चुनावी रण में उतरे ट्रेंडिंग स्टार खेसारी, जानें किस सीट से लड़ेंगे चुनाव, कटा पत्नी का टिकट
भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार खेसारी लाल यादव ने आखिरकार चुनावी मैदान में कदम रख दिया है. बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने छपरा विधानसभा सीट से उनकी पत्नी चंदा यादव को टिकट दिया था, लेकिन तकनीकी कारणों से चंदा का नामांकन कैंसल हो गया. अब खेसारी यादव (Khesari Lal Yadav) खुद राजद के टिकट पर इस सीट से चुनाव लड़ेंगे. यह फैसला राजद की रणनीति में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है, जो खेसारी की जबरदस्त फैन फॉलोइंग का फायदा उठाने का प्रयास है. लालू और तेजस्वी के करीबी हैं खेसारी पिछले कुछ दिनों से खेसारी के चुनाव लड़ने की अटकलें लग रही थीं. वे लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव के करीबी माने जाते हैं. हाल ही में पटना में तेजस्वी से उनकी मुलाकात के बाद ये चर्चाएं तेज हो गई थीं. बुधवार को मीडिया से बातचीत में खेसारी ने कहा था कि वे अपनी पत्नी चंदा को चुनाव लड़ने के लिए मना रहे हैं. उन्होंने चार दिनों तक चंदा को समझाया कि अगर वे राजी हो जाती हैं तो उनका नामांकन कराएंगे, वरना वे खुद नहीं लड़ेंगे बल्कि तेजस्वी के लिए प्रचार करेंगे. खेसारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि वे फिल्म इंडस्ट्री में ही खुश हैं और चुनावी राजनीति में उतरने का कोई इरादा नहीं रखते. अचानक फंस गया था यह तकनीकी पेंच फिर भी, राजद ने उसी दिन चंदा को टिकट थमा दिया. लेकिन अचानक तकनीकी पेच फंस गया, जिससे चंदा का टिकट रद्द हो गया. अब खेसारी राजद के सिंबल पर नामांकन भरने वाले हैं. यह बदलाव बुधवार की शाम को ही तय हो गया, जब खेसारी ने खुद के उम्मीदवार बनने की पुष्टि की. छपरा सीट पर खेसारी का मुकाबला बीजेपी की छोटी कुमारी से होगा, जो जिला परिषद की पूर्व अध्यक्ष रह चुकी हैं और बीजेपी जिला महामंत्री धर्मेंद्र साह की पत्नी हैं. बिहार की इस महत्वपूर्ण सीट पर यादव वोट बैंक और खेसारी की लोकप्रियता राजद को मजबूत बढ़त दे सकती है. खेसारी की एंट्री से चुनावी माहौल और गर्म राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम राजद की युवा और सेलिब्रिटी आधारित रणनीति को मजबूत करेगा. खेसारी की एंट्री से चुनावी माहौल और गर्म हो गया है, जहां भोजपुरी स्टार की अपील वोटर्स को आकर्षित कर सकती है. परिवारिक स्तर पर यह निर्णय चंदा के लिए झटका तो है, लेकिन खेसारी की राजनीतिक महत्वाकांक्षा को बल देता है. कुल मिलाकर, बिहार चुनाव में सेलिब्रिटी कैंडिडेट्स की भूमिका एक बार फिर सुर्खियों में आ गई है.

