प्रमुख खबरें

सालों तक नहीं सुनी गई गुहार, ग्रामीणों ने खुद बना डाला अस्थायी पुल; बच्चों के लिए बना सहारा

सुंदरगढ़, ओडिशा: सुंदरगढ़ जिले के गुरुण्डिया ब्लॉक स्थित साना बुरुडा गांव के ग्रामीणों ने सरकारी मदद का इंतजार छोड़कर खुद ही अस्थायी पुल तैयार कर लिया। ग्रामीणों का कहना है कि वे वर्षों से स्थायी पुल और बेहतर संपर्क मार्ग की मांग कर रहे थे, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं मिलने के बाद उन्होंने अपने स्तर पर रास्ता बनाने का फैसला किया।

बारिश में रास्ता बन जाता है बड़ी परेशानी

मानसून के दौरान गांव के रास्ते में पड़ने वाला नाला उफान पर आ जाता है, जिससे लोगों की आवाजाही मुश्किल हो जाती है। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों और पंचायत व ब्लॉक कार्यालय जाने वाले ग्रामीणों को होती है।

पेड़ की शाखाओं, पत्थरों और पोल से बनाया पुल

ग्रामीणों ने स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पेड़ की शाखाओं, पत्थरों और बिजली के पोल का इस्तेमाल कर नाले के ऊपर अस्थायी पुल तैयार किया। इसमें गांव के पुरुषों और महिलाओं ने मिलकर काम किया।

बारिश से सड़क टूटी तो बनाया दूसरा रास्ता

भारी बारिश से गांव की मुख्य सड़क का एक हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके बाद ग्रामीण जंगल से लकड़ी के लट्ठे लेकर आए और आवाजाही बहाल करने के लिए एक अन्य अस्थायी पुल तैयार किया।

प्रशासन तक पहले भी पहुंच चुकी थी शिकायत

गुरुण्डिया के BDO हाबिल खाका के मुताबिक पुल से जुड़ी शिकायत प्रशासन को पहले ही मिल चुकी थी। Rural Development Department के अधिकारियों ने इलाके का निरीक्षण किया है और PMGSY के तहत सर्वे भी कराया गया है।

DMF से मिल सकती है स्थायी पुल को मंजूरी

BDO ने कहा कि मामले की जानकारी फिर संबंधित अधिकारियों को दी गई है। उन्होंने स्थायी निर्माण की लागत का आकलन कर जल्द काम शुरू करने की जरूरत बताई और कहा कि परियोजना के लिए District Mineral Foundation (DMF) के जरिए मंजूरी का प्रयास किया जा सकता है।

स्थायी समाधान की मांग बरकरार

ग्रामीणों का बनाया पुल फिलहाल बच्चों और स्थानीय लोगों के लिए जरूरी संपर्क मार्ग बन गया है, लेकिन यह स्थायी समाधान नहीं है। ग्रामीणों की मांग है कि सरकार जल्द पक्का पुल बनाए, ताकि हर मानसून में उन्हें इसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

source – Deccan Chronicle
जय राष्ट्र न्यूज़

Leave a Reply

Translate »