जलगांव: महाराष्ट्र के जलगांव में कांवड़ यात्रा के दौरान एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक मासूम बच्चे की मौत हो गई। घटना 24 अगस्त 2026 की शाम ममुराबाद रोड इलाके में हुई। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक बच्चा मंदिर से दर्शन कर लौट रहा था, तभी तेज रफ्तार ट्रक ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के बाद इलाके में भारी तनाव फैल गया और गुस्साई भीड़ ने ट्रक में आग लगा दी।
घटना के बाद पुलिस और दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। भीड़ ने सड़क पर प्रदर्शन किया, जिससे ममुराबाद रोड पर यातायात भी प्रभावित हुआ। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया।
मंदिर से लौट रहा था बच्चा
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार बच्चा कांवड़ यात्रा के दौरान ममुराबाद रोड स्थित एक मंदिर में पूजा-अर्चना करने गया था। मंदिर से बाहर निकलने के बाद वह सड़क की ओर आया, तभी कथित तौर पर तेज रफ्तार और अनियंत्रित ट्रक ने उसे टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी गंभीर थी कि बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद आसपास मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया।
बच्चे की उम्र को लेकर अलग-अलग जानकारी
हादसे की शुरुआती रिपोर्टों में बच्चे की उम्र को लेकर अंतर सामने आया है।
NDTV और कुछ अन्य रिपोर्ट्स में बच्चे की उम्र 8 वर्ष बताई गई है, जबकि एक स्थानीय रिपोर्ट में उसे 10 वर्षीय प्रबल राजू गवली बताया गया है।
इसलिए आधिकारिक पुलिस पुष्टि आने तक बच्चे की उम्र को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है।
गुस्साई भीड़ ने ट्रक में लगाई आग
बच्चे की मौत की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए।
गुस्साई भीड़ ने दुर्घटना में शामिल ट्रक को रोक लिया और बाद में उसमें आग लगा दी। कुछ रिपोर्ट्स में चालक के साथ मारपीट किए जाने की बात भी सामने आई है।
ट्रक देखते ही देखते आग की लपटों में घिर गया। दमकल विभाग को बुलाया गया, लेकिन तनावपूर्ण माहौल के कारण राहत और नियंत्रण की कार्रवाई में भी मुश्किलें आईं।
सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन
हादसे से नाराज लोगों ने बच्चे का शव सड़क पर रखकर विरोध प्रदर्शन किया।
स्थानीय रिपोर्ट के मुताबिक प्रदर्शन की वजह से जलगांव-ममुराबाद रोड पर करीब दो घंटे तक यातायात बाधित रहा। दोनों तरफ वाहनों की कतारें लग गईं।
प्रदर्शनकारी चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
Driver भी हुआ घायल
घटना के बाद ट्रक चालक भी घायल हुआ।
NDTV की रिपोर्ट में चालक को मामूली चोट लगने और इलाज के लिए अस्पताल ले जाए जाने की बात कही गई है। वहीं कुछ स्थानीय रिपोर्ट्स में भीड़ की पिटाई से उसके गंभीर रूप से घायल होने का दावा किया गया है।
चालक की स्थिति को लेकर रिपोर्ट्स में अंतर है, इसलिए उसकी medical condition पर पुलिस या अस्पताल की आधिकारिक जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
हादसे और उसके बाद हुई आगजनी की खबर मिलते ही पुलिस की बड़ी टीम मौके पर पहुंची।
भीड़ को शांत करने और यातायात सामान्य करने की कोशिश शुरू की गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया।
TV9 की 25 अगस्त की सुबह की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए और मामले की जांच शुरू कर दी गई।
पुलिस के सामने दो अलग घटनाओं की जांच
इस मामले में अब पुलिस के सामने केवल सड़क दुर्घटना ही नहीं, बल्कि दुर्घटना के बाद हुई हिंसा और आगजनी की जांच भी अहम होगी।
एक ओर यह पता लगाया जाएगा कि ट्रक की रफ्तार कितनी थी, चालक की लापरवाही थी या नहीं और हादसा किन परिस्थितियों में हुआ। दूसरी ओर ट्रक में आग लगाने और चालक से कथित मारपीट में शामिल लोगों की पहचान भी जांच का हिस्सा बन सकती है।
किस व्यक्ति के खिलाफ कौन-सी कानूनी धाराएं लगाई गई हैं, इसकी विस्तृत आधिकारिक जानकारी शुरुआती रिपोर्टों में स्पष्ट नहीं है।
कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा पर सवाल
हादसे ने धार्मिक यात्राओं के दौरान traffic management को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
कांवड़ यात्रा जैसे आयोजनों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल या समूहों में सड़कों से गुजरते हैं। ऐसे में भारी वाहनों की movement, speed control, barricading और police deployment बेहद महत्वपूर्ण हो जाते हैं।
जलगांव की घटना में भी यह जांच का विषय हो सकता है कि जिस route पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे, वहां भारी वाहन किस व्यवस्था के तहत चल रहे थे।
24 अगस्त की घटना, 25 अगस्त को भी चर्चा में
यह हादसा सोमवार, 24 अगस्त 2026 की शाम हुआ था। 25 अगस्त की सुबह भी घटना के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया तथा समाचार माध्यमों में चर्चा में हैं।
फिलहाल सबसे बड़ा तथ्य यह है कि कांवड़ यात्रा के दौरान एक मासूम बच्चे की जान चली गई। इसके बाद भड़के आक्रोश ने हिंसक रूप ले लिया और दुर्घटना में शामिल ट्रक को आग के हवाले कर दिया गया।
पुलिस अब दुर्घटना और उसके बाद हुई घटनाओं की जांच कर रही है।
नोट: बच्चे की उम्र और ट्रक चालक की चोट की गंभीरता को लेकर शुरुआती मीडिया रिपोर्ट्स में अलग-अलग जानकारी है। आधिकारिक पुलिस विवरण आने पर स्थिति और स्पष्ट हो सकती है।
स्रोत – एनडीटीवी, टीवी9 भारतवर्ष, दैनिक भास्कर हिंदी
जय राष्ट्र न्यूज़

