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Why Turkey is Supporting Pakistan: क्या इस वजह से तुर्की कर रहा है पाकिस्तान की मदद?Turkey Pakistan relations

22 अप्रैल को जम्म-कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसरन घाटी में हुई कायराना आतंकी हमले में 26 निर्दोष लोगों की मौत हो गई थी। इस हमले के बाद भारत ने 6 और 7 मई की दरम्यानी रात ऑपरेशन सिंदूर चलाकर पाकिस्तान और पाकिस्तान कब्जे वाले कश्मीर में एयर स्ट्राइक की। इस एयर स्ट्राइक में भारत ने 9 आतंकी ठिकानों को तबाह किया था। मजे की बात यह कि 3 दिन चली कार्रवाई में भारत ने पाकिस्तान को नाकों चने चबवा दिया। इस कार्रवाई में भारत ने न सिर्फ पाकिस्तान का एयर डिफेंस सिस्टम बल्कि कई एयर बेस भी तबाह कर दिया। इस दौरान 100 से अधिक आतंकी मारे गए और कई लोग घायल हुए। इसे अलावा 40 से अधिक पाकिस्तानी जवान भी मारे गए थे। फ़िलहाल अपनी हर देख पाकिस्तान ने भारत से सीजफायर की गुहार लगाई। और फिर भारत अपनी शर्तों पर सीजफायर के लिए राजी हुआ। फ़िलहाल दोनों देशों की सरहदों पर शांति है। कहने की जरूरत नहीं इस पूरी कार्रवाई में पाकिस्तान को तगड़ा झटका लगा। खैर, इन सब के बीच ध्यान देने वाली बात यह कि इस पूरी कवायद में तुर्की और चीन पाकिस्तान के साथ खुलकर खड़े थे। चीन का तो समझ आता है कि चीन ने पाकिस्तान में इतना इन्वेस्ट कर दिया है कई उसका साथ देना मजबूरी बन गई है। लेकिन (Why Turkey is Supporting Pakistan) तुर्की? तुर्की ने हथियार बनाने और बेचने की दिशा में एक बड़ी कामयाबी हासिल (Why Turkey is Supporting Pakistan) की है वो तुर्की, जिसकी भारत ने करोड़ों डॉलर की मदद की थी। तुर्की वही देश है जहां विनाशकारी भूकंप आने के बाद भारत ने फौरन सहायता भेजी थी। इतना कुछ करने के बाद भी तुर्की एहसान फरामोश निकला। भारत और पाकिस्तान में बीच युद्धजनक स्थिति में तुर्की ने पाकिस्तान की मदद की। ऐसे में बड़ा सवाल यह कि क्या यह महज दोस्ती का मामला है या फिर इसके पीछे कोई और मंशा (Why Turkey is Supporting Pakistan) है? आइये जानते हैं इसके पीछे की मंशा। दरअसल, हाल के वर्षों में तुर्की ने अपनी रक्षा उद्योग को मजबूत किया है। वो दुनिया के शीर्ष हथियार निर्यातकों में शामिल होने की कोशिश कर रहा है। तुर्की हथियारों का सबसे बड़ा निर्यातक बनना चाहता है। तुर्की ने हथियार बनाने और बेचने की दिशा में एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। तुर्की अब दुनिया का 11वां सबसे बड़ा हथियार निर्यातक देश बन गया है। तीनों तरफ दुश्मनों से घिरे होने के कारण पाकिस्तान को रक्षा उपकरणों की हमेशा से दरकार रही है। इसी सिलसिले में पाकिस्तान के साथ तुर्की ने कई बड़े रक्षा सौदे किए हैं। जिनमें मिलगेम युद्धपोत, विभिन्न ड्रोन और टी-129 अटैक हेलीकॉप्टर शामिल हैं।  इसे भी पढ़ें:- जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर तुर्की का पाकिस्तान को समर्थन सिर्फ एक कूटनीतिक कदम नहीं, बल्कि सोची-समझी (Why Turkey is Supporting Pakistan) रणनीति है गौर करने वाली बात यह कि ये सौदे तुर्की के रक्षा उद्योग के लिए अरबों डॉलर की आमदनी का स्रोत (Why Turkey is Supporting Pakistan) हैं। बड़ी बात यह कि तुर्की का मकसद सिर्फ पाकिस्तान तक सीमित नहीं है बल्कि, वह दुनिया भर में अपने हथियार बेचने का इच्छुक है।  अफ्रीका, मिडल ईस्ट और एशिया में तुर्की अपने रक्षा उत्पादों का बाजार तेजी से बढ़ा रहा है। दरअसल, पाकिस्तान जैसे देशों में मदद और सहयोग देकर, तुर्की इन बाजारों में अपनी पैठ मजबूत कर रहा है। बेशक, तुर्की का पाकिस्तान को समर्थन सिर्फ एक कूटनीतिक कदम नहीं, बल्कि सोची-समझी रणनीति है, जो उसके हथियार उद्योग को बढ़ावा देने में मदद करती है। आगामी वर्षों में, तुर्की इस रणनीति के जरिए अपने रक्षा उद्योग को और मजबूत करेगा।  Latest News in Hindi Today Hindi news  Why Turkey is Supporting Pakistan #TurkeyPakistan #TurkeySupportsPakistan #ErdoganPakistan #KashmirIssue #TurkeyForeignPolicy #PakistanTurkeyTies #IslamicAlliance #TurkeyIndiaTensions #GlobalPolitics #MiddleEastNews

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Controversial remark on Sofia Qureshi

Controversial remark on Sofia Qureshi: सोफिया कुरैशी अनर्गल टिपण्णी पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई बीजेपी के इस मंत्री को फटकार, कही यह बात

बीते दिनों मध्यप्रदेश के जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह ने कर्नल सोफिया कुरैशी पर विवादित टिप्पणी (Controversial remark on Sofia Qureshi) की थी। इस टिपण्णी के बाद जबलपुर हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति अतुल श्रीधरन और न्यायमूर्ति अनुराधा शुक्ला की युगल पीठ ने स्वतः संज्ञान लेते हुए मंत्री के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए। उच्च न्यायालय के आदेश के बाद बुधवार देर रात विजय शाह के खिलाफ महू के मानपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई। एफआईआर दर्ज होने के बाद मंत्री ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दायर की थी। इस अर्जी पर सुप्रीम कोर्ट ने विजय शाह को जमकर फटकार लगाई है। जानकारी के मुताबिक मंत्री को फटकारते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि “संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति को तब और जिम्मेदार होना चाहिए जब देश ऐसी स्थिति से गुजर रहा हो।” लताड़ते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि “उन्हें पता होना चाहिए कि वह क्या कह रहे हैं?” यही नहीं, सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा कि “आप किस तरह का बयान दे रहे हैं? जाओ कर्नल सोफिया से माफी मांगो।”  विजय शाह ने कर्नल सोफिया कुरैशी पर की थी अनर्गल विवादित टिप्पणी (Controversial remark on Sofia Qureshi)  बता दें कि विजय शाह ने कर्नल सोफिया कुरैशी पर अनर्गल विवादित टिप्पणी (Controversial remark on Sofia Qureshi) की थी, जिसके बाद सर्वोच्च न्यायालय ने जमकर फटकार लगाई है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने एमपी के मंत्री विजय शाह की याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई करने पर सहमति जताई। हालाँकि कोर्ट ने यह साफ कर दिया कि मामले की हाई कोर्ट ही मॉनिटरिंग करेगा। सुप्रीम कोर्ट ही नहीं, हाई कोर्ट ने भी मंत्री के साथ-साथ राज्य सरकार की क्लास लगाई। जानकारी के मुताबिक महू के मानपुर थाने में दर्ज एफआईआर की ड्राफ्टिंग पर असंतोष जताते हुए राज्य शासन को नए सिरे से सुधार के निर्देश भी दिए हैं। अब इस मामले पर शुक्रवार को फिर से सुनवाई निर्धारित की गई है। जानकारी के लिए बता दें कि विजय शाह ने सुप्रीम कोर्ट में एफआईआर रद कराने के लिए अर्जी लगाई थी। याचिका में उन्होंने अपने बयान पर खेद प्रकट करते हुए माफी भी मांगी।  इसे भी पढ़ें:- जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर मंत्री विजय शाह के विवादित बयान (Controversial remark on Sofia Qureshi) का मामला पकड़ चुका है तूल  कहने की जरूरत नहीं, मंत्री विजय शाह के विवादित बयान (Controversial remark on Sofia Qureshi) का मामला तूल पकड़ चुका है। कोर्ट ही नहीं, अब तो राजनीतिक पार्टियां भी उनकी टिपण्णी का विरोध कर रही हैं। कांग्रेस ने मंत्री विजय शाह को उनके पद से हटाने की मांग की है। यही नहीं, इंदौर, भोपाल और जबलपुर सहित मध्य प्रदेश के अन्य शहरों में विजय शाह के खिलाफ विरोध प्रदर्शन भी किया गया। देखना दिलचस्प होगा कि बीजेपी अपने बड़बोले मंत्री के खिलाफ क्या एक्शन लेती है। फ़िलहाल इस मामले को लेकर मध्यप्रदेश हाई कोर्ट में सुनवाई हुई।  Latest News in Hindi Today Hindi news Controversial remark on Sofia Qureshi #SofiaQureshi #SupremeCourt #BJPMinister #ControversialRemark #IndianPolitics #CourtReprimand #FreedomOfSpeech #PoliticalDrama #SofiaQureshiControversy #Justice

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Golden Boy of India

Golden Boy of India: गोल्डन ब्वॉय नीरज चोपड़ा बने टेरिटोरियल आर्मी में लेफ्टिनेंट कर्नल

भारतीय सेना ने गोल्डन ब्वॉय (Golden Boy of India) के नाम से मशहूर ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट नीरज चोपड़ा को टेरिटोरियल आर्मी में मानद लेफ्टिनेंट कर्नल के रूप नियुक्त किया है। उन्हें भारत की टेरिटोरियल आर्मी रेगुलेशन, 1948 के Para-31 के तहत शामिल किया गया है। भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें लेफ्टिनेंट कर्नल की रैंक दी है। बता दें कि भारत सरकार के गजट में नीरज चोपड़ा की नियुक्ति का भारत के राष्ट्रपति द्वारा ऐलान किया गया है। उनकी यह नियुक्ति 16 अप्रैल से लागू होगी। इससे पहले वो राजपूताना राइफल्स में नायब सूबेदार के पद पर थे। गौरतलब हो कि दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा 26 अगस्त 2016 को भारतीय सेना में जूनियर कमीशंड अधिकारी के रूप में भर्ती हुए थे। अब उन्हें भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट कर्नल का पद दिया गया है। कहने की जरूरत नहीं, इसके साथ ही ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट को भारतीय सेना में एक बड़ी जिम्मेदारी मिली है।  नीरज चोपड़ा (Golden Boy of India) से पहले भी कई खिलाड़ी टेरिटोरियल आर्मी का बने हैं हिस्सा, धोनी भी हैं शामिल  जानकारी के मुताबिक रक्षा मंत्रालय के सैन्य मामलों के विभाग द्वारा 13 मई को अधिसूचना जारी की गई। इस अधिसूचना में कहा गया है कि “प्रादेशिक सेना विनियम 1948 के पैरा-31 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राष्ट्रपति हरियाणा के पानीपत के गांव और डाकघर खंडरा के पीवीएसएम, पद्मश्री, वीएसएम पूर्व सूबेदार मेजर नीरज चोपड़ा (Golden Boy of India) को 16 अप्रैल 2025 से प्रादेशिक सेना में लेफ्टिनेंट कर्नल का मानद पद प्रदान करती हैं।” बता दें कि नीरज से पहले भी कई खिलाड़ी टेरिटोरियल आर्मी का हिस्सा हैं, इनमें भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी भी शामिल हैं।  इसे भी पढ़ें:- भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव चरम पर: भारतीय एयर डिफेंस ने पाकिस्तानी हमले को किया नाकाम नीरज (Golden Boy of India) ने टोक्यो ओलंपिक में भाला फेंक में गोल्ड मेडल जीतकर रच दिया था इतिहास  भाला फेंक में दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से एक हैं नीरज (Golden Boy of India) ने टोक्यो ओलंपिक में भाला फेंक में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया था। वह देश के लिए व्यक्तिगत गोल्ड मेडल जीतने वाले पहले ट्रैक एंड फील्ड एथलीट बने थे। हरियाणा के पानीपत के पास खंडरा गांव के रहने वाले इस 27 वर्षीय भाला फेंक खिलाड़ी ने अपने दूसरे प्रयास में 87.58 मीटर की दूरी के साथ पहला स्थान हासिल कर गोल्ड अपने नाम किया था। उन्होंने 2024 पेरिस ओलंपिक में भी रजत पदक जीता था। बात करें उनकी निजी जिंदगी की तो उन्होंने इस वर्ष प्रोफेशनल टेनिस खिलाड़ी हिमानी मोर से शादी की है। बड़ी बात यह कि नीरज मौजूदा विश्व चैंपियन हैं। आशा है, नीरज न सिर्फ अपनी जिम्मेदारियों को बखूबी निभाएंगे बल्कि ओलिंपिक खेलों में देश का गौरव भी बढ़ाएंगे।  Latest News in Hindi Today Hindi news Golden Boy of India #NeerajChopra #GoldenBoyOfIndia #LieutenantColonel #TerritorialArmy #IndianArmy #OlympicGold #NeerajInArmy #IndiaPride #AthleteToArmy #SportsHero

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British Author Praises India’s Operation Sindoor

British Author Backs Operation Sindoor: ब्रिटिश लेखक ने की ऑपरेशन सिंदूर की तारीफ, कहा- पश्चिमी देशों को भारत का समर्थन करना चाहिए

पहलगाम हमले के बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर चलाकर जिस तरह पाकिस्तान की ठुकाई की है उससे समूची दुनिया अचंभित है। आतंकवाद का पर्याय बन चुके पाकिस्तान की दुनिया भर में किरकिरी हो रही है। यह किसी से छुपा नहीं है कि पाकिस्तान दशकों से आतंकवाद को शरण देता आया है। इस ऑपरेशन के बाद आतंकियों के लिए जन्नत कहे जाने वाले पाकिस्तान को मुंह छुपाने की जगह नहीं मिल रही है। इस बीच ब्रिटिश लेखक डेविड वेंस ने भारतीय सेना द्वारा चलाए गए ऑपरेशन सिंदूर की तारीफ खुलकर (British Author Backs Operation Sindoor) की है। भारत की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि “अगर भारत को पश्चिमी देश सपोर्ट करते हैं तो भारत चीन के खिलाफ वेस्ट की दीवार की तरह बन सकता है।” यही नहीं, उन्होंने पाकिस्तान को सपोर्ट करने के लिए चीन की आलोचना की। उन्होंने बीजिंग पर आरोप लगाते हुए कहा, “चीन एशिया क्षेत्र में पाकिस्तान को प्रॉक्सी की तरह इस्तेमाल करता है। इसलिए चीन पर भरोसा नहीं किया जा सकता है।”  भारत को सपोर्ट दिया गया तो पश्चिम देशों के लिए भारत चीन के खिलाफ एक मजबूत दीवार की तरह काम (British Author Backs Operation Sindoor) करेगा बता दें कि न्यूज एजेंसी एएनआई को दिए अपने इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि “चीन पाकिस्तान को प्रॉक्सी की तरह इस्तेमाल करता है, इसलिए उसपर भरोसा नहीं किया जा सकता। मुझे लगता है कि डोनाल्ड ट्रंप को यह बात समझनी चाहिए।” उन्होंने यह भी कहा कि “यह और भी बेहतर होगा कि अगर डोनाल्ड ट्रंप इस बात को समझ जाएं कि अगर भारत को बेहतर सपोर्ट दिया गया तो भारत पश्चिम देशों के लिए चीन के खिलाफ एक मजबूत दीवार की तरह काम (British Author Backs Operation Sindoor) करेगा। पाकिस्तान के खिलाफ हम भारत को जितना समर्थन करेंगे, उतना ही बेहतर होगा, क्योंकि चीन का पाकिस्तान का काफी इंट्रेस्ट है। जो लोग भारत के हित के बारे में नहीं सोच रहे हैं, मैं मानता हूं वो पश्चिम के बारे में भी नहीं सोच रहे हैं।” इस बीच उन्होंने पाकिस्तान को सपोर्ट करने के लिए तुर्की को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि “पाकिस्तान के पक्ष में तुर्की द्वारा दिए जाने वाले एंटी इंडिया बयान की खुलकर आलोचना की जानी चाहिए।” इसे भी पढ़ें:- जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर चीन भारत के लिए एक समस्या है और पाकिस्तान के असफल देश (British Author Backs Operation Sindoor) है-  ब्रिटिश लेखक डेविड वेंस वेंस ने कहा कि “मुझे कोई आश्चर्य नहीं है। चीन भारत के लिए एक समस्या है और जैसा मैंने कहा कि पाकिस्तान के असफल देश (British Author Backs Operation Sindoor) है। मुझे लगता है कि तुर्की भी एक विवादास्पद देश है। तो इन सबके बाद मुझे कोई हैरानी नहीं हुई। एर्दोगान और चीन के बीच मैं ज्यादा अंतर नहीं कर पाता।” यही नहीं इस दौरान उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के लिए भी भारत का मजबूती से समर्थन करते हुए कहा कि पाकिस्तान लंबे समय से इसका इंताजर था, क्योंकि यह फैसला लेना जरूरी था।” हालांकि, उन्होंने यह कहा कि “यह होना जरूरी था और ऑपरेशन सिंदूर सफल रहा है। पाकिस्तान एक असफल और आतंकवादी देश है। ऐसे में यह जरूरी है कि भारत द्वारा ऐसा कदम उठाया गया।” Latest News in Hindi Today Hindi news British Author Backs Operation Sindoor #OperationSindoor #BritishAuthorSupportsIndia #IndiaDefense #WesternSupportIndia #Geopolitics #OperationSindoorPraise #IndiaSecurity #IndiaUKRelations #GlobalSecurity #SupportIndia

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Pulwama Encounter

2 Terrorists Killed by Security Forces: जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में मुठभेड़ जारी, सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों को किया ढेर

पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद से सीमा सुरक्षाबलों ने ऑपरेशन किलर चलाकर आतंकियों को जड़ से खत्म करने फैसला कर लिया है। इसी सिलसिले में सुरक्षाबल रात-दिन एक कर दहशतगर्दों की खोज में लगे हुए (2 Terrorists Killed by Security Forces) हैं। इस समय पूरे प्रदेश में न सिर्फ आतंकियों की खोज में तलाशी अभियान चालू है एनकाउंटर में आतंकियों को ढ़ेर भी किया जा रहा है। इसी क्रम में गुरुवार को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में भी सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई। जानकारी के मुताबिक ये मुठभेड़ जम्मू कश्मीर के त्राल के नादिर गांव में हो रही है। इस मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद के तीन अज्ञात आतंकवादी मारे गए। यह इलाका दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिले के अंतर्गत आता है। खबर है कि इस इलाके में अभी भी 02 से 03 आतंकी छुपे हुए हैं। बता दें कि पिछले 48 घंटे के भीतर यह दूसरी मुठभेड़ है। यह घटना शोपियां जिले के केल्लर इलाके में सुरक्षा बलों द्वारा चलाए गए एक अभियान में लश्कर-ए-तैयबा के तीन आतंकवादियों को मार गिराने के ठीक दो दिन बाद हुई है। अवंतीपोरा के नादेर, त्राल इलाके में एनकाउंटर शुरू हो (2 Terrorists Killed by Security Forces) गया है दरअसल, ऑपरेशन सिंदूर के बाद आतंकी घाटी फिर से दहशत फैलाना चाहते थे, लेकिन सुरक्षाबलों ने ऑपरेशन किलर चलाकर उनके मंसूबों पर पानी फेर दिया (2 Terrorists Killed by Security Forces) है। इस बीच त्राल इलाके में त्राल सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच जारी मुठभेड़ को लेकर कश्मीर जोन की पुलिस ने बयान जारी कर कहा कि “अवंतीपोरा के नादेर, त्राल इलाके में एनकाउंटर शुरू हो गया है। पुलिस और सुरक्षा बल काम पर लगे हुए हैं। आगे की डिटेल्स जारी की जाएगी।” गौरतलब हो कि इससे पहले मंगलवार को जम्मू कश्मीर के शोपियां में सुरक्षाबलों ने तीन आतंकियों को मार गिराया था। ये तीनों आतंकी लश्कर-तैयबा के थे। भारतीय सेना ने बताया है कि इन आतंकियों को ऑपरेशन किलर के तहत आतंकी संगठन के तीन सदस्यों को मुठभेड़ में मार गिराया गया है। मारे गए इन तीन आतंकियों में से दो की पहचान शाहिद कुट्टे और अदनान शफी के रूप में हुई है, जो दोनों शोपियां के रहने वाले हैं।  इसे भी पढ़ें:-  भारतीय सेना ने बीती रात के हमले का जारी किया वीडियो, इस तरह पाकिस्तानी ड्रोन को हवा में ही दिया उड़ा तीन खूंखार आतंकवादियों को मार गिराया (2 Terrorists Killed by Security Forces) गया बता दें कि आतंकी कुट्टे साल 2023 में लश्कर में शामिल हुआ था। वो पिछले साल 8 अप्रैल को डेनिश रिसॉर्ट में हुई गोलीबारी की घटना में शामिल था। इस घटना  में दो जर्मन पर्यटक और एक ड्राइवर घायल हो गए थे। यही नहीं, पिछले साल मई में शोपियां के हीरपोरा में भाजपा सरपंच की हत्या में भी वह शामिल था। शोपियां में मारे गए आतंकवादियों के पास से तीन एके-47 राइफलें तथा अन्य हथियार और गोला-बारूद बरामद किया गया। गौरतलब हो कि राष्ट्रीय राइफल्स यूनिट को शोकल केलर, शोपियां के सामान्य क्षेत्र में आतंकवादियों की मौजूदगी के बारे में सूचना मिली थी। इसके बाद मुठभेड़ में तीन खूंखार आतंकवादियों को मार गिराया (2 Terrorists Killed by Security Forces) गया। फिलहाल ऑपरेशन जारी है।  Latest News in Hindi Today Hindi news 2 Terrorists Killed by Security Forces #PulwamaEncounter #JammuAndKashmir #TerroristKilled #IndianArmy #SecurityForces #KashmirNews #AntiTerrorOperation #BreakingNews #JammuKashmirNews #TerrorFreeIndia

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children poisoned by mother

Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight: पति के साथ हुई कहासुनी के बाद चार बच्चों के साथ महिला ने खाया जहर, तीन की मौत

बिहार के औरंगाबाद जिले के रफीगंज स्टेशन पर एक हृदयविदारक घटना घटी। जहाँ, एक महिला ने अपने चार बच्चों को जहर दे (Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight) दिया। यही नहीं, बच्चों को जहर देने के बाद खुद भी जहर खा लिया। इस तरह क्षणिक क्रोध के चलते लिया गया यह फैसला तीन बच्चों की जान ले लिया। खबर के मुताबिक पारिवारिक विवाद के चलते महिला ने यह हृदयविदारक कदम उठाया। इस घटना में तीन बच्चों की मौत हो गई है। महिला और एक बच्चे की हालत गंभीर बनी हुई है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक किसी बात को लेकर रफीगंज स्टेशन परिसर में पति-पत्नी के बीच झगड़ा हुआ था। झगड़े से आहत महिला ने ये कदम उठाया। 6 साल के रितेश कुमार की हालत नाजुक है और उसका इलाज चल रहा है। मृतकों में 1 साल की शिवानी, 5 साल की सूर्यमणि कुमारी तथा 3 साल की राधा कुमारी शामिल है। बता दें कि घटना की सूचना मिलते ही रफीगंज थानाध्यक्ष शंभू कुमार, आरपीएफ इंस्पेक्टर राम सुमेर अस्पताल जा धमके। फ़िलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। खैर, लोग इस बात को लेकर हैरान हैं कि आखिर एक मां अपनी ही औलाद के साथ ऐसा कैसे कर सकती है? पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर सोनिया देवी ने ऐसा क्यों किया? रितेश कुमार और सोनिया देवी की हालत गंभीर, सदर अस्पताल औरंगाबाद किया (Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight) गया रेफर इस पूरे मामले पर आरपीएफ इंस्पेक्टर ने बताया कि “जवानों को सूचना मिली थी कि डाउन प्लेटफार्म पर एक महिला और चार बच्चे परेशान (Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight) हैं। इसके बाद आरपीएफ के जवान और स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने सभी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रफीगंज में भर्ती कराया।” डॉक्टर अरविंद कुमार सिंह (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी) ने बताया कि “महिला ने खुद जहरीला पदार्थ खाया और फिर अपने चारों बच्चों को भी खिला दिया। इलाज के दौरान तीन बच्चों की मौत हो गई। रितेश कुमार और सोनिया देवी की हालत गंभीर होने पर उन्हें बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल औरंगाबाद रेफर कर दिया गया।”  इसे भी पढ़ें:- अमृतसर में जहरीली शराब ने ली 14 लोगों की जान, मचा हड़कंप, प्रशासन पर उठे सवाल चारों बच्चों के साथ रफीगंज स्टेशन पहुंचकर उठाया यह कदम  बता दें कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तीन बच्चों की मौत देखकर (Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight) मृतक के चाचा राम सूरज बिंद और मौसी बेबी देवी गमगीन हैं। इस पूरी घटना पर सोनिया देवी के देवर राम सूरज बिंद ने बताया कि “रवि बिंद का परिवार रफीगंज स्टेशन पर आया था। रवि बिंद गोह प्रखंड के बन्देया थाने के झिकटिया गांव के रहने वाले हैं। रात में रवि बिंद और सोनिया देवी के बीच किसी बात को लेकर झगड़ा हुआ था। सुबह रवि बिंद काम करने के लिए कहीं चले गए थे। इसके बाद सोनिया देवी अपने चारों बच्चों के साथ रफीगंज स्टेशन पहुंची और यह कदम उठा लिया।”  Latest News in Hindi Today Hindi news Woman Poisons Herself and 4 Kids After Fight #womanPoisonsKids #FamilyTragedy #DomesticDispute #ShockingNews #IndiaNews #ChildDeath #MotherSuicide #CrimeNews #BreakingNews #EmotionalNews

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CM Yogi strict order

Yogi Adityanath action: सीएम योगी के इस आदेश के बाद दूध, घी, पनीर बेचने वालों के साथ इनकी खैर नहीं, चौराहों पर लगेगी तस्वीर

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपनी सख्ती के लिए जाने जाते हैं। उनके शासन में अपराधियों थर-थर कांपते हैं। अपराधियों के बाद बारी है मिलावटखोरों की। लगातार प्राप्त हो रही है शिकायतों के बाद योगी आदित्यनाथ ने खाद्य पदार्थों में मिलावट और नकली दवाओं के कारोबार को सामाजिक अपराध करार देते हुए इसके खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने के निर्देश दिए (Yogi Adityanath action) हैं। उन्होंने कहा कि “अब मिलावटखोरों को बख्शा नहीं जाएगा। उनकी तस्वीरें प्रमुख चौराहों पर सार्वजनिक की जाएंगी, ताकि समाज को ऐसे अपराधियों के खिलाफ जागरूक किया जा सके। जानकारी के मुताबिक सूबे के मुख्यमंत्री ने निर्देश देते हुए कहा कि “दूध, पनीर, तेल, घी और मसालों जैसे रोजमर्रा के खाद्य उत्पादों की गहन जांच उनकी उत्पादन इकाइयों पर ही की जाए। इसके लिए डेडिकेटेड जांच टीमें गठित की जाएंगी।”  मिलावटी सामान और नकली दवाओं का उत्पादन, वितरण और बिक्री करने वालों के खिलाफ होगी दंडात्मक (Yogi Adityanath action) कार्रवाई  यही नहीं, इसके साथ ही मिलावटी सामान और नकली दवाओं का उत्पादन, वितरण और बिक्री करने वालों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई होगी। इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि “प्रदेश में जनस्वास्थ्य सर्वोच्च प्राथमिकता (Yogi Adityanath action) है। इसी क्रम में, मुख्यमंत्री योगी ने पेशेवर रक्तदाताओं की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई के निर्देश भी दिए हैं। बता दें कि प्रदेश में खाद्य एवं औषधि परीक्षण व्यवस्था को पुख्ता बनाने के लिए 12 नए मंडलों में अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं की स्थापना की जा रही है। इस कर्म में तीन माइक्रोबायोलॉजी लैब्स की शुरुआत भी की जा चुकी है। इसके अलावा लखनऊ और मेरठ में सूक्ष्मजीव और रोगकारक तत्वों की जांच का काम भी शुरू होगा। इसे लेकर मुख्यमंत्री योगी इस कदर संजीदा हैं कि उन्होंने नकली दवाओं के कारोबार को जड़ से खत्म करने के लिए पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के बीच समन्वय को और मजबूत करने का निर्देश दिया। यही नहीं, त्वरित कार्रवाई और संसाधन की कमी न रहे इस हेतु कॉर्पस फंड की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है।  इसे भी पढ़ें:-  भारतीय सेना ने बीती रात के हमले का जारी किया वीडियो, इस तरह पाकिस्तानी ड्रोन को हवा में ही दिया उड़ा फूड सेफ्टी कनेक्ट, मोबाइल ऐप और टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर की सुविधा भी कराई (Yogi Adityanath action) गई है उपलब्ध  जनता की भागीदारी सुनिश्चित करने हेतु फूड सेफ्टी कनेक्ट, मोबाइल ऐप और टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर की सुविधा भी उपलब्ध कराई (Yogi Adityanath action) गई है। मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि “जब तक नागरिक संतुष्ट नहीं होंगे, तब तक समाधान अधूरा माना जाएगा।” खबर के मुताबिक नमूना जांच प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए पासवर्ड-प्रोटेक्टेड बारकोड प्रणाली लागू की गई है। यही नहीं, जांच रिपोर्टें अब वैज्ञानिक डिजिटल रिपोर्ट के रूप में भी प्रस्तुत की जाएंगी।  Latest News in Hindi Today Hindi news Yogi Adityanath action #YogiAdityanathAction #UPNews #CMYogiOrder #DairyFraud #UttarPradeshNews #DoodhGheePaneer #YogiStrictAction #PublicHealthUP #FSSAIAlert #AdulterationFreeUP

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Milk poisoning case

Wife poisoned her husband: शादी के तीन दिन बाद ही पत्नी ने इस वजह से पति को दिया था दूध में जहर, अदालत ने सुनाई सजा

शादी का पल किसी भी इंसान की जिंदगी के महत्वपूर्ण पलों में से एक होता है। इस दौरान दो लोगों का मिलान होता है। शादी के बंधन में बंधने के बाद लोग अपने गृहस्थ जीवन को संवारने के साथ ही भविष्य की भी योजनाएं बनाने लगते हैं। बेशक इसी को ध्यान में रखकर हर सभ्य समाज में शादी का कॉन्सेप्ट है। लेकिन क्या हो, यदि शादी के तीसरे दिन ही दुल्हन या दूल्हा ही कातिल निकल जाये? निश्चित ही यह किसी सदमें से कम नहीं। बेशक यह सुनने में बड़ा अजीब लग सकता है, लेकिन यह सच है। दरअसल, मामला है यूपी के आगरा का। बात है साल 2016 की, जहाँ एक दुल्हन ने अपनी शादी के तीन दिन बाद (Wife poisoned her husband) ही अपने पति की हत्या कर मौके से नकदी और जेवरात लेकर फरार हो जाती है। आरोपी दुल्हन की पहचान रुबीना के रूप में हुई है और मृतक शख्स की पहचान निर्मल सिंह के रूप में हुई है।   घर की तलाशी में जेवर और नकदी दोनों थे Wife poisoned her husband) गायब  प्राप्त जानकारी के मुताबिक आगरा के जगदीशपुरा के आवास विकास सेक्टर 4 में रहने वाली पीड़ित की बहन ने 25 मई 2016 को पुलिस को एक दरख्वास्त दी थी। इस दरख्वास्त में उसने बताया था कि रुबीना ने जिसकी हत्या की थी वो उसका छोटा भाई निर्मल सिंह था। उसने बताया कि “निर्मल ने 21 मई को रुबीना के साथ शादी की थी। शादी के बाद घर में खुशी का माहौल था। पति-पत्नी दोनों खुश थे। इस बीच 25 मई 2016 की सुबह उनका भतीजा जब उनको उठाने के लिए गया तो निर्मल अपने बेड पर पड़े हुए मिले। काफी मशक्क्त करने के बाद भी जब वो नहीं उठे तो फिर घर के दूसरे लोगों को बुलाया गया। निर्मल को बेहोश देश आनन-फानन में नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस बीच गौर करने वाली बात यह कि घटना के बाद से रुबीना गायब थी। खैर, इस दरम्यान जब घर की तलाशी ली गई तो घर रखे जेवर और नकदी दोनों गायब थे। लोगों का शक रुबीना पर गया। इसके बाद मामले की जानकारी पुलिस को दी गई। पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर मामले की जांच शुरू कर दी। जल्द ही पुलिस को सफलता हाथ लगी और मुखबिर की मदद से आरोपी रुबीना को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। शुरुआती पूछताछ में तो उसने इंकार कर दिया लेकिन पुलिस की कड़ाई के सामने ज्यादा देर टिक नहीं सकी और जल्द ही अपना अपराध कबूल कर (Wife poisoned her husband) लिया।  इसे भी पढ़ें:- अमृतसर में जहरीली शराब ने ली 14 लोगों की जान, मचा हड़कंप, प्रशासन पर उठे सवाल पुलिस ने आरोपी रुबीना को 31 जून को कर लिया था गिरफ्तार  पुलिस की पूछताछ में आरोपी रुबीना ने बताया कि वह पहले से ही शादीशुदा है। वो तो पैसों की लालच में वह अधेड़ उम्र के पुरुषों को अपने जाल में फंसाती और फंसाकर उनसे शादी करती। और शादी करने के बाद नकदी और जेवरात लेकर गायब हो जाती थी। जानकारी के मुताबिक पुलिस की जांच में पता चला कि शादी के दो दिन बाद ही रुबीना ने अपने पति को दूध में जहर मिलाकर पिला दिया था। जहरीला दूध पीते ही उसकी मौत हो गई (Wife poisoned her husband) थी। पुलिस ने इस मामले की जांच के बाद आरोपी रुबीना को 31 जून को गिरफ्तार कर लिया था।  इसके बाद पुलिस ने इस मामले में चार्जशीट दाखिल की। लंबे ट्रायल के बाद इस मामले में कोर्ट ने रुबीना को दोषी करार देते हुए उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई है और इसके साथ ही उसपर जुर्माना भी लगाया गया है। तकरीबन 9 साल पहले हुए इस हत्याकांड पर अब जाकर कोर्ट का फैसला आया है। 9 साल बाद अदालत ने सूबतों के आधार पर आरोपी दुल्हन को आजीवन कारावास की सजा के साथ-साथ 75 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।  Latest News in Hindi Today Hindi news Wife poisoned her husband #wifehusbandcrime #poisoningcase #marriagecrime #shockingnews #truecrimeindia #courtverdict #toxicrelationship #crimealert #indiannews #justice

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Indian-Origin Named Canada's FM

Indian-Origin Named Canada’s FM: कनाडाई पीएम मार्क कार्नी ने किया कैबिनेट में फेरबदल, इस भारतीय को बनाया विदेश मंत्री, क्या सुधरेंगे रिश्तें?

साल 2025 की शुरुआत में जस्टिन ट्रूडो की जगह मार्क कार्नी कनाडा के प्रधानमंत्री बने थे। अहम बात यह कि पिछले महीने ही उनकी पार्टी लिबरल को उनके नेतृत्व में चुनाव में जीत मिली थी। इस बीच मंगलवार को कनाडा के नये नवेले प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने अपनी मंत्रिमंडल में बड़ा फेरबदल किया है। जानकारी के मुताबिक पीएम कार्नी के नए मंत्रिमंडल से 10 से अधिक लोगों को हटाया है। हटाए गए लोगों में पूर्व रक्षा मंत्री बिल ब्लेयर भी शामिल हैं। खैर, मंत्रिमंडल में बड़ा बदलाव करते हुए उन्होंने भारतीय मूल की अनीता आनंद को अपना नया विदेश मंत्री नामित (Indian-Origin Named Canada’s FM) किया है। मेलानी जोली की जगह आनंद को विदेश मंत्री बनाया है। गौर करने वाली बात यह कि उन्होंने गीता पर हाथ रखकर शपथ ली। इससे पहले ट्रूडो सरकार में वो कनाडा की रक्षा मंत्री थीं। बेशक कार्नी के इस फैसले ने भारत-कनाडा के रिश्तों में सुधार की गुंजाइश को बढ़ा दिया है। ऐसे में बड़ा सवाल यह कि क्या अनीता आनंद के विदेश मंत्री बनने से भारत संग कनाडा केरिश्तों में सुधार होगा? दरअसल, जस्टिन ट्रूडो के कार्यकाल में भारत और कनाडा के रिश्तों में खटास आ गई थी। अब क्या मार्क कार्नी और अनीता आनंद इसे ठीक करेंगे? पेशे से वकील, प्रोफेसर और रिसर्चर रह चुकी हैं अनीता आनंद निश्चित ही आप सोच रहे होंगे कि आखिर ये अनीता आनंद कौन हैं? तो आपको बता दें कि अनीता आनंद कनाडा (Indian-Origin Named Canada’s FM) की पहली हिंदू महिला सांसद और कैबिनेट मंत्री हैं। भले ही उनका जन्म भले भारत में न हुआ हो, मगर उनका ताल्लुक भारत से है। दरअसल, अनीता आनंद के माता-पिता भारत से थे। पिता तमिलनाडु तो मां पंजाब से थीं। पेशे से दोनों फिजिशियन थे। बाद में कनाडा में बस गए थे। अनीता के दादा भारत के स्वतंत्रता सेनानी थे। अनीता आनंद का जन्म केंटविले, नोआ स्कोटिया में हुआ था। उनकी दो बहनें हैं- गीता आनंद जो कि टोरंटो में एक वकील हैं, और दूसरी सोनिया आनंद, जो कि मैकमास्टर यूनिवर्सिटी में एक फिजिशियन और रिसर्चर हैं। पेशे से वकील, प्रोफेसर और रिसर्चर रह चुकी अनीता आनंद साल 1985 में ओंटारियो चली गईं थी। उन्होंने अब तक कई पदों पर काम किया है। पहली बार साल 2019 में वह ओकविले के लिए संसद सदस्य के रूप में चुनी गई थीं। उन्होंने 2019 से 2021 तक न सिर्फ सार्वजनिक सेवा और खरीद मंत्री के रूप में कार्य किया बल्कि ट्रेजरी बोर्ड के अध्यक्ष और राष्ट्रीय रक्षा मंत्री के तौर पर भी काम किया। आपको जानकर हैरानी होगी कि एक वक्त ऐसा भी था जब अनीता आनंद को जस्टिन ट्रूडो के विकल्प के तौर पर देखा जा रहा था। परिस्थितियां यदि अनुकूल होती तो कनाडा की प्राइम मिनिस्टर होती।  इसे भी पढ़ें:-  भारतीय सेना ने बीती रात के हमले का जारी किया वीडियो, इस तरह पाकिस्तानी ड्रोन को हवा में ही दिया उड़ा नई सरकार को मजबूत जनादेश के साथ चुना है, ताकि वे संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ एक नया आर्थिक और सुरक्षा संबंध स्थापित कर सकें खैर, इस पूरे मामले पर (Indian-Origin Named Canada’s FM) बोलते हुए पीएम कार्नी ने कहा कि “कनाडाई लोगों ने इस नई सरकार को मजबूत जनादेश के साथ चुना है, ताकि वे संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ एक नया आर्थिक और सुरक्षा संबंध स्थापित कर सकें और सभी कनाडाई लोगों के लिए एक मजबूत अर्थव्यवस्था का निर्माण कर सकें।” हालाँकि इस बीच कार्नी ने बताया कि 27 मई को जब संसद फिर से शुरू होगी, तब किंग चार्ल्स तृतीय कनाडा सरकार की प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए भाषण देंगे। बता दें कि चार्ल्स कनाडा में राष्ट्राध्यक्ष हैं, जो पूर्व उपनिवेशों के ब्रिटिश राष्ट्रमंडल का सदस्य है। खैर, इस बीच कार्नी ने कनाडा के  यूनाइटेड किंगडम, संस्थापक राष्ट्रों और फ्रांस पर जोर देते हुए कहा कि “लगातार बढ़ते एकीकरण पर आधारित अमेरिका के साथ पुराना रिश्ता खत्म हो गया है। Latest News in Hindi Today Hindi news Indian-Origin Named Canada’s FM #IndianOriginMinister, #CanadaCabinet, #ForeignMinisterCanada, #IndiaCanadaRelations, #MarkCarney, #CanadianPolitics, #IndiaCanadaTies, #CabinetReshuffleCanada, #IndianInPolitics, #CanadaNews

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Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action

Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action: भारत के इस एक्शन से तिलमिलाए पाकिस्तान ने भारतीय अधिकारी को दिया यह आदेश

भारत द्वारा ऑपरेशन सिंदूर के तहत आतंकियों पर की गई कार्रवाई से पाकिस्तान तिलमिलाया हुआ है। तिलमिलाहट ऐसी कि पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग के एक कर्मचारी को जासूसी के आरोप में आवंछित घोषित कर दिया। इतना ही नहीं, पाकिस्तान ने भारतीय राजनयिक और उनके परिवार को 24 घंटे के अंदर पाकिस्तान छोड़ने का तुगलकी फरमान जारी किया (Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action) है। जानकारी के मुताबिक पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने एक्स पर एक पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि “इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग के एक कर्मचारी को अवांछित व्यक्ति घोषित किया गया है।” खबर है कि पाकिस्तान सरकार ने इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग के एक कर्मचारी को उसकी विशेषाधिकार प्राप्त स्थिति के साथ असंगत गतिविधियों में संलग्न होने के लिए अवांछित व्यक्ति घोषित किया है। इसके साथ ही संबंधित अधिकारी को 24 घंटे के भीतर पाकिस्तान छोड़ने का निर्देश दिया गया है।” पोस्ट में कहा गया कि “भारतीय उच्चायुक्त को आज विदेश मंत्रालय में बुलाया गया था और इस आदेश से अवगत कराया गया।”  अधिकारी को 24 घंटे के भीतर भारत छोड़ने को कहा (Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action) गया है गौरतलब हो कि भारत ने मंगलवार को नई दिल्ली स्थित पाकिस्तान उच्चायोग में कार्यरत एक पाकिस्तानी अदिकारी को भारत में उसकी आधिकारिक स्थिति के अनुरूप नहीं होने वाली गतिविधियों में संलिप्त होने के कारण अवांछित व्यक्ति घोषित किया (Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action) था। विदेश मंत्रालय की ओर से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि “भारत सरकार ने नई दिल्ली स्थित पाकिस्तान उच्चायोग में कार्यरत एक पाकिस्तानी अधिकारी को भारत में अपने आधिकारिक दर्जे के अनुरूप गतिविधियों में संलिप्त होने के कारण अवांछित व्यक्ति घोषित किया गया है। अधिकारी को 24 घंटे के भीतर भारत छोड़ने को कहा गया है।” भारत के इस कदम से बौखलाए पाकिस्तान ने यह कदम उठाया है।  इसे भी पढ़ें:-  भारतीय सेना ने बीती रात के हमले का जारी किया वीडियो, इस तरह पाकिस्तानी ड्रोन को हवा में ही दिया उड़ा 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए घातक हमले में 26 पर्यटक मारे गए थे ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारतीय सेना ने 100 से अधिक आतंकवादियों के ठिकाने लगाने के लिए 9 जगहों को टारगेट किया (Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action) था। यही नहीं, पाकिस्तान के अंदर 11 एयर बेस को भी निशाना बनाया। न सिर्फ एयरबेस को निशाना बने बल्कि पाकिस्तान की सैन्य क्षमताओं को काफी नुकसान पहुंचाया गया। बड़ी बात यह कि इस ऑपरेशन को हवाई, जमीनी और समुद्री अभियानों को संयमित तरीक़े से अंजाम दिया गया। बड़ी बात यह कि ऑपरेशन में नागरिकों को कम से कम हताहत किया गया था। बता दें कि भारत ने जम्मू-कश्मीर में हुए हमले का बदला लेने के लिए 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इसके तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में कई आतंकी ठिकानों पर हमला किया गया था। बता दें कि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए घातक हमले में 26 पर्यटक मारे गए थे। कहने की जरूरत नहीं कि भारत द्वारा आतंकियों पर की गई घातक कार्रवाई के बाद पाकिस्तान की सरकार अब बौखला चुकी है। Latest News in Hindi Today Hindi news Pakistan Summons Indian Official Over India’s Action #IndiaPakistanTension #PakistanSummons #IndianDiplomat #IndiaNews #PakistanNews #BreakingNews #DiplomaticTension #IndiaPakistan #GlobalNews #SouthAsiaNews

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