Woman dies from wrong pill

Wrong Medicine Kills Woman: दांत दर्द से राहत के लिए मांगी थी दवा, दुकानदार ने दी सल्फास की गोली, महिला की हुई मौत 

अक्सर दर्द होने पर हम नजदीकी मेडिकल स्टोर से दर्द निवारक दवा लेते हैं। देश में ऐसे कई लोग हैं जिन्हें न तो दवा का नाम पढ़ने आता है और न उन्हें यह पता होता है कि कौन सी दवा किस काम की होती है। उन्हें तो बस दवा का रंग याद रहता है कि पीली वाली दवा खाने से पेट दर्द से राहत मिलती है और सफ़ेद दवा खाने से सिर दर्द से। ऐसे में यदि किसी के दांत में दर्द हो और दवा लेने मेडिकल स्टोर जाए और दांत दर्द की दवा की जगह यदि कोई मेडिकल वाला सल्फास की दवा दे दे तो क्या कहियेगा? निश्चित ही यह अचम्भित करने वाली बात है। यह कोई कहानी नहीं बल्कि एक सच घटना है। घटना है, मध्य प्रदेश के झबुआ जिले की, जहाँ एक मेडिकल वाले ने एक महिला को जाने अनजाने में दर्द की दवा की जगह सल्फास की गोली (Wrong Medicine Kills Woman) दे दी। और तो और अनजान महिला ने उसे दांत दर्द की दवाई समझकर खा लिया और उसकी मौत हो गई। मामला, प्रकाश में आने के बाद हड़कंप मच गया। स्थानीय प्रशासन के हाथ-पाँव फूल गए। इस बीच मेडिकल स्टोर पर दवाई बेचने वाले शख्स को गिरफ्तार करने की कोशिश की जा रही है।  प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सल्फास के कारण मौत की हुई  (Wrong Medicine Kills Woman) पुष्टि  झाबुआ के पुलिस अधीक्षक पदम विलोचन शुक्ल के मुताबिक, “पुलिस ने दुकान मालिक को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 105 (गैर इरादतन हत्या) के तहत गिरफ्तार कर लिया है।” इस पूरे मामले पर अधिक प्रकाश डालते हुए उन्होंने बताया कि “जिला मुख्यालय से करीब तीन किलोमीटर दूर धरमपुरी गांव की निवासी रेखा बृहस्पतिवार शाम को थांदला गेट के पास एक मेडिकल स्टोर गई थी और दांत दर्द से राहत के लिए दवा मांगी थी। दुकान के विक्रेता ने उसे सल्फास की गोली (Wrong Medicine Kills Woman) दे दी, जिसे उसने उसी रात घर पर खा लिया और उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।” पुलिस अधीक्षक ने बताया, ‘परिवार ने शुक्रवार को पुलिस को सूचना दी और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सल्फास के कारण मौत की पुष्टि हुई है, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया और दुकान के मालिक लोकेंद्र बाबेल (52) को गिरफ्तार कर लिया गया।” इसे भी पढ़ें:- अमृतसर में जहरीली शराब ने ली 14 लोगों की जान, मचा हड़कंप, प्रशासन पर उठे सवाल दुकान को सील कर दिया गया और औषधि नियंत्रक विभाग भी जांच कर (Wrong Medicine Kills Woman) रहा है पुलिस अधीक्षक ने बताया कि “यह पता लगाने के लिए जांच की जा रही है कि दुकान में सल्फास की गोलियां (Wrong Medicine Kills Woman) क्यों रखी गई थीं। फ़िलहाल दुकान को सील कर दिया गया और औषधि नियंत्रक विभाग भी जांच कर रहा है। महिला को गोलियां देने वाले विक्रेता को गिरफ्तार करने के प्रयास जारी हैं।” मामला उजागर होने के बाद इलाके के लोग हैरान हैं। लोगों का कहना है कि भला कोई इतनी लापरवाही कैसे कर सकता है? वो भी ऐसी लापरवाही कि किसी की जान ही चली जाए। कुछ का तो कहना है कि उन्होंने इस तरह की लापरवाही कभी देखी नहीं।  Latest News in Hindi Today Hindi news  #WrongMedicine #MedicalNegligence #SulphosTablet #ToothacheTragedy #PharmacyError #AccidentalPoisoning #NewsUpdate #IndiaNews #HealthAlert #DrugMixup

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Apple iPhone India production

Trump’s threat fails to impact Apple’s strategy: ट्रंप की धमकी रही बेअसर, भारत में बना आईफोन ही खरीदेगा अमेरिका

ऑपरेशन सिंदूर से पस्त हुए पाकिस्तान सीज फायर के लिए राजी हुआ था। रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान के डीजीएमओ ने सामने से भारत के डीजीएमओ को कॉल कर सीजफायर का प्रस्ताव रखा था। तब जाकर भारत अपनी शर्तों पर सीज फायर के लिए राजी हुआ था। यह खबर भारतीय मीडिया में आती कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्वीट कर खुद ही इस सीजफायर का श्रेय लेकर वाहवाही लूटी थी, लेकिन भारतीय प्रधानमंत्री के खुलासे के बाद ट्रंप ने खुद अपने इस दावे से पल्ला झाड़ लिया था। मजबूरन यू टर्न लेने के बाद खार खाये ट्रंप ने भारत में एपल के आईफोन मैन्युफैक्चरिंग को लेकर नाराजगी जाहिर कर दी। ट्रंप नहीं चाहते कि एपल भारत में आईफोन का प्रोडकशन (Trump Apple warning) करें। गौर करंव वाली बात यह कि ट्रंप यहाँ भी शर्मिंदगी का सामना (Trump’s threat fails to impact Apple’s strategy) करना पड़ा। ट्रंप की लाख नाराजगी के बावजूद टिम कुक का मेन फोकस इस सबसे परे अपकमिंग आईफोन सीरीज पर ही है। अमेरिकी मार्केट के लिए आईफोन (Trump’s threat fails to impact Apple’s strategy) भारत से नहीं मंगवाए- ट्रंप  दरअसल, कतर दौरे पर गए ट्रंप ने एपल के सीईओ टिम कुक को कुछ ऐसा कहा जिससे दुनियाभर में हड़कंप मच गया। इस दौरान ट्रंप ने कहा कि “अमेरिका के मार्केट के लिए आईफोन भारत से नहीं मंगवाए (Trump Apple warning) जाएं।” मुख्य बात यह कि ट्रंप चाहते हैं कि आईफोन का प्रोडक्शन अमेरिका में ही हो। एपल ने ट्रंप सरकार को कहा कि “कंपनी अगले चार साल में अमेरिका में 500 अरब डॉलर का इंवेस्टमेंट करेगी।” इसी कड़ी में एपल ह्यूस्टन में एक नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट भी लगाने वाली है। खबर है कि वहां पर सर्वर बनाए जाएंगे।  एपल भारत में आईफोन 17 Pro का प्रोडक्शन बढ़ाने की (Apple India plant) बना रहा है योजना  जानकारी के मुताबिक एपल भारत में आईफोन 17 Pro का प्रोडक्शन बढ़ाने की योजना (Apple India plant) बना रहा है। खबर है कि भारत में बने आईफोन 17 Pro मॉडल को अमेरिका में भी बेचा जाएगा। गौरतलब हो कि अमेरिका में अधिकतर लोग एपल के प्रो मॉडल्स को खरीदना पसंद करते हैं। यही नहीं, एप्पल ने भारत में आईफोन 17 सीरीज का ट्रायल प्रोडक्शन शुरू कर दिया है। बता दें कि भारत में फॉक्सकॉन और टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के साथ मिलकर ये ट्रायल चल रहा है और ये दोनों कंपनियां एपल के बड़े मैन्युफैक्चरर्स में शामिल हैं। हालाँकि एपल को उम्मीद है कि साल 2026 तक अमेरिका में बिकने वाले सभी आईफोन मेड इन इंडिया होने वाले हैं। हालांकि देखना ये बड़ा दिलचस्प होगा कि ट्रंप के बयान के बाद क्या इस प्लानिंग में कोई बदलाव आता है या नहीं, लेकिन इससे एक बात तो बड़ी साफ हो गई है कि एपल अपकमिंग आईफोन सीरीज को भारत में (India-made iPhone) बनाने की तैयारी कर रही है।  इसे भी पढ़ें:- जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर टैरिफ के मामले में अमेरिकी सरकार ने कई बार किया है (Trump’s threat fails to impact Apple’s strategy) बदलाव  गौर करनेवाली बात यह कि टैरिफ के मामले में अमेरिकी सरकार ने कई बार बदलाव किया है। चीन में भी कुछ चीजों पर टैक्स काफी कम (Apple India plant) हो गया है। ऐसे में कंपनी इस इंतजार में है कि आगे चलकर अमेरिका क्या फैसला लेता है? फ़िलहाल कंपनी भारत से अमेरिका में आईफोन सप्लाई करने और भारत में बड़े लेवल पर प्रोडक्शन शुरू करने से पहले इंतजार कर रही है।  Latest News in Hindi Today Hindi news Trump Apple warning #AppleIndia #TrumpNews #iPhoneMadeInIndia #AppleStrategy #TechNews #iPhoneExport #MakeInIndia #FoxconnIndia #AppleVsTrump #GlobalTechShift

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Neeraj Chopra Doha 2025

Neeraj Chopra breaks records: दोहा डायमंड लीग में गोल्डन ब्वॉय नीरज चोपड़ा ने रचा इतिहास, पहली बार 90 मीटर से दूर फेंका भाला

भारत के गोल्डन ब्वॉय नीरज चोपड़ा ने शुक्रवार को दोहा डायमंड लीग (Doha Diamond League) में बड़ा कारनामा कर दिखाया है। दो ओलंपिक पदक जीत चुके 27 वर्ष के चोपड़ा ने अपने करियर के बेस्ट स्कोर (Neeraj Chopra breaks records) किया है। दरअसल, नीरज ने दोहा डायमंड लीग 2025 में 90.23 मीटर का भाला फेंककर नया राष्ट्रिय रिकॉर्ड बना दिया है। यह पहली बार है जब नीरज ने 90 मीटर का आंकड़ा पार किया है। कहने की जरूरत नहीं यह उनके करियर की अब तक की सबसे बड़ी उपलब्धि है। बता दें कि इस लीग में उन्होंने अपने पहले प्रयास में 88.44 मीटर का थ्रो फेंका था। उनका दूसरा थ्रो फाउल रहा। अपने तीसरे प्रयास में 90.23 मीटर का जेवलिन थ्रो फेंककर उन्होंने अपनी जीत लगभग तय कर ही ली थी, लेकिन जर्मनी के जूलियन वेबर ने अपने आखिरी प्रयास में 91.06 मीटर का भाला फेंक दिया। और इसके साथ ही नीरज चोपड़ा (Neeraj Chopra) को पछाड़कर पहला स्थान हासिल कर लिया तो वहीं, ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स 84 . 65 मीटर के थ्रो के साथ तीसरे स्थान पर रहे। यही नहीं, भारत के एक और खिलाड़ी किशोर जेना, इस जेवलिन थ्रो इवेंट में 8वें नंबर पर रहे। किशोर ने अपना बेस्ट स्कोर 78.60 मीटर का भाला फेंककर दिया।  मेरा अगला लक्ष्य सिर्फ 90 मीटर की दूरी को बनाए (Neeraj Chopra breaks records) रखना है- नीरज चोपड़ा  खैर, इस कारनामे के बाद नीरज (Neeraj Chopra breaks records) ने कहा कि “मैं 90 मीटर की बाधा पार करके बहुत खुश हूं लेकिन यह खट्टा मीठा अनुभव रहा।” उन्होंने कहा ,‘‘ मेरे कोच जान जेलेंजी ने कहा कि आज मैं 90 मीटर पार कर सकता हूं। हवा ने मदद की और मौसम थोड़ा गर्म होने से भी मदद मिली। मैने जूलियन से भी कहा था कि हम 90 मीटर थ्रो कर सकते हैं। मैं उसके लिये बहुत खुश हूं।” उन्होंने आगे कहा कि “मेरा मानना है कि आने वाले टूर्नामेंटों में इससे आगे का थ्रो कर सकता हूं। हम कुछ पहलुओं पर काम करेंगे और इस सत्र में फिर 90 मीटर पार करेंगे।” अपने अगले लक्ष्य के बारे में पूछे जाने पर चोपड़ा ने कहा कि “मेरा अगला लक्ष्य सिर्फ 90 मीटर की दूरी को बनाए रखना है। मेरा मानना ​​है कि मैं और दूर तक फेंकने के लिए तैयार हूं। यह एक लंबे सत्र की शुरुआत है। मुझे बहुत खुशी है कि जान ज़ेलेज़नी मेरे कोच हैं और हमने साउथ अफ्रीका में बहुत मेहनत की है। हम अभी भी कुछ पहलुओं पर काम कर रहे हैं।” बात करें उनके मौजूदा कोच कि तो वो चेक गणराज्य के जान जेलेंजी 90 मीटर से अधिक का थ्रो फेंकने वाले भालाफेंक खिलाड़ियों में शीर्ष पर हैं।  इसे भी पढ़ें:- गोल्डन ब्वॉय नीरज चोपड़ा बने टेरिटोरियल आर्मी में लेफ्टिनेंट कर्नल साल 2018 में पहली बार नीरज चोपड़ा ने दोहा डायमंड लीग (Doha Diamond League) में लिया था भाग  गौरतलब हो कि इस तरह नीरज चोपड़ा (Neeraj Chopra breaks records) 90 मीटर पार करने वाले दुनिया के 26वें और एशिया के तीसरे खिलाड़ी बन गए। ओलंपिक चैम्पियन पाकिस्तान के अरशद नदीम (92 . 97) और चीनी ताइपै के चाओ सुन चेंग (91 . 36) ही एशिया के दो अन्य खिलाड़ी हैं जो 90 मीटर से अधिक का थ्रो फेंक चुके हैं। बता दें कि नीरज चोपड़ा ने पहली बार साल 2018 में दोहा डायमंड लीग (Doha Diamond League) में भाग लिया था। उस लीग में 87. 43 मीटर के थ्रो के साथ वो चौथे स्थान पर रहे थे। फिर साल 2023 में यहां 88 . 67 मीटर का थ्रो फेंककर पहला स्थान हासिल किया और साल 2024 में 88 . 36 मीटर के थ्रो के साथ दूसरा पायदान हासिल किया था।   Latest News in Hindi Today Hindi news Neeraj Chopra breaks records #NeerajChopra #DohaDiamondLeague #JavelinThrow #IndianAthlete #RecordBreaker #GoldenBoy #AthleticsNews #IndiaPride #SportsUpdate #90mThrow

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Plastic Cooler Vs Iron Cooler

Plastic Cooler Vs Iron Cooler: कूलर खरीदने से पहले जान लें ये महत्वपूर्ण बातें

गर्मी के मौसम में तपती और जला देने वाली गर्मी से बचना बहुत जरूरी है। इसके लिए एयर कंडीशनर या एयर कूलर का इस्तेमाल किया जाता है। अगर बात की जाए कूलर की, तो एयर कंडीशन की तुलना में कूलर किफायती होता है। हालांकि, एयर कूलर एयर कंडीशन की तुलना में कम प्रभावी माना गया है। आजकल बाजार में दो तरह के कूलर्स फेमस हैं एक प्‍लास्टिक कूलर (Plastic Cooler) और दूसरा लोहे वाला कूलर। अगर आप भी इन दोनों विकल्पों को लेकर थोड़ा सा कन्फ्यूज हैं तो यह जानकारी आपके लिए निसंदेह फायदेमंद है। आइए जानें प्लास्टिक कूलर बनाम आयरन कूलर (Plastic Cooler Vs Iron Cooler) के बारे में। प्लास्टिक कूलर बनाम आयरन कूलर (Plastic Cooler Vs Iron Cooler): कौन सा है बेहतर? प्लास्टिक कूलर और आयरन कूलर दोनों के अपने-अपने फायदे और नुकसान हैं। आइए जानें इनके बारे में। प्लास्टिक कूलर (Plastic Cooler)  प्लास्टिक कूलर (Plastic Cooler) के बेनिफिट्स इस प्रकार हैं: नुकसान आयरन कूलर (Iron Cooler) आयरन कूलर (Cooler) के भी कई फायदे हैं लेकिन इसके भी कुछ नुकसान हैं। आइए पाएं इसके बारे में जानकारी आयरन कूलर के फायदे इसे भी पढ़ें:- साइज से लेकर कीमत तक: एसी खरीदने से पहले जानिए ये 5 जरूरी बातें आयरन कूलर के नुकसान Latest News in Hindi Today Hindi Plastic Cooler Vs Iron Cooler #PlasticCoolerVsIronCooler #Cooler #PlasticCooler  #IronCooler

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Mango Milk and Curd

आम और दूध या दही का मिश्रण: सेहत के लिए फायदेमंद या नुकसानदायक?

आयुर्वेद (Ayurveda) के अनुसार, हर भोजन का अपना स्वाद, हीलिंग और कूलिंग एनर्जी और पोस्ट-डायजेस्टिव इफेक्ट होता है। आयुर्वेद (Ayurveda) में हेल्थ को मैंटेन और रिस्टोर करने के लिए भोजन बहुत जरूरी रोल निभाता है। ऐसा भी माना गया है कि सही फूड कॉम्बिनेशन से डायजेशन सही रहता है और सेहत पर पॉजिटिव प्रभाव पड़ता है। लेकिन, कुछ कॉम्बिनेशंस को सेहत के लिए नुकसानदायक माना गया है। आम एक ऐसा फल है जो सबसे अधिक पसंद किया जाता है। मेंगो शेक और मेंगो लस्सी ऐसे ड्रिंक्स हैं, जो गर्मियों में सबसे अधिक पीयें जाते हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि यह कॉम्बिनेशन सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है? आइए जानें कि आम और दूध व दही का कॉम्बिनेशन (Combination of mango and milk or curd) क्यों है सेहत के लिए हानिकारक? आम और दूध व दही का कॉम्बिनेशन (Combination of mango and milk or curd): क्या है सेहत के लिए नुकसानदायक? आयुर्वेद (Ayurveda) के अनुसार फलों को अगर दूध के साथ खाया जाए तो यह हमारे डायजेस्टिव हेल्थ के लिए नुकसानदायक है। ऐसा माना जाता है कि भोजन को गलत मिश्रण के सेवन से कई हेल्थ प्रॉब्लम्स हो सकती हैं। ऐसे ही आम और दूध व दही का कॉम्बिनेशन (Combination of mango and milk or curd) का सेवन करने से निम्नलिखित समस्याएं हो सकती हैं: एक्सपर्ट्स के अनुसार आम और दूध व दही का कॉम्बिनेशन (Combination of mango and milk or curd) खाने से एसिडिटी भी हो सकती है। फलों में फाइबर होता है जिसे दूध या दही (Milk or curd) से साथ खाना पेट के लिए हानिकारक हो सकता है। ऐसा माना जाता है कि फलों का सेवन खाली पेट ही करना चाहिए ताकि इनमे मौजूद न्यूट्रिशंस का पूरा फायदा हमें मिल सके। इसके साथ ही दूध या दही (Milk or curd) को आम के साथ खाने से बचें। इसे भी पढ़ें: Virgin Mojito: एक ताजा और स्वादिष्ट पेय जो गर्मी से दिलाये राहत इन कॉम्बिनेशंस का भी न करें सेवन दूध और तरबूज या खरबूजा का सेवन भी एक साथ न किए जाने की सलाह दी जाती है। दूध और खरबूजा और तरबूज दोनों ही ठंडे होते हैं। दूध लैक्सटिव होता है और तरबूज व खरबूजा ड्यूरेटिक होते हैं। अन्य खाद्य पदार्थों की तुलना में दूध को पचने में अधिक समय लगता है। आयुर्वेदा (Ayurveda) में यह भी बताया गया है कि दूध को खट्टी चीजों के साथ नहीं खाना चाहिए, क्योंकि इनसे भी पाचन तंत्र को नुकसान हो सकता है। ये फूड कॉम्बिनेशन पाचन संबंधी समस्याएं पैदा करते हैं और कई तरह की अन्य बीमारियां  हो सकती हैं। नोट:- यहां दी गई जानकारी केवल रिसर्च के आधार पर दी गई है। लेकिन अगर आप किसी भी शारीरिक समस्या से परेशान हैं, तो अपने हेल्थ एक्सपर्ट से सलाह लेना न भूलें। Latest News in Hindi Today Hindi Mango and Milk #Milkandcurd #Ayurveda #Combinationofmangoandmilkorcurd #mangoandmilkorcurd

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RAJNATH SINGH

Rajnath Singh Warns Pakistan : रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दी पाकिस्तान को खुली चेतावनी, बोले- “सीजफायर तोड़ा तो देखना”

सीजफायर के बाद भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने शुक्रवार को भुज एयर फोर्स स्टेशन का दौरा किया। वहां उन्होंने वायु योद्धाओं को ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के लिए बधाई दी। इस बीच उन्होंने जवानों को संबोधित करते हुए कहा कि “अब आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई सिर्फ सुरक्षा का मामला (Rajnath Singh Warns Pakistan) नहीं है, बल्कि यह अब राष्ट्रीय रक्षा सिद्धांत का भी हिस्सा है। हम सब मिलकर इस छद्म और हाइब्रिड युद्ध को जड़ से उखाड़ फेंकेंगे।” उन्होंने आगे कहा कि “रक्षा मंत्री के तौर पर मैं इस संकल्प को दोहराना चाहूंगा…हम भगवान राम का अनुसरण करते हुए आगे बढ़ रहे हैं, जहां उन्होंने आसुरी शक्तियों को समाप्त करने का संकल्प लिया था, निश्चिर हीन करौं महि भुज उठाइ पन कीन्ह, इसका अर्थ है, जिस तरह से भगवान राम ने अपनी भुजाएं उठाईं और इस दुनिया को राक्षस मुक्त करने का संकल्प लिया, उसी तरह भगवान राम के सिद्धांतों का पालन करते हुए हमने आतंकवाद को जड़ से उखाड़ फेंकने का संकल्प लिया है।” ऑपरेशन सिंदूर खत्म नहीं हुआ है, अभी बस ट्रेलर (Rajnath Singh Warns Pakistan) है इस बीच जवानों को संबोधित करते हुए रक्षामंत्री (Rajnath Singh) ने कहा कि “हम सठे साठ्यम समाचरते के रास्ते पर चल रहे हैं यानी जैसे को तैसा। हमने शांति के लिए दिल खोलकर रखा है, शांति भंग करने वालों के लिए अपना हाथ भी खोलकर रखा है।” रक्षा मंत्री ने पाकिस्तान को दो टूक जवाब देते हुए कहा कि ऑपरेशन सिंदूर खत्म नहीं हुआ है, अभी बस ट्रेलर है, जब समय आएगा तो पूरी पिक्चर दुनिया को दिखाएंगे। वर्तमान सीजफायर में हमने पाकिस्तान को बिहैवियर के आधार पर प्रोबेशन पर रखा है। सीजफायर तोड़ा तो (Rajnath Singh Warns Pakistan) देखना।” यहां उन्होंने सेना के जवानों से मुलाकात की और ऑपरेशन सिंदूर के दौरान के हालातों के बारे में जानकारी ली थी। इसे भी पढ़ें:- कांग्रेस विधायक ने ऑपरेशन सिंदूर पर सवाल उठाते हुए कही यह बात ऑपरेशन सिंदूर के बाद राजनाथ सिंह का यह पहला (Rajnath Singh Warns Pakistan) दौरा था बता दें कि इससे पहले राजनाथ गुरुवार को जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर गए थे। अब उन्होंने  भुज एयरबेस पर वायुसेना के अधिकारियों-कर्मचारियों से मुलाकात की। ऑपरेशन सिंदूर के बाद राजनाथ सिंह का यह पहला दौरा है। इसकी जानकारी खुद राजनाथ सिंंह ने सोशल मीडिया प्लेटफाॅर्म एक्स पर (Rajnath Singh Warns Pakistan) दी थी। गौरतलब हो कि इससे पहले पीएम मोदी पंजाब के आदमपुर एयरबेस पहुंचे थे। महत्वपूर्ण बात यह कि भारत-पाकिस्तान के बीच हुए युद्ध विराम के बाद प्रधानमंत्री मोदी से लेकर तमाम नेता न सिर्फ सेना का मनोबल बढ़ाने में लगे हुए हैं बल्कि वो सेना के जवानों से मुलाकात भी कर रहे हैं। इसी कड़ी में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शुक्रवार को गुजरात के भुज एयरबेस पहुंचे।  Latest News in Hindi Today Hindi news Rajnath Singh Warns Pakistan #RajnathSingh #PakistanWarning #CeasefireViolation #IndiaPakistan #DefenceNews #BorderAlert #IndianArmy #NationalSecurity #BreakingNews #IndiaFirst

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Celebrate Gayatri Jayanti 2025 on June 6

गायत्री जयंती 2025: 6 जून को है देवी गायत्री का प्राकट्य दिवस, जानें तिथि, महत्व और पूजन विधि

गायत्री जयंती, वेदों की जननी देवी गायत्री के प्राकट्य दिवस के रूप में मनाई जाती है। यह पर्व हिंदू धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि इस दिन ऋषि विश्वामित्र ने सर्वप्रथम गायत्री मंत्र का उद्घोष किया था। यह मंत्र आध्यात्मिक जागृति और ज्ञान का प्रतीक है। गायत्री जयंती 2025 की तिथि और शुभ मुहूर्त वैदिक पंचांग के अनुसार, ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 6 जून को देर रात 2 बजकर 15 मिनट पर आरंभ होगी और 7 जून की सुबह 4 बजकर 47 मिनट पर समाप्त होगी। चूंकि सनातन धर्म में उदया तिथि को प्राथमिकता दी जाती है, इसलिए गायत्री जयंती (Gayatri Jayanti) का पर्व 6 जून को ही मनाया जाएगा। शुभ योग गायत्री जयंती 2025 (Gayatri Jayanti) के अवसर पर वरीयान योग, रवि योग और भद्रावास का शुभ संयोग बन रहा है। भद्रावास का योग दोपहर 3 बजकर 31 मिनट तक रहेगा, इस दौरान भद्रा पाताल लोक में स्थित रहेगी, जिससे शुभ कार्यों में कोई विघ्न नहीं होगा। गायत्री जयंती का धार्मिक महत्व गायत्री माता को वेदों की जननी, ज्ञान, बुद्धि और आध्यात्मिक प्रकाश की देवी माना जाता है। गायत्री मंत्र (Gayatri Mantra) का जप करने से मानसिक शुद्धि, आध्यात्मिक उन्नति और पापों से मुक्ति मिलती है। इस दिन देवी गायत्री की पूजा करने से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और समृद्धि का प्रवाह होता है। जानिए कैसे हुआ इस दिव्य मंत्र का प्राकट्य और क्या है इसके पीछे की मान्यता गायत्री मंत्र (Gayatri Jayanti) की उत्पत्ति से जुड़ी मान्यताओं के अनुसार, सबसे पहले इसका बोध स्वयं परमपिता ब्रह्मा को हुआ था। माता गायत्री की कृपा से ब्रह्माजी ने अपने चारों मुखों से इस मंत्र की व्याख्या की। ऐसा माना जाता है कि हिंदू धर्म के चारों वेद, जो इसकी मूल आधारशिला माने जाते हैं, इसी मंत्र की विस्तृत व्याख्या हैं। प्रारंभ में गायत्री मंत्र (Gayatri Mantra) केवल देवताओं तक ही सीमित था, लेकिन जैसे भागीरथ ने गंगा को धरती पर लाकर मानवता को पवित्र किया, वैसे ही महान ऋषि विश्वामित्र ने इस दिव्य मंत्र को आम जनमानस तक पहुंचाकर आत्मा की शुद्धि का मार्ग प्रशस्त किया। यह भी माना जाता है कि मां गायत्री सूर्य मंडल में निवास करती हैं और जिन लोगों की कुंडली में सूर्य से जुड़ी कोई बाधा होती है, वे इस मंत्र का जाप करके लाभ प्राप्त कर सकते हैं। इसे भी पढ़ें:- क्यों देवी यमुना कहलाती हैं ‘कालिंदी’? जानिए भगवान श्रीकृष्ण से जुड़ी इस दिव्य कथा पूजन विधि और मंत्र गायत्री जयंती (Gayatri Jayanti) के दिन पूजा आरंभ करने के लिए सबसे पहले ब्रह्म मुहूर्त में उठें। फिर स्नान आदि नित्य कर्मों से निवृत्त होकर गंगाजल मिला हुआ जल प्रयोग करें। इसके पश्चात आचमन करके पीले या लाल रंग के वस्त्र धारण करें। फिर सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित करें और उसी समय गायत्री मंत्र का जप करें: ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्॥ इसके बाद पंचोपचार विधि से मां गायत्री की श्रद्धापूर्वक पूजा करें। पूजा के दौरान मां को फल, फूल और मिष्ठान अर्पित करें। अंत में गायत्री माता की आरती करके पूजन पूर्ण करें। नोट: यहां दी गई जानकारी धर्म से जुड़े ग्रंथों के अनुसार साझा की गई है। अगर आप कोई विशेष पूजा करवाना चाहते हैं, तो अपने धर्म गुरुओं के बताये अनुसार करें। Latest News in Hindi Today Hindi news Gayatri Jayanti #GayatriJayanti2025 #GoddessGayatri #GayatriMantra #HinduFestivals #VedicTradition #SpiritualIndia #GayatriPuja #June6Festival #DivineMother #PujaVidhi

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India exposes Pakistan

India exposes Pakistan: इस तरह पाकिस्तान को दुनिया के सामने बेनकाब करेगा भारत 

ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत चैन से नहीं बैठने वाला। पहलगाम हमले का खामियाजा अभी पाकिस्तान (Pakistan) को और भी भुगतना है। आतंकियों की जन्नत कहे जाने वाले पकिस्तान को भारत कहीं का नहीं छोड़ेगा। इस कड़ी में भारत सरकार ने पाकिस्तान को दुनिया के सामने एक्सपोज़ करने के लिए एक बड़ी चाल चल दी है। जानकारी के मुताबिक मोदी सरकार पाकिस्तान को बेनकाब (India exposes Pakistan) करने के लिए मल्टी पार्टी डेलिगेशन भेजेगी। फ़िलहाल सरकार अभी सभी दलों से बातचीत कर रही है। खबर है कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद अलग-अलग देशों में एक सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल भेजने की संभावना पर सक्रिय रूप से विचार किया जा रहा है। बता दें कि सरकार मल्टी पार्टी डेलिगेशन यानी प्रतिनिधिमंडल की संरचना और कार्यक्रम को अंतिम रूप देने से पहले उन्हें साथ लाना चाहती है। सीमा पार आतंकवाद के मुद्दे पर एकजुट मोर्चा पेश करने की दिशा में यह सरकार का यह एक कड़ा प्रयास है।  अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने पाकिस्तान (India exposes Pakistan) के भीतर पनप रहे आतंकवाद पर रुख स्पष्ट करना है दरअसल, इस पहल का मकसद अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने न सिर्फ पाकिस्तान (Pakistan) के भीतर पनप रहे आतंकवाद पर भारत का रुख स्पष्ट रूप से रखना है बल्कि पाकिस्तान को बेनकाब (India exposes Pakistan) करना है। जानकारी के मुताबिक विदेश जाने वाला भारत का मल्टी पार्टी डेलिगेशन यानी बहुदलीय प्रतिनिधिमंडल भारत का पक्ष रखने हेतु पांच सूत्रीय एजेंडे पर डिस्कस करेगा। मसलन,  इसे भी पढ़ें:- कांग्रेस विधायक ने ऑपरेशन सिंदूर पर सवाल उठाते हुए कही यह बात आतंकवाद के मद्देनजर ऑपरेशन सिंदूर की जरूरत और उसके मायनों पर भारत का पक्ष (India exposes Pakistan) रखेगी डेलिगेशन  प्राप्त जानकारी के मुताबिक भारतीय डेलिगेशन थिंक टैंक, विदेशी सरकारों और मीडिया संस्थानों से बातचीत करेगी। यही नहीं भारत की यह टीम पाकिस्तानी (Pakistan) जमीन से आतंकवाद के मद्देनजर ऑपरेशन सिंदूर की जरूरत और उसके मायनों पर भारत का पक्ष (India exposes Pakistan) रखेगी। खबर है कि सभी पक्षों से बातचीत के बाद डेलिगेशन का स्वरूप घोषित किया जाएगा, क्योंकि सरकार सीमा पार आतंकवाद के मुद्दे पर एक बहुदलीय दृष्टिकोण चाहती है। हालाँकि यह कोई पहली बार नहीं है कि भारत ने इस तरह की कोई पहल की है। इससे पहले भी पूर्व पीएम पीवी नरसिम्हा राव ने अटल बिहारी वाजपेयी को यूएनएचआरसी (UNHRC) में भेजा था। इसके अलावा  26/11 मुंबई हमलों के बाद पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने भी आतंकवाद के मुद्दे पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से बात की थी।  Latest News in Hindi Today Hindi news India exposes Pakistan #IndiaExposesPakistan #PakistanTerrorism #ModiSpeech #IndiaUN #DiplomaticStrike #IndiaVsPakistan #PakistanLiesExposed #UNUpdate #GlobalSecurity #TerrorismExposed

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Peace talks with Pakistan

Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor: ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की अकड़ हुई ढीली, लगाने लगा शांति वार्ता की गुहार

पाकिस्तान द्वारा पोषित आतंकियों ने 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसरन घाटी में हमला कर 26 निर्दोष लोगों की जान ले ली थी। भारत ने ऑपरेशन सिंदूर चलाकर इस कायराना आतंकी हमले का बदला लिया था। इस कार्रवाई में भारत ने न सिर्फ पाकिस्तान और पीओके में कई आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया बल्कि पाकिस्तान के एयर डिफेन्स सिस्टम और एयर बेस को भी तबाह कर दिया। इस ऑपरेशन में 100 से ज्यादा आतंकियों को ढेर कर दिया था। कहने की जरूरत नहीं इस ऑपरेशन के बाद पूरी दुनिया ने भारत की सैन्य शक्ति का लोहा माना। ऑपरेशन सिन्दूर के तहत भारत आतंक का पर्याय बन चुके पाकिस्तान को ऐसी चोट दी है कि वो कभी नहीं भूलेगा। तीन दिन चली इस स्ट्राइक में पाकिस्तान घुटनों पर आ गया। और सीजफायर की गुहार लगाने लगा। मजे की बात यह कि भारत से कुटने के बाद अब पाकिस्तान भारत के साथ शांति वार्ता करने को बेकरार है। बड़ी बात यह कि पाक प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने खुद भारत के सामने बातचीत (Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor) का प्रस्ताव रखा है। उनका कहना है कि “शांति बहाल करने के लिए वो वार्ता करने को तैयार हैं। पाक पीएम के अनुसार इस शांति वार्ता में कश्मीर का मुद्दा भी शामिल होगा।” पाकिस्तान ने भारत के समक्ष बातचीत का (Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor) रखा है प्रस्ताव  दरअसल, गुरुवार को पंजाब के कामरा एअरबेस के दौरे पर गए पाक प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सैन्य अधिकारियों और सेना को संबोधित करते हुए ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत-पाक तनाव पर चर्चा की। इस बीच उन्होंने भारत के समक्ष बातचीत का प्रस्ताव (Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor)  भी रखा है। उन्होंने कहा कि “पाकिस्तान शांति बहाल करने के लिए भारत के साथ वार्ता करना चाहता है।” यही नहीं, कश्मीर मुद्द्दे पर बोलते हुए शहबाज शरीफ ने कहा कि “भारत ने जम्मू कश्मीर और लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश बना दिया है। भारत हमेशा जोर देता है कि जम्मू कश्मीर और लद्दाख उसके अभिन्न अंग हैं और हमेशा रहेंगे।” इस संबोधन के दौरान कामरा एअरबेस पर पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ, विदेश मंत्री इशाक डार, सेना प्रमुख जनरल मुनीर और वायुसेना प्रमुख जहीर अहमद बाबर सिद्धू भी मौजूद थे। इसे भी पढ़ें:- कांग्रेस विधायक ने ऑपरेशन सिंदूर पर सवाल उठाते हुए कही यह बात पाकिस्तान पीओके में अवैध रूप से कब्जाए गए भारतीय इलाकों को कब खाली करेगा- भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर हालाँकि अभी तक पाकिस्तानी प्रधानमंत्री के इस ऑफर (Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor) पर भारत की तरफ से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन गुरूवार को होंडुरास के दूतावास का उद्घाटन करते हुए भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने यह जरूर साफ कर दिया था कि “कश्मीर पर चर्चा के लिए केवल एक ही बात बची है कि पाकिस्तान पीओके में अवैध रूप से कब्जाए गए भारतीय इलाकों को कब खाली करेगा?” देखना यह दिलचस्प होगा कि पाकिस्तान के इस प्रस्ताव पर भारत क्या पहल करता है? क्या भारत शांतिवार्ता के लिए राजी होगा? खैर, होगा या नहीं ये तो वक़्त ही बताएगा।  Latest News in Hindi Today Hindi news  Pakistan Seeks Peace Talks After Operation Sindoor #OperationSindoor #PakistanPeaceTalks #IndiaPakistanTensions #PeaceNegotiations #PakistanAppealsPeace #IndiaStrikesBack #MilitaryDiplomacy #IndiaDefence #PakistanArmy #SouthAsiaSecurity

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US India diplomatic tension

US Betrays India: अमेरिका ने की भारत से गद्दारी, पाकिस्तान के इस साथी को देने जा रहा है खतरनाक मिसाइलें

यह जगजाहिर है कि भारत और पाकिस्तान के बीच व्याप्त तनाव के बीच तुर्किए ने खुलकर पाकिस्तान का साथ दिया था। तुर्किए के इस रवैए से भारतीयों में जबरदस्त रोष है। तुर्किए को लेकर भारतीयों में इस कदर रोष है कि सोशल मीडिया पर बॉयकॉट तुर्की ट्रेंड करने लगा। इसका असर यह कि व्यापार से लेकर पर्यटन तक, भारत ने तुर्किए से दूरी बनानी शुरू कर दी। कहने के लिए तो अमेरिका भारत का हितैषी है लेकिन अमेरिका उस तुर्किए कि मदद करने जा (US Betrays India) रहा है जिसने भारत के खिलाफ पाकिस्तान सैकड़ों ड्रोन दिए थे। जानकारी के मुताबिक अमेरिका ने तुर्किए को मिसाइलें बेचने का फैसला लिया है। दरअसल, अमेरिका ने तुर्किए को 304 मिलियन डॉलर की मिसाइलें बेचने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।  यह डील दोनों देशों के बीच सामरिक संबंधों को और मजबूत (US Betrays India) करेगी गौरतलब हो कि यह मंजूरी ऐसे वक़्त पर दी गई है जब भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव चरम पर है। तुर्किए खुले तौर पर पाकिस्तान की मदद कर रहा है। इस मिसाइल डील में तुर्किए को हवा से हवा में मार करने वाली AIM-120 AMRAAM मिसाइलें शामिल (US Betrays India) हैं। जानकारी के मुताबिक तुर्किए ने 225 मिलियन डॉलर की लागत से 53 एडवांस मीडियम रेंज मिसाइल और 79.1 मिलियन डॉलर की लागत से 60 ब्लॉक सेकंड मिसाइलों की भी मांग की है। कहा जा रहा है यह डील अमेरिका की रक्षा सुरक्षा सहयोग एजेंसी (डीएससीए) की तरफ से प्रस्तावित है। लेकिन अभी इसे अमेरिकी कांग्रेस की मंजूरी मिलनी बाकी है। कहने की जरूरत नहीं कि यदि यह मंजूरी मिल जाती है, तो यह डील दोनों देशों के बीच सामरिक संबंधों को और मजबूत करेगी। बेशक इस कदम को अमेरिका और तुर्किए के बीच नाटो सहयोग को सुदृढ़ करने के रूप में देखा जा रहा है।  इसे भी पढ़ें:- जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर अमेरिका द्वारा तुर्किए से मिसाइल की डील करना क्या भारत के खिलाफ यह एक प्रकार की दगाबाजी नहीं (US Betrays India) है? बता दें कि तुर्किए नाटो का एक प्रमुख सदस्य है। यही नहीं वह अमेरिका के रणनीतिक सैन्य साझेदारों में से एक भी माना जाता है। ऐसे में बड़ा सवाल यह कि जब तुर्किए भारत के विरोधी पाकिस्तान की सैन्‍य मदद कर रहा है तो अमेरिका द्वारा उससे मिसाइल की डील करना क्या भारत के खिलाफ यह एक प्रकार की दगाबाजी नहीं (US Betrays India) है? यहाँ तक कि भारत के कई विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका का यह कदम खुले तौर ओर उसकी दोहरी नीति को उजागर करता है। एक तरफ तो वह भारत को क्वैड (QUAD) जैसे मंचों पर रणनीतिक साझेदार कहता है तो वहीं दूसरी ओर पाकिस्तान का साथ देने वाले देश को हथियार मुहैया कराता है। इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि इससे भारत और अमेरिका के रिश्तों में दरार पड़ सकती है। हालांकि इसपर अमेरिका का तर्क है कि यह डील बतौर नाटो सहयोगी तुर्किए की सुरक्षा से जुड़ी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए है, न कि भारत के खिलाफ कोई साजिश।  Latest News in Hindi Today Hindi news US Betrays India #USBetraysIndia #IndiaUSRelations #PakistanMissiles #GlobalTensions #USDefenseDeal #SouthAsiaCrisis #IndiaSecurity #MissileAlert #GeopoliticalCrisis #USPakistanAlly

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