SIR पर पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त का गंभीर सवाल; चुनाव आयोग से जवाब की मांग
भुवनेश्वर, 6 सितंबर 2026: पूर्व Chief Election Commissioner S.Y. Quraishi ने Election Commission की Special Intensive Revision (SIR) प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने दावा किया कि इस exercise के दौरान देशभर में करीब 14–15 करोड़ मतदाताओं के नाम electoral rolls से बाहर हुए और Election Commission से पूछा कि SIR के जरिए आखिर कितने illegal immigrants की पहचान की गई। ‘कितने Illegal Immigrants मिले, आंकड़ा बताए EC’ Quraishi ने कहा कि SIR के उद्देश्यों में electoral rolls को साफ करना और ineligible voters की पहचान करना शामिल था। उन्होंने Election Commission से मांग की कि वह publicly बताए कि इस प्रक्रिया में कितने कथित illegal immigrants पाए गए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि आयोग को इस आंकड़े को सामने लाना चाहिए, ताकि देश को SIR की वास्तविक सफलता का पता चल सके। 14–15 करोड़ नाम हटने का किया दावा पूर्व CEC ने दावा किया कि SIR के बाद अलग-अलग राज्यों की draft electoral rolls में कुल मिलाकर करीब 14 से 15 करोड़ नाम कम हुए हैं। उन्होंने इसे गंभीर चिंता का विषय बताते हुए कहा कि किसी genuine voter का नाम गलत तरीके से हटना भी Election Commission की accountability पर सवाल खड़ा करता है। Voting को बताया Constitutional Right Quraishi ने कहा कि voter list में eligible नागरिक का नाम होना कोई “charity” नहीं बल्कि संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि केवल procedural या bureaucratic कारणों के आधार पर किसी eligible citizen को voting rights से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। SIR को बताया ‘Illogical और Arbitrary’ Quraishi ने voter deletions की प्रक्रिया को “illogical, unreasonable, arbitrary and mischievous” बताया। उन्होंने large-scale deletions को लेकर independent scrutiny और Election Commission की जवाबदेही की जरूरत पर जोर दिया। Election Commission का क्या कहना है? Election Commission का कहना रहा है कि draft voter list से नाम बाहर होना final deletion नहीं होता और eligible citizens claims तथा objections process के जरिए अपना नाम दोबारा शामिल कराने के लिए आवेदन कर सकते हैं। वहीं Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar ने हालिया SIR criticism के बीच कहा है कि आयोग की impartiality और integrity बरकरार है और सभी eligible Indian citizens का नाम electoral rolls में होना चाहिए। हालांकि Quraishi के illegal immigrants वाले सवाल पर कोई specific आंकड़ा सार्वजनिक किए जाने की पुष्टि नहीं मिली है। source – ANI / PTI / Hindustan Times / ThePrint जय राष्ट्र न्यूज़

