शेयर बाजार में तेजी, निफ्टी 25,600 के पार; सेंसेक्स में भी बढ़त, कच्चे तेल और रुपये पर बाजार की नजर
मुंबई: भारतीय शेयर बाजार ने सोमवार को कारोबारी सप्ताह की शुरुआत बढ़त के साथ की। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स करीब 100 अंक ऊपर रहा, जबकि निफ्टी 25,600 के स्तर के पार कारोबार करता दिखाई दिया। बाजार में सकारात्मक रुख के बीच निवेशकों की नजर वैश्विक संकेतों, कच्चे तेल की कीमतों और रुपये की चाल पर बनी हुई है। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और रुपये में कमजोरी भारतीय बाजार के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। सोमवार को शुरुआती कारोबार में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 8 पैसे कमजोर होकर 95.25 रुपये प्रति डॉलर पर पहुंच गया। सेंसेक्स में शुरुआती बढ़त कारोबारी सप्ताह की शुरुआत भारतीय शेयर बाजार के लिए सकारात्मक रही। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स में करीब 100 अंकों की बढ़त देखने को मिली। बाजार में निवेशकों की नजर प्रमुख कंपनियों के तिमाही नतीजों, वैश्विक बाजारों के रुख और घरेलू आर्थिक संकेतकों पर बनी हुई है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले कारोबारी सत्रों में वैश्विक घटनाक्रम बाजार की दिशा को प्रभावित कर सकते हैं। निफ्टी 25,600 के पार निफ्टी 50 ने भी सकारात्मक शुरुआत करते हुए 25,600 के स्तर को पार किया। इस स्तर के ऊपर टिकना बाजार के लिए तकनीकी रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बाजार में तेजी बनी रहने के लिए निवेशक अब यह देख रहे हैं कि निफ्टी 25,600 के ऊपर अपनी स्थिति कितनी मजबूती से बनाए रखता है। सप्ताह के लिए बाजार का रुख फिलहाल सकारात्मक बताया जा रहा है। विशेषज्ञों की ओर से कुछ प्रमुख शेयरों और क्षेत्रों पर भी नजर रखने की सलाह दी गई है। रुपये में कमजोरी से बढ़ी चिंता शेयर बाजार में तेजी के बीच भारतीय रुपये पर दबाव देखने को मिला। सोमवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 8 पैसे कमजोर होकर 95.25 रुपये प्रति डॉलर पर खुला। रुपये की कमजोरी के पीछे मजबूत अमेरिकी डॉलर और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों को प्रमुख कारणों में शामिल किया जा रहा है। कमजोर रुपया भारत के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि देश अपनी कच्चे तेल की जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है। तेल की कीमत बढ़ने पर आयात बिल बढ़ सकता है, जिसका असर रुपये और महंगाई पर पड़ सकता है। कच्चे तेल की कीमतों पर बाजार की नजर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी ने निवेशकों की चिंता बढ़ाई है। मध्य-पूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव के बीच तेल बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। भारत जैसे बड़े तेल आयातक देश के लिए कच्चे तेल की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी महत्वपूर्ण आर्थिक प्रभाव डाल सकती है। इससे ईंधन लागत, परिवहन खर्च और कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ने की संभावना रहती है। मध्य-पूर्व तनाव का असर मध्य-पूर्व में जारी अस्थिरता का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी दिखाई दे रहा है। भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने पर तेल की आपूर्ति को लेकर आशंकाएं बढ़ सकती हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आ सकती है। निवेशक अब इस घटनाक्रम पर लगातार नजर रख रहे हैं, क्योंकि तेल की कीमतों में बड़ा बदलाव भारतीय शेयर बाजार के साथ-साथ रुपये और महंगाई के लिए भी महत्वपूर्ण हो सकता है। निवेशकों की नजर किन क्षेत्रों पर? बाजार में निवेशकों की नजर इस सप्ताह कई प्रमुख क्षेत्रों पर बनी रह सकती है। कंपनियों के तिमाही नतीजे, वैश्विक बाजारों का रुख और आर्थिक संकेतक शेयरों की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। विशेषज्ञों ने इस सप्ताह कुछ शेयरों को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण भी व्यक्त किया है। इनमें एआईए इंजीनियरिंग और कोचीन शिपयार्ड जैसे शेयरों का उल्लेख किया गया है। हालांकि, किसी भी शेयर में निवेश से पहले कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और बाजार जोखिम का स्वतंत्र रूप से आकलन करना जरूरी है। बाजार में आगे क्या रहेगा अहम? आने वाले कारोबारी सत्रों में निवेशकों की नजर मुख्य रूप से तीन बड़े संकेतकों पर रहेगी— पहला, निफ्टी 25,600 के ऊपर अपनी स्थिति बनाए रखता है या नहीं। दूसरा, कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में आगे क्या रुख रहता है। तीसरा, रुपये की कमजोरी कितनी देर तक जारी रहती है। इन तीनों कारकों के अलावा वैश्विक शेयर बाजारों और भू-राजनीतिक घटनाक्रम का भी घरेलू बाजार पर असर पड़ सकता है। तेजी के बावजूद सावधानी जरूरी शेयर बाजार में शुरुआती तेजी निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत है, लेकिन बाजार में जोखिम भी बना हुआ है। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी, रुपये की कमजोरी और अंतरराष्ट्रीय तनाव जैसे कारक अचानक बाजार की दिशा बदल सकते हैं। ऐसे में निवेशकों को केवल एक दिन की तेजी के आधार पर निवेश संबंधी फैसला लेने के बजाय कंपनी के प्रदर्शन और व्यापक बाजार परिस्थितियों को ध्यान में रखना चाहिए। निष्कर्ष भारतीय शेयर बाजार ने सोमवार को सकारात्मक शुरुआत की और निफ्टी 25,600 के पार पहुंच गया, जबकि सेंसेक्स में करीब 100 अंकों की शुरुआती बढ़त देखने को मिली। बाजार में तेजी के बावजूद कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और रुपये की कमजोरी निवेशकों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। आने वाले दिनों में वैश्विक बाजारों, मध्य-पूर्व की स्थिति, कच्चे तेल की कीमतों और रुपये की चाल पर भारतीय शेयर बाजार की दिशा काफी हद तक निर्भर रह सकती है। Source: Times of India / बाजार रिपोर्ट्स जय राष्ट्र न्यूज़
