कब मनाई जाएगी गोवर्धन पूजा? जानें शुभ मुहूर्त और महत्व

कब मनाई जाएगी गोवर्धन पूजा? जानें शुभ मुहूर्त और महत्व

दिवाली के अगले दिन मनाया जाने वाला गोवर्धन पूजा का पर्व इस बार 22 अक्टूबर को मनाया जाएगा. आमतौर पर लोग इसे दिवाली के अगले दिन ही मनाते हैं लेकिन इस बार पंचांग के अनुसार तिथि को लेकर थोड़ा भ्रम बना हुआ था. दरअसल, कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि 21 अक्टूबर की शाम 5:57 बजे शुरू हो रही है और 22 अक्टूबर की रात 8:18 बजे तक रहेगी. ऐसे में उदयातिथि की मान्यता के अनुसार गोवर्धन पूजा 22 अक्टूबर को मनाई जाएगी.

किसकी पूजा की जाती है?

इस दिन भगवान श्रीकृष्ण की पूजा की जाती है जिन्होंने ब्रजवासियों को देवराज इंद्र की भारी वर्षा से बचाने के लिए गोवर्धन पर्वत को अपनी छोटी उंगली पर उठा लिया था. तभी से इस पर्व को श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है. इस दिन भगवान को 56 भोग लगाए जाते हैं और गायों की पूजा की जाती है. उन्हें चारा खिलाया जाता है और उनका विशेष ध्यान रखा जाता है.

पूजा का पहला शुभ मुर्हूत

गोवर्धन पूजा का पहला शुभ मुहूर्त सुबह 6:26 बजे से शुरू होकर 8:48 बजे तक रहेगा. इस दौरान पूजा की अवधि एक घंटे 16 मिनट की होगी. दूसरा मुहूर्त दोपहर 3:29 बजे से शुरू होकर शाम 5:44 बजे तक रहेगा, जिसमें 2 घंटे 16 मिनट तक पूजा की जा सकती है.

गोवर्धन पर्वत को धरती का प्रतीक

यह पर्व प्रकृति और मानव के बीच के रिश्ते को भी दर्शाता है. गोवर्धन पर्वत को धरती का प्रतीक माना जाता है और इसकी पूजा करने से व्यक्ति को प्रकृति के प्रति सम्मान और संतुलन बनाए रखने की प्रेरणा मिलती है. इस दिन दान करना भी बहुत शुभ माना जाता है.

गोवर्धन पूजा न सिर्फ धार्मिक आस्था का प्रतीक है बल्कि यह हमें भगवान श्रीकृष्ण की करुणा और शक्ति की याद दिलाता है. इस दिन की पूजा से जीवन में सुख, समृद्धि और शांति की प्राप्ति होती है. इसलिए श्रद्धालु इस पर्व को पूरे उत्साह और भक्ति के साथ मनाते हैं

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