भारत-जापान ने रक्षा सहयोग को और मजबूत करने पर जताई सहमति, इंडो-पैसिफिक में रणनीतिक साझेदारी को मिलेगा नया बल

नई दिल्ली, 2 जुलाई। भारत और जापान ने द्विपक्षीय रक्षा एवं सुरक्षा सहयोग को और मजबूत बनाने पर सहमति व्यक्त की है। दोनों देशों ने स्वतंत्र, खुला और समावेशी इंडो-पैसिफिक क्षेत्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए क्षेत्रीय शांति, स्थिरता और नियम-आधारित व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने का संकल्प लिया।

रक्षा सहयोग को मिलेगा विस्तार

दोनों देशों ने रक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने, सैन्य स्तर पर संवाद को मजबूत करने और संयुक्त अभ्यासों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। इसके साथ ही रक्षा तकनीक, क्षमता निर्माण और सुरक्षा संबंधी सूचनाओं के आदान-प्रदान को भी बढ़ावा देने पर सहमति बनी।

इंडो-पैसिफिक क्षेत्र पर विशेष फोकस

बैठक में इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा, सुरक्षित नौवहन, क्षेत्रीय स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के सम्मान के महत्व पर बल दिया गया। दोनों देशों ने इस क्षेत्र में सहयोग को साझा रणनीतिक प्राथमिकता बताया।

समुद्री सुरक्षा होगी मजबूत

भारत और जापान ने समुद्री निगरानी, मानवीय सहायता एवं आपदा राहत (HADR), समुद्री डोमेन जागरूकता (Maritime Domain Awareness) और नौसैनिक सहयोग को मजबूत करने की दिशा में मिलकर कार्य करने पर सहमति व्यक्त की।

रक्षा उद्योग में सहयोग

दोनों पक्षों ने रक्षा विनिर्माण, अनुसंधान एवं विकास (R&D), उन्नत प्रौद्योगिकी और रक्षा आपूर्ति श्रृंखला में सहयोग बढ़ाने की संभावनाओं पर भी चर्चा की। इससे दोनों देशों के रक्षा उद्योगों के बीच साझेदारी को नई गति मिलने की उम्मीद है।

क्षेत्रीय और वैश्विक स्थिरता पर जोर

भारत और जापान ने कहा कि बदलते वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य में समान विचारधारा वाले देशों के बीच सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण है। दोनों देशों ने नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था, शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए मिलकर कार्य करने की प्रतिबद्धता दोहराई।

विशेषज्ञों की राय

रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि भारत-जापान रक्षा सहयोग में लगातार हो रही प्रगति से दोनों देशों की सामरिक क्षमता मजबूत होगी। साथ ही इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में संतुलन, समुद्री सुरक्षा और आपसी विश्वास को भी बढ़ावा मिलेगा।

आगे की राह

दोनों देशों ने रक्षा और सुरक्षा सहयोग से जुड़े विभिन्न समझौतों को प्रभावी ढंग से लागू करने तथा नियमित उच्चस्तरीय संवाद, संयुक्त सैन्य अभ्यास और तकनीकी सहयोग को आगे बढ़ाने पर सहमति जताई। विशेषज्ञों के अनुसार यह साझेदारी आने वाले वर्षों में भारत-जापान संबंधों को नई रणनीतिक ऊंचाई प्रदान करेगी।


स्रोत:
भारत सरकार, जापान सरकार एवं दोनों देशों द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी।

मूल रिपोर्ट:
2 जुलाई 2026 को भारत-जापान द्विपक्षीय वार्ता और रक्षा सहयोग से संबंधित आधिकारिक घोषणाओं के आधार पर।

जय राष्ट्र न्यूज़

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