Israel bombings Gaza

Israel Gaza Conflict: इजरायल ने गाजा को किया तबाह, दिन-रात हो रही बमबारी, पलायन या मौत दो ही विकल्प

बीते कई दिनों से गाजा में हर दिन हमला तीव्र होता जा (Israel Gaza Conflict) रहा है। गाजा में आये दिन औसतन 200 से अधिक लोगों की मौत हो रही है। हालांकि इजराइल-हमास में जारी संघर्ष के बीच नेतन्याहू ने गाजा पर नियंत्रण का ऐलान कर दिया है। लेकिन, एक तरफ जहाँ इजराइल ने गाजा पर नियंत्रण की घोषणा की है तो वहीं दूसरी तरफ हमास आम नागरिकों को ढाल बना रहा है। इजराइली सेना और हमास के बीच जारी संघर्ष अब इस स्थिति में पहुँच गया जहाँ सिर्फ मौत ही मौत है। इजरायल आये दिन गाजा पर बमबारी कर रहा है। इस बमबारी के बीच हमास आम लोगों को शील्ड बनाकर इजराइली हमले रोकना चाहता है। इसके चलते अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ गया है। बढ़ते दबाव के चलते डोनाल्ड ट्रंप ने दोहरी नीति अपना ली है। उनकी इस नीति की वजह से यूरोपीय देशों के बीच मतभेद होने लगे हैं। होने वाले अगले एक्शन को लेकर सभी ने चिंता जाहिर की है। खैर, इजरायल द्वारा किये जा रहे हमलों की वजह से गाजा में खाद्य संकट का खतरा गहरा गया है। हालाँकि बढ़ते संकट के बीच इजराइल कुछ सहायता पहुंचाने की बात कर रहा है। ऐसे में लोग अपनी जान बचाकर पलायन कर रहे हैं।  फिलिस्तीनियों के पलायन तक जिंदा रहने की आखिरी उम्मीद वाला एक ही शहर (Israel Gaza Conflict) है राफा  बता दें कि गाजा का अंतिम दक्षिणी सिरा राफा है, जो फिलिस्तीनियों के पलायन तक जिंदा रहने की आखिरी उम्मीद वाला शहर (Israel Gaza Conflict) है, लेकिन ये शहर अब जमींदोज होने के कगार पर है। गाजा पर ये कार्रवाई इजराइली सेना ऑपरेशन गिडियंस चैरियट के तहत कर रही है और हैरानी की बात ये है कि, न तो इजराइल के इस ऑपरेशन पर ट्रंप कुछ बोल रहे हैं, न ही उन्हें इस संहार कार्यक्रम से कोई फर्क पड़ रहा है। ऐसे में बहुत मुमकिन है कि ऑपरेशन गिडियंस चैरियट को ट्रंप का मूक समर्थन है। इसे देखकर तो यही कहा जा सकता है कि गाजा में जारी संहार ट्रंप के प्लान के तहत ही हो रहा है। और तो और कहना यह भी गलत नहीं होगा कि गाजा के विनाश की योजना भी पेंटागन में ही तैयार की गई थी? खैर, बीच वैश्विक समुदाय की नज़र गाजा की तरफ घूम चुकी है। जिसके चलते ट्रंप खुद को इस कार्रवाई से अलग करने ढोंग करने लगे हैं।  अंतरराष्ट्रीय दबाव के बावजूद हम गाजा पर नियंत्रण (Israel Gaza Conflict) रखेंगे- पीएम बेंजामिन नेतन्याहू इस बीच इजराइल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि “अंतरराष्ट्रीय दबाव के बावजूद हम गाजा पर नियंत्रण (Israel Gaza Conflict) रखेंगे। इस स्थिति में गाजा पर खाद्यान्न का संकट मंडरा सकता है। इसलिए हम सहायता आपूर्ति पर लगी रोक हटा रहे हैं।” हालाँकि इस बयान के अनुरूप इजराइली कार्रवाई भी दिख रही है। ये रोकी गई सहायता है, जिसे शुरू किया जाना है, तो दूसरी तरफ इजराइली सेना ने गाजा पर विध्वंसक हमले भी जारी रखे हैं। बता दें कि राफा,खान यूनिस, बेत लाहिया और नुसीरत शिविर में इतने भयावह हमले हुए हैं कि इसे रोकने के लिए फिलिस्तीन हाथ जोड़ गुजारिश कर रहा है। राफा शहर जमींदोज होने के कगार पर है। हालांकि इस कार्रवाई के बीच इजराइल ने गाजा से बाहर निकलने की ढील भी दी है जिसमें चुनिंदा फिलिस्तीनी ही बाहर जा सकते हैं और ये सख्ती इसलिए बरती गई है, ताकि हमास के लड़ाके गाजा से बाहर न निकल सकें। कारण यही जो, इस सख्ती ने यूरोप के कई देशों को भी इजराइल के खिलाफ खड़ा कर दिया है।  इसे भी पढ़ें:- अमृतसर में जहरीली शराब ने ली 14 लोगों की जान, मचा हड़कंप, प्रशासन पर उठे सवाल गाजा तक पहुंचने वाली सहायता पर प्रतिबंध नहीं हटाता है तो इजराइल के खिलाफ हमें कोई करनी (Israel Gaza Conflict) पड़ेगी ठोस कार्रवाई  इस पूरे बवाल पर फ्रांस, ब्रिटेन और कनाडा ने संयुक्त बयान जारी करके कहा है कि “अगर इजराइल गाजा पर नए हमले नहीं रोकता है, गाजा तक पहुंचने वाली सहायता पर प्रतिबंध नहीं हटाता है तो इजराइल के खिलाफ हमें कोई ठोस कार्रवाई करनी (Israel Gaza Conflict) पड़ेगी।” यह तो ठीक, लेकिन नेतन्याहू ने गाजा पर नियंत्रण के लिए कदम आगे बढ़ा दिया है। बेशक नेतन्याहू को रोक पाना सबके बस की बात नहीं है। हालांकि ट्रंप टाल सकते हैं, लेकिन ट्रंप ने कुछ और ही सोच रखा है। कुछ भी ही इजरायल गाजा को वीरान कर के ही मानेगा। और बड़ी बात यह कि ट्रंप खुद भी यही चाहते हैं।  Latest News in Hindi Today Hindi news #IsraelGazaConflict #GazaUnderAttack #IsraelAirstrikes #MiddleEastCrisis #PalestineConflict #GazaWar #BreakingNews #HumanitarianCrisis #GazaNews #PrayForGaza

आगे और पढ़ें
Netanyahu on Gaza

Netanyahu on Gaza: गाजा हमले में 400 लोगों की मौत के बाद नेतन्याहू ने कहा, अभी तो ये शुरुआत भर है

तकरीबन दो महीने तक इजरायल (Israel) और हमास के बीच चला युद्धविराम आखिरकार टूट गया। दरअसल, हमास द्वारा शेष बंधकों की रिहाई नहीं किए जाने के चलते मंगलवार को इजरायल ने (Netanyahu on Gaza) गाजा पट्टी पर एक के बाद एक ताबड़तोड़ बमबारी की। इस बमबारी में तकरीबन 400 से ज्यादा फलस्तीनी नागरिक मारे गए और 560 से अधिक घायल हुए हैं। इस हमले को तब अंजाम दिया गया जब रजमान के दौरान लोग तड़के सहरी की तैयारी कर रहे थे। विदित हो कि जनवरी में युद्ध विराम प्रभावी होने के बाद गाजा पर इजरायल का यह सबसे बड़ा हवाई हमला है। कहने की जरूरत नहीं इजरायली हमलों से गाजा में एक बार फिर लोग दहशत में हैं। गाजा के अस्पतालों में शवों का अंबार लग गया है। जानकारी के मुताबिक गाजा में “हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि 404 लोगों की मौत हुई है और 560 ज्यादा घायल हुए हैं। कहा जा रहा है कि इस हमले से पहले इजरायल ने ट्रंप प्रशासन और व्हाइट हाउस के साथ विचार-विमर्श किया था। वाशिंगटन में व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ब्रायन ह्यूजेस ने कहा कि “हमास युद्ध विराम को आगे बढ़ाने के लिए बंधकों को रिहा कर सकता था, लेकिन उसने इन्कार कर दिया और युद्ध का रास्ता चुना।”  प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने यह भी कहा (Netanyahu on Gaza) कि “पूर्व में हुई रिहाई से साबित होता है कि बंधकों की रिहाई के लिए सैन्य दवाब जरूरी है इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि (Netanyahu on Gaza) इजरायल ने युद्धविराम को कई सप्ताह तक बढ़ाया, जिस दौरान हमें बंधक नहीं मिले।” उन्होंने आगे कहा कि “बातचीत करने वाली टीमों को कतर और मिस्र भेजा गया, लेकिन इससे कोई फायदा नहीं हुआ। हमास को और अधिक बंधकों को रिहा करने के लिए राजी करने की कोशिश हुई, लेकिन कोई रिजल्ट नहीं निकला, जिसके कारण यह आखिरी उपाय था।” नेतन्याहू ने कहा कि “हमास ने बंधक रिहाई का पहला चरण खत्म होने के बाद अभी भी 59 लोगों को रिहा करने का प्रस्ताव खारिज कर दिया। इनमें से 24 के जिंदा होने की उम्मीद है।” यही नहीं, प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने यह भी कहा कि “पूर्व में हुई रिहाई से साबित होता है कि बंधकों की रिहाई के लिए सैन्य दवाब जरूरी है।” उन्होंने जोर देते हुए आगे कहा कि “गाजा पर हवाई हमले सिर्फ शुरुआत हैं। युद्ध विराम के लिए सभी वार्ताएं युद्ध के दौरान ही होंगी।” एक बयान में उन्होंने  यह भी कहा कि “इजरायल तब तक आगे बढ़ता रहेगा जब तक वह युद्ध के अपने सभी लक्ष्यों को हासिल नहीं कर लेता। इन लक्ष्यों को हासिल करने से इजरायल को कोई नहीं रोक सकता। बता दें कि इन लक्ष्यों में हमास का सफाया और उसके कब्जे से सभी बंधकों की रिहाई शामिल है।”  जब तक जरूरत होगी, तब तक जारी रहेंगे हमले (Netanyahu on Gaza) इस बीच इजरायली सेना ने कहा कि “उसने दर्जनों लक्ष्यों पर हमला (Netanyahu on Gaza) किया। हमले तब तक जारी रहेंगे, जब तक जरूरत होगी।” इसके अलावा सेना ने लोगों को पूर्वी गाजा खाली करने का निर्देश दिया है। बेशक इससे आशंका जताई जा रही है कि संभवतः इजरायली सेना गाजा में फिर से जमीनी कार्रवाई शुरू कर सकती है। इजरायल ने कहा है कि वह हमास के कब्जे से बंधकों को मुक्त कराने के लिए और ज्यादा बल का प्रयोग करेगा। तो वहीं, हमास ने इजरायल पर युद्ध विराम का उल्लंघन करने और स्थायी शांति के लिए मध्यस्थों के प्रयासों को खतरे में डालने का आरोप लगाया है। यही नहीं, इजरायल ने पिछले दो सप्ताह से गाजा के लिए सहायता आपूर्ति रोक रखी है। इसकी वजह से मानवीय संकट गहरा गया है।  इसे भी पढ़ें:- इजराइल ने युद्धविराम तोड़ गाजा पर किया हवाई हमला, 200 से अधिक लोगों की हुई मौत अगर हमास अगले कुछ दिनों में बातचीत के लिए तैयार नहीं होता, तो और भी तेज होगा ऑपरेशन  बता दें कि सात अक्टूबर, 2023 को हमास ने इजरायल पर अचानक हमला किया था। हमास के इस हमले में करीब 1,200 लोग मारे गए थे। 251 लोगों को बंधक बना लिया गया था। इसके बाद इजरायल ने हमास के सफाए के लिए गाजा में सैन्य अभियान चला रखा था। 15 महीने तक चले इस अभियान में गाजा में तकरीबन 48 हजार से ज्यादा फलस्तीनी मारे जा चुके हैं। इस नरसंहार के बाद जनवरी में इजरायल और हमास के बीच छह सप्ताह के लिए युद्धविराम और बंधकों की रिहाई के लिए समझौता हुआ था। बता दें कि अभी भी हमास के कब्जे में 59 बंधक हैं। इजरायली अधिकारियों ने कहा कि “अगर हमास अगले कुछ दिनों में बातचीत के लिए तैयार नहीं होता, तो ऑपरेशन (Netanyahu on Gaza) और भी तेज हो जाएगा।” Latest News in Hindi Today Hindi news Netanyahu on Gaza Israel #IsraelGazaConflict #GazaUnderAttack #Netanyahu #MiddleEastCrisis #WarNews #BreakingNews #Palestine #Israel #GazaCrisis #GlobalConflict

आगे और पढ़ें
Israel breaks ceasefire with airstrikes

Gaza airstrike: इजराइल ने युद्धविराम तोड़ गाजा पर किया हवाई हमला, 200 से अधिक लोगों की हुई मौत 

आखिरकार दो महीने तक इजरायल और हमास के बीच चला युद्धविराम टूट ही गया। दरअसल, मंगलवार की सुबह अचानक इजरायल ने गाजा पट्टी पर हमला  (Gaza airstrike) कर दिया। स्थानीय समय के मुताबिक सुबह 2 बजे एयर स्ट्राइक शुरू हुई। प्राप्त जानकारी के मुताबिक इस हमले में तकरीबन 200 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। लगातार मौतों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। इस तरह इजरायल ने हमला करके सीजफायर तोड़ दिया है। बता दें कि पिछले सप्ताह ट्रंप प्रशासन ने युद्धविराम को बढ़ाने की कोशिश की और दोनों पक्षों के सामने एक प्रस्ताव रखा था। कतर की राजधानी दोहा में हुई यह बातचीत बेनतीजा साबित हुई थी। इस पर अधिक जानकारी देते हुए वाइट हाउस ने कहा कि “हमास ने उसके प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया।” वैसे यह हमला अचानक से नहीं हुआ है। रिपोर्ट के मुताबिक इजरायल ने पहले ही ट्रंप प्रशासन को इस हमले की जानकारी दे दी थी। टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के मुताबिक वाइट हाउस की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता ब्रायन ह्यूजेस ने कहा  कि “हमास युद्धविराम बढ़ाने के लिए बंधकों को रिहा कर सकता था, लेकिन उसने इससे इनकार कर दिया और युद्ध का विकल्प चुना।” ऐसे में बड़ा सवाल यह कि यह सीजफायर टूटा क्यों? आईडीएफ के हमला करने के बाद इजरायल के रक्षा मंत्री बयान जारी कर कहा कि “आज रात हम गाजा की लड़ाई में वापस आ गए हैं।” हमास की ओर से बंधकों को रिहा करने से मना करने और आईडीएफ सैनिकों को नुकसान पहुंचाने की धमकियों के मद्देनजर यह हमला किया गया है। गौर करने वाली बात यह कि इजरायल ने गाजा पर ऐसे समय में हमला किया है जब अमेरिका यमन के हूतियों पर बम बरसा रहा है।  हमास द्वारा हमारे बंधकों को रिहा करने से बार-बार इनकार करने के बाद हुआ हमला  इस हमले पर प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि “उन्होंने युद्ध विराम को बढ़ाने के लिए चल रही बातचीत में प्रगति की कमी के कारण हमलों (Gaza airstrike) का आदेश दिया। यह तुरंत स्पष्ट नहीं था कि क्या यह ऑपरेशन एक बार की दबाव रणनीति थी या 17 महीने पुराना युद्ध फिर से शुरू किया जा रहा है।” नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि “यह हमास द्वारा हमारे बंधकों को रिहा करने से बार-बार इनकार करने और अमेरिकी राष्ट्रपति के दूत स्टीव विटकॉफ और मध्यस्थों से प्राप्त सभी प्रस्तावों को अस्वीकार करने के बाद हुआ है।” तो वहीं हमास के एक अधिकारी ताहिर नुनू ने इजरायली हमलों की आलोचना करते हुए कहा कि “अंतर्राष्ट्रीय समुदाय एक नैतिक परीक्षण का सामना कर रहा है, या तो वह कब्जे वाली सेना द्वारा किए गए अपराधों की वापसी की अनुमति देता है या फिर वह गाजा में निर्दोष लोगों के खिलाफ आक्रामकता और युद्ध को समाप्त करने की प्रतिबद्धता को लागू करता है।” इसे भी पढ़ें:- पृथ्वी पर सुरक्षित लौटेंगे सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर इजराइली हवाई हमलों में (Gaza airstrike) मरने वालों की संख्या 200 के आस-पास बताई जा रही है जानकारी के लिए बता दें कि इजराइल ने सोमवार को गाजा पट्टी, दक्षिणी लेबनान और दक्षिणी सीरिया में हवाई हमले किए, जिसमें कई लोग मारे गए। इजराइली हवाई हमलों में (Gaza airstrike) मरने वालों की संख्या 200 के आस-पास बताई जा रही है। इजराइली सेना ने कहा कि “वह हमलों की साजिश रच रहे आतंकवादियों को निशाना बना रही थी।” उसने आगे कहा कि “वह दक्षिणी सीरिया में सैन्य कमांड सेंटर और उन जगहों को निशाना बना रही थी, जहां असद की सेना के हथियार और वाहन थे। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक इजरायल एक बार फिर जमीनी आक्रमण की योजना बना रहा है. गाजा में यह इजरायली सैनिकों की वापसी का संकेत है। बता दें कि इजरायल और हमास का युद्ध 7 अक्टूबर 2023 को तब शुरू हुआ जब हमास ने इजरायल पर हमला कर दिया था। तब से लेकर अब तक युद्ध में 48,000 फिलिस्तीनियों के मारे जाने की रिपोर्ट्स आई थी।  Latest News in Hindi Today Hindi news Gaza airstrike #IsraelGazaWar #GazaAirstrike #MiddleEastConflict #IsraelAttack #GazaUnderAttack #WarCrimes #BreakingNews #PalestineCrisis #CeasefireBroken #HumanRights

आगे और पढ़ें
Translate »