CM Yogi Adityanath Bold Statement

CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir: छांगुर बाबा को लेकर सीएम योगी का बड़ा बयान, कही ऐसी बात कि मचा हड़कंप

उत्तर प्रदेश के बलरामपुर में अवैध धर्मांतरण का खेल खेलने वाले छांगुर बाबा से जुड़े एक के बाद एक बड़े खुलासे हो रहे हैं। गौरतलब हो कि उत्तर प्रदेश आंतकवाद रोधी दस्ते की टीम ने पिछले सप्ताह छांगुर बाबा और उसके एक सहयोगी को लखनऊ से गिरफ्तार किया था। पुलिस ने छांगुर बाबा पर 50,000 रुपये का इनाम घोषित किया हुआ (CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir) था। पुलिस के मुताबिक, बाबा और उसके सहयोगियों पर 100 करोड़ के विदेशी फंडिग का भी आरोप है, जिसकी जांच प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कर रही है। इस मामले में जलालुद्दीन उर्फ छांगुर बाबा को गिरफ्तार किया गया है। अवैध धर्मांतरण और छांगुर बाबा को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा बयान दिया है। धर्मांतरण की साजिश पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि “बलरामपुर में धर्मांतरण की साजिश की गई। धर्मांतरण कराने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।” उन्होंने आगे कहा कि “धर्मांतरण कराने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है।”  कैसे धर्मांतरण करना है, इसका उसने रेट भी तय (CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir) किया थे सीएम योगी ने बाबा छांगुर के कारनामों का जिक्र करते हुए कहा कि “कैसे धर्मांतरण करना है, इसका उसने रेट भी तय किया थे। ऐसे लोग देश का स्वरूप बिगाड़ने का काम कर रहे हैं।” योगी ने कहा कि “आपने देखा होगा किस प्रकार की साजिशें हो (CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir) रही हैं। अभी बलरामपुर में हम लोगों ने बड़ी कार्रवाई को आगे बढ़ाया। आपने देखा होगा, उसने रेट तय किए, धर्मांतरण के कार्यक्रम को कैसे आगे बढ़ाना है। हिंदुओं में, ब्राह्मणों में, क्षत्रियों में, सिखों में, ओबीसी जातियों में, अनुसूचित जाति-जनजाति के लोगों में, लोगों को कैसे धर्मांतरण करना है, सबके रेट उसने तय किए हुए थे। विदेशों से धनराशि आ रही थीं।” सीएम योगी ने आगे कहा कि “आप सोचिए, 100 करोड़ से अधिक का ट्रांजेक्शन अब तक उसके 40 खातों में प्राप्त हुआ है और वह लगातार उस अभियान को बढ़ाने का कार्य कर रहा था। इस रूप में देश का स्वरूप बिगाड़ने का काम कर रहे हैं। परिस्थितियां बदली हैं, उद्देश्य उनका वही है जो उस समय था, हां, काम का तरीका उन्होंने बदला है।” इसे भी पढ़ें:- महाराष्ट्र में हिंदी के विरोध में एकजुट दिखे उद्धव और राज ठाकरे, 20 साल बाद एक ही मंच पर आए साथ औरंगजेब का उद्देश्य था कि सनातन धर्म को समाप्त किया (CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir) जाए बता दें कि योगी ने गुरु तेग बहादुर महाराज की 350वें शहीदी वर्ष को समर्पित श्री तेग बहादुर संदेश यात्रा में शामिल हुए थे। सीएम ने कहा कि “सनातन धर्म की रक्षा के लिए गुरू तेग बहादुर महाराज ने शहादत दी (CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir) थी। इस यात्रा और कार्यक्रमों के माध्यम से 350 वर्षों के पूरे इतिहास को एक जीवंतता प्रदान की जा रही है। वह कैसा कालखंड रहा होगा जब औरंगजेब जैसा क्रूर और बर्बर शासक रहा हो। उस समय हर जगह से अत्याचार के समाचार आते थे। औरंगजेब का उद्देश्य था कि सनातन धर्म को समाप्त किया जाए। वह इस्लामीकरण के जिस बड़े अभियान को लेकर आगे बढ़ा था, उसमें उसे सबसे पहले चुनौती गुरू तेग बहादुर महाराज ने दी थी। खैर, इस दौरान उन्होंने कहा कि “अनुसूचित जाति के लोगों का धर्मांतरण भय और लालच देकर कराया जा रहा है।” उन्होंने बताया कि “देश के स्वरूप को बदलने के लिए विदेश से पैसे आ रहे हैं और छांगुर बाबा के 40 खातों में सौ करोड़ से अधिक का ट्रांजेक्शन हुआ है।” खैर, पुलिस के मुताबिक, एटीएस इससे पहले छांगुर बाबा के बेटे और नवीन रोहर को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। एटीएस ने बुधवार को छांगुर बाबा और उसके सहयोगी नीतू उर्फ नसरीन को एक सप्ताह के लिए रिमांड पर लिया था।  Latest News in Hindi Today Hindi news CM Yogi’s Bold Statement on Changur Baba Sparks Stir #CMYogi #ChangurBaba #YogiAdityanath #UPPolitics #BreakingNews #ViralNews #YogiStatement #PoliticalBuzz

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Big Question - Pilot Cut Fuel After Takeoff

Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted: क्या सच में एक पायलट ने टेकऑफ करते ही इंजन में फ्यूल की सप्लाई रोक दी थी?

12 जून को अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया प्लेन क्रैश की जांच रिपोर्ट सामने आ गई है। भारतीय विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) ने इसकी जांच की है।  जांच रिपोर्ट में दावा किया गया कि टेकऑफ के कुछ सेकंड बाद ही प्लेन के दोनों इंजन अचानक अपने आप बंद हो गए थे। इस कारण विमान ने उड़ान भरते ही अपनी ताकत खो दी और उड़ान भरने के महज 32 सेकंड बाद एक मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल पर जा (Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted) गिरी।” गौरतलब हो कि इस विमान हादसे में 270 लोगों की जान चली गई थी। एएआईबी की शुरुआती जांच रिपोर्ट में दोनों पायलट के बीच हुई आखिरी बातचीत का भी खुलासा हुआ है। एयर इंडिया के कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर में दर्ज बातचीत में एक पायलट को दूसरे से पूछते हुए सुना गया कि “तुमने फ्यूल क्यों बंद किया?” इसके जवाब में दूसरा पायलट कहता है कि “मैंने कुछ नहीं किया।” हालांकि जांच रिपोर्ट में अभी यह साफ नहीं किया गया कि दोनों पायलट में से किसने सवाल किया और किसने जवाब दिया? कहने की जरूरत नहीं इस खुलासे से सवाल उठ रहा है कि “क्या किसी पायलट ने जानबूझकर या गलती से फ्यूल कंट्रोल स्विच को बंद तो नहीं कर दिया?  ईंधन न मलने से विमान ने ताकत खो (Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted) दी एएआईबी की रिपोर्ट के मुताबिक, विमान के टेकऑफ करते ही दोनों फ्यूल कंट्रोल स्विच एक-एक सेकंड के अंतर से रन से कटऑफ पोजीशन में चले गए। ये स्विच ही इंजन में ईंधन की सप्लाई को कंट्रोल करते हैं। इसके बंद होने का मतलब हुआ कि इंजन को ईंधन मिलना बंद हो गया। जाहिर सी बात है ईंधन न मलने से विमान ने ताकत खो (Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted) दी। कुछ ही सेकंड बाद दोनों स्विच फिर से रन की स्थिति में लौट आए, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। विमान का संतुलन पूरी तरह बिगड़ चुका था और वह सीधा जाकर एक मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल मेश पर गिर गया। बता दें कि अहमदाबाद से लंदन के गैटविक एयरपोर्ट जा रही इस फ्लाइट को सह-पायलट क्लाइव कुंदर विमान उड़ा रहे थे और मुख्य पायलट सुमीत सभरवाल उड़ान की निगरानी कर रहे थे। सभरवाल के पास बोइंग 787 पर करीब 8,600 घंटे का अनुभव था, जबकि कुंदर के पास 1,100 घंटे से अधिक का अनुभव था। रिपोर्ट की माने तो दोनों पायलटों को उड़ान से पहले पर्याप्त आराम भी मिला था।  इसे भी पढ़ें:-  ‘फ्यूल बंद क्यों किया…? एक पायलट ने दूसरे से पूछा और फिर…’,Air India विमान हादसे की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा फ्यूल स्विच के अचानक बंद होने की असली वजह, संभावित सिस्टम फेल्योर या मानवीय गलती की पुष्टि हो (Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted) सकती है 15 पेज की रिपोर्ट के मुताबिक, उड़ान शुरू होने से लेकर दुर्घटना तक लगभग 30 सेकंड तक चली। फिलहाल जांच में ऐसा कुछ नहीं मिला है जिसके आधार पर बोइंग 787-8 विमान और जीई जेनएक्स-1बी इंजन बनाने वाली कंपनी के लिए कोई चेतावनी जारी करनी (Pilot Cut Fuel After Takeoff? Viral Aviation Claim Busted) पड़े। खैर, इस बीच रिपोर्ट सार्वजनिक होने के बाद एयर इंडिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बयान में कहा कि “हम इस नुकसान पर शोक व्यक्त करते हैं और इस कठिन समय में सहायता प्रदान करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। एयर इंडिया नियामकों सहित हितधारकों के साथ मिलकर काम कर रही है।” हालाँकि एएआईबी की यह प्रारंभिक रिपोर्ट है और आगे की विस्तृत जांच में फ्यूल स्विच के अचानक बंद होने की असली वजह, संभावित सिस्टम फेल्योर या मानवीय गलती की पुष्टि हो सकती है। ऐसे में बड़ा सवाल यह कि “इस विमान हादसे की वजह क्या यह मानवी भूल थी, तकनीकी खामी या फिर कुछ और?”  Latest News in Hindi Today Hindi एएआईबी #pilotvideo #aviationnews #fuelcut #flightincident #viralaviation

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Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika

Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika: राधिका के साथ म्यूजिक वीडियो में नजर आए ईनाम ने मर्डर को लेकर कही यह बात 

हरियाणा की पूर्व टेनिस खिलाड़ी राधिका यादव का शुक्रवार शाम अंतिम संस्कार कर दिया गया। एक दिन पहले ही उसके पिता ने कथित तौर पर नजदीक से गोली मारकर उसकी हत्या कर दी थी। भले ही राधिका का अंतिम संस्कार कर दिया गया, लेकिन इस घटना ने कई सवाल पीछे छोड़ दिये हैं। कहने की जरूरत नहीं राधिका की हत्या को लेकर कई सवाल (Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika) हैं। हर कोई हैरान था कि दीपक अपनी बेटी की हत्या कैसे कर सकता है, जबकि वह जिसे सबसे ज़्यादा प्यार करता था। गुरुग्राम के सुशांत लोक स्थित घर में खाना बना रही अपनी बेटी की पीठ में आखिर पिता ने गोली क्यों मारी? क्या उसकी टेनिस अकादमी की वजह से? या फिर पिछले साल बनाए गए उसके किसी संगीत वीडियो की वजह से? क्या उसके आत्म-सम्मान को ठेस पहुंची थी? या फिर मामला  कुछ और था? इस हत्याकांड को लेकर अब अटकलबाजियों का दौर शुरू हो गया।  राधिका का शव पोस्टमार्टम के बाद परिवार को सौंप दिया (Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika) गया इस मामले पर पुलिस ने बताया कि “तीन चिकित्सकों के बोर्ड द्वारा की गई पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के मुताबिक, राधिका यादव को चार गोलियां लगीं। जिनमें से तीन पीठ में और एक कंधे में लगी। पुलिस के अनुसार, राधिका का शव पोस्टमार्टम के बाद परिवार को सौंप दिया (Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika) गया। और अंतिम संस्कार के लिए पास के वजीराबाद स्थित उनके गांव ले जाया गया। स्थानीय ग्रामीण ने बताया कि “युवती के अंतिम संस्कार के समय वहां सन्नाटा पसरा था और कई लोगों की आंखों में आंसू भी थे। उसके शोकाकुल परिजनों सहित तकरीबन 150 से अधिक लोग अंतिम संस्कार में शामिल हुए। उसके भाई धीरज ने चिता को अग्नि दी।” खैर इस बीच राधिका के 49 वर्षीय पिता दीपक यादव ने अपना अपराध कबूल कर लिया।  और उन्होंने पुलिस को बताया कि “टेनिस अकादमी से होने वाली आय पर निर्भर रहने के कारण उसे ताना मारा जाता था।” आरोपी पिता को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया और एक दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। इसे भी पढ़ें:- आखिर पिता ने क्यों किया अपनी टेनिस चैंपियन बेटी राधिका यादव का मर्डर? इस घटना को हिंदू-मुस्लिम रंग भी दिया जा रहा (Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika) है उभरती टेनिस खिलाड़ी राधिका यादव के एक साथ म्यूजिक वीडियो में नजर आने वाले कलाकार इनाम उल हक ने कहा है कि राधिका की हत्या में उसकी किसी तरह की संलिप्तता नहीं है और वीडियो शूट होने के बाद वह टेनिस खिलाड़ी के साथ संपर्क में (Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika) नहीं था। न्यूज़ एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में इनाम ने कहा कि “दिल्ली में आयोजित टेनिस प्रीमियर लीग के दौरान वह राधिका से मिला था और इस मुलाकात के बाद उसने म्यूजिक वीडियो में उसके साथ काम किया।” पहली मुलाकात पर इनाम ने कहा कि “दिल्ली में हुए टेनिस प्रीमियर लीग के दौरान मैं पहली बार राधिका से मिला। इसके बाद म्यूजिक वीडियो में मेरी उससे मुलाकात हुई। वह मेरे लिए एक कलाकार थी। मैंने कई कलाकारों के साथ काम किया है। वह इस वीडियो की शूटिंग के लिए यहां आई थी और फिर इसके बाद चली गई। हमने इस वीडियो के लिए उसे भुगतान किया जबकि वीडियो बनाने में जो खर्च हुआ, उसका भुगतान अभी नहीं हुआ। इस वीडियो के बाद हमारे बीच कोई संपर्क नहीं हुआ।” राधिका की हत्या में अपनी किसी तरह की संलिप्तता से इंकार करते हुए इनाम ने कहा कि “इस घटना को हिंदू-मुस्लिम रंग भी दिया जा रहा है। ऐसा क्यों किया जा रहा है, इसके बारे में मुझे कुछ नहीं पता। मेरा इस मर्डर से कोई लेना-देना नहीं है। राधिका का कोई सोशल मीडिया अकाउंट नहीं है। बस यूट्यूब पर एक क्लिप है। इसी वजह से इस वीडियो को बार-बार दिखाया जा रहा है।” यही नहीं इनाम ने घटना को सांप्रदायिक रंग देने की हो रही कोशिशों पर गहन चिंता जताई।  Latest News in Hindi Today Hindi Enam Talks Murder Rumors After Music Video With Radhika #Enam #Radhika #MusicVideo #MurderRumors #BollywoodNews #ViralBuzz #EnamRadhikaVideo #TrendingNow

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विवाद में घिर गए हैं Sanjay Shirsat

नोटों से भरे बैग के पास बैठकर सिगरेट फूंकते दिखे महाराष्ट्र के मंत्री संजय शिरसाट, वीडियो वायरल होने के बाद महाराष्ट्र का सियासी पारा चढ़ा 

महाराष्ट्र सरकार में सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट (Sanjay Shirsat) एक बार फिर विवादों में हैं। संजय शिरसाट का एक वीडियो (Sanjay Shirsat Viral Video) सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वो एक कमरे में बैठकर सिगरेट पीते हुए नजर आ रहे हैं और उनके बगल में एक बैग रखा है जो नोटों से भरा हुआ प्रतीत हो रहा है। इस यह वीडियो को शिवसेना (UBT) सांसद संजय राउत (Sanjay Raut) ने अपने एक्स अकाउंट पर जारी किया। जिसके बाद से ही राज्य की राजनीत में हलचल मचा हुआ है। संजय राउत (Sanjay Raut) ने इस वीडियो (Sanjay Shirsat Viral Video) को अपने अकाउंट पर पोस्ट करते हुए लिखा, “मुझे मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) पर तरस आ रहा है! वे कितनी बार यूं ही बैठे-बैठे अपनी प्रतिष्ठा को तार-तार होते देखेंगे? लाचारी का दूसरा नाम है – फडणवीस!” संजय राउत (Sanjay Raut) ने यह टिप्पणी करते हुए भाजपा और शिंदे गुट को एक साथ घेरने की कोशिश की है। राउत के इस पोस्ट के बाद जब विवाद ने तूल पकड़ा तो मंत्री संजय शिरसाट भी सामने आए और सफाई दी कि वीडियो में दिख रहे बैग में नकदी नहीं बल्कि उनके कपड़े रखे थे। उन्होंने कहा कि संजय राउत द्वारा लगाया गया आरोप निराधार है और यह केवल उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने की एक गहरी साजिश है। आयकर विभाग ने कुछ दिन पहले ही भेजा था नोटिस बता दें कि वीडियो सामने आने के ठीक एक दिन पहले संजय शिरसाट (Sanjay Shirsat Viral Video) ने मीडिया के सामने स्वीकार किया था कि आयकर विभाग ने उन्हें नोटिस भेजा है। यह नोटिस 2019 से 2024 के बीच उनकी व्यक्तिगत संपत्ति में आई असामान्य वृद्धि के आधार पर जारी किया गया है। शिरसाट औरंगाबाद (पश्चिम) से विधायक हैं और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के नेतृत्व वाली शिवसेना के प्रमुख नेता हैं।  शिरसाट ने आयकर विभाग के नोटिस की जानकारी देते हुए कहा, “कुछ लोगों ने मेरे खिलाफ आयकर विभाग में शिकायत दर्ज कराई थी। मुझे बीते बुधवार को जवाब देना था, लेकिन मैंने और अधिक समय मांगा है। मैं सही स्पष्टीकरण दूंगा, कुछ भी गलत नहीं किया है।” संजय शिरसाट (Sanjay Shirsat) ने शुरुआत में दावा किया था कि लोकसभा सांसद और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के बेटे श्रीकांत शिंदे को भी आयकर विभाग से नोटिस मिला है। हालांकि, बाद में उन्होंने इस बयान से यू-टर्न लेते हुए कहा, “मेरे जवाब को गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया। मैं यह स्पष्ट करना चाहता हूं कि श्रीकांत शिंदे को नोटिस मिला है कि नहीं, इस बारे में मुझे कोई जानकारी नहीं है।” आदित्य ठाकरे का तीखा सवाल शिवसेना (UBT) नेता आदित्य ठाकरे (Aditya Thackeray) ने भी इस मुद्दे पर शिंदे गुट पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, “आज संजय शिरसाट एक वीडियो में अंडरवियर और बनियान में बैठे दिखते हैं, उनके पास नकदी से भरे बैग हैं। हम ’50 खोखे एकदम ठीक’ जैसी बातें सुनते हैं, लेकिन अब ये दृश्य वीडियो में साफ दिख रहा है। इतना पैसा कहां से आया? क्या कोई ऐसे ही नोटों की गड्डियां लेकर घूमता है? क्या मुख्यमंत्री फडणवीस (Devendra Fadnavis) इस पर कोई कार्रवाई करेंगे? क्या इसी तरह से राज्य को लूटने का धंधा चलता रहेगा?” इसे भी पढ़ें:- 40 बैंक खातों में 106 करोड़ रुपये, छांगुर बाबा की कुंडली खंगालने में जुटी ईडी विपक्ष का हमला और सरकार की चुप्पी यह वीडियो अब राज्य की राजनीति में एक बड़ा मुद्दा बन चुका है। विपक्ष इस पूरे मामले को सत्ता में बैठे लोगों की कथित भ्रष्टाचार से जोड़कर देख रहा है, जबकि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) या शिंदे गुट की तरफ से अभी तक इस पर कोई ठोस बयान नहीं आया है। राजनीतिक जानकार इस वीडियो को महाराष्ट्र में सत्ता पक्ष की साख पर बड़ा धब्बा मान रहे हैं। जानकारों का कहना है कि इस एक वीडियो ने राज्य में फैले भ्रष्टाचार की पोल खोल दी है। अगर सरकार ने इस मुद्दे पर कार्रवाई नहीं की तो विपक्ष आगामी स्थानीय निकाय चुनाव में इसे बड़ा मुद्दा बनाकर राज्य सरकार को घेर सकता है। हालांकि सरकार की तरफ से जिस तरह की चुप्पी नजर आ रही है, उसे देखते हुए कम ही लगता है कि इस मामले में कोई कार्रवाई हो सकती है।  Latest News in Hindi Today Hindi Devendra Fadnavis #SanjayShirsat #ViralVideo #MaharashtraPolitics #CashBagControversy #PoliticalScandal

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Air India Crash Report Reveals Pilot's

‘फ्यूल बंद क्यों किया…? एक पायलट ने दूसरे से पूछा और फिर…’,Air India विमान हादसे की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

अहमदाबाद से लंदन जा रहे एयर इंडिया-171 विमान की दुर्घटना (Air India-171 Plane Crash) की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट आ गई है। विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआइबी) द्वारा जारी इस रिपोर्ट में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। इस बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान (Air India-171 Plane Crash) ने जैसे ही टेकऑफ किया, महज 3 सेकंड के भीतर इसके दोनों इंजनों के फ्यूल कंट्रोल स्विच “कटऑफ” स्थिति में चले गए। इससे दोनों इंजनों को ईंधन मिलना बंद हो गया और वे काम करना बंद कर गए। परिणामस्वरूप, विमान 32 सेकंड के भीतर रनवे से करीब 0.9 नॉटिकल मील दूर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) द्वारा शुक्रवार देर रात जारी किए गए 15 पृष्ठों की इस प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से बताया गया कि टेकऑफ के तुरंत बाद फ्यूल सप्लाई बाधित हो गई, जिससे विमान का थ्रस्ट (गति) गिरने लगी और विमान नीचे की ओर गिरने लगा। इस रिपोर्ट में पायलटों के बीच बातचीत का भी उल्लेख है। कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) में दर्ज बातचीत के अनुसार, एक पायलट ने दूसरे से पूछा – “तुमने फ्यूल क्यों बंद किया?”, जिस पर दूसरे पायलट ने जवाब मिला – “मैंने नहीं किया।” हालांकि यह स्पष्ट नहीं किया गया कि यह संवाद किस पायलट ने कहा। घटना के समय विमान को को-पायलट चला रहा था।  दोनों इंजन महज तीन सेकंड में बंद जांच रिपोर्ट में बताया गया है कि दोनों इंजन महज तीन सेकंड में बंद हो गए। जिसके बाद रैम एयर टर्बाइन (RAT) (एक इमरजेंसी टर्बाइन) अपने आप सक्रिय हो गई। जिससे हाइड्रोलिक सिस्टम को अस्थायी ऊर्जा मिल सके। पायलटों ने इंजन को दोबारा स्टार्ट करने की कोशिश की। इंजन-1 आंशिक रूप से ठीक हुआ, जबकि इंजन-2 स्टार्ट नहीं हो सका। विमान सिर्फ 32 सेकंड हवा में रहा और मेडिकल कॉलेज के एक हॉस्टल भवन से टकरा गया। हादसे में 241 यात्रियों की मौत हो गई जबकि एक यात्री चमत्कारिक रूप से बच गया। फ्यूल कंट्रोल स्विच की अहम भूमिका ड्रीमलाइनर 787 (Dreamliner 787 Crash) में मौजूद फ्यूल कंट्रोल स्विच “रन” और “कटऑफ” के बीच काम करते हैं। ये आमतौर पर थ्रॉटल लीवर के नीचे स्थित होते हैं और इन पर ब्रैकेट और लॉकिंग मैकेनिज्म होते हैं जिससे गलती से भी इन्हें छुआ नहीं जा सकता। यदि कोई चालक दल सदस्य इन्हें बदलना चाहे तो पहले एक धातु का लॉक उठाना होता है। रिपोर्ट में बताया गया कि दोनों फ्यूल कंट्रोल स्विच अपने आप कटऑफ मोड में शिफ्ट हो गए थे। लेकिन यह कैसे हुआ, यह अभी रहस्य बना हुआ है। रिपोर्ट में अन्य जांच बिंदु भी शामिल -ईंधन की गुणवत्ता जांच में किसी प्रकार का संदूषण नहीं पाया गया। -थ्रस्ट लीवर निष्क्रिय स्थिति में पाए गए, लेकिन ब्लैक बॉक्स के अनुसार टेकऑफ थ्रस्ट जारी था। -मौसम पूरी तरह साफ था, हल्की हवाएं थीं, कोई पक्षी टकराव नहीं हुआ। -विमान का वजन और संतुलन सीमा के भीतर था। कोई खतरनाक सामान onboard नहीं था। -दोनों पायलट अनुभवी थे, चिकित्सकीय रूप से स्वस्थ थे और उनके पास ड्रीमलाइनर उड़ाने का पर्याप्त अनुभव था। इसे भी पढ़ें:- 40 बैंक खातों में 106 करोड़ रुपये, छांगुर बाबा की कुंडली खंगालने में जुटी ईडी फ्यूल कंट्रोल स्विच को लेकर FAA ने दी थी चेतावनी रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि, FAA ने पहले ही फ्यूल कंट्रोल स्विच में संभावित खराबी को लेकर एक चेतावनी जारी की थी, लेकिन एयर इंडिया ने उस विशेष विमान की समय पर जांच नहीं करवाई। विमान में तोड़फोड़ का कोई प्रमाण नहीं मिला, लेकिन तकनीकी चूक की आशंका जरूर जताई गई है। नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू (K. Rammohan Naidu) ने कहा कि सरकार पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित कर रही है और AAIB स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है। अमेरिकी विमानन विशेषज्ञ जान काक्स ने भी रिपोर्ट की समीक्षा करते हुए कहा कि “फ्यूल स्विच को गलती से कोई भी नहीं हिला सकता, उनके चारों ओर सुरक्षा व्यवस्था होती है।” बता दें कि, इस हादसे ने भारत की विमानन सुरक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच रिपोर्ट की शुरुआती जानकारी बताती है कि यह दुर्घटना मानवीय त्रुटि, तकनीकी खराबी और एयरलाइन की मेंटेनेंस चूक के कारण हो सकती है, हालांकि विस्तृत जांच रिपोर्ट आना अभी बाकी है। जिसमें इस दर्दनाक हादसे के कारणों का पूरा खुलासा हो सकता है।  Latest News in Hindi Today Hindi एएआइबी K. Rammohan Naidu #AirIndiaCrash #PilotConversation #AviationNews #FlightAccident #DGCAReport #FuelCut #AirIndiaTragedY

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Odisha Government Run by Adani

ओडिशा की सरकार अडानी चलाते हैं: राहुल गांधी

कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Congress Leader Rahul Gandhi) ने शुक्रवार को ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में संविधान बचाओ अभियान के तहत एक जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला, खासकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और उद्योगपति अडानी समूह (Adani Group) को लेकर। उन्होंने सामाजिक न्याय, जातीय जनगणना, महिलाओं की सुरक्षा और चुनावी पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर खुलकर बात की और जनता से इन सवालों को लेकर सतर्क रहने की अपील की। ओडिशा सरकार पर सीधा हमला राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने अपने भाषण की शुरुआत ओडिशा की सरकार (Odisha Government) को आड़े हाथों लेते हुए की। उन्होंने आरोप लगाया कि आज राज्य की सत्ता वास्तव में आम जनता के हाथ में नहीं, बल्कि कुछ चुनिंदा उद्योगपतियों के हाथ में है। उन्होंने दावा किया, ओडिशा की सरकार अब अडानी चला रहे हैं। राहुल गांधी ने जगन्नाथ यात्रा (Jagannath Yatra) का उदाहरण देते हुए कहा कि जब लाखों लोग भगवान जगन्नाथ के रथ को खींचने के लिए एकत्र होते हैं, तो उसी दौरान अडानी और उनके परिवार के लिए रथ रोक दिए जाते हैं। उन्होंने इसे जनता के विश्वास के साथ धोखा बताया और कहा कि यह स्पष्ट संकेत है कि सरकार अब जनहित में नहीं, बल्कि पूंजीपतियों के हित में काम कर रही है। सामाजिक न्याय और जातीय जनगणना की मांग राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने जातीय जनगणना (Caste Census) को लेकर अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि जब तक देश में हर जाति और वर्ग की सटीक जनसंख्या का आंकलन नहीं होगा, तब तक सामाजिक न्याय केवल एक नारा ही रहेगा। उन्होंने ने कहा कि सबसे पहला काम जातीय जनगणना है, जिससे गरीबों, दलितों, पिछड़ों को अपनी सच्ची शक्ति का अहसास होगा। महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल अपने संबोधन में राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने ओडिशा में महिलाओं की स्थिति पर चिंता जाहिर की। उन्होंने दावा किया कि ओडिशा में अब तक 40,000 से अधिक महिलाएं गायब हो चुकी हैं और हर दिन औसतन 15 बलात्कार के मामले सामने आते हैं। उन्होंने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि वह इन गंभीर मुद्दों की अनदेखी कर रही है और जनता को केवल चुनावों के समय याद करती है। बिहार चुनाव और वोटर लिस्ट विवाद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने बिहार में आगामी चुनावों को लेकर भी बीजेपी और चुनाव आयोग (Election Commission) पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जैसे महाराष्ट्र में लोकसभा और विधानसभा चुनावों (Assembly Election) के दौरान चोरी हुई, वैसे ही बिहार में भी साजिश रची जा रही है। उनका आरोप है कि चुनाव आयोग निष्पक्ष संस्था न रहकर बीजेपी की विंग की तरह काम कर रही है। उन्होंने दावा किया कि महाराष्ट्र में एक करोड़ नए वोटर लिस्ट (New Voter List) में जुड़ गए जिनकी जानकारी किसी को नहीं है और इसी तरह की प्रक्रिया बिहार में भी अपनाई जा रही है। राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने कहा कि हमने चुनाव आयोग से बार-बार वोटर लिस्ट (Voter List) और वीडियोग्राफी की मांग की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। बिहार में अगर कोई चुनाव चोरी करने की कोशिश करेगा, तो INDIA गठबंधन (India Alliance) मिलकर इसका मुकाबला करेगा। इसे भी पढ़ें:- महाराष्ट्र में हिंदी के विरोध में एकजुट दिखे उद्धव और राज ठाकरे, 20 साल बाद एक ही मंच पर आए साथ कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का समर्थन इस मौके पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे (Congress President Mallikarjun Kharge) भी मौजूद थे। उन्होंने भी केंद्र सरकार (Union Government) पर निशाना साधते हुए कहा कि मोदी सरकार देश के संसाधन जल, जंगल और जमीन को चुनिंदा पूंजीपतियों को सौंप रही है। उन्होंने कांग्रेस के 55 वर्षों के शासन का उल्लेख करते हुए कहा कि उस दौरान देश में सैकड़ों सार्वजनिक उपक्रम (PSUs) बनाए गए, जिससे देश की अर्थव्यवस्था और रोजगार को मजबूती मिली। राहुल गांधी (Rahul Gandhi) का यह दौरा केवल एक राजनीतिक रैली नहीं था, बल्कि यह एक रणनीतिक संदेश भी था सामाजिक न्याय, पारदर्शी चुनाव और गरीबों-अनुसूचित जाति-जनजाति के अधिकारों के लिए संघर्ष। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि कांग्रेस पार्टी (Congress Party) अब भारत जोड़ो यात्रा (Bharat Jodo Yatra) के बाद संविधान बचाओ की मुहिम को अगली दिशा देने को तैयार है। राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने अपने भाषण में बार-बार यह दोहराया कि अब वक्त आ गया है कि जनता जागरूक हो, संगठित हो और अपने हक के लिए आवाज़ बुलंद करे। Latest News in Hindi Today Hindi news Mallikarjun Kharge #RahulGandhi #Adani #OdishaPolitics #BreakingNews #IndianPolitics #OdishaNews

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Iran Wants to Destroy US , trump

Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path: ईरान अमेरिका को नष्ट करना चाहता है, मगर उसकी राह में इजरायल सबसे बड़ा रोड़ा है- इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू

हाल ही में ईरान और इजरायल के बीच भीषण युद्ध युद्ध हुआ था। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पहल के बाद कई दिनों तक चला भीषण युद्ध समाप्त हुआ था। इसके बाद अब इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान को लेकर बड़ा बयान दिया है। दरअसल, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान को मौत का पंथ कहते हुए कहा कि “यह अमेरिकी की मौत की बात करता (Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path) है। अमेरिका को ईरान नष्ट करना चाहता है। मगर उसकी राह में इजरायल रोड़ा है। बता दें कि उन्होंने ईरान के साथ युद्ध में मारे गए लोगों के घरों का दौरा किया। वह उन क्षेत्रों में भी गए जहां, ईरानी मिसाइलों से लोगों की मौत हुई थी। इस दौरान नेतन्याहू ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा कि “यह ईरान पर ऐतिहासिक विजय के बाद ऐतिहासिक दौरे का अंतिम दिन है। मैं और मेरी पत्नी सारा की ओर से, गुश एत्ज़ियों में मारे गए व्यक्ति के परिवार के प्रति दिल से संवेदनाएं प्रकट करता हूं। आतंक के खिलाफ लड़ाई गाज़ा, यहूदा , और सामरिया में और उससे भी आगे सभी मोर्चों पर जारी है।” हम तब तक चैन से नहीं बैठेंगे जब तक हमारे सभी लक्ष्य पूरे नहीं हो (Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path) जाते नेतन्याहू ने अपने पोस्ट में आगे लिखा कि “मैंने जीवित और शहीद दोनों बंधकों के परिवारों से मुलाकात की। मैंने उन्हें स्पष्ट रूप से बताया कि हम सभी को वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मैं एक ऐसे कदम को आगे बढ़ा रहा हूं जो एक महत्वपूर्ण रिहाई की ओर ले जाएगा, लेकिन केवल उन्हीं शर्तों पर जो इज़रायल निर्धारित करता है। हमास को निरस्त्र किया जाए, गाज़ा को सैन्य मुक्त किया (Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path) जाए। अगर यह कूटनीति से संभव नहीं हुआ तो यह बल प्रयोग से किया जाएगा। हम पहले भी ऐसे ही कार्य करते आए हैं और आगे भी ऐसे ही करेंगे। हम तब तक चैन से नहीं बैठेंगे जब तक हमारे सभी लक्ष्य पूरे नहीं हो जाते।” इसके अलावा एक साक्षात्कार के दौरान ​उन्होंने यह भी कहा कि “अब्राहम समझौते में सीरिया को शामिल करने से पहले उन्हें हिज़्बुल्लाह और भयानक तानाशाह हाफ़िज़ अल-असद को हराया था।” अपनी बात रखते हुए उन्होंने कहा कि “सीरिया तब तक अब्राहम समझौतों में शामिल नहीं हो सकता था, जब तक हिज़्बुल्लाह और हाफ़िज़ असद जैसे तत्वों को पराजित नहीं किया जाता।” यहाँ बता दें कि “हाफ़िज़ असद ने 1973 के अरब-इज़रायल युद्ध में इज़रायल से लड़ाई लड़ी थी और उनका निधन वर्ष 2000 में हो गया था।”  इसे भी पढ़ें:- महाराष्ट्र में हिंदी के विरोध में एकजुट दिखे उद्धव और राज ठाकरे, 20 साल बाद एक ही मंच पर आए साथ कुछ ही दिनों में संभव हो सकती है बंधकों की अगली (Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path) रिहाई- इज़राइली प्रधानमंत्री बड़ी बात यह कि इस बीच इज़राइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने साफ़ संकेत दिया है कि “अगली बंधक रिहाई कुछ ही दिनों में संभव हो सकती है।” उन्होंने उम्मीद जताई है कि इस दौर में वह बचे हुए 50 में से लगभग आधे बंधकों को वापस ला सकते (Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path) हैं। बंधकों की रिहाई पर नेतन्याहू ने कहा कि “हमें उम्मीद है कि हम जल्द ही बड़ी संख्या में अपने लोगों को घर ला सकेंगे।” गौर करने वाली बात यह कि हमास ने भी संकेत दिया है कि “वह 10 बंधकों को रिहा करने के लिए तैयार है। लेकिन शर्त ये है कि पहले समझौते की कुछ शर्तें पूरी की जाएं। ऐसे में कहने की जरूरत नहीं कि हालात तेजी से बदल रहे हैं और दोनों पक्षों के बीच चल रही बातचीत एक नए समझौते की ओर इशारा कर रही है। आने वाले समय में देखना दिलचस्प होगा कि क्या हमास वाकई में बंधकों को सही सलामत रिहा करता है या फिर कोई खेल खेलता है। इस बात में रंच मात्र भी गुंजाईश नहीं है कि हमास ने यदि जरा भी चालाकी की तो इजरायल एक और बड़ा हमला करने से चूकेगा नहीं।  Latest News in Hindi Today Hindi news Netanyahu: Iran Wants to Destroy US, Israel Blocks Path #Netanyahu #IranThreat #IsraelDefense #USMiddleEast #BenjaminNetanyahu #IranVsUS

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India’s Growing Population

Population Of India: भारत की बढ़ती जनसंख्या और बढ़ती चनौतियां  

भारत की जनसंख्या 2025 (India Population 2025) में 1.46 अरब (146 करोड़) तक पहुँच चुकी है, जिससे भारत दुनिया का सबसे ज्यादा जनसंख्या वाला देश बन गया है। संयुक्त राष्ट्र की हालिया रिपोर्ट के अनुसार भारत की जनसंख्या (India Population) चीन से भी ज्यादा है। यह जनसंख्या वृद्धि भारत के सामाजिक, आर्थिक और पर्यावरणीय ढाँचे पर गहरा प्रभाव डाल रही है। यह स्थिति एक ओर देश को युवा शक्ति के रूप में वैश्विक मंच पर आगे बढ़ने का अवसर देती है, वहीं दूसरी ओर यह कई जटिल चुनौतियाँ भी उत्पन्न करती है। जनसंख्या वृद्धि के प्रमुख कारण भारत में जनसंख्या (Population Of India) वृद्धि के पीछे कई कारण हैं। इनमें प्रमुख हैं: अवसर: युवा शक्ति और संभावनाएँ भारत की कुल आबादी (Population of India) में लगभग 65% लोग 35 वर्ष से कम उम्र के हैं। यह डेमोग्राफिक डिविडेंड (Demographic Dividend) भारत के लिए एक बड़ा अवसर है। यदि इस युवा आबादी को अच्छी शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं और रोजगार के पर्याप्त अवसर मिलें, तो भारत न केवल आर्थिक रूप से तेज़ी से प्रगति कर सकता है, बल्कि वैश्विक नवाचार और प्रौद्योगिकी में अग्रणी बन सकता है। आईटी, स्टार्टअप और सेवा क्षेत्र ऐसे क्षेत्र हैं जहाँ भारत की युवा शक्ति ने पहले ही अपना प्रभाव दिखाया है। वैश्विक स्तर पर भारतीय इंजीनियर, डॉक्टर और पेशेवर हर क्षेत्र में बेहतर कर रहे हैं। आने वाले वर्षों में यदि इस जनशक्ति का सही दिशा में उपयोग किया गया, तो यह भारत को विकसित राष्ट्र की ओर ले जा सकती है। चुनौतियाँ: संसाधनों पर दबाव इसे भी पढ़ें:- 40 बैंक खातों में 106 करोड़ रुपये, छांगुर बाबा की कुंडली खंगालने में जुटी ईडी समाधान की दिशा में प्रयास भारत सरकार और विभिन्न राज्य सरकारें जनसंख्या स्थिरीकरण (Population stabilization) और संसाधनों के न्यायपूर्ण वितरण के लिए कई योजनाएँ चला रही हैं। परिवार नियोजन, महिला सशक्तिकरण और शिक्षा पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, नई शिक्षा नीति (NEP) और कौशल विकास योजनाएं भी युवा आबादी को सशक्त बनाने की दिशा में उठाए गए कदम हैं। टेक्नोलॉजी और नवाचार भी इस संकट को अवसर में बदलने में मदद कर सकते हैं। डिजिटल इंडिया (Digital India), स्टार्टअप इंडिया (Startup India) और मेक इन इंडिया (Make In India) जैसी योजनाएं न केवल रोजगार सृजन में सहायक हैं, बल्कि देश को वैश्विक आर्थिक शक्ति बनने की दिशा में अग्रसर कर रही हैं। भारत की 1.46 अरब की जनसंख्या (Population of India) एक ऐतिहासिक पड़ाव है। यह आँकड़ा केवल संख्या नहीं, बल्कि एक संभावनाओं से भरी तस्वीर है। यदि इस विशाल मानव संसाधन का सुनियोजित ढंग से उपयोग किया जाए, तो भारत 21वीं सदी में विश्व की अगुवाई कर सकता है। इसके लिए आवश्यक है कि नीति निर्माताओं, समाज और हर नागरिक को मिलकर सतत विकास की दिशा में प्रयास करना होगा। Latest News in Hindi Today Hindi Demographic Dividend #IndiaPopulation #PopulationGrowth #OverpopulationIndia #IndiaChallenges #PopulationCrisis

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Changur Baba ED probe

ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts: 40 बैंक खातों में 106 करोड़ रुपये, छांगुर बाबा की कुंडली खंगालने में जुटी ईडी

उत्तर प्रदेश में अवैध धर्मांतरण के मामले में पकड़े गए जलालुद्दीन उर्फ छांगुर बाबा की मुसीबत कम होने का नाम नहीं ले (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) रही है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक छांगुर बाबा की संपत्तियों, बैंक खातों और वित्तीय लेन-देन की जांच के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बृहस्पतिवार को उत्तर प्रदेश आतंकवाद निरोधक दस्ते (एटीएस), राज्य सरकार के अधिकारियों और कुछ बैंकों को पत्र लिखे हैं। ईडी अब छांगुर बाबा के एक-एक पैसे की जांच ईडी कर रही है। जानकारी के लिए बता दें कि जलालुद्दीन ने अपने और सहयोगियों के नाम लगभग 40 बैंक खातों में करीब 106 करोड़ रुपये जमा किए हैं, जिनमें से अधिकांश राशि पश्चिम एशिया से आई है। इस प्रकरण के संबंध में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा था कि “प्रारंभिक जांच से स्पष्ट हुआ है कि जलालुद्दीन की गतिविधियां न केवल समाज के लिए, बल्कि पूरे राष्ट्र के लिए खतरनाक हैं। उन्होंने ऐसे गिरोहों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का संकल्प जताया है।” योगी ने कहा कि “हमारी सरकार बहन-बेटियों की गरिमा और सुरक्षा के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।   जलालुद्दीन ने अपने और सहयोगियों के नाम लगभग 40 बैंक खातों में करीब 106 करोड़ रुपये (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) जमा किए हैं ईडी की लखनऊ जोनल इकाई ने बुधवार को पीएमएलए (धन शोधन निवारण अधिनियम) के तहत एक आपराधिक मामला दर्ज किया था। इस मामले में लखनऊ के गोमती नगर पुलिस थाने में जलालुद्दीन और अन्य के खिलाफ एटीएस की प्राथमिकी को संज्ञान में लिया गया (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) है। आगे की पूछताछ हेतु जलालुद्दीन, उसके बेटे महबूब, और साथियों नवीन उर्फ जमालुद्दीन तथा नीतू उर्फ नसरीन को एटीएस ने गिरफ्तार कर जेल में रखा हुआ है। जांच एजेंसी जल्द ही अदालत में याचिका दायर कर बलरामपुर जिले के रहने वाले करीमुल्ला शाह से पूछताछ के लिए हिरासत में रिमांड का अनुरोध करेगी। सूत्रों के अनुसार, जलालुद्दीन ने अपने और सहयोगियों के नाम लगभग 40 बैंक खातों में करीब 106 करोड़ रुपये जमा किए हैं, जिनमें से अधिकांश राशि पश्चिम एशिया से आई है।  जलालुद्दीन ने धार्मिक प्रवचनों और अपनी पुस्तक शिजरा-ए-तैय्यबा के प्रकाशन के माध्यम से इस्लाम को बढ़ावा (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) दिया बताया जा रहा है कि जलालुद्दीन ने एक व्यापक नेटवर्क बनाया था, जो बलरामपुर में स्थित चांद औलिया दरगाह के परिसर से संचालित होता था। ध्यान देने वाली बात यह कि वहाँ वह नियमित रूप से बड़ी सभाएं आयोजित करता (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) था। उसकी सभाओं में भारतीय और विदेशी दोनों नागरिक शामिल होते थे। जाँच अधिकारियों ने यह भी दावा किया कि “जलालुद्दीन ने धार्मिक प्रवचनों और अपनी पुस्तक शिजरा-ए-तैय्यबा के प्रकाशन के माध्यम से इस्लाम को बढ़ावा दिया। तो वहीं हिंदू, अनुसूचित जाति और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों को व्यवस्थित रूप से धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित और मजबूर किया गया। फ़िलहाल प्रवर्तन निदेशालय ने इस अपराध से प्राप्त आय की जांच हेतु एटीएस, बलरामपुर जिला प्रशासन और संबंधित बैंकों के धन शोधन निरोधक प्रकोष्ठों को पत्र भेजकर जलालुद्दीन, उसके परिवार और सहयोगियों की चल-अचल संपत्तियों, बैंक खातों और वित्तीय स्थिति की पूरी जानकारी मांगी है।  इसे भी पढ़ें:- ठाणे स्कूल में पीरियड्स जांच के नाम पर छात्राओं का अपमान  छांगुर बाबा का बचपन ग़रीबी में (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) बीता छांगुर बाबा बलरामपुर ज़िले के उतरौला तहसील के अंतर्गत रेहरा माफ़ी गाँव का रहने वाला है। उसका जन्म इसी गाँव में हुआ था। उसके तीन और भाई हैं, जिनमें से तीन अभी भी गाँव में रहते हैं। भाइयों में सबसे बड़े छांगुर बाबा का बचपन ग़रीबी में (ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts) बीता। इसके चलते कई साल तक भीख मांगकर जीवन यापन करना पड़ा। छांगुर बाबा साइकिल से नग और अंगूठी बेचने का काम करते थे। छांगुर बाबा दो बार 2005-2010 और 2015-2020 तक अपने गाँव रेहरा माफ़ी के प्रधान भी रहे। कई सालों तक यह काम करने के बाद वे मुंबई चले गए और बाद में अपने आप को पीर घोषित कर दिया। इस बीच उन्होंने कस्बे के चांद औलिया दरगाह के पास अपनी एक बैठक भी बना ली। वहीं पर मुरीदों का आना जाना था। जानकारी के लिए बता दें कि छांगुर बाबा के सहयोगी बब्बू चौधरी ने लगभग साल भर पहले उनके ख़िलाफ़ अवैध धर्मांतरण की शिकायत की थी। इस शिकायत के बाद कई संगठनों ने प्रशासन से कार्रवाई की मांग की थी। Latest News in Hindi Today Hindi ED Probes Changur Baba Over ₹106 Cr in 40 Bank Accounts #ChangurBaba #EDProbe #MoneyLaundering #IndianScam #BankAccounts #106Crore #BreakingNews #EnforcementDirectorate #IndiaNews

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विटामिन डी डेफिशिएंसी: इस कमी से बढ़ सकता है इन 5 बीमारियों का जोखिम

विटामिन डी (Vitamin D) एक ऐसा जरूरी न्यूट्रिएंट है, जिसका इस्तेमाल हमारा शरीर कैल्शियम और फोस्फरस को एब्जॉर्ब करने के लिए करता है। अगर बात की जाए कैल्शियम और फोस्फरस की, तो यह हमारी हड्डियों और दांतों को बनाने और मजबूत बनाये रखने में मददगार हैं। इसके साथ ही इनके कई अन्य लाभ भी हैं। विटामिन डी (Vitamin D) का मुख्य स्त्रोत सूरज की रोशनी को माना गया है है। हालांकि, कुछ फूड्स से भी इसे प्राप्त किया जा सकता है। शरीर में विटामिन डी की कमी यानी डेफिशिएंसी होने से कई समस्याएं होने का रिस्क रहता है। आइए जानें विटामिन डी डेफिशिएंसी से होने वाली प्रॉब्लम्स (Problems caused by vitamin D deficiency) के बारे में। विटामिन डी डेफिशिएंसी से होने वाली प्रॉब्लम्स (Problems caused by vitamin D deficiency) क्लेवलैंडक्लिनिक (Clevelandclinic) के अनुसार विटामिन डी (Vitamin D) को सूरज की रोशनी, कई फूड्स और सप्लीमेंट्स से प्राप्त किया जा सकता है। इसके बाद भी विटामिन डी डेफिशिएंसी (Vitamin D deficiency) दुनिया भर में सामान्य समस्याओं में से सबसे सामान्य है।  विटामिन डी डेफिशिएंसी से होने वाली प्रॉब्लम्स (Problems caused by vitamin D deficiency) इस प्रकार हैं  रिकेट्स रिकेट्स बच्चों में होने वाली समस्या है, जिसमें उनकी हड्डियां कमजोर और सॉफ्ट हो जाती है। इससे हड्डियों का आकर अलग हो जाता है। ऐसा माना गया है कि इसका मुख्य कारण होता है विटामिन डी (Vitamin D) की कमी। लोग इस समस्या को गरीबी और कुपोषण से जोड़ कर देखते हैं। वयस्कों में इस स्थिति को ऑस्टियोमलेशिया के नाम से जाना जाता है। इसके कारण हड्डियों में दर्द हो सकता है और मसल्स कमजोर हो सकते हैं। यह नहीं इससे फ्रैक्चर का रिस्क भी बढ़ सकता है। ऑस्टियोपोरोसिस शरीर में कैल्शियम के एब्ज़ोर्प्शन के लिए विटामिन डी (Vitamin D) जरूरी है। इसकी कमी के कारण बोन डेंसिटी कम होती है और ऑस्टियोपोरोसिस का रिस्क बढ़ता है। यही नहीं इससे हड्डियों के टूटने का रिस्क भी अधिक हो जाता है। यह समस्या किसी भी व्यक्ति को हो सकती है लेकिन उम्र के बढ़ने के साथ ही इस रोग के विकसित होने की संभावना बढ़ती है। ऑटोइम्यून डिजीज  ऐसा पाया गया है कि विटामिन डी डेफिशिएंसी (Vitamin D deficiency) ऑटोइम्यून डिजीज में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। ऑटोइम्यून कंडीशन से पीड़ित व्यक्तियों में अक्सर लो विटामिन डी (Vitamin D) लेवल पाया गया है। यह कंडीशंस हैं मल्टीप्ल स्क्लेरोसिस, टाइप 1 डायबिटीज, इंफ्लेमेटरी बाउल डिजीज, रूमेटाइड आर्थराइटिस आदि। हालांकि, इसके बारे में अधिक रिसर्च की जानी जरूरी है। कुछ कैंसर विटामिन डी डेफिशिएंसी (Vitamin D deficiency) से कुछ कैंसर होने का रिस्क भी बढ़ता है। कुछ स्टडीज भी इन दोनों के लिंक के बारे में बताती हैं। ऐसा माना गया है कि इस कमी से ब्रेस्ट कैंसर और बाउल कैंसर का रिस्क बढ़ता है। ऐसा भी पाया गया है कि लो विटामिन डी (Vitamin D) लेवल से सम्पूर्ण कैंसर मोर्टेलिटी में बढ़ोतरी होती है। इसके साथ ही यह भी पाया गया है कि इससे प्रोस्टेट और पैंक्रियाटिक कैंसर का रिस्क बढ़ता है। यानी, यह कमी कैंसर की संभावना को बढ़ा सकती है, जो एक गंभीर समस्या का विषय है। इसे भी पढ़ें:-  एयर पॉल्यूशन से बढ़ सकता है एंग्जायटी और डिप्रेशन जैसी समस्याओं का खतरा कार्डियोवैस्कुलर डिजीज विटामिन डी डेफिशिएंसी (Vitamin D deficiency) को कार्डियोवैस्कुलर डिजीज  से भी जोड़ा गया है, जिसमें कई हार्ट डिजीज शामिल हैं।  यह भी पाया गया है कि इससे बुजुर्गों की मसल्स कमजोर हो सकती हैं और उन्हें दर्द हो सकता है। विटामिन डी की कमी से डिप्रेशन और अन्य मेंटल प्रॉब्लम्स भी हो सकती हैं। यह कमी मूड डिसऑर्डर्स का कारण भी बन सकती है।  नोट:- यहां दी गई जानकारी केवल रिसर्च के आधार पर दी गई है। लेकिन अगर आप किसी भी शारीरिक समस्या से परेशान हैं, तो अपने हेल्थ एक्सपर्ट से सलाह लेना न भूलें। Latest News in Hindi Today Hindi news Vitamin D #vitamind #healthtips #bonehealth #immunity #diseaserisk #nutrition #healthawareness

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