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चुनावी रण में उतरे ट्रेंडिंग स्‍टार खेसारी

चुनावी रण में उतरे ट्रेंडिंग स्‍टार खेसारी, जानें किस सीट से लड़ेंगे चुनाव, कटा पत्‍नी का टिकट

भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने आखिरकार चुनावी मैदान में कदम रख दिया है. बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने छपरा विधानसभा सीट से उनकी पत्नी चंदा यादव को टिकट दिया था, लेकिन तकनीकी कारणों से चंदा का नामांकन कैंसल हो गया. अब खेसारी यादव (Khesari Lal Yadav) खुद राजद के टिकट पर इस सीट से चुनाव लड़ेंगे. यह फैसला राजद की रणनीति में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है, जो खेसारी की जबरदस्त फैन फॉलोइंग का फायदा उठाने का प्रयास है. लालू और तेजस्वी के करीबी हैं खेसारी पिछले कुछ दिनों से खेसारी के चुनाव लड़ने की अटकलें लग रही थीं. वे लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव के करीबी माने जाते हैं. हाल ही में पटना में तेजस्वी से उनकी मुलाकात के बाद ये चर्चाएं तेज हो गई थीं. बुधवार को मीडिया से बातचीत में खेसारी ने कहा था कि वे अपनी पत्नी चंदा को चुनाव लड़ने के लिए मना रहे हैं. उन्होंने चार दिनों तक चंदा को समझाया कि अगर वे राजी हो जाती हैं तो उनका नामांकन कराएंगे, वरना वे खुद नहीं लड़ेंगे बल्कि तेजस्वी के लिए प्रचार करेंगे. खेसारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि वे फिल्म इंडस्ट्री में ही खुश हैं और चुनावी राजनीति में उतरने का कोई इरादा नहीं रखते. अचानक फंस गया था यह तकनीकी पेंच फिर भी, राजद ने उसी दिन चंदा को टिकट थमा दिया. लेकिन अचानक तकनीकी पेच फंस गया, जिससे चंदा का टिकट रद्द हो गया. अब खेसारी राजद के सिंबल पर नामांकन भरने वाले हैं. यह बदलाव बुधवार की शाम को ही तय हो गया, जब खेसारी ने खुद के उम्मीदवार बनने की पुष्टि की. छपरा सीट पर खेसारी का मुकाबला बीजेपी की छोटी कुमारी से होगा, जो जिला परिषद की पूर्व अध्यक्ष रह चुकी हैं और बीजेपी जिला महामंत्री धर्मेंद्र साह की पत्नी हैं. बिहार की इस महत्वपूर्ण सीट पर यादव वोट बैंक और खेसारी की लोकप्रियता राजद को मजबूत बढ़त दे सकती है. खेसारी की एंट्री से चुनावी माहौल और गर्म राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम राजद की युवा और सेलिब्रिटी आधारित रणनीति को मजबूत करेगा. खेसारी की एंट्री से चुनावी माहौल और गर्म हो गया है, जहां भोजपुरी स्टार की अपील वोटर्स को आकर्षित कर सकती है. परिवारिक स्तर पर यह निर्णय चंदा के लिए झटका तो है, लेकिन खेसारी की राजनीतिक महत्वाकांक्षा को बल देता है. कुल मिलाकर, बिहार चुनाव में सेलिब्रिटी कैंडिडेट्स की भूमिका एक बार फिर सुर्खियों में आ गई है.

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कुरनूल में पीएम मोदी बोले- 21वीं सदी 140 करोड़ हिंदुस्तानियों की होगी

कुरनूल में पीएम मोदी बोले- 21वीं सदी 140 करोड़ हिंदुस्तानियों की होगी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को आंध्र प्रदेश के कुरनूल में विकास कार्यों का शिलान्यास और उद्घाटन किया. उन्होंने कहा कि मेरा सौभाग्य है कि मेरा जन्म दादा सोमनाथ की धरती गुजरात में हुआ. मुझे बाबा विश्वनाथ की धरती काशी में सेवा करने का अवसर मिला और आज श्री शैलम का आशीर्वाद मिल रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि आंध्र प्रदेश गौरव और समृद्ध संस्कृति की भूमि है. यह विज्ञान और नवाचार का केंद्र भी है. इस राज्य में असीम संभावनाएं और अपार क्षमताएं हैं. आंध्र को सही दृष्टिकोण की आवश्यकता थी. चंद्रबाबू नायडू और पवन कल्याण के नेतृत्व में राज्य को अब वह दृष्टिकोण और केंद्र सरकार का समर्थन दोनों प्राप्त हैं. उन्होंने आगे कहा कि 2047 में आजादी के जब 100 साल होंगे, तब ‘विकसित भारत’ होकर रहेगा. मैं विश्वास से कहता हूं कि 21वीं सदी हिंदुस्तान की होने वाली है. 21वीं सदी 140 करोड़ हिंदुस्तानियों की सदी होने वाली है. प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि आंध्र प्रदेश विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है. डबल इंजन वाली सरकार की ताकत से राज्य अभूतपूर्व विकास का गवाह बन रहा है. दुनिया भारत को 21वीं सदी के नए मैन्युफैक्चरिंग सेंटर के रूप में देख रही प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि आज सड़क, बिजली, रेलवे, राजमार्ग और व्यापार से जुड़ी कई परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया है. इन पहलों से उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और लोगों का जीवन आसान होगा. इन परियोजनाओं से कुरनूल और आसपास के क्षेत्रों को बहुत लाभ होगा. मैं इन विकासों के लिए कुरनूल और पूरे राज्य के लोगों को बधाई देता हूं. उन्होंने कहा कि तेज विकास के बीच हमें अतीत की स्थिति को नहीं भूलना चाहिए. लगभग 11 साल पहले, जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी, तब प्रति व्यक्ति बिजली की खपत औसतन 1000 यूनिट से भी कम थी. देश को अक्सर ब्लैकआउट जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ता था, और हमारे कई गांवों में बिजली के खंभे तक नहीं थे. पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया आज भारत को 21वीं सदी के नए मैन्युफैक्चरिंग सेंटर के रूप में देख रही है. इस सफलता का सबसे बड़ा आधार है आत्मनिर्भर भारत का विजन. हमारा आंध्र प्रदेश आत्मनिर्भर भारत का प्रमुख केंद्र बन रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को तेजी से प्राप्त करने के लिए देश भर में मल्टीमॉडल बुनियादी ढांचे का विकास किया जा रहा है. हमारा ध्यान गांवों से शहरों और शहरों से बंदरगाहों तक कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर है. पीएम मोदी ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि तकनीक के मामले में हमारा आंध्र प्रदेश और उसके युवा हमेशा आगे रहते हैं. डबल इंजन वाली सरकार के तहत हम इस क्षमता को और मजबूत कर रहे हैं. आज पूरी दुनिया भारत और आंध्र प्रदेश, दोनों की गति देख रही है. गूगल भारत का पहला आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस हब यहीं हमारे आंध्र प्रदेश में स्थापित कर रहा है. नए रिफॉर्म के जरिए नागरिकों के जीवन को आसान बना रहे हैं प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि हमारी सरकार का विजन है, नागरिक-केंद्रित विकास. हम लगातार नए रिफॉर्म के जरिए नागरिकों के जीवन को आसान बना रहे हैं. देश में 12 लाख रुपए तक की आय पूरी तरह टैक्स फ्री हो चुकी हैं. सस्ती दवाइयां, सस्ता इलाज, बुजुर्गों के लिए आयुष्मान जैसी अनगिनत सुविधाओं से इजी ऑफ लिविंग का नया अध्याय शुरू हुआ है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने आंध्र प्रदेश की क्षमता को नजरअंदाज किया, जिससे न केवल राज्य को, बल्कि पूरे देश को नुकसान हुआ. वह राज्य जो भारत के विकास को गति दे सकता था, उसे अपने विकास के लिए संघर्ष करना पड़ा. अब, एनडीए सरकार के तहत, आंध्र प्रदेश की स्थिति बेहतर हो रही है. प्रधानमंत्री ने कहा कि निम्मलुरु में उन्नत नाइट विजन उत्पादों का कारखाना रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के दृष्टिकोण को और मजबूत करेगा. इससे नाइट विजन उपकरणों में भारत की क्षमता बढ़ेगी और यहां निर्मित उत्पाद भारत के रक्षा निर्यात को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे. ऑपरेशन सिंदूर के दौरान हम भारत में निर्मित उपकरणों की ताकत देख चुके हैं.

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झूठे आरोपों और विरोधी प्रचार से रहें सावधान

मायावती बोलीं- 2027 की करें तैयारी, झूठे आरोपों और विरोधी प्रचार से रहें सावधान

बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने गुरुवार को लखनऊ में राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक की और उन्होंने पदाधिकारियों से कहा कि सभी लोग अभी से 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट जाएं और पार्टी के खिलाफ फैलाए जा रहे झूठे आरोपों व प्रचार से हर समय सतर्क रहें. उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मायावती (Mayawati) ने कहा कि बसपा संस्थापक कांशीराम की पुण्यतिथि पर 9 अक्टूबर को हुए ऐतिहासिक आयोजन ने यह साबित कर दिया कि बहुजन समाज आज भी पूरी मजबूती से पार्टी के मिशन, विचारधारा और नेतृत्व के साथ खड़ा है. उन्होंने इस आयोजन को सफल बनाने वाले सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों को हार्दिक बधाई दी. बसपा मुखिया मायावती ने कहा कि बसपा अन्य दलों की तरह पूंजीपतियों और उद्योगपतियों के सहारे नहीं चलती. यह सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक मुक्ति के मिशन पर चलने वाला संगठन है, जो दलितों, पिछड़ों, आदिवासियों, मुस्लिमों और अन्य कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए संघर्षरत है. मायावती ने कहा कि सपा सरकार ने जातिवादी द्वेष के कारण महान संतों, गुरुओं और महापुरुषों के नाम पर बने संस्थानों, जिलों और विश्वविद्यालयों के नाम बदलकर बहुजन समाज का अपमान किया है. यही नहीं, इन वर्गों के लिए बनाई गई योजनाओं को निष्क्रिय कर दिया गया, जो राजनीतिक द्वेष और छल का प्रतीक है. बसपा कभी साम, दाम, दंड, भेद जैसी राजनीति नहीं करती मायावती ने दो टूक कहा कि बसपा कभी साम, दाम, दंड, भेद जैसी राजनीति नहीं करती. हमारी राजनीति एक खुली किताब की तरह साफ-सुथरी है. बसपा की पहचान ईमानदारी, समर्पण और सेवा से है, न कि झूठे प्रचार या साजिश से. बैठक में यह भी तय किया गया कि ‘बहुजन मिशन 2027’ के तहत पार्टी गांव-गांव जाकर जनता से संवाद करेगी. वरिष्ठ नेता अपने-अपने क्षेत्रों में जनसभाएं करेंगे और लोगों को बताएंगे कि बीएसपी ही प्रदेश में कानून-व्यवस्था और जनकल्याण की सच्ची गारंटी है. मायावती ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे विपक्षी दलों के भ्रम फैलाने वाले प्रचार से सावधान रहें और एकजुट होकर बहुजन समाज की आवाज को और बुलंद करें.

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‘भ्रष्टाचार, आतंकवाद और भगोड़ों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति’, CBI सम्मेलन में अमित शाह का ऐलान

‘भ्रष्टाचार, आतंकवाद और भगोड़ों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति’, CBI सम्मेलन में अमित शाह का ऐलान

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने गुरुवार को नई दिल्ली में आयोजित ‘भगोड़ों के प्रत्यर्पण पर सम्मेलन: चुनौतियां और रणनीतियां’ को संबोधित किया. इस सम्मेलन का आयोजन केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा किया गया. उन्होंने (Amit Shah) कहा कि हम करप्शन, संगठित अपराध और आतंकवाद के प्रति जीरो टॉलरेंस अपनाते हैं. गृह मंत्री ने क्या कहा? गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने कहा, “भारत में अब भ्रष्टाचार, अपराध और आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को और अधिक सख्ती से लागू किया जा रहा है. सिर्फ देश में बैठे अपराधियों पर ही नहीं बल्कि बाहर से देश में अपराध कराने वालों पर भी जीरो टॉलरेंस होना चाहिए. जो लोग देश के बाहर बैठकर भारत में अपराध, भ्रष्टाचार और आतंकवाद फैलाने की कोशिश करते हैं, उन्हें भी कानून के दायरे में लाने के लिए एक सुनिश्चित तंत्र बनाना हमारी जिम्मेदारी है. भगोड़ों के खिलाफ सख्त कार्रवाई गृह मंत्री (Amit Shah) ने बताया, “भारत सरकार ने भगोड़ों के खिलाफ कार्रवाई को और प्रभावी बनाने के लिए ‘भारतपोल’ और तीन नए आपराधिक कानूनों में ट्रायल इन एब्सेंशिया (बिना आरोपी की मौजूदगी के मुकदमे की सुनवाई और फैसला किया जाना) जैसी व्यवस्था की है. इन प्रावधानों के माध्यम से कोई भी भगोड़ा चाहे वह दुनिया के किसी भी कोने में क्यों न हो उसे हम अदालत के सामने पेश करने में सक्षम होंगे.” गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने कहा कि अपराध और अपराधी की चाल चाहे कितनी भी तेज क्यों न हो, न्याय की पहुंच उससे भी अधिक गतिमान होनी चाहिए. भगोड़ों को न्याय के कटघरे में खड़ा करेगी सरकार गृहमंत्री ने कहा कि अब समय आ गया है जब हर भगोड़े के खिलाफ रुथलेस अप्रोच अपनाने की जरूरत है, चाहे वह आर्थिक अपराधी हो, साइबर अपराधी, आतंकी या किसी संगठित अपराध नेटवर्क का हिस्सा. उन्होंने कहा कि ऐसे सभी अपराधियों को भारतीय न्याय व्यवस्था के समक्ष खड़ा करना ही सरकार का संकल्प है. भगोड़ों को अब नहीं मिलेगा वैश्विक स्तर पर शरण अमित शाह (Amit Shah) ने यह भी कहा कि भारत की एजेंसियां अब एकीकृत और तकनीक आधारित तंत्र के माध्यम से वैश्विक स्तर पर भगोड़ों का पता लगाने और उन्हें भारत लाने में सक्षम हो रही हैं. अमित शाह का विजन इसी कड़ी में अमित शाह (Amit Shah) ने आगे कहा, “मुझे यह कहने में कोई संकोच नहीं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारा लक्ष्य एक मजबूत भारत है, जो सीमाओं की सुरक्षा, कानून के शासन और स्मार्ट डिप्लोमेसी के माध्यम से विश्व में अपनी भूमिका को और सशक्त बनाएगा. आज हम ग्लोबल ऑपरेशन्स, स्ट्रांग कोऑर्डिनेशन और स्मार्ट डिप्लोमेसी इन तीनों क्षेत्रों के संयोजन पर विशेष ध्यान दे रहे हैं.”

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कितनी संपत्ति के मालिक हैं तेजस्वी चुनावी हलफनामे में दी जानकारी

कितनी संपत्ति के मालिक हैं तेजस्वी? चुनावी हलफनामे में दी जानकारी

राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता और पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने बुधवार को आगामी बिहार विधानसभा चुनाव के लिए वैशाली जिले के राघोपुर विधानसभा क्षेत्र से अपना नामांकन पत्र दाखिल किया. इस दौरान उन्होंने अपनी कुल संपत्ति की भी जानकारी दी. कितनी संपत्ति के मालिक हैं तेजस्वी? अपने नामांकन के साथ तेजस्वी ने एक हलफनामा भी दाखिल किया, जिसमें उन्होंने अपनी कुल संपत्ति लगभग 8.1 करोड़ रुपए घोषित की. हलफनामे में कई आलीशान और महंगी वस्तुओं का विवरण दिया गया है, जिनमें एक इतालवी निर्मित पिस्तौल और 1.05 लाख रुपए मूल्य के 50 जिंदा कारतूस और एक डेस्कटॉप और लैपटॉप शामिल हैं. घोषणा में चल और अचल संपत्ति भी शामिल राजद नेता की घोषणा में चल और अचल संपत्ति भी शामिल है. तेजस्वी की कुल संपत्ति में 6.12 करोड़ रुपए की चल संपत्ति और 1.88 करोड़ रुपए की अचल संपत्ति शामिल है. पत्नी के पास कितनी संपत्ति? उनकी पत्नी राजश्री यादव ने 1.88 करोड़ रुपए की संपत्ति घोषित की है, जिसमें 59.69 लाख रुपए की अचल संपत्ति शामिल है. हलफनामे में आगे बताया गया है कि तेजस्वी के पास 1.5 लाख रुपए नकद है, जबकि राजश्री के पास एक लाख रुपए है. उनके कई बैंक खाते हैं और उन पर 55.55 लाख रुपए की कर्ज हैं. तेजस्वी यादव ने 200 ग्राम सोना और 2 किलोग्राम चांदी की भी जानकारी दी जबकि राजश्री के पास 480 ग्राम सोना है. 1.35 करोड़ रुपए का सरकारी बकाया राजद नेता पर कुल 1.35 करोड़ रुपए का सरकारी बकाया है, जबकि उनकी पत्नी पर कोई बकाया या कर्ज नहीं है. नामांकन दाखिल करते समय राजद ने एक विशाल शक्ति प्रदर्शन किया, जिसमें हजारों समर्थकों ने रोड शो में हिस्सा लिया. ये भी पढ़ें- Bihar Election 2025: ‘न सिर्फ सरकार बनाएंगे बल्कि बिहार को समृद्ध बनाएंगे,’ तेजस्वी यादव ने राघोपुर से भरा नामांकन नामांकन के दौरान कौन-कौन मौजूद? नामांकन के दौरान लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, मीसा भारती और संजय यादव सहित पार्टी के वरिष्ठ नेता तेजस्वी के साथ थे. पर्चा दाखिल करने से पहले तेजस्वी ने कहा, “राघोपुर की जनता ने मुझ पर दो बार भरोसा किया है. यह मेरा तीसरा नामांकन है और मुझे विश्वास है कि वे मुझे फिर से आशीर्वाद देंगे. बिहार की जनता अपराध, भ्रष्टाचार और बेरोजगारी से तंग आ चुकी है. इस बार बदलाव निश्चित है. बिहार को महागठबंधन की सरकार मिलेगी.”

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दिल्ली-NCR में बढ़ा वायु प्रदूषण, नोएडा की हवा सबसे ज्यादा जहरीली

दिल्ली-NCR में बढ़ा वायु प्रदूषण, नोएडा की हवा सबसे ज्यादा जहरीली

दिल्ली-NCR में हल्की सर्दी की शुरुआत के साथ ही वायु प्रदूषण ने फिर से चिंता बढ़ा दी है. सुबह-सुबह आसमान में छाई धुंध न सिर्फ विजिबिलिटी कम कर रही है बल्कि लोगों की सेहत पर भी असर डाल रही है. बीते दो दिनों में दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) लगातार बढ़ा है. मंगलवार को दिल्ली का AQI 211 था जो बुधवार को बढ़कर 238 पहुंच गया. यह ‘खराब’ श्रेणी में आता है. नोएडा की स्थिति गंभीर नोएडा की स्थिति और भी गंभीर है. बुधवार को यहां AQI 324 दर्ज किया गया, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है. सुबह से पूरे नोएडा में धुंध छाई हुई है और हवा की स्पीड बेहद कम हो गई है, जिससे प्रदूषण और बढ़ गया है. दिल्ली-NCR के अन्य इलाकों में हालात चिंताजनक दिल्ली-NCR के अन्य इलाकों में भी हालात चिंताजनक हैं. गाजियाबाद और गुरुग्राम में AQI 268, ग्रेटर नोएडा में 267, वजीरपुर में 296, मथुरा रोड पर 294, जहांगीरपुरी में 258 और शादीपुर में 232 दर्ज किया गया. विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में स्थिति और बिगड़ सकती है. दिल्ली में GRAP-1 की पाबंदियां लागू प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली में GRAP-1 की पाबंदियां लागू की गई हैं. कन्स्ट्रक्शन साइट्स पर धूल रोकने के लिए स्मॉग गन का इस्तेमाल जरूरी किया गया है. खुले में कूड़ा जलाने पर प्रतिबंध है और सड़कों की मशीन से सफाई की जा रही है. ट्रैफिक जाम रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस तैनात की गई है और गाड़ियों में PUC सर्टिफिकेट को सख्ती से लागू किया जा रहा है. डॉक्टरों ने क्या दी सलाह? डॉक्टरों की सलाह है कि बुजुर्ग, बच्चे और अस्थमा या हार्ट के मरीज बिना जरूरत घर से बाहर न निकलें और मास्क का इस्तेमाल करें. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, AQI 201 से 300 के बीच ‘खराब’ और 301 से 400 के बीच ‘बहुत खराब’ माना जाता है. निर्णय सहायता प्रणाली के आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली में प्रदूषण का सबसे बड़ा कारण परिवहन है जो 19.8 प्रतिशत योगदान देता है. वायु गुणवत्ता चेतावनी प्रणाली के अनुसार 17 अक्टूबर तक दिल्ली की हवा ‘खराब’ बनी रह सकती है. ऐसे में सतर्क रहना बेहद जरूरी है.

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दिवाली से पहले BJP सरकार का तोहफा, पानी के घरेलू उपभोक्ताओं का लेट पेमेंट सरचार्ज माफ

दिवाली से पहले BJP सरकार का तोहफा, पानी के घरेलू उपभोक्ताओं का लेट पेमेंट सरचार्ज माफ

दिल्ली की रेखा गुप्ता सरकार ने दिवाली से पहले दिल्लीवासियों को बड़ा तोहफा दिया है. दिल्ली सरकार ने पानी के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए लेट पेमेंट सरचार्ज माफ करने का फैसला किया है. सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार ने पानी के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए लेट पेमेंट सरचार्ज माफ करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है. 31 जनवरी, 2026 तक बकाया बिल के भुगतान पर 100% छूट का लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि ‘लेट पेमेंट सरचार्ज माफी योजना’ और ‘अनधिकृत कनेक्शन नियमितीकरण योजना’ का शुभारंभ किया गया है. ये दोनों योजनाएं दिल्लीवासियों के लिए बड़ी राहत लेकर आई हैं और जल प्रबंधन प्रणाली को अधिक जनहितैषी और पारदर्शी बनाएंगी. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता (CM Rekha Gupta) ने कहा कि सरकार ने अनधिकृत घरेलू उपभोक्ताओं के लिए पेनल्टी को 25,000 से घटाकर केवल 1,000 रुपए किया है, जबकि व्यावसायिक कनेक्शनों के लिए इसे 61,000 से घटाकर 5,000 रुपए कर दिया गया है. यह कदम लाखों उपभोक्ताओं को भविष्य की योजनाओं और निर्बाध जल आपूर्ति से जोड़ने का मार्ग भी खोलेगा. दिल्ली जल बोर्ड की व्यवस्था को पुनर्जीवित और आधुनिक बनाते हुए अब नई बिलिंग प्रणाली, पारदर्शी रेवेन्यू मैनेजमेंट और 34 नए डिविजन के गठन के माध्यम से राजधानी की जल वितरण व्यवस्था को अधिक सुगम, जवाबदेह और तकनीक-सक्षम बनाया जा रहा है. इस अवसर पर दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री प्रवेश साहिब सिंह जी भी उपस्थित रहे. नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर आधुनिक यात्री सुविधा केंद्र का शुभारंभ इससे पहले मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर आधुनिक यात्री सुविधा केंद्र के शुभारंभ की भी जानकारी दी. उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा और सहज यात्रा को ध्यान में रखते हुए नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर आधुनिक यात्री सुविधा केंद्र का शुभारंभ हुआ है. यह पहल भारतीय रेल को अधिक आधुनिक, व्यवस्थित और जनसेवा-केन्द्रित बनाने की दिशा में एक सराहनीय कदम है. सीएम ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर त्योहारों से पहले नई व्यवस्थाओं और सुविधाओं का अवलोकन कर यात्रियों से संवाद किया. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय रेल जनसेवा, जनसुविधा और जनभावना की पहचान बन चुकी है. यहां खुला नया यात्री सुविधा केंद्र यात्रियों की सहज, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आवाजाही के लिए एक सराहनीय पहल है. स्टेशन परिसर को अब तीन टिकटिंग क्षेत्रों में विभाजित किया गया है ताकि प्लेटफॉर्म पर अचानक बढ़ने वाली भीड़ को प्रभावी ढंग से नियंत्रित किया जा सके.

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गोवा के मंत्री रवि नाइक के निधन पर PM मोदी ने जताया शोक, कहा- समर्पित लोक सेवक थे

गोवा के मंत्री रवि नाइक के निधन पर प्रधानमंत्री मोदी ने जताया शोक, कहा- समर्पित लोक सेवक थे

गोवा के कृषि मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री रवि नाइक के निधन की खबर से पूरे राज्य में शोक की लहर फैल गई है. मंगलवार देर रात उन्हें दिल का दौरा पड़ा, जिसके बाद उन्हें पोंडा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली. 79 वर्षीय रवि नाइक लंबे समय से गोवा की राजनीति में सक्रिय थे और कई अहम पदों पर रह चुके थे. प्रधानमंत्री मोदी ने दुख जताया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर गहरा दुख जताया. उन्होंने कहा, “गोवा सरकार में मंत्री रवि नाइक जी के निधन से दुखी हूं. उन्हें एक अनुभवी प्रशासक और समर्पित लोक सेवक के रूप में याद किया जाएगा जिन्होंने गोवा के विकास पथ को समृद्ध बनाया. वे खासतौर से वंचितों और हाशिए पर पड़े लोगों को सशक्त बनाने के लिए समर्पित थे.” रवि नाइक का योगदान अहम- PM Modi PM मोदी ने आगे कहा कि रवि नाइक का योगदान गोवा की सामाजिक और आर्थिक प्रगति में अहम रहा है. उन्होंने हमेशा जनसेवा को प्राथमिकता दी और आम लोगों की समस्याओं को गंभीरता से लिया. प्रधानमंत्री ने उनके परिवार और समर्थकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा, “दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार और समर्थकों के साथ हैं. ॐ शांति.” मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने दी श्रद्धांजलि गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत समेत कई नेताओं ने भी रवि नाइक को श्रद्धांजलि दी और उन्हें एक दूरदर्शी नेता बताया. उनका पार्थिव शरीर पोंडा स्थित उनके आवास पर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया, जहां हजारों लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे. रवि नाइक का जाना गोवा की राजनीति के लिए एक बड़ी क्षति है. उन्होंने जिस समर्पण और ईमानदारी से जनता की सेवा की, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा. उनका जीवन एक सच्चे जनसेवक की मिसाल है.

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बस में आग लगने से 20 यात्रियों की मौत, पीएम मोदी ने किया मुआवजे का ऐलान

बस में आग लगने से 20 यात्रियों की मौत, पीएम मोदी ने किया मुआवजे का ऐलान

राजस्थान के जैसलमेर जिले में मंगलवार को एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ. दोपहर करीब 3 बजे जैसलमेर-जोधपुर हाईवे पर एक निजी बस में अचानक आग लग गई, जिसमें कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई और 16 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए. बस में कुल 57 यात्री सवार थे और यह जोधपुर की ओर जा रही थी. शुरुआती जांच में चौंकाने वाली बात हादसे की शुरुआती जांच में चौंकाने वाली बात सामने आई है. पुलिस इस एंगल पर जांच कर रही है कि बस में आग पटाखों के विस्फोट के कारण लगी. राजस्थान सरकार के मंत्री गजेन्द्र सिंह खिमसर ने बताया कि उन्होंने अपने जीवन में ऐसा भयावह हादसा पहले कभी नहीं देखा. उन्होंने कहा कि बस में विस्फोट हुआ था और FSL टीम इसकी जांच करेगी. मंत्री ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और बताया कि कुछ यात्री पटाखों के साथ यात्रा कर रहे थे, जिससे आग फैल गई और बस में जोरदार धमाका हुआ. बस पूरी तरह जलकर खाक हो गई और अंदर का सारा सामान भी नष्ट हो गया. जैसलमेर पुलिस का क्या कहना है? जैसलमेर पुलिस के मुताबिक, बस जैसे ही हाईवे पर आगे बढ़ी, चालक ने देखा कि पीछे से धुआं उठ रहा है. उसने बस रोकने की कोशिश की लेकिन आग इतनी तेज थी कि कुछ ही मिनटों में बस आग का गोला बन गई. स्थानीय लोग, राहगीर और सेना के जवानों ने मिलकर राहत और बचाव कार्य शुरू किया. घायलों को पहले जवाहर अस्पताल, जैसलमेर और फिर गंभीर स्थिति में जोधपुर शिफ्ट किया गया. बीजेपी विधायक ने क्या बताया? बीजेपी विधायक प्रताप पुरी ने बताया कि 19 लोग बस में ही जिंदा जल गए और एक यात्री ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया. शव इतनी बुरी तरह जल चुके हैं कि उनकी पहचान डीएनए टेस्ट से ही संभव है. जिला प्रशासन ने डीएनए प्रक्रिया शुरू कर दी है. कलेक्टर ने दिए निर्देश कलेक्टर प्रताप सिंह ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घायलों का तुरंत इलाज हो और हेल्पलाइन नंबर जारी किए जाएं ताकि परिवारों को मदद मिल सके. पीड़ित परिजनों को सहायता राशि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने भी हादसे पर दुख जताया. सीएम ने अधिकारियों को दिए निर्देश राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने तुरंत जैसलमेर पहुंचकर घायलों का हालचाल लिया और अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को हर संभव मदद दी जाए. उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, “यह घटना अत्यंत दुःखद है, मेरी संवेदनाएँ मृतकों के परिजनों के साथ हैं.”

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सोना-चांदी के भाव में आज फिर आई तेजी, रुकने का नाम नहीं ले रहे बढ़ते दाम, जानें आज के ताजा रेट सोना-चांदी के भाव में आज फिर आई तेजी, रुकने का नाम नहीं ले रहे बढ़ते दाम, जानें आज के ताजा रेट

सोना-चांदी के भाव में आज फिर आई तेजी, रुकने का नाम नहीं ले रहे बढ़ते दाम, जानें आज के ताजा रेट

दिवाली का त्योहार आने वाला है. ऐसे में अगर आप सोने चांदी की खरीदारी करने की सोच रहे हैं, या फिर सोने चांदी में निवेश की योजना बना रहे हैं, तो यह आज आपके लिए जरुरी खबर है. बता दें कि सर्राफा बाजार में सोने की कीमत में बदलाव देखने को मिला है. तो वहीं दूसरी तरफ चांदी की कीमत भी आज बड़ गई है. आइए Bankbazar.com के अनुसार जानते हैं सर्राफा बाजार में बिकने वाले सोने-चांदी की कीमत… सोने का भाव (Delhi Gold Price) Bankbazaar.com के मुताबिक, अगर बात की जाए राजधानी दिल्ली के सर्राफा बाजार में बिकने वाले सोने के कीमत की तो यहां सोने की कीमत में बदलाव देखने को मिला है. बता दें कि जो 22 कैरेट सोना कल 1,14,900 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था. वो आज 1,15,950 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा. वहीं, अगर बात करें 24 कैरेट सोने की तो जो सोना कल 1,20,650 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था, वो आज 1,21,750 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा. चांदी की कीमत Bankbazaar.com के मुताबिक अगर बात की जाए देश की राजधानी दिल्ली में बिकने वाले चांदी की कीमत की तो आज चांदी की कीमत में भी बढ़ोतरी आई है. बता दें कि सर्राफा बाजार में आज चांदी 1,95,000 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिकेगी. जो कल भी 1,87,000 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिक रही थी. यूपी में सोने का भाव (UP Gold Price) Bankbazaar.com के मुताबिक यदि बात की जाए उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सर्राफा बाजार में बिकने वाले सोने के कीमत की तो यहां सोने की कीमत में बदलाव देखने को मिला है. बता दें कि जो 22 कैरेट सोना कल 1,14,900 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था. वो आज 1,15,950 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा. वहीं, अगर बात करें 24 कैरेट सोने की तो जो सोना कल 1,20,650 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था, वो आज 1,21,750 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा. जानिए एमपी में सोने का भाव  Bankbazaar.com के मुताबिक अगर बात करें मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में सोने की कीमत की तो यहां सोने की कीमत में बदलाव देखने को मिला है. बता दें कि जो 22 कैरेट सोना कल 1,14,900 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था. वो आज 1,15,950 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा. वहीं, अगर बात करें 24 कैरेट सोने की तो जो सोना कल 1,20,650 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा था, वो आज 1,21,750 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिकेगा.

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