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नागपुर में 522 किलो गांजा जब्त | अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट का भंडाफोड़

नागपुर: डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने महाराष्ट्र के नागपुर में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 522.554 किलोग्राम गांजा जब्त किया है। अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई एक अंतरराज्यीय ड्रग तस्करी नेटवर्क के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा थी। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के अनुसार डीआरआई की नागपुर इकाई को ओडिशा-आंध्र प्रदेश सीमा से महाराष्ट्र की ओर बड़े पैमाने पर मादक पदार्थों की तस्करी किए जाने की सूचना मिली थी। खुफिया जानकारी के आधार पर अधिकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर मौदा के पास माथनी टोल प्लाजा पर एक भारी मालवाहक ट्रक को रोका और उसकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान ट्रक में विशेष रूप से बनाए गए गुप्त खानों से गांजा बरामद किया गया। अधिकारियों ने बताया कि मादक पदार्थ को ड्राइवर की सीट के पीछे, केबिन के ऊपरी हिस्से और अन्य छिपे हुए स्थानों में रखा गया था ताकि जांच एजेंसियों की नजर से बचा जा सके। बरामद गांजा 247 पैकेटों में पैक किया गया था। डीआरआई के अनुसार जब्त किए गए गांजे की अंतरराष्ट्रीय अवैध बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 2.61 करोड़ रुपये है। इसके अलावा जिस ट्रक का उपयोग तस्करी के लिए किया जा रहा था, उसे भी जब्त कर लिया गया है। आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंसेस (NDPS) एक्ट, 1985 के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच एजेंसियों का मानना है कि यह केवल एक बड़ी तस्करी श्रृंखला का हिस्सा हो सकता है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर नेटवर्क के अन्य सदस्यों, सप्लायरों और संभावित खरीदारों की जानकारी जुटाई जा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस कार्रवाई से पूरे नेटवर्क का खुलासा हो सकता है। डीआरआई ने बताया कि इससे पहले भी वर्ष 2026 में इसी नेटवर्क से जुड़े मामलों में 1,250 किलोग्राम से अधिक गांजा जब्त किया जा चुका है और कई लोगों को गिरफ्तार किया गया था। लगातार हो रही कार्रवाई से यह स्पष्ट है कि जांच एजेंसियां संगठित मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ सख्त अभियान चला रही हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि मादक पदार्थों की तस्करी केवल कानून-व्यवस्था का मुद्दा नहीं है, बल्कि यह युवाओं और समाज के लिए भी गंभीर खतरा है। ऐसे में तस्करी नेटवर्क पर कार्रवाई और जन-जागरूकता दोनों आवश्यक हैं। मुख्य बिंदु • नागपुर में डीआरआई की बड़ी कार्रवाई • 522.554 किलोग्राम गांजा बरामद • अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट का खुलासा • दो आरोपी गिरफ्तार • गांजे की अनुमानित कीमत 2.61 करोड़ रुपये • NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज निष्कर्ष नागपुर में हुई यह कार्रवाई मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एजेंसियों की बड़ी सफलता मानी जा रही है। जांच आगे बढ़ने के साथ इस नेटवर्क से जुड़े और लोगों की गिरफ्तारी होने की संभावना है। अधिकारियों का कहना है कि राज्य और देश में नशे के कारोबार को रोकने के लिए ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।

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युवा रोजगार और शिक्षा के मुद्दे पर देशभर में चर्चा तेज, सरकार और विपक्ष आमने-सामने

नई दिल्ली: देश में युवाओं के रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। विभिन्न राजनीतिक दलों ने युवाओं के भविष्य, रोजगार सृजन और शिक्षा व्यवस्था को लेकर अपने-अपने दृष्टिकोण सामने रखे हैं। आगामी महीनों में यह मुद्दा राजनीतिक और सामाजिक चर्चा के केंद्र में रहने की संभावना है। सरकार का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में कौशल विकास, स्टार्टअप प्रोत्साहन, डिजिटल शिक्षा और औद्योगिक निवेश के माध्यम से रोजगार के नए अवसर पैदा किए गए हैं। सरकार के अनुसार कई क्षेत्रों में निवेश बढ़ने से युवाओं को रोजगार मिलने की संभावनाएं मजबूत हुई हैं। वहीं विपक्ष का आरोप है कि युवाओं को पर्याप्त रोजगार नहीं मिल पा रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं, भर्ती प्रक्रियाओं तथा शिक्षा से जुड़े कई मुद्दों पर सुधार की आवश्यकता है। विपक्षी दलों ने रोजगार के अवसर बढ़ाने और युवाओं को बेहतर प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की मांग की है। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत दुनिया की सबसे युवा आबादी वाले देशों में शामिल है। ऐसे में रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है। अर्थशास्त्रियों का कहना है कि यदि युवाओं को सही अवसर और प्रशिक्षण मिले तो देश की आर्थिक प्रगति और तेज हो सकती है। शिक्षा क्षेत्र के जानकारों के अनुसार आधुनिक तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा एनालिटिक्स और डिजिटल सेवाओं जैसे क्षेत्रों में नई संभावनाएं तेजी से उभर रही हैं। इसलिए शिक्षा प्रणाली को भी समय के अनुसार अपडेट करना जरूरी है। युवाओं का कहना है कि उन्हें केवल डिग्री ही नहीं बल्कि व्यावहारिक कौशल और उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप प्रशिक्षण भी मिलना चाहिए। कई युवा उद्यमिता और स्टार्टअप के क्षेत्र में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, जिसके लिए वित्तीय और तकनीकी सहायता की आवश्यकता होती है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि रोजगार और शिक्षा का मुद्दा आगामी समय में राजनीतिक दलों के लिए महत्वपूर्ण एजेंडा बना रहेगा। सरकार और विपक्ष दोनों ही युवाओं को केंद्र में रखकर अपनी रणनीतियां तैयार कर रहे हैं। मुख्य बिंदु • रोजगार और शिक्षा पर राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा तेज • कौशल विकास और डिजिटल शिक्षा पर जोर • युवाओं के लिए नए अवसरों की मांग • सरकार और विपक्ष के बीच बहस जारी • विशेषज्ञों ने कौशल आधारित शिक्षा की जरूरत बताई निष्कर्ष भारत की युवा आबादी देश की सबसे बड़ी ताकत मानी जाती है। रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास जैसे विषयों पर प्रभावी नीतियां न केवल युवाओं का भविष्य बेहतर बना सकती हैं बल्कि देश की आर्थिक और सामाजिक प्रगति को भी नई दिशा दे सकती हैं।

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भारत की जीडीपी वृद्धि 7.7% पहुंची, दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना देश

Indian GDP Growth: भारत की अर्थव्यवस्था दौड़ी रॉकेट की रफ्तार से! FY26 में GDP ग्रोथ पहुंची 7.7% India’s GDP Growth Reaches 7.7%, Remains Fastest Growing Major Economy नई दिल्ली। भारत की अर्थव्यवस्था ने वित्त वर्ष 2025-26 में मजबूत प्रदर्शन करते हुए 7.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। जनवरी-मार्च तिमाही में जीडीपी वृद्धि 7.8 प्रतिशत रही, जो बाजार के अनुमान से अधिक है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार निर्माण, कृषि, बुनियादी ढांचा और निजी निवेश में वृद्धि ने अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान की। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों के बावजूद मजबूत स्थिति में बना हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आर्थिक वृद्धि का स्वागत करते हुए कहा कि यह उपलब्धि देशवासियों की मेहनत और आर्थिक सुधारों का परिणाम है। उन्होंने कहा कि भारत आने वाले वर्षों में भी विकास की गति बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है। अर्थशास्त्रियों का कहना है कि बढ़ते निवेश और मजबूत घरेलू मांग से रोजगार के अवसर बढ़ सकते हैं। हालांकि महंगाई और अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक तनाव आने वाले समय में चुनौतियां पैदा कर सकते हैं। Key Highlights • FY 2025-26 GDP Growth: 7.7% • January-March Quarter Growth: 7.8% • Construction and Infrastructure Sectors Lead Growth • India Continues to be Fastest Growing Major Economy English Summary India’s economy recorded a strong 7.7% growth in FY 2025-26, while the January-March quarter expanded by 7.8%. Analysts attribute the growth to robust investment, infrastructure expansion, and strong domestic demand. Despite global uncertainties, India continues to remain one of the fastest-growing major economies in the world. (जय राष्ट्र न्यूज़)

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महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव 2026: बीएमसी चुनाव की ताजा अपडेट्स, उम्मीदवार और मतदान की पूरी जानकारी

महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव 2026: बीएमसी चुनाव की ताजा अपडेट्स, उम्मीदवार और मतदान की पूरी जानकारी

जयराष्ट्र न्यूज रिपोर्टरदिनांक: 12 जनवरी 2026 महाराष्ट्र में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं क्योंकि राज्य की 29 नगर निगमों के चुनाव नजदीक आ गए हैं। इनमें सबसे ज्यादा ध्यान मुंबई की ब्रिहनमुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) चुनाव पर है, जो 15 जनवरी 2026 को होने वाला है। यह चुनाव न केवल मुंबई की सत्ता तय करेगा बल्कि पूरे महाराष्ट्र की राजनीति पर असर डालेगा। महायुति गठबंधन, जिसमें भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और एकनाथ शिंदे वाली शिवसेना शामिल हैं, ने मुंबई को फिर से ‘सफरन’ बनाने का दावा किया है। वहीं, उद्धव ठाकरे वाली शिवसेना और कांग्रेस जैसी पार्टियां मजबूत चुनौती दे रही हैं। इस लेख में हम महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव 2026 की पूरी जानकारी, ताजा अपडेट्स, उम्मीदवारों की सूची, मतदान प्रक्रिया और चुनाव के महत्व पर विस्तार से चर्चा करेंगे। यह लेख एसईओ फ्रेंडली है और सरल भाषा में लिखा गया है ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव 2026 का महत्व क्यों है? महाराष्ट्र भारत का आर्थिक केंद्र है, और मुंबई जैसे शहर की नगर निगम सत्ता पर कब्जा करना हर राजनीतिक दल के लिए सपना होता है। बीएमसी का बजट हजारों करोड़ रुपये का है, जो सड़कें, सफाई, पानी, स्वास्थ्य और परिवहन जैसी सेवाओं को संभालता है। 2026 के चुनाव में करीब 1 करोड़ से ज्यादा मतदाता हिस्सा लेंगे, जो इसे देश का सबसे बड़ा स्थानीय चुनाव बनाता है। राज्य चुनाव आयोग (एसईसी) ने घोषणा की है कि 29 नगर निगमों में से धुले, अहमदनगर, जलगांव, सांगली जैसे शहर शामिल हैं। लेकिन मुंबई का बीएमसी चुनाव सबसे हॉट टॉपिक है क्योंकि यहां ठाकरे भाइयों की एकता की अपील सुर्खियां बटोर रही है। पिछले कुछ सालों में महाराष्ट्र की राजनीति में बड़े बदलाव हुए हैं। 2019 में शिवसेना टूट गई थी, जिसके बाद एकनाथ शिंदे ने बीजेपी के साथ सरकार बनाई। अब 2026 के चुनाव में ‘मराठी मानूस’ का मुद्दा फिर से उभरा है। राज ठाकरे की महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) भी मैदान में है, जो स्थानीय मुद्दों पर जोर दे रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह चुनाव 2029 के लोकसभा चुनावों की दिशा तय कर सकता है। अगर महायुति जीतती है, तो मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की स्थिति मजबूत होगी। वहीं, विपक्ष की जीत से उद्धव ठाकरे का राजनीतिक करियर नई ऊंचाई छू सकता है। बीएमसी चुनाव 2026 की तारीख और शेड्यूल राज्य चुनाव आयोग ने चुनाव की पूरी समय-सारणी जारी कर दी है। मतदान 15 जनवरी 2026 को सुबह 7:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगा। परिणाम 18 जनवरी 2026 को घोषित किए जाएंगे। मुंबई में 227 वार्ड हैं, जहां से पार्षद चुने जाएंगे। कुल 1700 से ज्यादा उम्मीदवार मैदान में हैं। नामांकन की प्रक्रिया दिसंबर 2025 में पूरी हो चुकी है, और अब प्रचार अभियान जोरों पर है। चुनाव आयोग ने कोविड-19 जैसी महामारी से सबक लेते हुए सख्त नियम बनाए हैं। मतदान केंद्रों पर मास्क, सैनिटाइजर और सोशल डिस्टेंसिंग अनिवार्य है। बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं के लिए घर से वोटिंग की सुविधा भी उपलब्ध है। प्रमुख पार्टियां और उनके वादे इस चुनाव में मुख्य मुकाबला महायुति गठबंधन और महा विकास अघाड़ी (एमवीए) के बीच है। महायुति में बीजेपी, शिंदे शिवसेना और अजीत पवार वाली एनसीपी शामिल हैं। उन्होंने मुंबई को ‘विश्व स्तरीय शहर’ बनाने का वादा किया है। उनके मुख्य वादे हैं: वहीं, एमवीए में उद्धव ठाकरे वाली शिवसेना, कांग्रेस और शरद पवार वाली एनसीपी हैं। वे ‘मराठी अस्मिता’ पर जोर दे रहे हैं। उनके वादे: राज ठाकरे की एमएनएस ‘मराठी मानूस’ को केंद्र में रखकर चुनाव लड़ रही है। उन्होंने कहा है कि गैर-मराठी लोगों को शहर से बाहर करने की नीति अपनाएंगे। ठाकरे भाइयों (उद्धव और राज) ने हाल ही में एक संयुक्त रैली में एकता की अपील की, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। ताजा अपडेट्स: क्या हो रहा है मैदान में? 12 जनवरी 2026 तक की ताजा खबरों के अनुसार, ठाकरे भाइयों की संयुक्त रैली ने राजनीतिक माहौल गर्मा दिया है। रैली में उन्होंने कहा, “मुंबई हमारी है, और इसे बचाने के लिए एकजुट हों।” बीजेपी ने इसका जवाब देते हुए कहा कि मुंबई और ठाणे ‘सफरन’ रहेंगे। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, “हम विकास पर चुनाव लड़ रहे हैं, न कि परिवारवाद पर।” एक और अपडेट: शिवसेना (शिंदे) ने अजीत पवार पर आरोप लगाया कि वे अपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मीदवारों को टिकट दे रहे हैं। वहीं, एनडीटीवी की पावर प्ले में चुनावी विश्लेषण में कहा गया कि मतदान प्रतिशत 50% से ऊपर जा सकता है। विकिपीडिया के अनुसार, यह चुनाव मुंबई की सिविक सेवाओं को नियंत्रित करेगा। मिड-डे रिपोर्ट के मुताबिक,नागरिक तैयार हैं वोट डालने के लिए। फाइनेंशियल एक्सप्रेस ने लाइव अपडेट्स में बताया कि प्रचार में ‘मराठी बनाम बाहरी’ का मुद्दा छाया हुआ है। हिंदुस्तान टाइम्स ने कहा कि महायुति मुंबई की पुरानी गरिमा वापस लाएगी। मतदाता सूची कैसे चेक करें? अगर आप मुंबई या अन्य नगर निगम क्षेत्र में रहते हैं, तो अपनी मतदाता सूची चेक करना जरूरी है। इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार, आप ऑनलाइन चेक कर सकते हैं: करीब 1 करोड़ मतदाता हैं, इसलिए पहले से तैयारी करें। चुनाव के प्रभाव और भविष्य यह चुनाव महाराष्ट्र की राजनीति का टर्निंग पॉइंट हो सकता है। अगर बीजेपी जीतती है, तो केंद्र सरकार के प्रोजेक्ट जैसे बुलेट ट्रेन और मेट्रो तेज होंगे। वहीं, विपक्ष की जीत से स्थानीय मुद्दों पर फोकस बढ़ेगा। पर्यावरण विशेषज्ञ कहते हैं कि चुनाव में ग्रीन इश्यूज जैसे प्रदूषण नियंत्रण को महत्व मिलना चाहिए। आम जनता के लिए यह चुनाव मौका है अपनी समस्याएं उठाने का। सड़कें खराब हैं? पानी की कमी है? वोट से बदलाव लाएं। जयराष्ट्र न्यूज रिपोर्टर वेबसाइट आपको लगातार अपडेट्स देती रहेगी। निष्कर्ष: वोट दें, बदलाव लाएं महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव 2026 लोकतंत्र का बड़ा उत्सव है। 15 जनवरी को मतदान करें और अपने शहर को बेहतर बनाएं। सरल शब्दों में कहें तो यह चुनाव विकास, एकता और अस्मिता का है। अधिक जानकारी के लिए हमारी वेबसाइट पर विजिट करें।

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यूक्रेन-रूस शांति वार्ता: ९०% समझौता तैयार, लेकिन खतरे बरकरार

जय राष्ट्र न्यूज रिपोर्टर, ३ जनवरी २०२६ यूक्रेन और रूस के बीच युद्ध अब तीसरे साल में है। हाल ही में शांति की उम्मीद जगी है। राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने कहा है कि समझौता ९०% तैयार है। लेकिन चुनौतियां अभी भी हैं। रूस की तरफ से झूठे हमले की चेतावनी दी गई है। यह खबर दुनिया भर में चर्चा का विषय बनी हुई है। इस लेख में हम नवीनतम घटनाओं पर नजर डालेंगे। हम शांति वार्ता की प्रगति देखेंगे। साथ ही, बाधाओं पर भी बात करेंगे। यह जानकारी आपको अपडेट रखेगी। शांति समझौते की प्रगति जेलेंस्की ने नए साल के संबोधन में अच्छी खबर दी। उन्होंने कहा कि यूक्रेन और अमेरिका के बीच समझौता लगभग पूरा है। यह युद्ध खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम है। हालांकि, रूस को इसमें शामिल करना बाकी है। ट्रंप ने दावा किया कि पुतिन शांति चाहते हैं। लेकिन रूसी अधिकारी सहमत नहीं दिखते। यूक्रेन ने सुरक्षा सहयोगियों से बात की। ये वार्ताएं महत्वपूर्ण हैं। वे समझौते को मजबूत बनाती हैं। रूस का दावा है कि यूक्रेन कमजोर हो रहा है। लेकिन यूक्रेन मजबूती से खड़ा है। इसके अलावा, परमाणु संयंत्र एक बड़ी समस्या है। जपोरिजिया परमाणु संयंत्र: मुख्य बाधा जपोरिजिया संयंत्र यूक्रेन में है। लेकिन रूस ने इसे कब्जा कर रखा है। यह यूरोप का सबसे बड़ा परमाणु संयंत्र है। जेलेंस्की ने कहा कि यह शांति योजना में अटकाव है। यदि रूस इसे नहीं छोड़ेगा, तो खतरा बढ़ेगा। संयंत्र में कोई दुर्घटना हो सकती है। यह पूरे क्षेत्र को प्रभावित करेगी। संयुक्त राष्ट्र ने चिंता जताई है। वे सुरक्षा चाहते हैं। यूक्रेन का कहना है कि रूस इसे हथियार की तरह इस्तेमाल कर रहा है। इसलिए, समझौते में इसका समाधान जरूरी है। अन्यथा, शांति मुश्किल होगी। रूस की संभावित साजिश यूक्रेन की खुफिया एजेंसी ने चेतावनी दी है। वे कहते हैं कि रूस झूठा हमला कर सकता है। यह हमला रूस में ही होगा। इसका उद्देश्य शांति वार्ता बिगाड़ना है। यह फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन होगा। इसमें बड़ी संख्या में लोग मारे जा सकते हैं। चेतावनी के अनुसार, यह हमला चर्च पर हो सकता है। रूसी ऑर्थोडॉक्स क्रिसमस से पहले। यह ७ जनवरी को है। यूक्रेन ने कहा कि रूस ऐसा करके दोष यूक्रेन पर डालेगा। इससे वार्ता रुक जाएगी। दुनिया को सतर्क रहना चाहिए। इसके अलावा, रूस लगातार हमले कर रहा है। हाल ही में एक मिसाइल हमले में दो लोग मारे गए। इसमें एक तीन साल का बच्चा भी था। ३१ लोग घायल हुए। यह दिखाता है कि युद्ध थमा नहीं है। फ्रंटलाइन पर स्थिति यूक्रेन ने फ्रंटलाइन से निकासी का आदेश दिया। हजारों लोगों को सुरक्षित जगह जाना होगा। रूसी सेना आगे बढ़ रही है। खारकीव क्षेत्र में ड्रोन हमले हो रहे हैं। यूक्रेन की सेना नियमों का पालन कर रही है। वे नागरिकों की रक्षा कर रही हैं। हालांकि, रूस का दावा अलग है। वे कहते हैं कि यूक्रेन हार रहा है। लेकिन यूक्रेन ने कहा कि वे लड़ते रहेंगे। शांति के लिए तैयार हैं। लेकिन आत्मसमर्पण नहीं करेंगे। अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया दुनिया इस पर नजर रखे हुए है। अमेरिका यूक्रेन का समर्थन कर रहा है। ट्रंप प्रशासन वार्ता को बढ़ावा दे रहा है। यूरोपीय संघ भी शामिल है। वे सुरक्षा गारंटी चाहते हैं। रूस ने कहा कि वे वार्ता के लिए तैयार हैं। लेकिन शर्तें उनकी होंगी। पुतिन ने कोई टिप्पणी नहीं की। लेकिन उनके अधिकारी सक्रिय हैं। इसके अलावा, चीन और भारत जैसे देश मध्यस्थता कर सकते हैं। वे शांति चाहते हैं। २०२६ में शांति की संभावना नए साल में शांति की उम्मीद है। लेकिन बाधाएं हैं। यदि झूठे हमले हुए, तो सब बिगड़ सकता है। विशेषज्ञ कहते हैं कि वार्ता जारी रखनी चाहिए। दोनों पक्षों को समझौता करना होगा। यूक्रेन ने कहा कि वे ९०% तैयार हैं। बाकी १०% पर काम हो रहा है। लेकिन रूस की मंशा साफ नहीं है। इसलिए, सावधानी जरूरी है। भारत की भूमिका भारत ने हमेशा शांति की वकालत की है। प्रधानमंत्री ने दोनों पक्षों से बात की। भारत मध्यस्थ बन सकता है। यह क्षेत्रीय स्थिरता के लिए अच्छा होगा। इसके अलावा, युद्ध से ऊर्जा कीमतें प्रभावित होती हैं। भारत को फायदा होगा यदि शांति हो। निष्कर्ष यूक्रेन-रूस शांति वार्ता महत्वपूर्ण मोड़ पर है। ९०% समझौता तैयार है। लेकिन रूस की साजिश चिंता का विषय है। दुनिया को एकजुट होना चाहिए। शांति से सभी को फायदा होगा। हम आगे की खबरों पर नजर रखेंगे। यह स्थिति तेजी से बदल रही है। अधिक जानकारी के लिए जय राष्ट्र न्यूज पर बने रहें। यदि आपके कोई सवाल हैं, तो कमेंट करें।

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दिल्ली: 14 साल की दिव्या ने कराटे की ताकत से चेन स्नैचर को दौड़ाकर पकड़ा, मां को धक्का देकर भाग रहा था चोर

14 साल की दिव्या ने कराटे की ताकत से चेन स्नैचर को दौड़ाकर पकड़ा

नई दिल्ली, 01 जनवरी 2026: दिल्ली के उत्तम नगर में एक 14 साल की लड़की ने अपनी बहादुरी और कराटे की ट्रेनिंग से सभी को चौंका दिया। उसने अपनी मां से चेन छीनकर उन्हें धक्का देने वाले चोर का करीब आधा किलोमीटर तक पीछा किया और आखिरकार उसे पकड़कर गिरा दिया। यह घटना उत्तम नगर के ओम विहार फेज-5 इलाके में हुई। केरल मूल की साठी अपनी बेटी दिव्या के साथ ट्यूशन से घर लौट रही थीं। रात लगभग 8 बजे घर के पास पहुंचते ही एक व्यक्ति ने साठी को धक्का देकर उनकी सोने की चेन छीन ली और तेजी से भागने लगा। चेन में लगा लॉकेट करीब एक सोवरिन का था। दिव्या ने बिल्कुल भी घबराए बिना तुरंत चोर का पीछा शुरू कर दिया। व्यस्त सड़क पर वाहनों के बीच दौड़ते हुए उसने करीब आधा किलोमीटर तक चोर को खदेड़ा। फिर अपनी पांच साल की कराटे ट्रेनिंग का इस्तेमाल कर उसे पकड़ लिया और जमीन पर पटक दिया। आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी, लेकिन चेन वापस मिल जाने के कारण साठी ने चोर के खिलाफ शिकायत दर्ज नहीं कराई। हालांकि चेन का लॉकेट गायब था। दिव्या नवादा स्थित पंजाजन्यम भारतम कल्चरल सेंटर में शीलू जोसेफ से कराटे सीख रही हैं। वह विकसित पुरी के केरल स्कूल में कक्षा 9 की छात्रा हैं। मां साठी ने कहा, “चेन से ज्यादा बेटी की सुरक्षा की चिंता थी।” यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि लड़कियों के लिए सेल्फ-डिफेंस ट्रेनिंग कितनी जरूरी है। दिव्या की बहादुरी की सोशल मीडिया पर खूब प्रशंसा हो रही है। (जय राष्ट्र न्यूज़ ब्यूरो)

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जय राष्ट्र न्यूज़ स्पेशल: ‘धुरंधर’ का 26/11 सीन – रोंगटे खड़े कर देने वाला सच, सर्वाइवर का दिल दहला!

रणवीर सिंह अभिनीत फिल्म धुरंधर (5 दिसंबर 2025 को रिलीज) ने बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचा दिया है। 400 करोड़ से ज्यादा की कमाई कर चुकी इस धुरंधर स्पाई थ्रिलर के एक सीन ने पूरे देश को झकझोर दिया है – वो रेड स्क्रीन वाला 26/11 मुंबई आतंकी हमले का दृश्य! फिल्म में स्क्रीन खून-लाल हो जाती है और लश्कर-ए-तैयबा के आतंकियों व पाकिस्तानी हैंडलर्स की असली इंटरसेप्टेड वॉइस रिकॉर्डिंग्स बजने लगती हैं। हैंडलर्स ठंडे खून से निर्देश देते हैं – बंधकों को बेरहमी से मारो, ज्यादा से ज्यादा तबाही मचाओ। ये वो कड़वा सच है जो 2008 की उस भयानक रात को फिर से जिंदा कर देता है। सिनेमाघरों में सन्नाटा छा जाता है, दर्शक गुस्से, दर्द और बेबसी से भर जाते हैं। ताज होटल सर्वाइवर रजिता बग्गा का इमोशनल रिएक्शन: 26/11 की रात ताज होटल में अपने पति अजय बग्गा के साथ फंसी रहीं रजिता (श्री श्री यूनिवर्सिटी की प्रेसिडेंट) ने एक्स पर लिखा, “मेरे लिए सबसे बोने-चिलिंग सीन रेड स्क्रीन वाला था। 17 साल बीत गए, लेकिन हैंडलर्स की आवाजें सुनकर शरीर में सिहरन दौड़ गई। कितना क्रूर, अमानवीय और घिनौना! धुरंधर टीम को सलाम, जिन्होंने 2-3 मिनट में नई पीढ़ी को 26/11 का पूरा सच बता दिया। रणवीर का वो लुक पूरी जनरेशन को सताएगा।” निर्देशक आदित्य धर ने जवाब दिया, “आपके शब्द याद दिलाते हैं कि ये कहानी क्यों बतानी जरूरी थी। ये सीन सच्चाई दिखाने के लिए बनाया गया। अगर ये निशान छोड़ता है, तो एकजुट होकर ऐसी अंधेरी रात कभी न लौटे। सर्वाइव करने, बोलने के लिए धन्यवाद।” अर्जुन रामपाल व टीम का खुलासा: अर्जुन (मेजर इकबाल) ने इसे करियर का सबसे मुश्किल सीन बताया। सेट पर 45 मिनट की रियल रिकॉर्डिंग सुनकर रणवीर, अक्षय खन्ना, सबकी आंखें नम हो गईं। रणवीर का किरदार हमजा (RAW एजेंट) पाकिस्तान में घुसा है, 26/11 देखकर अंदर से टूट जाता है – आंखों में दर्द, गुस्सा, बेबसी। एक्टर दानिश पंडोर बोले, “ये सीन आम आदमी को सोचने पर मजबूर कर देता है – अगर आप वहां होते तो?” क्यों खास है ये सीन? कंधार हाईजैक, संसद हमला से प्रेरित फिल्म में 26/11 को रियल ऑडियो से जोड़ा गया। दर्शक X पर लिख रहे – “रोंगटे खड़े हो गए”, “गुस्सा आ गया”, “नई जनरेशन को याद दिलाया”। कुछ नेगेटिव कैंपेन भी चले, लेकिन सच ने जीत ली। जय राष्ट्र न्यूज़ अपील: ऐसी फिल्में राष्ट्रहित में हैं। धुरंधर देखें, शेयर करें। भारत माता की जय!

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पीएम मोदी ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को दी श्रद्धांजलि, कहा-उनसे बहुत कुछ सीखा

पीएम मोदी ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को दी श्रद्धांजलि, कहा-उनसे बहुत कुछ सीखा

भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की गुरुवार को जयंती है. पीएम मोदी, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह सहित भाजपा के नेताओं ने उनकी जयंती पर याद करते हुए श्रद्धांजलि दी| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पुरानी तस्वीर शेयर करते हुए लिखा- ‘प्रणब मुखर्जी को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि| एक महान राजनेता और बहुत गहराई वाले विद्वान. उन्होंने दशकों तक सार्वजनिक जीवन में बिना किसी रुकावट के भारत की सेवा की| प्रणब बाबू की बुद्धि और विचारों की स्पष्टता ने हर कदम पर हमारे लोकतंत्र को समृद्ध किया| यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि इतने सालों तक हमारी बातचीत में मुझे उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला|’ अमित शाह ने किया यादकेंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा ‘भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि| जनता की सेवा के लिए समर्पित एक नेता, मुखर्जी की संविधान की गहरी समझ ने सरकारी पदों पर उनके कार्यकाल को परिभाषित किया| उनका जीवन और काम हमारी लोकतांत्रिक यात्रा को प्रेरित करते रहेंगे|’ जेपी नड्डा का पोस्टभाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “भारत रत्न प्रणब मुखर्जी को उनकी जयंती पर मेरी दिल से श्रद्धांजलि| सार्वजनिक सेवा में उनके लंबे सफर ने भारत को कई तरह से बनाया है| अपनी विनम्रता और गहरे ज्ञान के लिए जाने जाने वाले, उन्होंने अनगिनत लोगों की जिंदगी को छुआ और देश की तरक्की में बहुत बड़ा योगदान दिया| उनकी विरासत भारत के विकास के लिए समर्पित आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी|” प्रदेश के नेताओं ने किया यादअसम के मुख्यमंत्री हेमंत विश्व शर्मा ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का हमारे देश के लिए बहुत बड़ा योगदान उनके विजन और राजनेता होने का हमेशा रहने वाला सबूत है| उनकी जयंती पर, हम भारत रत्न को दिल से श्रद्धांजलि देते हैं जिन्होंने भारत की राजनीतिक सोच को आकार दिया, पार्टी लाइन से ऊपर उठकर आवाजों को एक किया और हमारे लोकतंत्र की नींव को मजबूत किया| दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने लिखा कि पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का हमारे देश के लिए बहुत बड़ा योगदान उनके विजन और राजनेता होने का हमेशा रहने वाला सबूत है. उनकी जयंती पर हम भारत रत्न को दिल से श्रद्धांजलि देते हैं जिन्होंने भारत की राजनीतिक सोच को आकार दिया, पार्टी लाइन से ऊपर उठकर आवाजों को एक किया और हमारे लोकतंत्र की नींव को मज़बूत किया|’

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दिल्ली के AQI में एक बार फिरसे बढ़ोतरी, इन जगहों की हालत गंभीर

दिल्ली के AQI में एक बार फिरसे बढ़ोतरी, इन जगहों की हालत गंभीर

दिसंबर के पहले सप्ताह से ही उत्तर भारत में ठंड अपना असर दिखाने लगी है. दिल्ली से लेकर बिहार तक सुबह के समय आसमान में कोहरे की चादर देखी जा रही है. वहीं, मौसम विभाग ने कुछ राज्यों में मौसम बिगड़ने का अलर्ट भी जारी किया है. IMD ने चक्रवात दितवाह पर अपडेट देते हुए बताया कि आज कुछ राज्यों में इसका असर तेज हो सकता है, जिसके चलते बारिश की संभावना बढ़ गई है. नवंबर की शुरुआत के साथ ही ठंड धीरे-धीरे बढ़ने लगी थी. अब दिसंबर आते-आते ठंड ने और जोर पकड़ लिया है. दिल्ली से लेकर बिहार तक कई इलाकों में सुबह कड़ाके की ठंड के साथ कोहरा छाया हुआ दिखा. इस बीच IMD ने कई राज्यों में मौसम बिगड़ने की चेतावनी जारी की है. दितवाह को लेकर विभाग का कहना है कि आज कई इलाकों में इसका असर देखने को मिल सकता है, जिससे भारी बारिश की आशंका है. दिल्ली में गिर सकता है तापमानराजधानी दिल्ली-NCR में ठंड ने दस्तक दे दी है. IMD का कहना है कि फिलहाल बारिश की संभावना नहीं है, लेकिन आने वाले दिनों में तापमान में तेज गिरावट हो सकती है. आज भी दिल्ली का न्यूनतम तापमान सामान्य से कम दर्ज किया जा सकता है, जिसके चलते ठिठुरन बढ़ेगी. यूपी-बिहार में कोहरा बढ़ाउत्तर प्रदेश में भी ठंड बढ़ने लगी है. दिसंबर की शुरुआत के साथ ही कोहरे ने कई हिस्सों को ढक लिया है. हालांकि दिन चढ़ने पर धुंध कम हो जाती है. IMD का कहना है कि इस हफ्ते यूपी में सुबह और रात के समय कड़ाके की ठंड बनी रहेगी. बिहार में इस बार रिकॉर्ड तोड़ ठंड देखने को मिल रही है. राज्य के लगभग 23 जिलों—जैसे मुजफ्फरपुर, मधुबनी, दरभंगा, समस्तीपुर, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी, शिवहर और जमुई में घना कोहरा छाया हुआ है. इन जगहों पर विजिबिलिटी बेहद कम दर्ज की जा रही है. मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में तापमान और गिर सकता है, जिससे कोहरा और बढ़ेगा.पहाड़ों पर लगातार बर्फबारी पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी का दौर जारी है. जम्मू-कश्मीर में तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है. इस कड़ी ठंड ने लोगों की दिनचर्या प्रभावित कर दी है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को काफी दिक्कत हो रही है. उत्तराखंड में भी ठंड तेज हो गई है. यहां दिन और रात के तापमान में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है. सूखी ठंड के कारण लोग परेशान हैं. मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में राज्य के ऊंचे इलाकों में बर्फबारी हो सकती है. दक्षिण में दितवाह का असर, हालात अब भी बिगड़े उत्तर भारत ठंड से जूझ रहा है, वहीं दक्षिण भारत में चक्रवात दितवाह ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं. श्रीलंका और दक्षिण–पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बना यह तूफान कमजोर जरूर पड़ा है, लेकिन इसका असर अभी भी साफ दिख रहा है. मौसम विभाग ने दो दिसंबर तक तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और रायलसीमा में भारी बारिश की चेतावनी दी है. चेन्नई में हालात सबसे ज्यादा बिगड़े हुए हैं. लगातार बारिश ने दिनभर की रफ्तार थाम दी, सड़कों पर पानी भर गया, कई जगह पेड़ गिर गए और ट्रैफिक घंटों रुका रहा. ग्रेटर चेन्नई कॉरपोरेशन ने एहतियात के तौर पर निचले इलाकों में राहत और बचाव के लिए 103 नावें तैयार रखी हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद पहुंचाई जा सके.

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बिहार चुनाव के बीच रवि किशन को मिली जान से मारने की धमकी, जांच में जुटी पुलिस

बिहार चुनाव के बीच रवि किशन को मिली जान से मारने की धमकी, जांच में जुटी पुलिस

बिहार विधानसभा चुनाव के माहौल में भोजपुरी एक्टर और बीजेपी सांसद रवि किशन शुक्ला को जान से मारने की धमकी मिली है. बताया जा रहा है कि बिहार के आरा जिले के जवनिया गांव के रहने वाले एक शख्स ने फोन कर यह धमकी दी. आरोपी ने सांसद के निजी सचिव शिवस द्विवेदी को कॉल कर पहले अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और फिर कहा कि रवि किशन, यादवों पर टिप्पणी करते हैं, इसलिए उन्हें गोली मार दूंगा. वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत इस मामले में बीजेपी सांसद के सचिव ने गोरखपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है. पुलिस ने तुरंत जांच शुरू कर दी है और आरोपी को ट्रेस करने की कोशिश की जा रही है. पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा. शिकायत में क्या बताया गया? शिकायत में बताया गया है कि आरोपी ने धमकी के साथ-साथ धार्मिक टिप्पणी भी की और कहा कि उसे सांसद की हर गतिविधि की जानकारी है. उसने यह भी कहा कि जब चार दिन बाद रवि किशन बिहार आएंगे तो उन्हें जान से मार देगा. इस उम्मीदवार का किया समर्थन इतना ही नहीं, आरोपी ने छपरा से आरजेडी उम्मीदवार और भोजपुरी एक्टर खेसारी लाल यादव का समर्थन भी किया. उसने खेसारी के राम मंदिर की जगह अस्पताल बनाने वाले बयान को भी सपोर्ट किया और भगवान श्रीराम को लेकर भी अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया. बीजेपी सांसद के सचिव ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है. फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है और सुरक्षा को लेकर भी सतर्कता बरती जा रही है. चुनावी माहौल में इस तरह की धमकी ने राजनीतिक हलकों में चिंता बढ़ा दी है.

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