रामकथा पार्क, सरयू तट का सौंदर्यीकरण और आधुनिक सुविधाओं से युक्त मंदिर परिसर इसकी (Ram Darbar family muhurat) बानगी हैं। इस दौरान संत-महंतों ने योगी आदित्यनाथ की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में अयोध्या आध्यात्मिक और सांस्कृतिक राजधानी के रूप में उभरी है। सरयू त्रयोदशी जन्मोत्सव के अवसर पर नदी तट पर विशेष आरती और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित होंगे।  इसे भी पढ़ें:- इस तरह विदेशी श्रद्धालु अब अयोध्या के राम मंदिर में पा सकेंगे वीआईपी पास प्रशासन ने इस भव्य आयोजन के लिए सुरक्षा और व्यवस्था के (Ram Darbar family muhurat) किए हैं पुख्ता इंतजाम  कार्यक्रम की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने इस भव्य आयोजन के लिए सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम (Ram Darbar family muhurat) किए हैं। देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनने अयोध्या पहुंच रहे हैं। यह दिन न केवल आध्यात्मिक, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक एकता का भी प्रतीक बनेगा। गौरतलब हो कि योगी आदित्यनाथ का अयोध्या से गहरा आध्यात्मिक, ऐतिहासिक और राजनीतिक संबंध है। उनका संबंध न सिर्फ बतौर मुख्यमंत्री बल्कि एक संत, राम भक्त और राम मंदिर आंदोलन के सक्रिय सहयोगी के रूप में है। गोरखनाथ मठ और योगी आदित्यनाथ की तीन पीढ़ियां राम मंदिर आंदोलन से जुड़ी रही हैं।  Latest News in Hindi Today Ram Darbar family muhurat AyodhyaRamMandir #RamDarbar #LordRam #AyodhyaDiaries #RamMandir2025 #DivineIndia #HinduCulture

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Rahul Gandhi POK statement

Rahul as PM Could Bring Back POK: तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने किया बड़ा दावा करते हुए कहा, “राहुल पीएम होते तो वापस लाते पीओके”

ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बाद जहां समूचा भारत जश्न में डूबा है, तो वहीं विपक्षी पार्टी कांग्रेस के नेता हैं कि पीएम नरेंद्र मोदी को कमतर दिखाने की  कोशिश में लगे हुए हैं। इस क्रम में तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने मोदी सरकार पर करारा हमला बोला है। मोदी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए रेवंत रेड्डी ने पाकिस्तान के साथ हुए युद्ध के नतीजों पर मोदी सरकार की चुप्पी पर सवाल (Telangana CM’s Big Claim) उठाया। इस बीच उन्होंने यह भी पूछा कि “चार दिन के युद्ध के बाद क्या (Rahul as PM Could Bring Back POK) हुआ? किसने आत्मसमर्पण किया? हमें कुछ नहीं पता।” उन्होंने आगे कहा कि पीएम मोदी को 140 करोड़ भारतीयों को यह बताना चाहिए कि हालिया सैन्य संघर्ष के दौरान पाकिस्तानी सेना ने हमारे कितने राफेल विमान मार गिराए। दरअसल, जय हिंद नाम से आयोजित एक रैली को संबोधित करते हुए रेवंत रेड्डी ने कहा, प्रधानमंत्री ने पाकिस्तान के साथ सैन्य संघर्ष शुरू करने से पहले सर्वदलीय बैठक क्यों बुलाई थी? जबकि पड़ोसी देश के साथ सशस्त्र संघर्ष समाप्त करने से पहले उन्होंने ऐसा क्यों नहीं किया? मोदी प्रतिबंधित 1,000 रुपये के नोट की तरह हैं, हमें राहुल गांधी जैसे नेताओं की जरूरत (Rahul as PM Could Bring Back POK) है प्रधानमंत्री के इस बयान का मखौल उड़ाते हुए कि युद्ध भाषण देना नहीं है। उन्होंने कहा कि युद्ध रोककर मोदी ने 140 करोड़ भारतीयों के आत्मसम्मान की शपथ ली है। मोदी सरकार पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा, चार दिनों के युद्ध के बाद, हमें नहीं पता कि किसने किसको धमकाया और किसने किसके आगे घुटने टेक दिए। अचानक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप सामने आए और कहा कि (Telangana CM’s Big Claim) उन्होंने भारत को धमकाया और युद्ध रोक दिया। लोकसभा सांसद राहुल गाँधी की प्रशंसा करते हुए रेड्डी ने कहा कि “राहुल गांधी इस स्थिति को अलग तरीके से संभालते। उन्होंने कहा, अगर राहुल गांधी प्रधानमंत्री होते तो वह पीओके को वापस ले (Rahul as PM Could Bring Back POK) आते। मोदी प्रतिबंधित 1,000 रुपये के नोट की तरह हैं। हमें राहुल गांधी जैसे नेताओं की जरूरत है। मोदी हमारे लिए कभी युद्ध नहीं जीत सकते। केवल प्रधानमंत्री के रूप में राहुल गांधी ही ऐसा कर सकते हैं। इसे भी पढ़ें:-  इन देशों के साथ-साथ अब भारत भी एयर डिफेंस सिस्टम पर बढ़ा रहा है अपना फोकस हजारों करोड़ रुपये के ठेके मोदी के करीबी लोगों को दिए गए- रेवंत रेड्डी पीएम मोदी पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि 140 करोड़ भारतीयों की इच्छा के बावजूद मोदी बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग करने और पीओके पर नियंत्रण करने में विफल रहे। यही नहीं, इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री से पूछा, (Telangana CM’s Big Claim) सिकंदराबाद छावनी के सैनिकों ने युद्ध में भाग लिया था। तेलंगाना में निर्मित युद्धक विमानों ने हमारे देश के सम्मान को बनाए रखा। नरेन्द्र मोदी द्वारा लाए गए राफेल विमानों को पाकिस्तान ने मार गिराया। इस बात पर कोई चर्चा नहीं हुई कि कितने राफेल मार गिराए गए। नरेन्द्र मोदी को जवाब देना चाहिए कि हालिया युद्ध के दौरान पाकिस्तान ने कितने राफेल विमान मार गिराए। आप हमें इसका हिसाब दें। पीएम मोदी पर गंभीर आरोप लगाते हुए रेड्डी ने कहा कि हजारों करोड़ रुपये के ठेके मोदी के करीबी लोगों को दिए गए, जिन्होंने फिर राफेल विमान खरीदे।आगे उन्होंने कहा कि वरिष्ठ कांग्रेस नेता सोनिया गांधी, राहुल गांधी,(Rahul as PM Could Bring Back POK) मल्लिकार्जुन खरगे और मीनाक्षी नटराजन ने केवल एक बात कही कि जब राष्ट्रीय सुरक्षा की बात आती है तो राजनीतिक विचारधारा से परे सभी को एक साथ आना चाहिए और तदनुसार उन्होंने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार को आश्वासन दिया कि वह पाकिस्तान के साथ लड़ाई के दौरान उसके साथ खड़ी रहेगी। Latest News in Hindi Today Hindi news Telangana CM’s Big Claim #RahulGandhi #POK #TelanganaCM #IndianPolitics #BreakingNews #RahulAsPM #POKReclaim

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